रायपुर। राजधानी रायपुर के फाफाडीह स्थित गली नंबर 01 में स्थित चांडक कॉम्प्लेक्स के आधुनिक किराया भंडार के गोदाम में बुधवार देर रात भीषण आग लग गई. आगजनी इतनी भयानक थी, कि आग पर काबू पाने के लिए नगर निगम और निजी दमकल विभाग के 15 दमकल वाहनों को 7 घंटे से अधिक समय लगे. दमकल वाहनों ने करीब 50 से ज्यादा फेरे लगाए जिसके बाद जाकर आग पर पूरी तरह से काबू पाया जा सका. यह पूरी घटना रायपुर के देवेंद्र नगर थाना क्षेत्र की है, जहां देर रात तक दमकल कर्मियों द्वारा आग बुझाने का काम चलता रहा. फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर आग लगने के कारण का पता लगाने में जुटी हुई है.
दमकल कर्मियों को चिल्डिंग में भी करना पड़ा संघर्ष
आग की सूचना मिलने के बाद दमकल विभाग के कर्मचारी घटनास्थल पर पहुंचे, लेकिन सकरी गलियों और वाहनों की अराजक पार्किंग के कारण वाहनों को अंदर ले जाने में काफी कठिनाई हुई. हालांकि, तीन दमकल वाहनों को इलाके को ठंडा करने के लिए तैनात किया गया था, ताकि आग और न फैल सके. राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है.
कबाड़ का सामान जलकर हुआ खाक
गोदाम में रखे पुराने कबाड़ के सामान में आग लगने के कारण काफी नुकसान हुआ. आग ने गोदाम के अधिकांश हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया और सभी सामान जलकर राख हो गए.
रिहायशी इलाके में आगजनी पर सवाल खड़े
यह घटना एक रिहायशी इलाके में स्थित कमर्शियल गोदाम में हुई, जिससे शहर के सिस्टम पर कई सवाल खड़े हो गए हैं. ऐसे इलाके में इस तरह की आगजनी ने सुरक्षा और नगर नियोजन पर गंभीर चिंताएं उत्पन्न की हैं. आग लगने के कारण का अभी तक पता नहीं चल पाया है, और पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है.
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने देश के पूर्व उपप्रधानमंत्री भारतरत्न लालकृष्ण आडवाणी को उनके जन्मदिन 8 नवंबर के अवसर पर उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी है। मुख्यमंत्री श्री साय ने देश के लिए श्री आडवाणी के योगदान को याद करते हुए कहा है कि आडवाणी सशक्त तथा समृद्ध भारत की संकल्पना का अटूट समर्थन करने वाले व्यक्ति के रूप में जाने जाते हैं। उन्होंने उपप्रधानमंत्री के पद पर आसीन रहते हुए देश को आगे ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। भारतीय संसद में सांसद के रूप में अपनी भूमिका के उत्कृष्ट निर्वहन के लिए उन्हें उत्कृष्ट सांसद पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आडवाणी ने श्री राममन्दिर आन्दोलन को आगे बढ़ाया और सोमनाथ से अयोध्या के लिए रथयात्रा निकाली। उनके प्रयासों का सुखद परिणाम है कि आज लगभग 500 वर्षों बाद श्रीरामलला अपने मंदिर में विराजमान हैं। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आडवाणी के देश हित में उल्लेखनीय योगदान के लिए इस वर्ष उन्हें भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारतरत्न से सम्मानित किया गया है।
उन्होंने अपने बधाई संदेश में लालकृष्ण आडवाणी के दीर्घायु और स्वस्थ जीवन की कामना की है।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल पर रबि फसलों को बढावा देने के लिए इस वर्ष 19.25 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में विभिन्न रबि फसलों की बोनी का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके विरूद्ध अब तक 2.16 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं, चना, मटर, मक्का, अलसी सहित विभिन्न रबि फसलों की बोनी हो चुकी हैं, वहीं 0.14 लाख क्विंटल बीज और 0.35 लाख मीट्रिक टन रासायनिक खाद का वितरण किया जा चुका है।
कृषि विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर वर्ष 2024-25 में रबि फसलों को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इस वर्ष विभिन्न रबि फसलों की बोनी के लिए 19.25 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में विभिन्न रबि फसलों की बोनी का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके विरूद्ध अब तक 2.16 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं, चना, मटर, मक्का, अलसी सहित विभिन्न रबि फसलों की बोनी हो चुकी हैं, जो लक्ष्य का 11 प्रतिशत है। जबकि पिछले वर्ष के लिए 19.19 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में रबि फसलों की बोनी का लख निर्धारित किया गया था।
