राजनांदगांव में वह खुद हार गए हैं उनके सभी नजदीकी मंत्री जिन्हें उन्होंने टिकट दिलाई थी वह सभी भी हार गए हैं पूर्व मुख्यमंत्री को बताना चाहिए कि आखिर इस शर्मनाक हार की जिम्मेदारी किसकी है?
राजनीति
छत्तीसगढ़ में 10 सीटों पर कांग्रेस की करारी हार: पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेंद्र साहू बोले – बाहरी चेहरा बना मुद्दा, हार की होनी चाहिए समीक्षा
रायपुर। छत्तीसगढ़ में लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा एक सीट बढ़ाने में कामयाब रही. उसे इस बार प्रदेश की 11 में से 10 सीटों पर भाजपा को जीत मिली है. वहीं पिछले चुनाव में 2 सीटें जितने वाली कांग्रेस को चुनाव में सिर्फ कोरबा सीट ऐसे जीत मिली है. यहां वर्तमान सांसद ज्योत्सना महंत ने बीजेपी की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सरोज पांडेय को हराकर यहां से जीत हासिल की. पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व विधायक धनेंद साहू ने प्रत्याशियों के गलत चयन को कांग्रेस की इस हार की वजह बताया है. इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस की हार के बाद बीजेपी के बयानों पर पलटवार किया है.
छत्तीसगढ़ में लोकसभा के नतीजों पर कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेंद साहू ने कहा- इस हार की समीक्षा होनी चाहिए. हमारी चुनाव में बड़े चेहरों को लड़ाने पर सहमति बनी थी, लेकिन कोई व्यक्ति बहार (दूसरी सीटों पर) जाकर चुनाव लड़े इसे लेकर सहमति नहीं थी. बाहरी चेहरे को बतौर प्रत्याशी चुनावी मैदान पर उतारना मुद्दा बना, इसकी समीक्षा होनी चाहिए. दुर्ग लोकसभा से चार से पांच लोगों को जगह मिली थी, लेकिन हम वहीं से इतनी बुरी तरह से हार गए.
यह हमारी पार्टी का मामला, उन्हें बोलने का कोई हक नहीं
लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की हार पर मंत्री रामविचार नेताम ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा था कि छत्तीसगढ़ में कांग्रेस का लीडर कौन है पता नहीं, पर कांग्रेस की हार का जिम्मा लेने वाला कोई नहीं है. रामविचार नेताम के इस बयान पर कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेंद साहू ने कहा कि यह हमारी पार्टी का मामला उन्हें बोलने का कोई हक नहीं है.
लोकसभा चुनाव में NDA गठबंधन की जीत के बाद प्रधानमंत्री मोदी के शपथ ग्रहण को लेकर कांग्रेस पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेन्द्र साहू ने कहा कि यह पहली बार हो रहा है कि इतनी हड़बड़ी में कोई प्रधानमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह हो रहा हो. उन्होंने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि लगता है कि उन्हें अपने लोगों पर भरोसा नहीं है. कहीं कोई बगावत न हो जाए इस डर से वो शपथ की हड़बड़ी कर रहे है.
कांग्रेस और I.N.D.I.A गठबंधन की चुनाव में सफलता को लेकर प्रदेश अध्यक्ष धनेंद साहू ने कहा कि हमें राष्ट्रीय स्तर पर अच्छी जीत मिली है. यह खुशी का मौका है. हालांकि, मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ के परिणाम निराशाजनक रहे. कभी यहां की सभी सीटें हमारी होती थीं लेकिन अब एक सीट भी नहीं मिली, यह दुख का विषय है.
जातिगत समीकरण के मद्देनजर टिकिट बांटें फिर भी फेल
लोकसभा चुनाव में कांग्रेस और I.N.D.I.A गठबंधन ने जातिगत समीकरण के आधार पर टिकट का बंटवारा किया था , लेकिन कई सीटों पर उसे हार का सामना करना पड़ा. इस पर कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेंद साहू सोशल इंजीनियरिंग को ध्यान तो रखा जाता है, लेकिन केवल जाति के लेवल पर किसी को टिकिट नहीं देनी चाहिए. यह भी देखना चाहिए की उस व्यक्ति की समाज में कितनी स्वीकार्यता है, हालांकि, हार के और भी कई कारण होते हैं.
