प्रदेश
मत्स्य निरीक्षक भर्ती परीक्षा 23 को, यहां से डाउनलोड करें प्रवेश पत्र
रायपुर। छत्तीसगढ़ व्यवसायिक परीक्षा मंडल ने 23 मार्च 2025 को मत्स्य निरीक्षक भर्ती परीक्षा (FF124) रखी है. ये परीक्षा संचालनालय मछली पालन विभाग के अंतर्गत आयोजित की जा रही है. अभ्यर्थी 13 मार्च 2025 से छत्तीसगढ़ व्यवसायिक परीक्षा मंडल की आधिकारिक वेबसाइट vyapam.cgstate.gov.in से अपने प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं. इसके अलावा पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजे गए एसएमएस में दिए गए यूआरएल पर क्लिक करके भी सीधे प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं और उसका प्रिंट आउट निकाल सकते हैं.
परीक्षा केंद्रों में इन नियमों का पालन अनिवार्य
-प्रवेश पत्र के बिना परीक्षा में शामिल नहीं हो सकते
-मूल फोटो पहचान पत्र अनिवार्य
-परीक्षा समय से पहले पहुंचे
-मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस वर्जित
व्यापम ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर
अगर अभ्यर्थियों को किसी भी प्रकार की समस्या या जानकारी की जरूरत हो तो उनके लिए व्यापम ने हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं। 0771-2972780 या 82698-01982 इन नंबरों पर कॉल किया जा सकता है।
ईडी पर चढ़ गया ‘भगवा रंग’ कांग्रेस के बयान पर मुख्यमंत्री का जवाब, कहा- चुनाव में हार के बाद उन्हें रात-दिन भगवा रंग ही नजर आता है
रायपुर। ईडी पर ‘भगवा रंग’ चढ़ने के कांग्रेस के आरोप पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पलटवार किया है. सीएम साय ने कहा कि कांग्रेसी इतने बुरे तरीके से सभी चुनाव में हारे हैं. इसलिए वे बौखलाए हुए हैं, उनको अभी कुछ सूझ नहीं रहा है. रात-दिन ईवीएम और भगवा रंग ही नजर आता है.
दरअसल, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रायपुर सिविल लाइन हेलीपैड से अपने गृह ग्राम बगिया (जशपुर) के लिए रवाना हुए हैं. इस दौरान उन्होंने पत्रकारों से चर्चा करते हुए प्रदेशवासियों को होली की बधाई दी और भाईचारे के इस पर्व को शांतिपूर्ण तरीके से मनाने की अपील की. उन्होंने कहा कि होली सिर्फ रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि प्रेम और आपसी सद्भाव का संदेश देने वाला पर्व है. यह पुराने गिले-शिकवे भुलाकर नए सिरे से जीवन जीने का अवसर देता है.
छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के पुनर्वास को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि राज्य में पहले से पुनर्वास नीति लागू थी, लेकिन अब उसे हम और बेहतर बना रहे है. इसके लिए गृहमंत्री विजय शर्मा कई प्रदेशों का दौरा करके पुनर्वास नीति बनाए हैं.
भारतमाला प्रोजेक्ट में गड़बड़ी को लेकर मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इस मामले की जांच आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) करेगी. उन्होंने साफ कहा कि जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे उन पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई होगी.
शराब घोटाला: पूर्व आबकारी मंत्री लखमा के खिलाफ ED ने स्पेशल कोर्ट में 3841 पन्नों की चार्जशीट की दाखिल
रायपुर। छत्तीसगढ़ में बहुचर्चित 2161 करोड़ के शराब घोटाले मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने स्पेशल कोर्ट में 3,841 पन्नों का चालान पेश किया है, जिसमें जेल में बंद पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा समेत 21 अन्य को आरोपी बनाया गया है।अब इस मामले में अगली सुनवाई 22 मार्च को होगी।
बता दें कि रायपुर जेल में बंद कारोबारी अनवर ढेबर के आवेदन पर कोर्ट ने डिस्टलरियों को भी आरोपित बनाया है। इन आरोपियों में अनवर ढेबर, पूर्व IAS अनिल टुटेजा, त्रिलोक सिंह ढिल्लन, छत्तीसगढ़ डिस्टलरी, वेलकम डिस्टलरी, टॉप सिक्योरिटी, ओम साईं ब्रेवेरेज, दिशिता वेंचर, नेस्ट जेन पावर, भाटिया वाइन मर्चेंट और सिद्धार्थ सिंघानिया सहित अन्य 21 लोगों के नाम शामिल हैं।
कोर्ट में पेश की गई चार्जशीट में ED ने बताया है कि कवासी लखमा को शराब घोटाले की जानकारी थी और आबकारी नीति बदलने में भी उनकी अहम भूमिका रही। इस मामले से जुड़ी छत्तीसगढ़ डिस्टलरी को 48%, भाटिया वाइन मर्चेंट को 28% और वेलकम डिस्टलरी को 24% दुकानों में शराब आपूर्ति का काम दिया गया था। इस घोटाले से अर्जित अवैध वसूली से लखमा को 1.50 करोड़ रुपए प्रति माह मिलते थे। आरोप है कि कवासी लखमा दस्तावेजों में हस्ताक्षर करने के एवज में 50 लाख रुपए तक की राशि वसूलते थे। यह राशि सिंडिकेट से जुड़े लोगों द्वारा विभिन्न माध्यमों से पहुंचाई जाती थी। पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में तीन साल तक यह सिलसिला चला। 36 महीने में प्रोसीड ऑफ क्राइम 72 करोड़ रुपए का है।
21 जनवरी से जेल में हैं कवासी लखमा
गौरतलब है कि शराब घोटाले मामले में ED ने 15 जनवरी को कवासी लखमा को गिरफ्तार किया था। इससे पहले उनसे 2 बार ED दफ्तर बुलाकर पूछताछ की गई थी। गिरफ्तारी के 7 दिन बाद पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा को पहले ED ने 7 दिन कस्टोडियल रिमांड में लेकर पूछताछ की थी। उसके बाद 21 जनवरी से 4 फरवरी तक लखमा को 14 दिन के न्यायिक रिमांड पर भेजा गया था। पिछली सुनवाई के दौरान जेल में पर्याप्त सुरक्षा बल नहीं होने के कारण लखमा की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेशी हुई थी। सुनवाई के बाद कोर्ट ने लखमा की 18 फरवरी तक रिमांड बढ़ा दी थी।
क्या है शराब घोटाला?