अधिकारियों ने बताया कि रबि वर्ष 2024-25 के लिए 2.89 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज वितरण का लक्ष्य रखा गया है, जिसके विरूद्ध 0.50 लाख क्विंटल बीज का भण्डारण कर 0.14 लाख क्विंटल बीज का वितरण किया गया है जो कुल भंडारण का 28 प्रतिशत है। इसी प्रकार इस वर्ष 4.65 लाख मीट्रिक टन खाद वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसके विरूद्ध 3.49 लाख मीट्रिक टन भंडारण कर 0.35 लाख मीट्रिक टन खाद वितरण किया जा चुका है जो कुल भंणारण का 10 प्रतिशत है।
रायपुर। 13 नवंबर को होने वाले उपचुनाव को लेकर भाजपा कोई कोर कसर नहीं छोड़ना चाहती इसी क्रम में गुरुवार को राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने पुरानी बस्ती क्षेत्र उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने लाखे नगर क्षेत्र में , राजेश मुराद ने मोरेश्वर राव गदरे वार्ड के साथ अजय चंद्राकर, मोतीलाल साहू, पुरंदर मिश्रा, मैं सुनील सोनी के समर्थन में रायपुर दक्षिण के विभिन्न वार्डों में सघन जनसंपर्क किया।
रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने भाजपा उम्मीदवार सुनील सोनी के पक्ष में मोरेश्वर राव गद्रे वार्ड और शहीद चन्द्रशेखर आजाद वार्ड में सघन जनसंपर्क अभियान चलाया। आज के रोड शो की शुरुवात संतोषी नगर चौक से हुई जहां हजारों की संख्या में उपस्थित भाजपा कार्यकर्ता, समर्थक और स्थानीय लोगों ने बृजमोहन अग्रवाल और सुनील सोनी का जोरदार स्वागत किया। जिसके बाद गाजे बाजे के बाद रोड शो की शुरुवात हुई और चक्रधारी मोहल्ला-नहरपार पर समापन हुआ। यहां बृजमोहन अग्रवाल ने उप चुनाव कार्यालय उद्घाटन भी किया। इस दौरान जनता को संबोधित करते हुए बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि, छत्तीसगढ़ का निर्माण, परम श्रद्धेय भारत रत्न अटल बिहारी बाजपेई के अथक प्रयासों का नतीजा है।
भाजपा सरकार ने छत्तीसगढ़ को देश के तेजी से विकसित होने वाले राज्यों में शामिल करने का गौरव दिलाया है। विकास को अपना मूल मंत्र मानते हुए काम करती है। सुनील सोनी ने महापौर और सांसद रहते हुए रायपुर के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। क्षेत्र की सम्मानित जनता से अनुरोध है कि, आप लोग इस बार सुनील सोनी को विधानसभा में रायपुर दक्षिण का प्रतिनिधित्व करने का अवसर दें। वो राज्य सरकार से और मैं दिल्ली के माध्यम से क्षेत्र को नंबर वन बनाने का काम करेंगे। आप सभी से जैसे मुझे आशीर्वाद दिया वैसे इस बार सुनील सोनी को समर्थन देकर विजयी बनाएं।
आज का जनसंपर्क अभियान दुर्गा पारा-दुर्गा मंदिर-पिंजा यादव के घर से होकर बबला निवास- राबादुकान, साई मंदिर- शुक्ला निवास-प्रगति विहार मंदिर चौक, शीतला मंदिर मेन रोड-कैलाशपति मंदिर गार्डन रोड-श्रीराम मैदान (उत्कल मैदान)- शिवनगर उत्कल चौक, सतनाम भवन मैदान, श्रद्धानंद स्कूल पहुंचा। जिसके बाद रोड शो शहीद चन्द्रशेखर आजाद वार्ड में भैरव नगर मेन रोड, भैरव बाबा मंदिर चौक-चौरसिया कॉलोनी सिमरन सिटी चौक सहाड़ा देव चौक, शीतला मंदिर चौक, साहू कॉम्पलेक्स, नहर चौक चक्रधारी मोहल्ला-नहरपार पर समापन हुआ।
रायपुर। केन्द्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी 8 नवम्बर से रायपुर में आयोजित भारतीय सड़क कांग्रेस के 83वें वार्षिक अधिवेशन का शुभारंभ करेंगे। रायपुर के साइंस कॉलेज परिसर में 8 नवम्बर से 11 नवम्बर तक इसका आयोजन किया गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उप मुख्यमंत्री अरुण साव भी 8 नवम्बर को शाम साढ़े चार बजे आयोजित अधिवेशन के शुभारंभ कार्यक्रम में शामिल होंगे। चार दिनों तक चलने वाले भारतीय सड़क कांग्रेस के अधिवेशन में सड़क निर्माण और सड़क सुरक्षा से जुड़े देशभर के दो हजार से अधिक विशेषज्ञ, वैज्ञानिक, अभियंता और अधिकारी शामिल होंगे। अधिवेशन के शुभारंभ कार्यक्रम में सड़क निर्माण तकनीक और सामग्री से संबंधित तीन गाइडलाइन्स और एक मैनुअल भी जारी किए जाएंगे।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने आज शाम साइंस कॉलेज परिसर में भारतीय सड़क कांग्रेस के 83वें वार्षिक अधिवेशन के तहत आयोजित तकनीकी प्रदर्शनी का शुभारंभ किया। उन्होंने प्रदर्शनी का भ्रमण कर सड़क निर्माण, सड़क सुरक्षा, निर्माण सामग्री और सड़कों के रखरखाव से जुड़ी मशीनरी व उपकरणों की निर्माता तथा आपूर्तिकर्ता कंपनियों के प्रतिनिधियों से इनकी जानकारी ली। विभिन्न कंपनियों द्वारा यहां लगाए गए स्टॉल्स मंर सड़क निर्माण से संबंधित तकनीकी मटेरियल्स, डिजाइन, टेक्नोलॉजी इत्यादि का प्रदर्शन आगामी चार दिनों तक किया जाएगा।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने आज आयोजन स्थल पर प्रेस-कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए बताया कि भारतीय सड़क कांग्रेस (IRC) सड़क एवं सेतु निर्माण से संबंधित मानक एवं गाइडलाइन्स निर्धारित करने वाली देश की सर्वोच्च संस्था है। आईआरसी में भारत सरकार, सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, एन.एच.ए.आई.डी.सी.एल., बी.आर.ओ., मिलिट्री इंजीनियरिंग सर्विसेस, एन.आर. आई.डी.ए., ग्रामीण विकास मंत्रालय, शहरी विकास मंत्रालय, सभी राज्यों के लोक निर्माण विभाग, ग्रामीण सड़क निर्माण विभाग, पब्लिक सेक्टर, प्राइवेट सेक्टर, रिसर्च आर्गेनाइजेशन्स के इंजीनियर्स की सोसायटी आदि शामिल हैं।