सस्ती लोकप्रियता हासिल करने कांग्रेसियों ने किया है बृजमोहन भैया के जीत के पोस्टर पर आपत्ति – प्रदीप साहू
रायपुर। छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ मंत्री बृजमोहन अग्रवाल की रायपुर लोकसभा से जीत के नतीजे के पूर्व ही समर्थक प्रदीप साहू के द्वारा शहर भर में जीत की अग्रिम बधाई का बैनर पोस्टर लगाया गया जिस पर आपत्ति दर्ज कराने कांग्रेसियों ने निर्वाचन आयोग को ज्ञापन सौपा।
जिसके बाद प्रतिक्रिया देते हुए प्रदीप साहू ने कहा बृजमोहन अग्रवाल की जीत और उनकी लोकप्रियता से कांग्रेसियों को पेट दर्द होना स्वाभाविक है यह आश्चर्य है जब छत्तीसगढ़ की साढ़े तीन करोड़ जनता जान चुकी थी कि बृजमोहन अग्रवाल की ऐतिहासिक जीत होने वाली है तब कांग्रेसी कैसे अनभिज्ञ थे।
वास्तविकता यह है कि जब कांग्रेसियों को कोई मुद्दा नहीं मिला और और विकास उपाध्याय की ऐतिहासिक हार को ध्यान में रखते हुए निर्वाचन आयोग में जाकर सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के लिए शिकायत किए और अपनी फ़जीहत कराएं है।
छत्तीसगढ़ में हार के बावजूद हताश नहीं है कांग्रेस, पीसीसी अध्यक्ष बोले, बेहतर परिणाम की अपेक्षा थी, लेकिन…
रायपुर। लोकसभा चुनाव के परिणामों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि 400 पार का दंभ भरने वाली भाजपा और नरेंद्र मोदी अपने दम पर बहुमत के आंकड़े तक नहीं पहुंच पाये। 10 साल के तानाशाही और गैर प्रजातांत्रिक चरित्र वाली मोदी सरकार की विदाई देश की जनता ने सुनिश्चित कर दिया है।
पूरा भरोसा है प्रजातांत्रिक मूल्यों को समर्पित तथा संवैधानिक मूल्यों की रक्षा को प्रतिबद्ध समान विचारधारा वाले गैर भाजपाई दलों के साथ देश में कांग्रेस और इंडिया गठबंधन की सरकार बनेगी। देश का जनादेश नरेंद्र मोदी और भाजपा के खिलाफ आया है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि छत्तीसगढ़ में चुनाव परिणाम हमारे अपेक्षाओं के अनुरूप नहीं आये है। हमें बेहतर परिणाम की अपेक्षा थीं। राज्य में आये इस चुनाव परिणाम से निराश जरूर है, हताश नहीं। हमारे कार्यकर्ताओं, नेताओं ने बढ़िया लड़ाई लड़ी। आगे भी राज्य में मजबूत विपक्ष के रूप में हम जनसरोकारों के लिये संघर्ष जारी रखेंगे। कांग्रेस पार्टी जनता की आवाज को मजबूती से उठाने को प्रतिबद्ध है।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने लगाया ईवीएम बदले जाने का आरोप, चुनाव आयोग ने कहा – आरोप निराधार…
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सोशल मीडिया में किए कहा कि मेरे चुनाव क्षेत्र राजनादगांव मतदान के बाद फ़ॉर्म 17सी में जो जानकारी दी गई है, उसके अनुसार बहुत सी मशीनों के नंबर बदल गए हैं. जिन बूथों पर नंबर बदले हैं उससे हज़ारों वोट प्रभावित होते हैं. और भी कई लोकसभा क्षेत्रों में यही शिकायतें मिली हैं, हम राज्य निर्वाचन पदाधिकारी से शिकायत कर रहे हैं. चुनाव आयोग को जवाब देना चाहिए कि किन परिस्थितियों में मशीनें बदली गई हैं, और चुनाव परिणाम पर होने वाले असर के लिए कौन ज़िम्मेदार होगा?
इस पर छत्तीसगढ़ की मुख्य निर्वाचन अधिकारी की ओर से दिए गए जवाब में कहा कि राजनांदगांव संसदीय क्षेत्र के कांग्रेस उम्मीदवार के साथ साझा की गई ईवीएम की संख्या में कथित विसंगति तथ्यों पर आधारित नहीं है. चुनाव के दौरान इस्तेमाल की गई ईवीएम, निर्वाचन अधिकारी द्वारा चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के साथ रैंडमाइजेशन के बाद साझा की गई मशीनों की सूची के अनुसार ही हैं.
पूर्व मुख्यमंत्री के पोस्ट का सोशल मीडिया में ही जवाब देते हुए कहा कि चुनाव और मॉक पोल के दौरान कुछ यांत्रिक/तकनीकी दोषों के कारण बदली गई मशीनों की सूची भी उम्मीदवारों के साथ साझा की गई है. इसके अलावा, मतदान एजेंटों ने मतदान शुरू होने से पहले ईवीएम को सील करने के लिए इस्तेमाल किए गए पेपर सील पर हस्ताक्षर किए हैं. मतदान के अगले दिन स्वतंत्र पर्यवेक्षकों की उपस्थिति में जांच के दौरान, चुनाव लड़ने वाले किसी भी उम्मीदवार द्वारा ऐसा कोई मुद्दा नहीं उठाया गया.
अधिकारी ने कहा कि सभी पेपर सील को वास्तविक मतगणना के समय फॉर्म 17(सी) में उल्लिखित संख्या के साथ सत्यापित किया जा सकता है. मतदान, नियंत्रण इकाइयों और वीवीपीएटी की विशिष्ट संख्या को भी उम्मीदवारों के साथ मतदान से पहले और बाद में साझा की गई सूचियों से सत्यापित किया जा सकता है. इसलिए मतदान के बाद ईवीएम में कथित बदलाव का आरोप निराधार है.
भाजपा के महायज्ञ को लेकर कांग्रेस ने कसा तंज, कहा-
छत्तीसगढ़ में बिजली दामों में बढ़ोतरी को लेकर सुशील आनंद शुक्ला ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि पूर्ववर्ती भूपेश सरकार ने लोगों को राहत दी थी, लेकिन बीजेपी की सरकार आम लोगों को परेशान करने का काम कर रही है. बिजली के दाम में बढ़ोतरी से आमलोग परेशान हो रहे हैं. उन्होंने कहा कि ये लोग 24 घंटे बिजली नहीं दे पा रहे हैं ऊपर से बिजली के दाम बढ़ाए जा रहे है. छत्तीसगढ़ का जल, जंगल और जमीन यहां की जनता का है. बीजेपी यहां के लोगो को महंगी चीजों को खरीदने के लिए मजबूर कर रही है.