तत्कालीन भूपेश सरकार में पूर्व IAS अनिल टुटेजा, उनके बेटे यश टुटेजा और CM सचिवालय की तत्कालीन उपसचिव सौम्या चौरसिया के खिलाफ आयकर विभाग ने दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में 11 मई, 2022 को याचिका दायर की थी, जिसमें कहा गया कि छत्तीसगढ़ में रिश्वत, अवैध दलाली के बेहिसाब पैसे का खेल चल रहा है। इसमें रायपुर महापौर रहे एजाज ढेबर का भाई अनवर ढेबर अवैध वसूली करता है। दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में दायर याचिका के आधार पर ED ने 18 नवंबर, 2022 को PMLA एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। आयकर विभाग से मिले दस्तावेजों के आधार पर ED ने जांच के बाद 2161 करोड़ के घोटाले की बात का कोर्ट में पेश चार्जशीट में जिक्र किया था।
ED ने अपनी चार्जशीट में बताया कि किस तरह एजाज ढेबर के भाई अनवर ढेबर के आपराधिक सिंडिकेट के ज़रिए आबकारी विभाग में बड़े पैमाने पर घोटाला किया गया। ED ने चार्जशीट में कहा कि 2017 में आबकारी नीति में संशोधन कर CSMCL के ज़रिए शराब बेचने का प्रावधान किया गया, लेकिन 2019 के बाद शराब घोटाले के किंगपिन अनवर ढेबर ने अरुणपति त्रिपाठी को CSMCL का MD नियुक्त कराया। उसके बाद अधिकारियों, कारोबारियों और राजनैतिक रसूख वाले लोगों के सिंडिकेट के ज़रिए भ्रष्टाचार किया गया, जिससे 2161 करोड़ का घोटाला हुआ। इस मामले में ED ने 15 जनवरी को कवासी लखमा को गिरफ्तार किया था।
नगर पालिका अध्यक्ष और पार्षदों ने लिया शपथ, भाजपा पार्षद रहे अनुपस्थित
तखतपुर। तखतपुर नगर पालिका के नवनिर्वाचित अध्यक्ष और पार्षदों का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया, जिसमें नगर पालिका अध्यक्ष पूजा मक्कड़ ने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली. उन्होंने तखतपुर के विकास के लिए निष्ठा और ईमानदारी से काम करने का संकल्प लिया. कार्यक्रम में पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने भी शिरकत की और तखतपुर की जनता का आभार व्यक्त किया. शपथ ग्रहण समारोह में कांग्रेस के 9 पार्षदों ने शपथ ली, लेकिन भाजपा के 6 पार्षद समारोह से अनुपस्थित रहे. उन्होंने 18 मार्च को शपथ लेने की बात कही, जिससे यह मुद्दा पूरे कार्यक्रम में चर्चा का विषय बना रहा.
ईडी की कार्रवाई पर भाजपा पर साधा निशाना
मीडिया से बातचीत के दौरान टीएस सिंहदेव ने ईडी की कार्यशैली पर सवाल खड़े करते हुए एक पक्षीय कार्रवाई करने का आरोप लगाते हुए कड़े शब्दों में निंदा किया. साथ में भाजपा के द्वारा ईडी जैसी बड़ी जांच एजेंसी का लगातार दुरुपयोग किया जा रहा है अधिकतर मामलों में सिर्फ कांग्रेसियों के ऊपर ईडी की छापेमार कार्यवाही होती है जबकि भाजपा वालों के ऊपर कार्यवाही नहीं होती है. टी एस सिंह देव ने बताया कि ईडी की निष्पक्षता मेरे लिए समाप्त हो चुकी है ईडी सिर्फ भाजपा के इशारे में कार्रवाई करती है.

मनेंद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर जिले में भाजपा के जिला पंचायत उपाध्यक्ष चुनाव में हार पर नाराज भाजपा जिला अध्यक्ष के द्वारा कलेक्ट्रेट में ताला बंदी की. इस घटना की निंदा करते हुए टीएस सिंहदेव ने भाजपा के जिला अध्यक्ष के ऊपर कार्रवाई करने की मांग की.
18 मार्च को लेंगे भाजपा पार्षद शपथ
नगर पालिका तखतपुर के 15 पार्षदों का शपथ ग्रहण होना था, लेकिन सिर्फ कांग्रेस के 9 पार्षदों ने शपथ ली, जबकि भाजपा के 6 पार्षद अनुपस्थित रहे. अब ये पार्षद 18 मार्च को शपथ लेंगे. इसको लेकर नगर में चर्चाओं का दौर जारी है.
मुख्यमंत्री श्री साय ने राज्यपाल रमेन डेका को दी होली की शुभकामनाएं
रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका से आज राजभवन में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भेंट कर होली की शुभकामनाएं दीॅ और राज्य हित से जुड़े विषयों पर चर्चा की। श्री डेका ने भी उन्हें होली की शुभकामनाएं दीं। राज्यपाल श्री डेका को मुख्यमंत्री श्री साय ने राजकीय गमछा पहनाकर सम्मानित किया।
होली से पहले चढ़ा पारा, प्रदेश में तापमान में 3 डिग्री तक बढ़ोतरी, आने वाले दिनों में और बढ़ सकती है गर्मी
रायपुर। होली से पहले ही प्रदेश में गर्मी ने अपना रंग दिखाना शुरू कर दिया है. बीते 24 घंटे में तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है. पश्चिमी चक्रवात और विक्षोभ के कारण प्रदेश में तापमान तेजी से बढ़ रहा है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ रहा है.
प्रदेश के कई जिलों में पारा चढ़ने लगा है. सारंगढ़ में अधिकतम तापमान 40 डिग्री तक पहुंच गया, जबकि रायपुर और बिलासपुर में तापमान 39 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. मौसम विभाग के अनुसार, आज प्रदेश का मौसम शुष्क रहेगा और गर्मी का असर लगातार बढ़ सकता है.