श्री साव ने प्रेस-कॉन्फ्रेंस में बताया कि आईआरसी का मुख्य उद्देश्य सड़क निर्माण, सेतु निर्माण एवं यातायात से संबंधित मानकों का निर्धारण करना तथा निर्माण संबंधी गाइडलाइन्स एवं मैन्युअल तैयार करना, समय-समय पर उनका पुनरीक्षण करना, देश-विदेश में आ रही सड़क निर्माण की नई तकनीकों एवं सामग्रियों का अध्ययन कर देश में लागू करने के लिए मानक तैयार करना है। आईआरसी द्वारा जारी किए गए मानकों एवं गाइडलाइन्स के अनुसार ही भारत सरकार एवं अन्य सड़क निर्माण विभाग सड़क निर्माण करते हैं। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के बाद पहली बार यहां आईआरसी का वार्षिक अधिवेशन हो रहा है जो कि प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता के.के. पीपरी और भारतीय सड़क कांग्रेस के महासचिव एस.के. निर्मल ने भी प्रेस-कॉन्फ्रेंस में अधिवेशन के बारे में जानकारी दी। लोक निर्माण विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह भी इस दौरान मौजूद थे।
आईआरसी के चार दिवसीय अधिवेशन के दौरान विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों, अभियंताओं और अधिकारियों के बीच विभिन्न बैठकों, परिचर्चाओं, तकनीकी सत्रों और दस्तावेजों पर चर्चा होगी। इस दौरान आयोजित हाइवे रिसर्च बोर्ड की बैठक में भारत सरकार, राज्य सरकार, रिसर्च इंस्टीट्यूट एवं शैक्षणिक संस्थानों, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों एवं प्राइवेट सेक्टर के प्रतिनिधि सड़क निर्माण से संबंधित अनुसंधान एवं विकास के संबंध में रोड मैप तैयार करेंगे। अधिवेशन के चारों दिन अलग-अलग तकनीकी सत्रों में विभिन्न संस्थानों, शासकीय विभागों और निजी क्षेत्र से आए इंजीनियर्स अपना प्रस्तुतीकरण देंगे। अधिवेशन के दौरान आईआरसी की बिजनेस मीटिंग और काउंसिल मीटिंग भी आयोजित है। 8, 9 एवं 10 नवम्बर को शाम को सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे। अधिवेशन में शामिल होने आए देशभर के प्रतिनधियों को छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक वैभव, पुरातत्व, पर्यटन, पौराणिक और धार्मिक महत्व से जुड़े स्थलों का भ्रमण भी कराया जाएगा।
रायपुर। पूर्व सांसद और भाजपा प्रत्याशी सुनील सोनी ने अरविन्द दीक्षित वार्ड, मोरेश्वर राव गद्रे वार्ड और शहीद चंद्रशेखर आजाद वार्ड में जनसंपर्क किया। इस दौरान विभिन्न स्थानों पर छठ पूजा के कार्यक्रम में भी शामिल हुए तथा छठी मइया और सूर्य देव से सबके सुख-समृद्धि की कामना की।
जनसंपर्क के दौरान क्षेत्र के लोगों में भी काफी उत्साह देखने को मिला, भाजपा के कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में क्षेत्र के लोग भी जनसंपर्क में शामिल हुए। इस दौरान भाजपा प्रत्याशी सुनील सोनी ने कहा कि रायपुर दक्षिण की जनता ने हमेशा भाजपा को अपना आशीर्वाद दिया है और लंबे समय से क्षेत्र में कमल खिलता रहा है और इसी का परिणाम है कि रायपुर दक्षिण आज विकास के मामले में किसी से पीछे नहीं है और अब एक बार फिर रायपुर दक्षिण की जनता क्षेत्र में कमल खिलाने के लिए उत्साहित है, इस बार रायपुर दक्षिण को 2 विधायक मिलने जा रहे हैं जिससे रायपुर दक्षिण के विकास की रफ़्तार भी दोगुनी होगी।
इसके साथ ही भाजपा प्रत्याशी सुनील सोनी ने पूर्व राज्यसभा सांसद गोपाल व्यास के निधन पर दुःख जताते हुए कहा कि पूर्व राज्यसभा सांसद गोपाल व्यास के निधन का समाचार अत्यंत पीड़ादायक है। उन्होंने आजीवन जनसेवा के कार्य किए, लोकतंत्र सेनानी के रूप में वे मीसाबंदी भी रहे, उनका जाना हम सब के लिए अपूरणीय क्षति है। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति व शोकाकुल परिजनों को धैर्य व संबल प्रदान करें। साथ ही उन्होंने गोपाल व्यास के पार्थिव शरीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दिया।
आरंग। रायपुर के आरंग क्षेत्र से लगे महानदी पर रेत के अवैध कारोबार में लगे खनन माफियाओं पर इन दिनों खनिज विभाग की कड़ी नजर है. वहीं गुरुवार को अवैध रेत खनन पर रोक लगाने के लिए खनिज विभाग ने बड़ी कार्रवाई की. खनिज विभाग, राजस्व विभाग आरंग और पुलिस प्रशासन के सहयोग से मुखबिर की सूचना पर ग्राम गुदगुदा में छापेमारी कर पनडुब्बी नुमा मशीन, नाव, चैन माउंटिंग मशीन और एक हाइवा वाहन जब्त किया है.