4 तारीख को निकलेगी 400 पार के जुमलेबाजी की हवा
4 जून को होने वाली मतगणना को लेकर सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि हमारी तैयारी पूरी है. इसके लिए पार्टी ने मतगणना एजेंटों की ट्रेनिंग भी पूरी कर ली है. मतगणना को लेकर कहीं भी कोई गड़बड़ी होगी उसे पर तत्काल संज्ञान लिया जाएगा. एग्जिट पोल वर्सेस एग्जिट पोल के मामले पर सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि 2004 में एग्जिट पोल ने स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेई की सरकार बनाने का दावा किया था, लेकिन मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री बने थे. 400 पार के जुमले बाजी की हवा 4 तारीख को निकलेगी. इंडिया गठबंधन की सरकार बनेगी और राहुल गांधी देश के प्रधानमंत्री बनेंगे.
लोकतंत्र बनाम नक्सलवाद के कार्यक्रम को लेकर संचार विभाग प्रमुख ने कहा कि सरकार की नीति बनाने की तैयारी हम पहले से कह रहे थे. नक्सल समस्या को हल्के में नहीं लिया जाना चाहिए. हमारी सरकार ने लोगों से चर्चा करके नीति बनाई थी और तब 80 फ़ीसदी नक्सली घटनाओं में कमी आई थीं. हम भी चाहते हैं नक्सलवाद की समाप्ति हो और प्रदेश में शांतिबहाली हो. अगर सरकार इसके लिए कोई कदम उठाती है तो हम इस फैसले का स्वागत करते हैं. उन्होंने कहा कि बीजेपी की सरकार अति उत्साह और मति भ्रम वाली सरकार है. ये थोड़ी सी सफलता में बल्ले-बल्ले करके ताली बजाने लगते है. पहले सफलता का श्रेय लेते हैं फिर ग्रामीणों के बयान आते हैं कि उनके लोग मारे गए. पहले भाजपा अपनी नीति और मंशा स्पष्ट करें.
सिर्फ 10% महिलाओं के खाते में आ रही महतारी वंदन की राशि
महिलाओं के खाते में महतारी वंदन की राशि को लेकर सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि महिलाओं के साथ धोखाधड़ी हुई है. 75 लाख महिलाओं को पैसा देना है, लेकिन 10 फ़ीसदी महिलाओं के खाते में पैसे आ रहे हैं. उन्होंने कहा कि हमारा दावा है, लोकसभा चुनाव के बाद बीजेपी इस योजना को बंद कर देगी. बीजेपी की पुरानी आदत है वोट लेने के बाद वादे भूल जाते हैं.
एग्जिट नहीं मोदी पोल, इंडिया की सरकार में राहुल बनेंगे प्रधानमंत्री : दीपक बैज
रायपुर। प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज पत्रकारों से चर्चा करते हुये कहा कि एग्जिट पोल के नतीजे भ्रामक है। कांग्रेस पार्टी इन नतीजों को खारिज करती है। 4 जून को जब एक्जेट पोल के नतीजे आयेंगे तब देश में इंडिया गठबंधन की सरकार बनेगी। छत्तीसगढ़ में हम भारतीय जनता पार्टी से बेहतर स्थिति में रहेंगे।
जिस व्यक्ति का 4 जून को एग्जिट होना तय है, उसने ये एग्जिट पोल्स मैनेज करवाए हैं। इंडिया गठबंधन को निश्चित रूप से कम से कम 295 सीटें मिलेंगी – बिल्कुल स्पष्ट और निर्णायक बहुमत। निवर्तमान प्रधानमंत्री सिर्फ आज तक निश्चिंत रह सकते हैं।
इस प्रकार का दुष्प्रचार होगा इसका अनुमान पहले से ही था। मतगणना के बाद चुनाव परिणाम आने पर साफ हो जाएगा जनता का जनादेश पूरे देश में मोदी सरकार के खिलाफ है। जनता ने भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ मतदान किया है। देश में कांग्रेस के नेतृत्व में इंडिया गठबंधन की सरकार बनेगी। छत्तीसगढ़ में हम भाजपा से ज्यादा सीट जीतेंगे।
एग्जिट पोल की भाजपाई खुशफहमी दो दिनों की है 4 जून को रिजल्ट आने पर स्पष्ट हो जायेगा देश कांग्रेस गठबंधन की सरकार बनेगी एग्जिट पोल के नगाड़े फूट जायेगे।
2004 में भी एग्जिट पोल के नतीजों में अटल सरकार बन रही थी प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह बने थे
4 जून को मोदी सरकार का अंत होगा देश में खुशहाली का नया सूर्य उदय होगा। आम आदमी की सरकार बनेगी उद्योगपति, व्यापारी बिना दबाव के व्यवसाय करेंगे, किसानों को उनकी फसल की सही कीमत मिलेगा, आम जनता को मूलभूत की सुविधा मिलेगी। पूरे देश में मोदी सरकार और भाजपा के खिलाफ आक्रोश है।
जनता ने राहुल गांधी और कांग्रेस के 5 न्याय और 25 गारंटी पर जनता ने भरोसा किया है। जनता मोदी सरकार के 10 साल के कुशासन बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, गिरती अर्थव्यवस्था, आर्थिक असमानता और संविधान बदलने की नीयत, भ्रष्टाचार मोदी सरकार की हम दो और हमारे दो की नीति से मुक्ति के लिए मतदान कर दिया है।