छत्तीसगढ़ में रेलवे परियोजनाओं को लेकर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने संसद में पूछा महत्वपूर्ण सवाल
नई दिल्ली/रायपुर। छत्तीसगढ़ में रेलवे की 2,731 किलोमीटर लंबाई की 25 परियोजनाओं पर 37,018 करोड़ रुपये का कार्य योजना व निर्माण प्रक्रिया में है, जिनमें से 882 किलोमीटर कार्य पूरा किया जा चुका है। यह जानकारी रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल के छत्तीसगढ़ में रेलवे के विकास कार्यों को लेकर किए गए प्रश्न के जवाब में दी। बृजमोहन अग्रवाल ने रेल मंत्री से पिछले पांच वर्षों में छत्तीसगढ़ में स्वीकृत रेलवे परियोजनाओं, उनके कार्यान्वयन की स्थिति, लंबित परियोजनाओं के कारणों और नई रेलगाड़ियों की संभावनाओं पर विस्तृत जानकारी मांगी।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि, वर्ष 2009-14 की तुलना में 2014-24 के दौरान नई रेल पटरियों की कमीशनिंग 15 गुना बढ़ी है। वर्ष 2009-14 में सिर्फ 32 किलोमीटर रेल लाइन बिछाई गई थी, जबकि 2014-24 में 999 किलोमीटर रेल लाइन चालू की गई। रेलवे बजट आवंटन भी वर्ष 2009-14 में 311 करोड़ रुपये प्रति वर्ष से 2024-25 में बढ़कर 6922 करोड़ रुपये हो गया है, जो 22 गुना वृद्धि दर्शाता है।
लंबित परियोजनाओं के कारण और समाधान:
सांसद बृजमोहन अग्रवाल के सवाल पर मंत्री ने बताया कि रेलवे परियोजनाओं की प्रगति भूमि अधिग्रहण, वन स्वीकृतियों, राज्य सरकार की लागत भागीदारी, जनोपयोगी सेवाओं के स्थानांतरण, कानूनी और जलवायु परिस्थितियों जैसी कई बाधाओं पर निर्भर करती है। रेलवे मंत्रालय द्वारा परियोजनाओं की प्राथमिकता तय करने, बजट आवंटन बढ़ाने, निगरानी तेज करने और राज्य सरकारों के साथ समन्वय स्थापित करने जैसे कदम उठाए गए हैं, जिससे रेलवे विकास की गति को तेज किया जा सके।
नई रेलगाड़ियों की मांग और जवाब:
श्री अग्रवाल ने रायपुर से जबलपुर, इंदौर, हैदराबाद और जयपुर के लिए नई रेलगाड़ियों की मांग की है। जिसपर रेल मंत्री ने बताया कि नई रेलगाड़ियों का संचालन यात्रियों की मांग, परिचालन व्यवहार्यता और नेटवर्क की जरूरतों के आधार पर किया जाता है। उन्होंने जानकारी दी कि पिछले पांच वर्षों में छत्तीसगढ़ से 08 नई गाड़ियों शुरू की गईं और 08 सेवाओं का विस्तार किया गया। रेलवे द्वारा यात्री आवश्यकताओं और परिचालन संभावनाओं को देखते हुए लगातार नई रेल सेवाओं की समीक्षा की जाती है।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने इस पर कहा, "छत्तीसगढ़ की जनता के लिए बेहतर रेल सुविधाएं उपलब्ध कराना हमारी प्राथमिकता है। मैं लगातार राज्य के विकास से जुड़ी हर परियोजना की मॉनिटरिंग कर रहा हूं और आवश्यक सुविधाओं के लिए केंद्र सरकार से आग्रह करता रहूंगा। छत्तीसगढ़ के लोगों को जल्द ही और अधिक रेल सेवाओं का लाभ मिलेगा।"
महाकाल की तर्ज पर तैयार किया जाएगा महादेव घाट कॉरिडोर
रायपुर। महाकाल कॉरिडोर की तरह ऐतिहासिक महादेव घाट के शिव मंदिर और नदी का वह तट जो मंदिर के ठीक पीछे से रायपुरा पुल की ओर जाता है, इसी प्रकार मुक्तिधाम को छोड़ भाठागांव बायपास रोड की ओर जहां आजू-बाजू दुकानें हैं उस एरिया को भी व्यवस्थित किया जाएगा. इस प्रोजेक्ट के पहले चरण में नगर निगम के लिए 10 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं.
इसका दूसरा चरण सिंचाई और पर्यटन विभाग विकसित करेगा. पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के विधायक राजेश मूणत ने बताया कि इस कॉरिडोर की तैयारी लंबे समय से चल रही थी. महादेव घाट के महत्व को शासन ने माना और इसे एक नये पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की दिशा में स्वीकृत देकर राशि जारी कर दी. इसके बाद विसर्जन कुंड से होते हुए टाटीबंध के आगे चंदनीडीह की ओर एक डबल लेन रोड का भी प्रस्ताव तैयार किया गया है. इस पर भी अगले महीने से लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) सर्वे करेगा. श्री मूणत ने बताया कि इस रोड के बनने से आधे से अधिक ट्रैफिक डायवर्ट हो जाएगा. लोगों का भिलाई-दुर्ग की ओर भाठागांव, रायपुरा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से आना-जाना आसान हो जाएगा. इस रोड बनने के साथ ही हम पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से सघन वृक्षारोपण जिसमें मौसमी फलों के वृक्ष लगाकर ऐसे फलों के व्यापार को आगे बढ़ाने का काम करेंगे.
चौक से शुरू हो जाएगी व्यवस्था
महादेव घाट प्रोजेक्ट का काम रायपुरा का चौक जहां से एक ओर पुल की ओर दूसरा रास्ता सीधे मंदिर में जाता है, इसी मंदिर की ओर जाने वाले रास्ते से शुरू होगा. इसके बाद ब्रम्हविद् स्कूल की ओर जाने वाली रोड का लगभग 50 से 100 मीटर हिस्सा भी प्रोजेक्ट में शामिल किया जाएगा.
मंदिर के आसपास दुकानें होंगी व्यवस्थित
इस प्रोजेक्ट के संबंध में अधिकारियों ने कहा कि महादेव घाट कॉरिडोर योजना में मंदिर के आसपास की दुकानों को भी व्यवस्थित किया जाएगा. हम इन दुकानों को वहां से हटाने के बजाय उनके लिए आकर्षक व्यवस्था करने की दिशा में काम करेंगे. इससे मंदिर का स्वरूप जो अभी दूर से नहीं दिखता, लोगों को रोड से स्पष्ट दिखाई देगा.
