प्रदेश / छत्तीसगढ़

ई-चालान की शिकायतों पर अब होगी सुनवाई, 45 दिन के भीतर देना होगा आवेदन

रायपुर। ट्रैफिक पुलिस की ओर से जारी ई-चालान में कोई गलती है या वाहन चालक को चालान पर आपत्ति है, तो उसे अपनी शिकायत दर्ज कराने का मौका मिलेगा। रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने ई-चालान से जुड़ी शिकायतों की सुनवाई और निराकरण के लिए अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (यातायात) को शिकायत निवारण अधिकारी (जीआरओ) नियुक्त किया है। वाहन चालक चालान जारी होने के 45 दिनों के भीतर अपनी आपत्ति दर्ज करा सकेंगे।

यह सुविधा NextGen eChallan व्यवस्था के तहत दी गई है। इसका मकसद ई-चालान से जुड़े मामलों में वाहन चालकों को अपना पक्ष रखने का अवसर देना और शिकायतों का समय पर निराकरण सुनिश्चित करना है।

ऑनलाइन के साथ ऑफलाइन शिकायत का भी विकल्प

ई-चालान से संबंधित शिकायत दर्ज कराने के लिए वाहन चालकों को ऑनलाइन और ऑफलाइन, दोनों विकल्प मिलेंगे। ऑनलाइन शिकायत NextGen eChallan पोर्टल के माध्यम से दर्ज की जा सकती है। वहीं, ऑफलाइन शिकायत के लिए वाहन चालक कालीबाड़ी चौक स्थित रायपुर यातायात मुख्यालय पहुंचकर अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (यातायात) के कार्यालय में संपर्क कर सकते हैं।

पुलिस कमिश्नरेट ने शिकायतों की जांच, सुनवाई और मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी जीआरओ को सौंपी है, ताकि ई-चालान से जुड़े मामलों की समीक्षा कर उनका जल्द निराकरण किया जा सके।

शिकायत के लिए ये हैं संपर्क नंबर

ई-चालान पर आपत्ति या शिकायत होने पर वाहन चालक यातायात मुख्यालय में संपर्क कर सकते हैं। इसके लिए पुलिस ने दूरभाष और मोबाइल नंबर भी जारी किए हैं।

कार्यालय: अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त, यातायात, पुलिस कमिश्नरेट रायपुर

पता: यातायात मुख्यालय, कालीबाड़ी चौक, रायपुर

दूरभाष नंबर: 0771-4247108

मोबाइल नंबर: 9479299814

ऑनलाइन माध्यम: NextGen eChallan पोर्टल

45 दिन की समयसीमा का रखें ध्यान

ई-चालान से जुड़ी किसी भी विसंगति या आपत्ति के मामले में वाहन चालकों को चालान जारी होने की तारीख से 45 दिनों के भीतर शिकायत दर्ज कराने की सुविधा दी गई है। ऐसे में चालान में दर्ज जानकारी या उल्लंघन को लेकर असहमति होने पर निर्धारित समयसीमा के अंदर शिकायत करना जरूरी होगा।

रायपुर यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे ई-चालान से जुड़ी समस्या होने पर ऑनलाइन पोर्टल या यातायात मुख्यालय के जरिए अपनी शिकायत दर्ज कराएं। जीआरओ की नियुक्ति से शिकायतों की सुनवाई और उनके निराकरण के लिए एक निर्धारित व्यवस्था उपलब्ध होगी।