देश 10 साल से तानाशाही सोच और मनमानी करने वाली सरकार को बर्दाश्त कर रही थी, जनता को अब अवसर मिला तो तानाशाही खत्म करने के लिए मतदान किया हैं। देश में हर वर्ग मोदी सरकार की कुनीतियां से परेशान हुआ है। भाजपा संगठन के भीतर भी मोदी और शाह की तानाशाही के खिलाफ आक्रोश है।
4 जून को देशभर में एक नये उत्साह का संचार होगा। जब तानाशाह की हार होगी और आम जनता का राज आएगा, लोकतंत्र मजबूत होगा, संविधान और आरक्षित वर्गों के आरक्षण सुरक्षित होगा, युवाओं को 30 लाख सरकारी पदों पर भर्ती के अवसर मिलेंगे, किसानों को एमएसपी की गारंटी मिलेगी, महिलाओं को सरकारी पदों भर्ती में 50 प्रतिशत आरक्षण मिलेगा। महिलाओं को सालाना 1 लाख रु. खाता में मिलेगा। महंगाई कम होगा और यह देश के लिए दीपावली के दिन से कम नहीं होगा।
ईवीएम के वोटों की गिनती से पहले पोस्टल बैलेट के परिणाम घोषित हों
चुनाव आयोग ने पोस्टल बैलेट पेपर की मतगणना के नियम को बदल दिया है। बैलेट पेपर की गणना ईवीएम की गणना के बाद किया जायेगा। कांग्रेस ने इसका विरोध किया है।
पोस्टल बैलेट चुनाव के मामले में निर्णायक साबित होते हैं। नियम के अनुसार पोस्टल बैलेट की गिनती पहले की जाती है, जिसके कुछ समय बाद ईवीएम की गिनती शुरू की जा सकती है। इसमें सबसे जरूरी ये है कि पोस्टल बैलेट का परिणाम, ईवीएम से पहले घोषित किया जाए। लेकिन चुनाव आयोग ने इस नियम को बदल दिया है, जो कानून के हिसाब से नहीं किया जा सकता।
इंडिया गठबंधन ने चुनाव आयोग द्वारा पोस्टल बैलेट के वोटों की गिनती के नियम बदलने पर कड़ी आपत्ति जताई है। इसे लेकर इंडिया गठबंधन के वरिष्ठ नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल रविवार को चुनाव आयोग से मिला।
पुराने नियम के अनुसार ही पहले पोस्टल बैलेट के वोटों की गिनती हो और उसके परिणाम घोषित हों।
छत्तीसगढ़ में बिजली महंगी होने पर गरमाई सियासत: कांग्रेस ने जनता को लूटने का लगाया आरोप, डिप्टी सीएम शर्मा ने किया पलटवार…
रायपुर। छत्तीसगढ़ में विद्युत नियामक आयोग ने बिजली बिल के दरों में हाल ही में 20 प्रतीशत की वृद्धि है। इसे लेकर अब सियासत तेज हो गई है। जिसको लेकर पीसीसी चीफ दीपक बैज ने भाजपा पर निशाना साधते हुए सरकार पर जनता को लूटने का आरोप लगाया है। वहीं डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने कांग्रेस के आरोप का पलटवार करते हुए पूर्ववर्ती सरकार पर निशाना साधा है।
पीसीसी चीफ दीपक बैज ने कहा कि, जब से प्रदेश में भाजपा की सरकार आई है तब से जनता को लूटने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बिजली बिल की दरों में बढ़ोतरी के साथ ही शराब की कीमतों, मकान बनाने में उपयोग होने वाले सामानों की कीमतों में वृद्धि कर दी गई है।
पीसीसी चीफ ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि, जमीन की रजिस्ट्री में दी जा रही छूट को भी भाजपा सरकार ने खत्म कर दिया है।
डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने किया पलटवार
वहीं पीसीसी अध्यक्ष के आरोपों पर पलटवार करते हुए डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने कहा कि, कांग्रेस ने कंपनियों को किन हालातों में पंहुचा दिया था, यह देखना बेहद जरूरी है। कांग्रेस ने जिस भी हाल में विभागों को पंहुचा दिया उन्हें संभालना तो पड़ेगा ही। इसके साथ ही उन्होंने सभी विभागों के हालातों को सार्वजनिक करने की बात भी कही।
मतगणना को लेकर नेता प्रतिपक्ष महंत ने अभिकर्ताओं से की अपील, कहा- लोकतंत्र को बचाए रखने के लिए रहें चौकस
कोरिया। लोकसभा चुनाव 2024 के नतीजे आने को केवल एक ही दिन बाकी है। ऐसे में एक्जिट पोल के नतीजों के बाद विपक्ष लगातार EVM मशीन में गड़बड़ी की संभावना जता रही है। वहीं आज सोमवार को छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने मतगणना अभिकर्ताओं को चौकस रहने और ईमानदारी से काम करने की सलाह दी है।
दरअसल, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिला और कोरिया में चार दिन के प्रवास पर पहुंचे हैं। इस दौरान उन्होंने कोरिया के जिला कांग्रेस कमेटी में कांग्रेस पदाधिकारियों एवं मतगणना अभिकर्ताओं की बैठक को संबोधित करते हुए कहा- “मतगणना अभिकर्ताओं को लोकसभा निर्वाचन 2024 की मतगणना टेबल पर पूरी तरह चौकस और नजरें गड़ाये रखने की नितांत आवश्यकता है। लोकतंत्र को बचाए रखने की अब पूरी जिम्मेदारी मतगणना अभिकर्ताओं की है। मतगणना के दौरान उन्हें पूरी तरह से सजग और सतर्क रहने की आवश्यकता है।”