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मिनीमाता जयंती पर उन्हें किया नमन
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने महान समाजसेविका एवं छत्तीसगढ़ की प्रथम महिला सांसद मिनीमाता की जयंती पर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया। उन्होंने कहा कि मिनीमाता जी का संपूर्ण जीवन समाज में व्याप्त छुआछूत, गरीबी, अशिक्षा और पिछड़ेपन को दूर करने के लिए समर्पित था।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नारी शिक्षा और मजदूरों के कल्याण के लिए उनके प्रयास ऐतिहासिक रहे हैं। उन्होंने सामाजिक बुराइयों के खिलाफ न केवल आवाज उठाई, बल्कि उन्हें समाप्त करने के लिए संघर्ष भी किया। वंचितों, शोषितों और महिलाओं के सशक्तिकरण में उनका योगदान अमूल्य है। श्री साय ने कहा कि मिनीमाता जी का सेवाभावी, कर्मठ और प्रेरणादायी व्यक्तित्व सभी के लिए मार्गदर्शक है। उनके विचार और कार्य हमें समाज के वंचित वर्गों के उत्थान के लिए सदैव प्रेरित करते रहेंगे।
फर्जी सैक्स सीडी मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल पर फिर शिकंजा कसने की तैयारी
रायपुर। फर्जी सैक्स सीडी मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को इतनी आसानी से निजात नहीं मिलने वाली है. स्पेशल मजिस्ट्रेट द्वारा उनके खिलाफ आरोप हटाने के आदेश पर सीबीआई ने रिवीजन फाइल की है, जिसकी सुनवाई 4 अप्रैल को होगी.
सूत्रों के अनुसार, सीबीआई ने बुधवार को रायपुर जिला न्यायाधीश की कोर्ट में रिवीजन फाइल की है, जिसे न्यायाधीश ने सीबीआई की विशेष अदालत को भेज दिया है. मामले की अगली सुनवाई सीबीआई की स्पेशल ट्रायल कोर्ट में 4 अप्रैल को होगी.
अंतर्राष्ट्रीय मास्टर लीग टी-20 मैच : रायपुर के वीर नारायण सिंह स्टेडियम में 13 और 14 मार्च को खेला जाएगा सेमीफाइनल, जानिए रूट मैप…
रायपुर। 13 एवं 14 मार्च 2025 को शहीद वीर नारायण सिंह अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम नया रायपुर में अंतर्राष्ट्रीय मास्टर लीग टी-20 मैच का सेमीफाइनल खेला जाना है. इस दौरान क्रिकेट मैच देखने के लिए राज्य के अलग-अलग जिलो से आने वाले दर्शकों के सुगम आवागमन और खिलाड़ियों के सुरक्षित आवागमन के लिए यातायात पुलिस रायपुर ने मार्ग एवं पार्किंग व्यवस्था निर्धारित किया है. शराब, बीड़ी-सिगरेट, गुटका तंबाखु, सुटकेश, लेडिज बैग, कागज का पैकेट स्टेडियम में प्रतिबंधित रहेगा.
जानिए यातायात व्यवस्था की रूट
रायपुर शहर से होकर क्रिकेट स्टेडियम जाने के लिए मार्ग:- रायपुर शहर से होकर क्रिकेट स्टेडियम जाने के लिए तेलीबांधा थाना तिराहा नेशनल हाइवे क्र-53 होकर सेरीखेड़ी ओव्हरब्रीज से नया रायपुर मार्ग होकर स्टेडियम तिराहा से सांई अस्पताल रोड होकर सांई अस्पताल पार्किंग व सेंध तालाब पार्किग में अपना वाहन पार्क कर स्टेडियम पैदल पहुंचेंगे।
बिलासपुर की ओर से स्टेडियम आने वाले दर्शको के लिए मार्ग व्यवस्था:- बिलासपुर की ओर से होकर क्रिकेट स्टेडियम आने वाले दर्शकगण बिलासपुर-रायपुर मार्ग से होकर धनेली नाला से रिंग रोड नम्बर-03 होकर विधानसभा चौक, राजू ढाबा रिंग रोड नंम्बर-03 जंक्शन होकर नेशनल हाइवे क्र-53 से मंदिर हसौद होकर नवागांव से स्टेडियम टर्निग होकर स्टेडियम के पूर्व दिशा स्थित परसदा पार्किंग एवं कोसा पार्किंग में अपना वाहन पार्क कर पैदल स्टेडियम पहुचेंगे।
बलौदाबाजार-खरोरा की ओर से स्टेडियम आने वाले दर्शकों के लिए मार्ग व्यवस्थाः- बलौदा बाजार-खरोरा मार्ग से होकर स्टेडियम आने वाले दर्शक बलौदाबाजार-रायपुर मार्ग में विधानसभा ओव्हरब्रीज चौक सेे रिंग रोड नम्बर-03 होकर विधानसभा चौक, राजू ढाबा रिंग रोड नंम्बर-03 जंक्शन होकर नेशनल हाइवे क्र-53 से मंदिर हसौद होकर नवागांव से स्टेडियम टर्निग होकर स्टेडियम के पूर्व दिशा स्थित परसदा पार्किंग एवं कोसा पार्किंग में अपना वाहन पार्क कर पैदल स्टेडियम पहुचेंगे।
जगदलपुर-धमतरी मार्ग से होकर आने वाले दर्शकों के लिए मार्ग व्यवस्था:- धमतरी-जगदलपुर की ओर से आने वाले दर्शक अभनपुर से केन्द्री, उपरवारा, मंत्रायल चौक, कोटराभाठा, सेंध तालाब होकर सांई अस्पताल पार्किंग व सेंध तालाब पार्किग में अपना वाहन पार्क कर स्टेडियम पैदल पहुंचेगे।
दुर्ग-भिलाई की ओर से आने वाले दर्शकों के लिए मार्ग व्यवस्था:- दुर्ग-भिलाई की ओर से आने वाले दर्शक टाटीबंध से रिंग रोड 01 होकर पचपेढ़ीनाका, तेलीबांधा थाना तिराहा नेशनल हाइवे क्र-53 होकर सेरीखेड़ी ओव्हरब्रीज से नया रायपुर मार्ग होकर स्टेडियम तिराहा से सांई अस्पताल रोड होकर सत्यसांई अस्पताल पार्किंग व सेंध तालाब पार्किग में अपना वाहन पार्क कर स्टेडियम पैदल पहुंचेंगे।
महासमुंद-सरायपाली की ओर से आने वाले दर्शकों के लिए मार्ग व्यवस्था:- महासमुंद सरायपाली की ओर से आने वाले दर्शकों के लिए आरंग से सीधे स्टेडियम टर्निग होकर स्टेडियम के पूर्व दिशा स्थित परसदा पार्किंग एवं कोसा पार्किंग में अपना वाहन पार्क कर पैदल स्टेडियम पहुंचेंगे।