जानकारी के अनुसार, गुदगुदा गांव के ग्रामीणों द्वारा विरोध के बाद भी माफियाओं द्वारा रेत का अवैध खनन किया जा रहा था. महानदी से लगे ग्राम गुदगुदा डूबान क्षेत्र में आता है जिसके कारण नदी में हमेशा जलभराव रहता है. लेकिन खनन माफियाओं ने पनडुब्बी नुमा मशीन के माध्यम से पानी के अंदर से रेत निकालने का अवैध काम कर रहे थे. जानकारों की माने तो पनडुब्बी नुमा मशीन पानी के अंदर से रेत को बाहर फेंकता है जिसके बाद चैन माउंटिंग मशीन के माध्यम से रेत को वाहनों को भरा जाता है और परिवहन किया जाता है.
बता दें कि आरंग क्षेत्र में पनडुब्बी नुमा मशीन के माध्यम से रेत निकालने का यह दूसरा मामला है. इसके पहले गौरभाट रेत खदान से भी पनडुब्बी नुमा मशीन को जब्त किया गया था. मामला सामने आने के बाद से खनिज विभाग की टीम क्षेत्र का सघन दौरा कर अवैध खनन पर कार्रवाई कर रही है. कार्रवाई के दौरान खनिज विभाग से सहायक खनिज अधिकारी उमेश भार्गव, सुपरवाइजर सुनीलदत्त शर्मा, वीरेंद्र बेलचंदन, डीके साहू,राजू बर्मन, लुकेश वर्मा, गोलू वर्मा, केदार वर्मा, प्रेम कुर्रे और आरंग पुलिस के स्टाफ उपस्थित थे.
छठ पर्व हर परिस्थिति में संयम और धैर्य के साथ आगे बढ़ना सीखाता है : बृजमोहन अग्रवाल
रायपुर। रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल गुरुवार को राजधानी रायपुर के भैया तालाब प्रोफेसर कॉलोनी, खो खो पारा तालाब और महादेव घाट पर आयोजित विभिन्न छठ आयोजन के कार्यक्रमों में शामिल हुए उनके साथ रायपुर दक्षिण से भाजपा प्रत्याशी सुनील सोनी भी थे।
बृजमोहन अग्रवाल ने सभी श्रद्धालुओं को छठ पर्व की बधाई देते हुए कहा कि, छठ महापर्व वास्तव में सूर्य उपासना का एक अनोखा पर्व है, जो अस्तगामी सूर्य से शुरू होकर उर्ध्वगामी सूर्य तक चलता है। यह पर्व इसलिए विशेष है क्योंकि इसमें डूबते सूर्य की भी पूजा की जाती है। यह हमें यह संदेश देता है कि जीवन में उतार-चढ़ाव का आना-जाना स्वाभाविक है। जिस प्रकार सूर्य अस्त होता है और फिर से उदय होता है, उसी प्रकार हमारे जीवन में भी कठिनाइयाँ आती हैं, लेकिन एक नई शुरुआत की संभावना भी रहती है। यह पर्व हमें सिखाता है कि हमें हर परिस्थिति में संयम और धैर्य रखना चाहिए और सकारात्मकता के साथ आगे बढ़ना चाहिए।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज शाम यहां राजधानी रायपुर के महादेव घाट पर आयोजित छठ महापर्व कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सभी को छठ पर्व की शुभकामनाएं दी और कहा कि सूर्य आराधना छठ पूजन मानव को प्रकृति से जोड़ने का पर्व है। मुख्यमंत्री श्री साय खारुन नदी तट पर छठी मैया की मंगल आरती में भी शामिल हुए। कार्यक्रम का आयोजन छठ पर्व आयोजन समिति महादेव घाट द्वारा किया गया।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि छठ महापर्व के इस कार्यक्रम में आकर मैं स्वयं को बहुत सौभाग्यशाली अनुभव कर रहा हूँ। इस भव्य आयोजन के लिए मैं आयोजन समिति को बहुत बहुत बधाई देता हूँ। छठ महापर्व की प्रतीक्षा उपासक वर्ष भर करते हैं। इस महापर्व पर दूर-दूर से लोग चाहे कहीं भी रह कर काम कर रहे हों, वे छठ पूजा में शामिल होने पहुंचते हैं। सरकार के द्वारा भी छठ पर विशेष रेल आदि परिवहन की व्यवस्था की जाती है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सूर्य भगवान की उपासना के इस पर्व में कठिन व्रत रखा जाता है। हमारी माताएं-बहनें निर्जला उपवास रखती हैं। छठ महापर्व हमें प्रकृति से भी जोड़ता है। नदी, तालाब आदि जल-स्त्रोत के करीब घाटों पर छठ की पूजा होती है, इस तरह इस पर्व में हम प्रकृति के समीप पहुंचते हैं। छठ पर्व पर हमें नदी और तालाब जैसे हमारे जल-स्त्रोतों के भी संरक्षण और संवर्धन का संकल्प लेना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं आज दिवंगत गायिका शारदा सिन्हा को भी श्रद्धांजलि देना चाहूंगा। उनके छठ गीतों को हमारी पूरी पीढ़ी ने सुना है। मैं छठी मैया और सूर्य भगवान से सभी छत्तीसगढ़ वासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना करता हूँ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि जिन पंचमहाभूतों से हमारे शरीर का निर्माण हुआ है उनकी पूजा इस पर्व में होती है। छठ महापर्व ऐसा पर्व है जिसमें उगते सूर्य के साथ अस्त होते सूर्य को भी अर्घ्य दिया जाता है। सभी के ऊपर छठी माई की कृपा बनी रहे।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि पिछले 10-15 सालों से महादेव घाट समिति द्वारा लगातार छठ पूजा का आयोजन किया जा रहा है। छठ में अस्त होते सूर्य की आराधना हमें जीवन जीने का तरीका सिखाती है। इस पर्व का संदेश है कि जीवन में आने वाले उतार-चढ़ाव से हमें कभी परेशान नहीं होना चाहिए। मैं सभी को छठ की बहुत-बहुत बधाई एवं शुभकामनाएं देता हूं।
इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, सांसद बृजमोहन अग्रवाल, विधायक पुरन्दर मिश्रा, संपत अग्रवाल, अनुज शर्मा, पूर्व सांसद सुनील सोनी, स्वामी श्री राजीवलोचन जी महाराज, रामप्रताप सिंह, संजय श्रीवास्तव, पंकज शर्मा, छठ समिति महादेव घाट के सदस्यगण व बड़ी संख्या में उपासक उपस्थित रहे।
रायपुर। भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी 08 नवम्बर को शाम 05 बजे राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित इंडियन रोड कांग्रेस के 83वें वार्षिक अधिवेशन में शामिल होंगे।
केन्द्रीय मंत्री श्री गडकरी अपरान्ह 3.45 बजे गोंदिया से विमान द्वारा रवाना होकर शाम 4.15 बजे स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट रायपुर पहुंचेंगे और शाम 5 बजे साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित इंडियन रोड कांग्रेस के 83वें वार्षिक अधिवेशन में शामिल होंगे। श्री गडकरी स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट रायपुर से रात्रि 7.15 बजे नागपुर के लिए रवाना होंगे।
रायपुर। पूर्व राज्यसभा सांसद एवं प्रख्यात समाजसेवी गोपाल व्यास को आज राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। उनके निधन के बाद रायपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान एम्स रायपुर में उनके पार्थिव शरीर को चिकित्सा अनुसंधान और शिक्षा के लिए उनकी इच्छा के अनुरूप दान किया गया।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज पूर्व राज्यसभा सांसद गोपाल व्यास को उनके निवास में पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित की। एम्स परिसर में पूर्व राज्यपाल रमेश बैस ने पूर्व सांसद गोपाल व्यास को श्रद्धांजलि दी। उपमुख्यमंत्री अरूण साव ने गोपाल व्यास को अंतिम दर्शन में भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और कहा कि श्री व्यास ने बहुत सारे अनुकरणीय कार्य किए है। हम सभी प्रयास करेंगे कि उनके बताए रास्ते पर चलें और उनका पूरा जीवन प्रेरणादायी रहा है। उप मुख्यमंत्री श्री साव ने श्री गोपाल व्यास को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की। सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने पूर्व राज्यसभा सांसद गोपाल व्यास को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि श्री व्यास बहुत ही सज्जन थे। उनका जाना बहुत ही दुखद है। श्रद्धांजलि कार्यक्रम में राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा, सांसद बृजमोहन अग्रवाल, पूर्व मंत्री एवं विधायक राजेश मूणत, विधायक अनुज शर्मा, विधायक गुरू खुशवंत साहेब, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल, पूर्व विधायक अरुण वोरा, पवन साय, नारायण नामदेव, छत्तीसगढ़ हिंदी ग्रंथ अकादमी के पूर्व अध्यक्ष शंशाक शर्मा, कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह, नगर निगम आयुक्त अविनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ विश्वदीप उपस्थित थे।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कैबिनेट बैठक में लोकतंत्र सेनानी को उनकी मृत्यु पर राजकीय सम्मान देकर विदाई देने का निर्णय लिया है। निर्णय के परिपालन में कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह द्वारा राजकीय सम्मान के साथ लोकतंत्र सेनानी गोपाल व्यास की अंतिम विदाई की व्यवस्था की गई।
पिथौरा। महासमुंद जिले के सरायपाली क्षेत्र में अवैध रेत परिवहन पर राजस्व विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है. SDM नम्रता चौबे के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम ने अवैध रेत परिवहन में शामिल 3 हाइवा और 8 ट्रैक्टर को जब्त किया है.
राजस्व विभाग ने क्षेत्र में अवैध रेत परिवहन पर लगाम कसने के लिए चौकसी बढ़ा दी है. वहीं अवैध परिवहन को रोकने के लिए देर रात से सुबह तक SDM के साथ पटवारियों की टीम ने अभियान चलाया और रेत परिवहन में लगे कुल 11 वाहनों को जब्त किया.
बता दें कि IAS नम्रता चौबे के सरायपाली SDM पद के प्रभार के बाद से ही अवैध गतिविधियों, जैसे झोलाछाप डॉक्टर, अवैध शराब बिक्री और अवैध रेत तस्करी के मामलों पर कड़ी कार्रवाई की जा रही है. एसडीएम की लगातार कार्रवाई से अवैध कामों में संलिप्त लोगों में हड़कंप मच गया है.