डॉ. महंत ने आगे कहा, कि कोरबा लोकसभा क्षेत्र के 2084 मतदान केन्द्रों में गिनती के दौरान प्रत्येक बूथ के प्रत्येक टेबल पर पूरी तत्परता और ईमानदारी से अंतिम गिनती होते तक डटे रहना है। एक-एक टेबल पर भी यदि 10 वोट भी अगर आपकी नजर से ओझल हुए तो पूरे 2084 बूथों के हिसाब से आंकड़ा समझा जा सकता है, इसलिए पूरी तैयारी रखें। किसी भी तरह की शंका का पूर्ण रूप से समाधान करें।
डॉ.महंत ने गणना अभिकर्ताओं से कहा कि एक-एक वोट लोकतंत्र के लिए कीमती है और मतगणना के दौरान यदि किसी भी तरह का गलत काम होते दिखे तो उसका पूरी ताकत से विरोध करें, अपना विरोध दर्ज कराने से न चूकें। बैठक के दौरान प्रमुख रूप से पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल, पूर्व विधायक गुलाब कामरो, प्रदीप गुप्ता, नजीर अहमद, रमेशचंद्र सिंह, अशोक श्रीवास्तव, योगेश शुक्ला सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी मौजूद रहे।
मतगणना से पहले कांग्रेस प्रत्याशी ने निर्वाचन कार्य में गड़बड़ी का लगाया आरोप, कोर्ट जाने की दी चेतावनी…
बिलासपुर। मतगणना के पहले बिलासपुर लोकसभा क्षेत्र से कांग्रेस प्रत्याशी देवेंद्र यादव ने भाजपा सरकार और जिला निर्वाचन अधिकारी पर निर्वाचन कार्य में गड़बड़ी का गंभीर आरोप लगाकर जांच की मांग की है, साथ ही उन्होंने मामले को लेकर कोर्ट जाने की चेतावनी भी दी है. जिला निर्वाचन अधिकारी ने कांग्रेस प्रत्याशी के आरोपों को खारिज करते हुए निर्वाचन के सभी कार्य पारदर्शिता व नियमों के मुताबिक होने की बात कही है, तो बीजेपी नेता कांग्रेस नेताओं द्वारा अपनी हार का ठीकरा ईवीएम पर फोड़ने की बात कह रहे हैं. बिलासपुर लोकसभा क्षेत्र के कांग्रेस प्रत्याशी देवेंद्र यादव ने कहा कि 2251 मतदान केंद्रों के दस्तावेज प्राप्त हुए हैं. मिलान करने पर इनमें से 611 मतदान केंद्रों के प्रारूप 17 सी और बैलेट यूनिट के नंबरों में भिन्नता पाई गई. 206 बैलेट यूनिट में मुद्रित अल्फाबैटिक और न्यूमैरक नंबर में भिन्नता मिली है. 28 बैलेट यूनिट के नंबर अपूर्ण पाए गए. 41 बैलेट यूनिट में मुद्रित क्रम संख्या को विधिवत दर्ज नहीं किया गया. उन्होंने कहा कि बिलासपुर और मुंगेली निर्वाचन कार्यालय से कमिशनिंग मॉक पोल के द्वारा दिए गए दस्तावेज और मतदान दल द्वारा प्रदान की गई 17 सी का मिलान करने पर कुल 55 कंट्रोल यूनिट के नंबरों में भिन्नता मिली है, 10 कंट्रोल यूनिट के नंबर अपूर्ण थे, 7 कंट्रोल यूनिट का नंबर दर्ज ही नहीं था. उच्चतम न्यायालय में जिस वीवी पैट के संबंध में निर्वाचन आयोग को दिशा निर्देश दिए थे, उनका भी पालन नहीं हुआ. 135 वीवी पैट के नंबर में भिन्नता पाई गई, और कुल 11 वी वी पैट के नंबर दर्ज ही नहीं किए गए. कांग्रेस प्रत्याशी ने बताया कि कोटा के 63, तखतपुर के 41, बिल्हा के 33, बिलासपुर के 42, बेलतरा के 44, मस्तूरी के 66, लोरमी के 51 और मुंगेली विधानसभा के 53 मतदान केंद्रों में गड़बड़ी हुई है. उन्होंने और उनकी विधिक टीम ने बीते 28 तारीख को ही इन बिंदुओं पर मुख्य निर्वाचन आयुक्त भारत सरकार, मुख्य निर्वाचन अधिकारी रायपुर, जिला निर्वाचन अधिकारी बिलासपुर, मुंगेली को विधिवत जानकारी दे दी है, और अभी तक कोई स्पष्टीकरण अप्राप्त है. इतने सब षड्यंत्र के बावजूद कांग्रेस की जीत को रोका नहीं जा सकता, क्योंकि जनता का आशीर्वाद हमारे साथ है. एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि यदि वे चुनाव जीत भी गए तो भी कोर्ट जाएंगे. कांग्रेस प्रत्याशी की शिकायत पर बिलासपुर कलेक्टर अवनीश शरण ने बैठक कर निराकरण करने की बात कही है, कलेक्टर ने कहा कि मतदान के दूसरे दिन यानी 8 मई को स्क्रूटनी हुई, जो इलेक्शन कमीशन के ऑब्जर्वर की उपस्थिति में हुई, जिसमें सभी प्रत्याशी के पोलिंग एजेंट थे, उन्हें रेंडम दिखाया गया, कि किसी मतदान केंद्र का पेपर चेक करना है, तो कर सकते हैं, उसके बाद सब कुछ सील हो गया है. कलेक्टर ने आरोपों पर यह भी कहा कि एक बार जब सभी दस्तावेज सील हो जाते हैं, तो वह आरपीएफ की निगरानी में होती है, पेपर निकालकर उसे मिलान करना या देखना संभव नहीं है. वहीं उन्होंने मतगणना स्थल पर भी शिकायतों के त्वरित निदान का आश्वासन भी दिया है. कांग्रेस प्रत्याशी के आरोप पर भाजपा से बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला ने कहा कि हमने तो पहले ही कहा था, कि जैसे ही इनको हार दिखने लगेगी, पूरा ठीकरा ईवीएम के ऊपर फोड़ देंगे.