पासधारी वाहनों के लिए मार्ग एवं पार्किंग:- पासधारी वाहन जिन्हे पार्किंग पास A,B,C,D,R-1,R-2 जारी हुआ है वे सेरीखेड़ी ओव्हर ब्रीज होकर नया रायपुर प्रवेश मार्ग से स्टेडियम टर्निंग, डॉ खूबचंद बघेल चौक, कयाबांधा चौक (सेक्टर 15/21) कोटराभांठा चौक (सेक्टर-17/20) से ग्राम सेंध सेक्टर-04/10 होकर स्टेडियम पार्किंग A,B,C,D,R-1,R-2 में अपना वाहन पार्क कर सकेंगे।
मध्यम/भारी माल वाहनों का आवागमन प्रतिबंध:- दिनांक 13.03.2025 को सेमीफाइनल क्रिकेट मैच आयोजन के दौरान सुगम सुरक्षित यातायात व्यवस्था हेतु नया रायपुर के सभी प्रवेश मार्गो पर मध्यम/भारी मालवाहक वाहनों का प्रवेश अपरान्ह 03ः00 बजे से रात्रि 01ः00 बजे तक पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। असुविधा से बचने के लिए इस मार्ग स्थान पर वैकल्पिक मार्गों का प्रयोग कर सकते है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल से जोरा नाला कंट्रोल स्ट्रक्चर से इंद्रावती नदी में जल प्रवाह सुनिश्चित
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल पर जोरा नाला कंट्रोल स्ट्रक्चर में जल प्रवाह को नियंत्रित कर इंद्रावती नदी की मुख्य धारा में पानी छोड़ा गया है। ओडिशा सरकार की सहमति के बाद स्ट्रक्चर में रेत की बोरियां डालकर पानी का प्रवाह सुनिश्चित किया गया, जिससे इंद्रावती नदी में जल स्तर में वृद्धि हुई है।
मुख्यमंत्री श्री साय के निर्देश पर जल संसाधन मंत्री केदार कश्यप ने केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल से इंद्रावती नदी के जल संकट के समाधान हेतु चर्चा की। इस पर केंद्रीय मंत्री ने छत्तीसगढ़ एवं ओडिशा के मुख्यमंत्रियों को समस्या के निराकरण हेतु आवश्यक निर्देश दिए। जिसके परिणामस्वरूप उड़ीसा राज्य की सहमति से जोरा नाला कंट्रोल स्ट्रक्चर को अस्थायी रूप से एक फीट ऊंचा किया गया, जिससे इंद्रावती नदी के जल प्रवाह में सुधार हुआ।
इसके अतिरिक्त, इंद्रावती नदी के अपस्ट्रीम और डाउनस्ट्रीम में जमा रेत को हटाने का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है, जिसे अप्रैल के पहले सप्ताह तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इस संबंध में कलेक्टर हरिस एस के मार्गदर्शन में अपर कलेक्टर सी.पी. बघेल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महेश्वर नाग और जल संसाधन विभाग के ईई वेद पांडेय ने स्थानीय किसानों को जिला कार्यालय के प्रेरणा सभा कक्ष में पूरी जानकारी दी।
इंद्रावती नदी और जोरा नाला की समस्या
इंद्रावती नदी का उद्गम ओडिशा राज्य के कालाहांडी जिले के रामपुर धुमाल गांव से हुआ है। यह नदी 534 किलोमीटर की यात्रा के बाद गोदावरी नदी में मिलती है। नदी का कैचमेंट एरिया 41,665 वर्ग किलोमीटर है, जिसमें ओडिशा में 7,435 वर्ग किमी, छत्तीसगढ़ में 33,735 वर्ग किमी और महाराष्ट्र में 495 वर्ग किमी शामिल हैं।
ओडिशा राज्य की सीमा पर ग्राम सूतपदर में इंद्रावती नदी दो भागों में बंट जाती है। एक भाग इंद्रावती नदी के रूप में 5 किमी बहकर ग्राम भेजापदर के पास छत्तीसगढ़ में प्रवेश करता है, जबकि दूसरा भाग जोरा नाला के रूप में 12 किमी बहते हुए शबरी (कोलाब) नदी में मिल जाता है। पहले जोरा नाला का पानी इंद्रावती में आता था, लेकिन धीरे-धीरे इसका बहाव बढ़ने से इंद्रावती का जल प्रवाह कम हो गया।
समस्या गंभीर होने पर दिसंबर 2003 में ओडिशा और छत्तीसगढ़ के प्रमुख अभियंताओं की बैठक में जोरा नाला के मुहाने पर जल विभाजन के लिए कंट्रोल स्ट्रक्चर बनाने का निर्णय लिया गया। यह स्ट्रक्चर ओडिशा सरकार द्वारा बनाया गया, जिसकी डिज़ाइन केंद्रीय जल आयोग (CWC) ने तैयार की। निर्माण के बाद भी जोरा नाला में अधिक पानी जाने से छत्तीसगढ़ को ग्रीष्म ऋतु में औसतन 40.71% और ओडिशा को 59.29% जल प्रवाह मिला।
राज्य सरकार की पहल से समाधान की दिशा में प्रगति
इंद्रावती नदी में न्यूनतम जल प्रवाह सुनिश्चित करने के लिए छत्तीसगढ़ सरकार ने कई प्रयास किए। 6 जनवरी 2021 को ओडिशा और छत्तीसगढ़ के जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने संयुक्त निरीक्षण किया। इस निरीक्षण में कंट्रोल स्ट्रक्चर के अपस्ट्रीम में जलभराव रोकने के लिए रेत और बोल्डर हटाने तथा जोरा नाला के घुमाव को सीधा करने का अनुरोध किया गया।
वर्ष 2018 के बाद इंद्रावती नदी में सतत जल प्रवाह कम होने की समस्या बनी हुई थी। अब राज्य सरकार के प्रयासों से ओडिशा सरकार का सहयोग प्राप्त हुआ है, जिससे नदी के जल प्रवाह को संतुलित करने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। इससे इंद्रावती नदी में जल प्रवाह बढ़ेगा और किसानों को सिंचाई के लिए पानी की बेहतर उपलब्धता सुनिश्चित होगी।
कैबिनेट ब्रेकिंग: भारतमाला परियोजना मुआवजा घोटाले की जांच EOW करेगी, विष्णुदेव साय कैबिनेट की बैठक खत्म, बैठक में लिये गये ये फैसले, पढ़िये
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट की बैठक खत्म हो गई है. मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में आयोजित इस बैठक में भारत माला परियोजना के क्रियान्वन में भ्रष्टाचार की जांच को ईओडब्ल्यू को सौंपने का फैसला किया है. वहीं युवाओं के लिए मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप योजना को शुरू किए जाने का फैसला लिए गया है. इसके साथ ही कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए हैं.