रायपुर। छत्तीसगढ़ के रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, सरगुजा, राजनांदगांव समेत कई जिलों में छठ के तीसरे दिन आज व्रती महिलाओं ने डूबते सूर्य को अर्घ्य दिया. रायपुर के महादेव घाट समेत सभी जिलों में छठ घाटों पर व्रती महिलाओं ने सूर्य की उपासना कर अर्घ्य दिया।
रायपुर के महादेव घाट पर व्रती महिलाओं की भारी भीड़ रही. व्रतियों ने गुड़ की खीर और रोटी बनाकर छठ मैया को भोग लगाया. फिर रोटी-खीर को प्रसाद के रूप में लोगों काे बांटा. शुक्रवार की सुबह उगते सूर्य की पूजा और प्रसाद खाकर छठ व्रती महिलाएं 36 घंटे का उपवास पूरा करेंगी.
गायक ने छग गीतों से बांधा समां
छठ पर्व पर महादेव घाट और लक्ष्मण झूले को लाइटों से सजाया गया है, जो आकर्षण का केंद्र बना हुआ है. वहीं सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. इस मौके पर गायक ने छ्ठ गीतों से समां बांधा.
रायपुर। अटल नगर नवा रायपुर स्थित पंडित श्यामाप्रसाद मुखर्जी व्यावसायिक परिसर में आयोजित 24 वां राज्योत्सव में आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग की स्टॉल लोगों के लिए विशेष आकर्षण का केन्द्र रहा है। राज्योत्सव प्रारंभ होने के साथ ही लोगों की भारी भीड़ आदिम जाति विकास विभाग की स्टॉल पर देखने को मिला। वहीं दूसरे दिन मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भी विभागीय स्टॉल का अवलोकन कर प्रशंसा की। इस दौरान उन्होंने स्टॉल में बनाए गए सेल्फी जोन में परिवार संग एक फोटो भी खिचवाई। प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने उनका अभिवादन करते हुए उन्हें प्रदर्शनी के थीम के बारे में विस्तार से बताया।
उल्लेखनीय है कि विभागीय मंत्री रामविचार नेताम के निर्देश के अनुसार इस बार की झांकी ’’जनजातीय गौरव शौर्य और संस्कृति का बखान’’ थीम पर बनाई गई थी। प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा एवं सचिव सह आयुक्त नरेन्द्र कुमार दुग्गा स्वयं पूरे स्टॉल की मॉनीटरिंग कर रहे हैं। स्टॉल की खूबसूरती, जनजातीय शौर्य एवं जनजातीय संस्कृति का जीवंत प्रदर्शन के कारण प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग इसे देखने पहुंच रहे थें।
स्टॉल में स्वतंत्रता काल के दौरान छत्तीसगढ़ में हुए जनजातीय विद्रोहों की एक झलक दिखाई गई है, जो कि जनजातीय शौर्य को दर्शाती है। साथ ही जनजातीय समृद्ध संस्कृति को भी झांकी के माध्यम से प्रदर्शित किया गया। इसके अलावा जनजातियों के परंपरागत आभूषणों एवं विभागीय योजनाओं को भी फ्लैक्स के माध्यम से बखूबी प्रदर्शित किया गया। साथ ही आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान द्वारा जनजातीय क्षेत्र में किए गए शोध प्रकाशन को भी अवलोकन हेतु प्रदर्शित किया गया। आमजन को आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा चलाई जा रही विभागीय गतिविधियों की जानकारी देने के लिए विभागीय योजनाओं का ब्रोशर भी स्टॉल से उपलब्ध कराया गया। स्टॉल पर जनजातीय गौरव दिवस तथा धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान को सेल्फी जोन के माध्यम से प्रदर्शित किया गया है। स्टॉल में आने वाले लोग उक्त सेल्फी जोन अंतर्गत लिखी हुई जानकारी से जहां उक्त अभियान की जानकारी प्राप्त कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर सेल्फी जोन में जाकर फोटो खिंचवाकर इस पल को यादगार बना रहे हैं।
रायपुर। भगवान बिरसा मुण्डा की जयंती जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर 14 एवं 15 नवंबर को राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज परिसर में राज्य स्तरीय भव्य आयोजन किया जाएगा। विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी कलेक्टरों, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों और आदिम जाति विकास विभाग के सहायक आयुक्तों को सभी आवश्यक तैयारी करने निर्देश दिए हैं। गौरतलब है कि आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम के मार्गदर्शन में इस वर्ष जनजातीय गौरव दिवस को प्रदेश में व्यापक रूप से कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि जनजातीय गौरव दिवस, आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के योगदान और बलिदानों को सम्मानित करने तथा आमजन एवं भावी नागरिकों को उनके बलिदान से प्रेरणा लेने के लिए मनाया जाता है। वर्ष 2021 को केन्द्रीय मंत्रिमंडल द्वारा 15 नवंबर को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के उपलक्ष्य में इसे जनजातीय गौरव दिवस घोषित किया था, तभी से प्रतिवर्ष 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाया जा रहा है।