एग्जिट पोल के नतीजे भ्रामक है : दीपक बैज
रायपुर। एग्जिट पोल के नतीजों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि एग्जिट पोल के नतीजे भ्रामक है। कांग्रेस पार्टी इन नतीजों को खारिज करती है। 4 जून को जब एक्जेट पोल के नतीजे आयेंगे तब देश में इंडिया गठबंधन की सरकार बनेगी। छत्तीसगढ़ में हम भारतीय जनता पार्टी से बेहतर स्थिति में रहेंगे।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि इस प्रकार का दुष्प्रचार होगा इसका अनुमान पहले से ही था। मतगणना के बाद चुनाव परिणाम आने पर साफ हो जाएगा जनता का जनादेश पूरे देश में मोदी सरकार के खिलाफ है। जनता ने भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ मतदान किया है। देश में कांग्रेस के नेतृत्व में इंडिया गठबंधन की सरकार बनेगी। छत्तीसगढ़ में हम भाजपा से ज्यादा सीट जीतेंगे।
भाजपा की नीयत कमीशनखोरी करना है, उसे आम आदमी की सहूलियतों से कुछ लेना देना नहीं,बिजली के दामों में बढ़ोतरी जनता के ऊपर अत्याचार – कांग्रेस
रायपुर। बिजली के दामों में बढ़ोतरी जनता के ऊपर अत्याचार है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि राज्य सरकार के प्रस्ताव पर विद्युत नियामक आयोग ने विद्युत के दामों में बढ़ोतरी को मंजूरी दे दिया है, यह अनुचित है। भाजपा सरकार के वित्तीय कुप्रबंधन के कारण छत्तीसगढ़ का आम आदमी परेशान हो गया है। साय सरकार नागरिकों को हर तरफ से परेशान करने की नीयत से काम कर रही है। सरकार ने रजिस्ट्री छूट को समाप्त किया, ईवे बिल को समाप्त किया, अब बिजली बिल के दाम में बढ़ोतरी कर दिया गया। बिजली के दाम बढ़ने से घरेलू के साथ-साथ उद्योगों और व्यवसायिक उपभोक्ताओं को महंगी बिजली खरीदने को मजबूर होना पड़ेगा। उद्योगों को महंगी बिजली मिलेगी तो उनके उत्पादों का महंगा होना स्वाभाविक है। ऐसे में आम आदमी पर दोहरी मार पड़ेगी। भाजपा की नीयत कमीशनखोरी करना है, उसे आम आदमी की सहूलियतों से कुछ लेना देना नहीं है।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि पिछले पांच माह में विद्युत सरप्लस वाला छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत कटौती का केंद्र बन गया है। कोई ऐसा दिन नहीं होता जब बिजली दो चार घंटे के लिये बंद न हो, रात में तो बिजली की स्थिति तो और भयावह हो जाती है। घंटो बिजली गोल हो जाती है। भाजपा से न सरकार संभल पा रहा और न ही व्यवस्थायें। सरकार एक तो पूरे समय बिजली नहीं दे पा रही ऊपर से उपभोक्ताओं पर महंगी बिजली का बोझ डाल रही है।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भाजपा सरकार में आम जनता को मांग के अनुसार बिजली नहीं मिल रहा है। बिजली कटौती और लो वोल्टेज की समस्या से शहर और गांव की जनता जूझ रहे हैं। कांग्रेस की सरकार के दौरान 24 घंटा बिजली की आपूर्ति होती थी। गर्मी के दिनों में मांग बढ़ने पर दूसरे राज्यों से भी बिजली की खरीदी किया जाता था और आम जनता को 24 घंटा बिजली की आपूर्ति की जाती थी। रवि फसल लगाने वाले किसानों को भी बोरवेल चलाने के लिए बिजली निःशुल्क मिलता था। कांग्रेस की सरकार के दौरान बिजली आपूर्ति निर्बाध गति से चले इसके लिए ट्रांसफार्मर के पावर बढ़ाए गए थे नए ट्रांसफार्मर लगाए गए थे। ट्रांसमिशनों को अपग्रेड किया गया। भाजपा की सरकार में पांच माह में ही बिजली की व्यवस्था चरमरा गई है, आम जनता सड़कों पर उतरकर बिजली की समस्या को लेकर आंदोलन कर रहे हैं।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि साय सरकार के आर्थिक कुप्रबंधन के कारण राज्य की आर्थिक स्थिति खराब होते जा रही है। पांच माह में सरकार ने बेरोजगारी भत्ता बंद कर दिया, गोबर खरीदी बंद कर दिया, गोठान बंद कर दिया, राजीव गांधी किसान न्याय योजना की चौथी किस्त नहीं दिया, इसके बावजूद सरकार को 16000 करोड़ का कर्ज लेना पड़ा। साथ ही पूर्ववर्ती सरकार द्वारा आम जनता को दी जा रही रियायतें भी सरकार ने बंद कर दिया।
हमने बिजली बिल हाफ किया, इन्होंने बिजली हाफ कर दी : भूपेश बघेल
रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बिजली कटौती को लेकर मौजूदा सरकार पर निशाना साधा है। भूपेश बघेल ने सोशल मीडिया X पर लिखा कि हमने तो बिजली बिल हाफ किया था, इन्होंने बिजली ही हाफ कर दी।