- राज्य में नक्सल समस्या के समाधान के लिए ठोस पहल करते हुए छत्तीसगढ़ नक्सलवाद उन्मूलन नीति-2023 के स्थान पर छत्तीसगढ़ नक्सलवादी आत्मसमर्पण/पीड़ित राहत एवं पुनर्वास नीति-2025 को मंजूरी प्रदान की है। इस नीति के तहत आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों को आर्थिक सहायता, पुनर्वास, शिक्षा, रोजगार और सुरक्षा जैसी सुविधाएं दी जाएंगी।
- छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल विधेयक-2025 विधानसभा के प्रारूप का अनुमोदन किया गया।
- छत्तीसगढ़ सहकारी सोसाइटी (संशोधन) विधेयक-2025 के प्रारूप का अनुमोदन किया गया।
- छत्तीसगढ़ निजी विश्वविद्यालय (स्थापना एवं संचालन) (संशोधन) विधेयक-2025 के प्रारूप का अनुमोदन किया गया।
- मुख्यमंत्री ने 27 फरवरी को फिल्म ‘‘छावा‘‘ को राज्य में टैक्स फ्री करने की घोषणा की थी। मंत्रिपरिषद द्वारा मुख्यमंत्री जी की घोषणा के अनुपालन में फिल्म छावा के प्रदर्शन पर प्रवेश हेतु देय राज्य माल और सेवा कर (एसजीएसटी) के समतुल्य धनराशि की प्रतिपूर्ति किए जाने का अनुमोदन किया गया।
- राज्य में जल संसाधनों के बेहतर प्रबंधन और वैज्ञानिक योजना तैयार करने के लिए राज्य जल सूचना केन्द्र (SWIC) का गठन करने का निर्णय लिया गया। इसके लिए भारत सरकार के जल शक्ति मंत्रालय से समझौता ज्ञापन (एमओयू) करने की सहमति प्रदान की गई।
स्टेट वाटर इंफॉर्मेशन सेंटर वर्षा, नदी और जलाशयों के स्तर, भूजल गुणवत्ता, गाद, नहरों में जल प्रवाह, फसल कवरेज, जलभृत मानचित्रण, भूमि और मिट्टी के डेटा सहित जल संसाधन संबंधी विभिन्न सूचनाओं का संग्रह, विश्लेषण और भंडारण करेगा।
SWIC, NWIC द्वारा विकसित डिजिटल प्लेटफार्म की सहायता से जल संसाधन प्रबंधन के लिए प्रमाणिक डेटा उपलब्ध कराएगा। इससे नीति निर्माण, रणनीतिक निर्णय, मॉडलिंग, विश्लेषणात्मक उपकरणों के विकास और जल प्रबंधन को मजबूती मिलेगी।
- राज्य के जल संसाधन विभाग के 09 बॉधों के सुधार कार्यों के लिए 522.22 करोड़ रूपए भारत सरकार के माध्यम से ऋण स्वीकृति प्राप्त करने का निर्णय लिया गया। इनमें मनियारी टैंक, घोंघा टैंक, दुधावा, किंकारी, सोंढूर, मूरूमसिल्ली (भाग-2), रविशंकर सागर परियोजना (भाग-2), न्यूज रूद्री बैराज और पेण्ड्रावन टैंक शामिल हैं।
- राज्य में सुशासन और नीति क्रियान्वयन को मजबूत करने में युवाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए मुख्यमंत्री सुशासन फेलोशिप योजना शुरू करने का निर्णय लिया गया है।
यह योजना आईआईएम रायपुर और ट्रांसफार्मिंग रूरल इंडिया फाउण्डेशन नई दिल्ली के सहयोग से सुशासन एवं अभिसरण विभाग द्वारा संचालित की जाएगी। यह योजना छत्तीसगढ़ के मूल निवासी युवाओं के लिए होगी। इस कार्यक्रम को सुफलतापूर्वक पूर्ण करने वाले फेलो को आईआईएम रायपुर द्वारा एमबीए के डिग्री प्रदान की जाएगी। प्रारंभिक तौर पर चयनित फेलो को दो वर्ष की कुछ अवधि में आईआईएम रायपुर में शैक्षणिक सत्र में शामिल होना होगा तथा शेष अवधि में जिला/विभाग में राज्य की योजनाओं एवं कार्यक्रम हेतु कार्य करके जिला/विभाग को सहयोग प्रदान करना होगा। इस कार्यक्रम में होने वाले खर्च का वहन राज्य सरकार द्वारा किया जाएगा साथ ही फेलो को प्रति माह स्टाईपेंड भी प्रदान किया जाएगा।
- छत्तीसगढ़ में भारत माला परियोजना के क्रियान्वयन में भ्रष्टाचार की प्राप्त शिकायत को गंभीरता से लेते हुए इसकी जांच ईओडब्ल्यू के माध्यम से जांच कराने का निर्णय लिया है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से तमिलनाडु के किसानों ने की सौजन्य भेंट
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आज विधानसभा स्थित उनके कार्यालय में तमिलनाडु कावेरी फार्मर्स प्रोटेक्शन एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य मुलाकात की। इस दौरान तमिलनाडु के किसानों ने मुख्यमंत्री का पारंपरिक रूप से धान और पान से बनी माला पहनाकर अभिनंदन किया और अपनी परंपरा के अनुरूप रेड बनाना (लाल केला), आम, नारियल के पौधे और कटहल उपहार स्वरूप भेंट किए। इस आत्मीय स्वागत के लिए मुख्यमंत्री श्री साय ने किसानों के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर संस्कृति विभाग के सचिव अन्बलगन पी उपस्थित थे।
तमिलनाडु के किसानों ने छत्तीसगढ़ सरकार की नीति को बताया अनुकरणीय
मुलाकात के दौरान तमिलनाडु के किसानों ने छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा किसानों को दिए जा रहे देश के सर्वाधिक धान मूल्य की सराहना की। उन्होंने कहा कि 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की नीति किसानों के लिए एक मिसाल है। इस पहल को किसानों की आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताते हुए उन्होंने कहा कि जब किसानों को उनकी उपज का वाजिब मूल्य मिलता है, तो वे न केवल अधिक उत्पादन के लिए प्रेरित होते हैं, बल्कि खेती को एक स्थायी आजीविका के रूप में भी देख सकते हैं।