राज्य स्तर पर जनजातीय गौरव दिवस के व्यापक आयोजन के संबंध में प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा द्वारा जिला स्तरीय अधिकारियों को वीडियो कांफ्रेंसिग के माध्यम आयोजन की आवश्यक तैयारियों के संबध में निर्देशित किया गया है। श्री बोरा ने बताया कि जनजातीय गौरव दिवस का राज्य स्तरीय आयोजन 14 एवं 15 नवंबर को राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज परिसर में होगा। कार्यक्रम आदिम जाति विकास विभाग एवं आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान के मुख्य निर्देशन में किया जायेगा।
श्री बोरा ने बताया कि कार्यक्रम का थीम ’’सामाजिक, आर्थिक विकास, आजीविका एवं उद्यमिता, कला-संस्कृति एवं धरोहर, शिक्षा और कौशल विकास, स्वास्थ्य एवं जीवन शैली’’ है। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आदिवासियों के हितों का संरक्षण एवं संवर्धन करना है। इसमें राज्य के 17 विभाग और 25 योजनाओं को शामिल किया गया है। इस आयोजन में राज्य स्तर पर संचालन समिति के लिए प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा की अध्यक्षता में समिति गठित की गई है एवं क्रियान्वयन समिति मुख्यालय स्तर पर आयुक्त, आदिम जाति विकास की अध्यक्षता में 17 सदस्यीय क्रियान्वयन समिति का गठन किया गया है।
उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ एक आदिवासी बाहुल्य राज्य है जनगणना 2011 के अनुसार कुल जनसंख्या का लगभग 30.62 प्रतिशत आदिवासी निवास करते हैं। इसके अलावा राज्य में 43 प्रमुख जनजातियां एवं 162 उप जातियां हैं। इस कार्यक्रम के माध्यम से जनजातीय महापुरूषों के कार्यों तथा बलिदान के गौरवपूर्ण स्मरण के साथ ही आदिवासियों के हितों का संरक्षण एवं इन्हें प्रोत्साहित करने का अवसर मिलेगा। इस हेतु जिला स्तर पर भी कार्यकम आयोजित किये जाएंगे एवं राज्य स्तर पर भी वृहद रूप से विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
रायपुर। 6 नवम्बर 2024 को हाईकोर्ट बिलासपुर में डीएड पक्ष की ओर से सरकार के विरुद्ध दाखिल किए गए कंटेम्प्ट केस की सुनवाई हुई. न्यायाधीश नरेंद्र कुमार व्यास ने कहा कि किसी की नौकरी छीनना किसी समस्या का समाधान नहीं है. उन्होंने सरकार को बीएड प्रशिक्षित नवनियुक्तों को वर्ग-2 में शिक्षक पद पर समायोजित करने का सुझाव देते हुए कहा कि ये चयनित हैं, मिडिल स्कूल में शिक्षण की योग्यता रखते हैं और इन्हें 1 वर्ष शिक्षण का अनुभव भी प्राप्त है.
जस्टिस नरेंद्र कुमार व्यास ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने बीएड प्रशिक्षितों को प्राथमिक के लिए योग्य नहीं माना है, लेकिन माध्यमिक स्कूलों में शिक्षण के लिए ये योग्य हैं. इन 2900 सहायक शिक्षकों के प्रति सरकार की ज़िम्मेदारी है. सरकार के पास अपनी शक्तियां है, जिनका प्रयोग कर इनकी सेवा सुरक्षित रखी जा सकती है.
गौरतलब है कि 2 अप्रैल 2024 को हाईकोर्ट और 28 अगस्त 2024 को सुप्रीमकोर्ट के फैसले से लगभग 2900 बीएड प्रशिक्षित नवनियुक्त सहायक शिक्षकों की नौकरी ख़तरे में आ गई है. ये सभी सहायक शिक्षक बस्तर और सरगुजा सम्भाग के सुदूर अंचल में विगत एक वर्ष से अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अप्रत्याशित रूप से नियमों में बदलाव की वजह से इन पर पदमुक्ति का ख़तरा मंडरा रहा है. सभी बीएड प्रशिक्षित सहायक शिक्षकों ने पूर्व में भी वर्ग 2 (मिडिल) में समायोजन के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को विभिन्न शिक्षक संगठनों के माध्यम से ज्ञापन सौंपा है.
बीएड प्रशिक्षित सहायक शिक्षकों का कहना है कि सहायक शिक्षकों को शिक्षक पद पर समायोजित कर दिया जाए, क्योंकि पूरी प्रक्रिया में अभ्यर्थियों का कोई भी दोष नहीं है. आज सभी 3000 शिक्षक सहित पूरे परिवार की आजीविका इसी नौकरी पर आश्रित है. मामले की अगली सुनवाई 28 नवम्बर को होगी. हाईकोर्ट ने सरकार को इन बिंदुओं पर विचार करने कहा है.
बिलासपुर। भू अभिलेख शाखा से रिकार्ड गयाब होने के मामले में डिप्टी कलेक्टर जय उरांव को हाई कोर्ट की डबल बेंच से राहत मिली है. हाईकोर्ट की सिंगल बेंच के दो महत्वपूर्ण फैसले जिसमें सरकारी जमीन की अफरा-तफरा में हाथ काला करने वाले तब के अतिरिक्त तहसीलदार और वर्तमान में डिप्टी कलेक्टर व एक सरपंच के खिलाफ न्यायालयीन आदेश की अवहेलना के आरोप में नोटिस जारी कर जवाब मांगा था. इन दोनों फैसले पर जस्टिस रजनी दुबे व जस्टिस संजय कुमार जायसवाल की डिवीजन बेंच ने आगामी आदेश तक रोक लगा दी है. डिवीजन बेंच ने सिंगल बेंच के फैसले पर त्रुटि पाते हुए यह आदेश जारी किया है.