भूपेश बघेल ने लिखा कि एक तरफ सांय-सांय बिजली का बिल बढ़ाने की तैयारी चल रही है तो दूसरी तरफ इस भयानक गर्मी में प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में जमकर बिजली की कटौती की जा रही है। प्रदेश की जनता बेहद परेशान है, लेकिन “गारंटी” लेने वाले अभी सत्ता की मदहोशी में सो रहे हैं।
बघेल की गर्मी से बचने की सलाह
सियासी तंज कसने के साथ ही आम लोगों के लिए भूपेश बघेल ने आगे लिखा कि आप सबसे कहना है कि तापमान बहुत अधिक है। गर्मी और लू से हम सबको अपना, अपने बच्चों का और घर के बुजुर्गों का ख़्याल रखना है।
दिन में बच्चों को धूप में न खेलने दें. बुजुर्गों को बाहर जाने से रोकें. बहुत आवश्यक कार्य न हो तो आप भी घर से न निकलें। ORS, नींबू शिकंजी, ग्लूकोज, आम पना इत्यादि ठंडी चीजें पीते रहें।
बिजली का बिल बढ़ाने की है तैयारी
विभागीय सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी के बीच बिजली उपभोक्ताओं को जून में बड़ा झटका लगने वाला है। बिजली नियामक आयोग नया टैरिफ जारी करेगा। इसके बाद बिजली महंगी हो जाएगी और जुलाई में बढ़ा हुआ बिल भरना पड़ेगा।
आयोग और बिजली कंपनी के अधिकारियों के अनुसार, घरेलू उपभोक्ताओं को प्रति यूनिट 10-15 पैसे तक अतिरिक्त देने होंगे। इसी तरह कॉमर्शियल और कृषि उपभोक्ताओं को भी अतिरिक्त शुल्क देना होगा। उन्होंने बताया कि नुकसान की भरपाई करने के लिए यह कदम उठाया गया है।
65 लाख से ज्यादा उपभोक्ता
बिजली कंपनी में वर्तमान में 65 लाख से ज्यादा उपभोक्ता है। ये उपभोक्ता बीपीएल, घरेलू, कॉमर्शियल और कृषि उपभोक्ता में बंटे हुए हैं। नए टैरिफ का असर बीपीएल, घरेलू और कृषि उपभोक्ता पर कम और कॉमर्शियल उपभोक्ताओं पर ज्यादा पड़ेगा।
लोकसभा चुनाव परिणाम पर कांग्रेस का दावा, पूर्व मंत्री डहरिया बोले –
रायपुर। लोकसभा चुनाव का परिणाम 4 जून को आने वाला है. कांग्रेस के लोकसभा प्रत्याशी पूर्व मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया ने दावा किया है कि छत्तीसगढ़ में कांग्रेस पहले से अधिक सीटें जीत रही. 11 में 11 सीटों पर कांग्रेस मजबूत स्थिति में है. जनता ने मोदी और साय सरकार की गारंटी पर भरोसा नहीं किया है.
भाजपा की समीक्षा बैठक पर पूर्व मंत्री शिवकुमार डहरिया ने कहा, भाजपा को पता है लोकसभा में करारी हार हो रही है. 11 में 11 सीटें जीतने का दावा शिगुफा है. छत्तीसगढ़ में चुनाव खत्म होने के एक महीने बाद समीक्षा हो रही है. साय सरकार की IIM में चिंतन और ट्रेनिंग पर डॉ. शिवकुमार डहरिया ने कहा, डॉ. रमन सिंह के बिना ही चिंतन और ट्रेनिंग की जा रही है. 15 साल सरकार चलाने वाले को दरकिनार कर दिया गया. डॉ. रमन सिंह का नहीं होने से पता चल रहा कि भाजपा में गुटबाजी हावी है. साय सरकार किस बात की ट्रेनिंग ले रही है. छत्तीसगढ़ में कानून व्यवस्था खराब है. अब तो उनके अपने दल के लोग ही सवाल कर रहे हैं. बलरामपुर में बजरंग दल के कार्यकर्ता प्रदर्शन करने पर मजबूर हैं. साय सरकार में सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं है.
डहरिया ने भाजपा को बताया सांप्रदायिक पार्टी
बिजली बिल में वृद्धि की खबर पर डॉ. शिवकुमार डहरिया ने कहा, साय सरकार जनता को लुटने में लग गई है. प्रदेशभर में बिजली की कटौती जारी है. बिल में वृद्धि से जोरदार करंट का झटका देने जा रही है. धर्म, जाति और आरक्षण के मुद्दे पर डहरिया ने निशाना साधा और भाजपा को साम्प्रदायिक पार्टी बताया. उन्होंने कहा, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा साम्प्रदायिक पार्टी के सरदार बने हुए हैं. छत्तीसगढ़ में मुस्लिमों को आरक्षण संविधान के अनुसार मिला हुआ है. देश के कई राज्यों में ओबीसी आरक्षण दिया हुआ है. गुजरात में भी दिया हुआ है. केंद्र सरकार ने भी दिया है. छत्तीसगढ़ में अलग से कोई काम नहीं किया गया है.
हसदेव के विनाश पर अब क्यों चुप है साय सरकार
हसदेव अरण्य में पेड़ों की कटाई पर डॉ. शिवकुमार डहरिया ने कहा, भाजपा चुनाव से पहले हसदेव को बचाने की बात कह रही थी. हसदेव के विनाश पर अब साय सरकार क्यों चुप है. कांग्रेस हसदेव के आदिवासियों के साथ है.
अंतिम चरण का थमा चुनावी प्रचार, पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने कहा –
रायपुर। बनारस में चुनाव प्रचार कर रायपुर लौटे पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा. उन्होंने मोदी के कन्याकुमारी में रुकने पर कटाक्ष करते हुए कहा, अवतारी पुरुष अब मानव हो गए. उन्हें कहीं जाने की जरूरत ही क्या थी ? उन्हें तो भाजपा के लोग भगवान कहने लगे हैं.