एसोसिएशन के महासचिव स्वामीमलाई सुंदर विमलनाथन ने मुख्यमंत्री की इस नीति की सराहना करते हुए कहा कि उचित समर्थन मूल्य किसानों को आश्वस्त करता है कि उनकी मेहनत का सही मूल्य मिलेगा। जब मूल्य उत्पादन लागत से मेल खाता है, तो किसान निडर होकर खेती कर सकते हैं और अपनी आजीविका को समृद्ध बना सकते हैं। छत्तीसगढ़ का यह कदम पूरे देश में मिसाल बन सकता है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किसानों से संवाद करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार का संकल्प किसानों को उनकी मेहनत का पूरा लाभ दिलाना है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार किसानों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। धान के लिए उच्चतम समर्थन मूल्य और समय पर भुगतान हमारी प्राथमिकता है। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि किसान न केवल आत्मनिर्भर बनें बल्कि समृद्ध भी हों।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा लागू की गई यह नीति राज्य में धान उत्पादन को नए उच्च स्तर तक ले जा रही है। किसान हितैषी योजनाओं के कारण प्रदेश में धान का उत्पादन लगभग 1.50 लाख मीट्रिक टन तक पहुंच गया है, जो राज्य के कृषि क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
छत्तीसगढ़ की कृषि नीति को राष्ट्रीय पहचान
तमिलनाडु के किसानों ने इस अवसर पर छत्तीसगढ़ सरकार की कृषि नीतियों की राष्ट्रीय स्तर पर पहचान की सराहना की। किसानों ने कहा कि जब सरकार किसानों के हित में ठोस नीतियाँ बनाती है, तो उनका सीधा प्रभाव उनकी आय, जीवन स्तर और समृद्धि पर पड़ता है। यह मुलाकात दो राज्यों के किसानों के बीच आपसी सौहार्द और कृषि सहयोग का प्रतीक बनी। इससे स्पष्ट है कि छत्तीसगढ़ सरकार की किसान-केंद्रित नीतियां न केवल राज्य में बल्कि देशभर में अनुकरणीय बन रही हैं।
इस अवसर पर एसोसिएशन के महासचिव स्वामीमलाई सुंदर विमलनाथन के साथ चेरन, कालिया पेरूमल, समीनाथन, सेनगुटटुवन, सुगुमारन, बालाजी, सीतारामन, सबरी नाथन, जी. बालाजी सहित अन्य किसान नेता उपस्थित थे।

रायपुर प्रेस क्लब के होली मिलन समारोह में मुख्यमंत्री श्री साय हुए शामिल
रायपुर। होली केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि आपसी प्रेम, सद्भाव और भाईचारे को मजबूत करने का अवसर भी है। यह पर्व हमें छोटी-छोटी अनबन को भुलाकर नए सिरे से दोस्ती की शुरुआत करने की प्रेरणा देता है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रायपुर प्रेस क्लब द्वारा आयोजित होली मिलन समारोह में यह बात कही।
रंगों के बीच पत्रकारों संग झूमे मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री श्री साय का रायपुर प्रेस क्लब के सदस्यों ने अनूठे अंदाज में भिंडी की माला पहनाकर स्वागत किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रेस क्लब के होली विशेषांक ‘सेंसलेस टाइम्स’ का विमोचन भी किया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि रायपुर प्रेस क्लब में पर्वों को मिल-जुलकर मनाने की एक गौरवशाली परंपरा है। हर साल इस होली उत्सव में शामिल होने का अवसर मिलता है। मैं रायपुर प्रेस क्लब परिवार का हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ। हर्ष और उल्लास से भरा यह पर्व आप सभी के जीवन में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार करे, यही मेरी मंगलकामना है।


मुख्यमंत्री ने बजाया नगाड़ा, रंगों के उल्लास में झूमे पत्रकार
रायपुर प्रेस क्लब के होली मिलन समारोह में रंगों और उमंग का अनोखा नज़ारा देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने खुद नगाड़ा बजाकर उत्सव का जोश दोगुना कर दिया। मुख्यमंत्री के नगाड़ा बजाते ही समारोह में मौजूद पत्रकारों और गणमान्यजनों ने तालियों से उत्साह बढ़ाया और पूरे माहौल में उल्लास की लहर दौड़ गई। पारंपरिक ढोल-नगाड़ों की धुन पर मुख्यमंत्री भी पत्रकारों के साथ फाग गीतों और होली की मस्ती में झूमते नजर आए। होली के इस रंगीन माहौल में संगीत, उत्सव और आपसी भाईचारे का अनूठा संगम देखने को मिला।
पत्रकारों के लिए बड़ी सौगात, प्रेस क्लब के लिए 1 करोड़ का बजट प्रावधान
मुख्यमंत्री श्री साय ने रायपुर प्रेस क्लब की परंपरा को सराहते हुए कहा कि इस वर्ष के बजट में पत्रकारों के हित में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। उन्होंने कहा कि पत्रकार समाज का दर्पण होते हैं, जो लोकतंत्र की मजबूती में अहम भूमिका निभाते हैं। रायपुर प्रेस क्लब को राजधानी की गरिमा के अनुरूप विकसित करने के लिए 1 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है, जिससे इसके भवन का रिनोवेशन और विस्तार किया जाएगा। इसके अलावा पत्रकारों के लिए एक्सपोजर विजिट की भी मांग उठी थी, जिसे पूरा करते हुए 1 करोड़ रुपये का अलग से बजट प्रावधान किया गया है।मुख्यमंत्री श्री साय ने वरिष्ठ पत्रकारों के कल्याण की चिंता करते हुए कहा कि लंबे समय तक पत्रकारिता के क्षेत्र में जनसेवा करने वाले साथियों को सेवानिवृत्ति के बाद आर्थिक कठिनाइयों का सामना न करना पड़े, इसके लिए सरकार ने सम्मान निधि को 10,000 रुपये से बढ़ाकर 20,000 रुपये प्रति माह कर दिया है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि मुझे लगता है कि यह होली केवल रंगों और फाग की मस्ती का पर्व नहीं, बल्कि पत्रकार मित्रों के लिए भी बड़ी सौगात लेकर आई है।