याचिकाकर्ता लक्ष्मी वैष्णव ने सिंगल बेंच के फैसले को चुनौती देते हुए अपील की है, मामले की सुनवाई के दौरान डिवीजन बेंच को बताया गया, कि सिंगल बेंच ने न्यायालयीन अवमानना का दोषी पाते हुए उसे सरपंच पद से हटाते हुए अमरिका बाई अजगले को ग्राम पंचायत का कार्यवाहक सरपंच नियुक्त करने का निर्देश जारी किया है. ऐसा आदेश या निर्देश न्यायालय की अवमानना अधिनियम के तहत पारित नहीं किया जा सकता है. याचिकाकर्ता को बहुमत से कार्यवाहक सरपंच के रूप में विधिवत चुना गया था और 16.01.2024 से वह बिना किसी चूक के अपने कर्तव्य का निर्वहन कर रही है. इसलिए 18.09.2024 को सिंगल बेंच द्वारा जारी विवादित आदेश के प्रभाव और संचालन पर अन्य पक्षों को नोटिस दिए जाने तक रोक लगाई जाए. इधर अमरिका बाई अजगले के अधिवक्ता ने याचिकाकर्ता की प्रार्थना का विरोध करते हुए कहा कि याचिकाकर्ता अवमानना मामले में पक्षकार नहीं है और अवमानना मामले में अवमाननाकर्ता ने 23.04.2024 को पारित सिंगल बेंच के आदेश का पालन नहीं किया है, इसलिए अवमानना न्यायालय ने सही ढंग से आदेश पारित किया है और यह अपील स्वीकार्य खारिज किए जाने योग्य है.
मामले में दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने के बाद डिवीजन बेंच ने अपने फैसले में लिखा है कि हमने दोनों पक्षों की दलील सुनी और कोर्ट द्वारा पारित 18.09.2024 के विवादित आदेश का भी अवलोकन किया है. अवमाननाकर्ता को सरपंच पद से हटाने का निर्देश जारी किया गया था और याचिकाकर्ता के अनुसार, वह जनवरी, 2024 से काम कर रही है. मामले में अंतरिम उपाय के रूप में, यह निर्देश दिया जाता है कि 18.09.2024 के आदेश का प्रभाव और संचालन सुनवाई की अगली तारीख तक स्थगित रहेगा.
वहीं डिप्टी कलेक्टर जय शंकर उरांव के अधिवक्ता ने डिवीजन बेंच से कहा कि याचिकाकर्ता उस समय उस पद पर तैनात नहीं था, जब सिंगल बेंच द्वारा 12.08.2024 को आदेश पारित किया गया था. यहां तक कि अवमानना मामले में 25.10.2024 को विवादित आदेश पारित करने के समय भी याचिकाकर्ता कहीं और पदस्थ था. सरकारी मजीन की हेरा-फेरी के संबंध में मुख्य आरोप संबंधित न्यायालय के रीडर के खिलाफ है कि उसने संबंधित रिकॉर्ड को गलत जगह रख दिया है. इसलिए याचिकाकर्ता को जवाबदेह नहीं ठहराया जा सकता. मामले में कोर्ट ने 25.10.2024 को अपीलकर्ता के खिलाफ जारी एफआईआर दर्ज करने के निर्देश को डिवीजन बेंच ने अगली सुनवाई तक प्रभाव और संचालन पर रोक लगा दिया है.
ये है पूरा मामला
पौंसरा की 2.15 एकड़ जमीन की खरीदी बिक्री 2013-14 में की गई थी. तब इसे लेकर जमकर विवाद हुआ था. विवाद सुलझने के बाद जमीन का नामांतरण कर दिया गया. नामांतरण आदेश में तात्कालीन अतिरिक्त तहसीलदार जय शंकर उरांव के हस्ताक्षर हैं. पेखन लाल शेंडे ने रजिस्ट्री के साथ ही नामांतरण आदेश के दस्तावेजों की प्रमाणित प्रतिलिपि उपलब्ध कराने की मांग करते हुए 31 अगगस्त 2024 को तहसीलदार बिलासपुर के समक्ष आवेदन पेश किया. लगातार स्मरण करने के बाद भी जब दस्तावेज नहीं उपलब्ध कराया गया. तो पेखन लाल शेंडे ने अधिवक्ता के माध्यम से हाई कोर्ट में याचिका लगाई. मामले की सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने तहसीलदार बिलासपुर को नोटिस जारी कर याचिकाकर्ता को पूरे प्रकरण के दस्तावेज उपलब्ध कराने कहा. कोर्ट के निर्देश के बाद भी याचिकाकर्ता को दस्तावेज नहीं मिले. इस मामले में कोर्ट ने एफआईआर दर्ज कराने का आदेश दिया था. जिसे लेकर अपील की गई थी, डीबी ने इस आदेश पर रोक लगाई है.
जगदलपुर। राज्य सरकार ने बस्तर के औद्योगिक विकास को गति देने के लिए जगदलपुर के नियानार गांव में 118 एकड़ भूमि के आवंटन की मंजूरी दे दी है. इस कदम से बस्तर क्षेत्र में सहायक उद्योगों की स्थापना को बल मिलेगा, खासकर नगरनार इस्पात संयंत्र के आसपास. इससे स्थानीय रोजगार में वृद्धि और क्षेत्रीय आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.
बस्तर चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (BCCI) ने लंबे समय से इस भूमि आवंटन की मांग की थी, जिसे अब मुख्यमंत्री के नेतृत्व में स्वीकार किया गया और केबिनेट की स्वीकृति भी मिल गई है. इस भूमि आवंटन से छोटे और मध्यम उद्योगों की स्थापना को सरल बनाने में मदद मिलेगी.
बीसीसीआई के अध्यक्ष श्याम सोमानी ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि यह कदम बस्तर में औद्योगिक और व्यवसायिक वातावरण को और सशक्त बनाएगा. उनका मानना है कि इससे न केवल स्थानीय व्यवसायों को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं को भी रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे. इसके साथ ही, बस्तर का औद्योगिक क्षेत्र और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था तेजी से विकास की दिशा में बढ़ेगी.