अंतिम चरण के चुनाव पर भूपेश बघेल ने कहा, देश में बदलाव की बयार है. अंतिम चरण के लिए प्रचार थम चुका है. प्रधानमंत्री मोदी ने कभी अपनी सरकार की योजनाओं पर बात नहीं की. उन्होंने हिन्दू-मुसलमान, पाकिस्तान, धर्म की ही बात कही. अब तो मुजरा तक में आ गए हैं. आरक्षण के खिलाफ, लोकतंत्र के खिलाफ ही उन्होंने बोला है.
साय सरकार के गौवंश अभ्यारण्य पर बघेल ने कहा, गौठान में क्या कमी थी ? यह बताना चाहिए और कितने अभ्यारण्य बनाएंगे ? जंगल कहां-कहां बना लेंगे ? कांग्रेस सरकार की योजना यह सोचकर पूर्व की जनहित योजनाओं को बंद करना क्या सही है ? महात्मा गांधी पर पीएम मोदी की टिप्पणी पर भूपेश बघेल ने कहा, प्रधानमंत्री का सामान्य ज्ञान कमजोर है. अधिकारियों ने जो लिखा वही पढ़ दिए. 25 साल मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री रहने के बाद का ऐसा हाल, इसे क्या कहा जाए. दुनिया में सर्वाधिक लोकप्रिय नेता महात्मा गांधी हुए हैं.
गांधी परिवार के कुचक्र में फंस गए हैं खड़गे, ओपी चौधरी का बड़ा बयान
रायपुर। वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा, खड़गे जी भले व्यक्ति हैं, वो गांधी परिवार के कुचक्र में फंस गए हैं. रिमोट से चलते हैं. देश की जनता को ऐसा नेतृत्व चाहिए, जो पाकिस्तान को और आतंकवाद को जवाब दे सके.
आगे ओपी ने कहा, नक्सलवाद के खिलाफ मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में हमारी पूरी सरकार, गृहमंत्री के साथ सभी लोग बहुत मेहनत कर रहे हैं. नक्सलवाद को समाप्त कर, अमन चैन स्थापित कर विकास का एक सुनहरा अध्याय लिखने के लिए बस्तर एक नई करवट ले रहा है. ऐसी स्थिति में अगर कोई विषय है तो कांग्रेस के लोगों ने राजनीति करके वोट लेने की कोशिश नहीं करनी चाहिए. सरकार हमारे आदिवासी भाई-बहनों के बस्तर के लिए पूरी तरह से समर्पित होकर काम कर रही है. सरकार का साथ देना चाहिए.
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने नौकरियों को लेकर कहा कि कांग्रेस की तुलना में भाजपा की सरकार में ज्यादा भर्तियां होंगी. सभी विभाग अपने-अपने तरीके से इन प्रक्रियाओं को आगे बढ़ाएंगे. मैं इतना कह सकता हूं कि 5 साल जो कांग्रेस के रहे वह छत्तीसगढ़ के अन्य के साथ अन्याय और धोखा होते रहे, उन्होंने हर जगह या तो भर्तियां रोकी हैं. जहां थोड़ी-थोड़ी भर्ती हुई, वहां पर भारी भ्रष्टाचार किया गया. आज इसीलिए हमने सीबीपीएससी भर्ती में सीबीआई जांच का तत्काल नोटिफिकेशन करवाया है.
आप इतने बेबस क्यों हैं? गृह विभाग नहीं संभल रहा तो छोड़ क्यों नहीं देते, दीपक बैज का गृहमंत्री विजय शर्मा को पत्र
रायपुर। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने प्रदेश के उपमुख्यमंत्री व गृहमंत्री विजय शर्मा को एक पत्र लिखा है जिसमें विजय शर्मा द्वारा पीडिया मुठभेड़ मामले में कांग्रेस के जांच दल द्वारा उठाए गए तथ्यों पर आपत्ती व्यक्त करने को लेकर ढेर सारी बातें लिखी हैं। पत्र में लिखा है कि बस्तर में शांति के लिए उपमुख्यमंत्री जी आप जितने चिंतित हैं उतना ही चिंतित कांग्रेस पार्टी भी है, कांग्रेस पार्टी ने बस्तर में शांति बहाली के लिए सरकार के हर कदम के साथ खड़ी है लेकिन यह प्रयास बस्तर के मासूम आदिवासियों की जिंदगी के शर्त पर हो यह हमें मंजूर नहीं। पत्र में यह भी बताया गया कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के प्रयास से बस्तर में शांति स्थापना की शुरुआत हुई थी जिसके कारण 80% नक्सली गतिविधियां कम हो गई थी, वर्तमान सरकार ने उस पर अविश्वास क्यों जताया? बस्तर में पूर्ववर्ती कांग्रेस की सरकार ने मूलभूत सुविधाएं पहुंचाई, वन अधिकार पट्टे, सामुदायिक वन अधिकार पट्टे बाँटकर उनमें एक नया भरोसा पैदा किया।
15 सालों तक भाजपा के रमन राज में हुए फर्जी एनकाउंटर से आदिवासियों का भरोसा डीगा था, जंगल में रहने वाला हर आदिवासी नक्सली है यह सोच घातक है इसी सोच का परिणाम था कि हजारों निर्दोष आदिवासी जेल में वर्षों तक बंद रहे। कांग्रेस सरकार ने उनको रिहा करने के लिए जस्टिस पटनायक की कमेटी बनाकर रिहाई का मार्ग प्रशस्त किया था।
पत्र में दीपक बैज ने लिखा कि गृह मंत्री जी कभी आप नक्सलियों से सुझाव मांगते हैं, कभी नक्सलियों के घर जाकर लाल भाजी खाने का प्रस्ताव रखते हैं तो कभी हाथ जोड़कर विपक्ष से सुझाव मांगते हैं। आप इतने बेबस क्यों हैं? गृह विभाग नहीं संभल रहा तो छोड़ क्यों नहीं देते।