महिला पत्रकारों के योगदान को सराहा
मुख्यमंत्री ने हाल ही में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर आयोजित विशेष कार्यक्रम का उल्लेख करते हुए कहा कि इस अवसर पर उन्होंने महिला पत्रकारों का सम्मान किया और उनके संघर्ष व उपलब्धियों को करीब से समझने का अवसर मिला। उन्होंने कहा कि महिला पत्रकारिता में चुनौतियाँ बहुत हैं, लेकिन उनके हौसले और संकल्प भी उतने ही ऊँचे हैं।
लोकतंत्र के प्रहरी के रूप में पत्रकारों की अहम भूमिका
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि पत्रकार लोकतंत्र के प्रहरी होते हैं, जिनकी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होती है। ऐसे में उनके लिए इस तरह के सांस्कृतिक और मिलन समारोह जरूरी हैं, जिससे कार्य के दबाव से अलग हटकर परस्पर सौहार्द को बढ़ावा मिले।
रायपुर प्रेस क्लब वर्षों से होली मिलन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन करता आ रहा है। यह परंपरा आगे भी जारी रहनी चाहिए। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री अरुण साव, वन मंत्री केदार कश्यप, विधायक अनुज शर्मा, विधायक सुनील सोनी, रायपुर नगर निगम की महापौर मीनल चौबे, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार पंकज झा, मुख्यमंत्री के प्रेस अधिकारी आलोक सिंह, अमित चिमनानी, अनुराग अग्रवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और अधिकारीगण कार्यक्रम में शामिल हुए। रायपुर प्रेस क्लब की ओर से अध्यक्ष प्रफुल्ल ठाकुर सहित प्रेस क्लब के सदस्यगण उपस्थित थे।
होली के अवसर पर अम्बेडकर अस्पताल में 24 घंटे जारी रहेगी आपात चिकित्सा सेवा, मेडिकल स्टाफ को विशेष निर्देश, सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल और स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल के दिशानिर्देश पर होली के त्योहार को ध्यान में रखते हुए अम्बेडकर अस्पताल की चिकित्सा व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने की व्यवस्था की गई है। अस्पताल अधीक्षक डॉ. संतोष सोनकर ने डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ, पैरामेडिकल स्टाफ और अन्य संबंधित विभागों को अलर्ट मोड में रहने के लिए निर्देशित किया है।
होली के दौरान किसी भी प्रकार की दुर्घटना या आपातकालीन चिकित्सा स्थिति के संभावित मामलों को देखते हुए आपात चिकित्सा सेवाओं को चौबीसों घंटे चालू रखने के निर्देश दिए गए हैं। होली के दिन 14 मार्च को शासकीय अवकाश होने के कारण ओपीडी (बाह्य रोगी विभाग) बंद रहेगा, लेकिन इमरजेंसी सेवाएं पूर्ववत 24 घंटे उपलब्ध रहेंगी।
आपात चिकित्सा सेवाओं को लेकर विशेष प्रबंध
आपातकालीन वार्डों में जीवन रक्षक दवाओं और आवश्यक संसाधनों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। मेडिकल स्टाफ को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर तत्काल सहायता दी जा सके। सभी डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ को इमरजेंसी ड्यूटी के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया गया है। मरीजों को समय पर इलाज मिल सके, इसके लिए ट्रॉमा और इमरजेंसी यूनिट को विशेष रूप से सशक्त किया गया है।
सुरक्षा व्यवस्था भी होगी चाक-चौबंद
अस्पताल परिसर में किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने के लिए सुरक्षा गार्ड और बंदूकधारी गार्ड तैनात किए गए हैं। सिक्योरिटी सुपरवाइजर को विशेष सतर्कता बरतने और सुरक्षा स्टाफ को चौकसी बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। आपात स्थिति में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय पुलिस से समन्वय किया गया है।
डीकेएस अस्पताल तक एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध
गंभीर मरीजों को आवश्यकतानुसार चिकित्सा सुविधा प्रदान करने के लिए डीकेएस अस्पताल स्थित सुपर स्पेश्यलिटी विभाग में भेजने की प्रक्रिया को तेज और सुगम बनाने के लिए अम्बेडकर अस्पताल से डीकेएस अस्पताल तक एम्बुलेंस सेवा 24 घंटे सक्रिय रहेगी। अस्पताल प्रशासन ने सभी नागरिकों से आग्रह किया है कि होली का त्योहार सावधानीपूर्वक मनाएं और किसी भी आकस्मिक चिकित्सा स्थिति में घबराए बिना अस्पताल की आपातकालीन सेवाओं का लाभ उठाएं।
होली मिलन समारोह में विधानसभा परिसर हुआ रंग-गुलाल से सराबोर, विधानसभा अध्यक्ष, मुख्यमंत्री, नेता प्रतिपक्ष सहित सभी विधायकों ने खेली होली
रायपुर। विधानसभा परिसर में आज होली मिलन समारोह का रंगारंग आयोजन हुआ, जिसमें विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत सहित तमाम विधायकों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएँ दीं। आयोजन का पूरा माहौल होली के उल्लास में सराबोर रहा। मंत्रियों और विधायकों ने पारंपरिक फाग गीतों की मनमोहक प्रस्तुति दी, जिस पर विधानसभा सदस्य झूमते नजर आए।

