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निकाय चुनाव : कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ जारी किया आरोप पत्र, जानिए एक-एक कर पूरे 25 आरोप…
रायपुर। नगरीय निकाय चुनाव के मद्देनजर कांग्रेस ने प्रदेश की सरकार को दिशाहीन-अनिर्णय वाली रिमोट सरकार करार देते हुए 25 बिंदुओं पर आरोप पत्र जारी किया है. इसमें एक साल के कार्यकाल में प्रदेश की जनता के बदहाल होने और सत्ताधीश भाजपाइयों के मालामाल होने की बात कही गई है.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेंद्र साहू, पूर्व विधायक सत्यनारायण शर्मा, गुरुमुख सिंह होरा, अमितेश शुक्ला, कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला के साथ प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में प्रेस वार्ता के दौरान आरोप पत्र जारी किया. इसमें निकाय चुनाव में बिगड़ चुकी कानून व्यवस्था को बड़ा मुद्दा बताते हुए कहा कि इससे प्रदेश की आम आदमी डरी हुई है. हत्या, लूट, बलात्कार, चाकूबाजी के कारण राज्य का हर शहर असुरक्षित है. राजधानी से लेकर मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र तक गोलियां चल रही है. कानून व्यवस्था की स्थिति खराब हो गयी. एसपी-कलेक्टर कार्यालय जला दिया गया.
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि हत्याओं का नया रिकॉर्ड बन गया. प्रदेश में मॉब लिंचिंग शुरू हो गई. आरंग में दो लोगों की पीट-पीट कर हत्या हो गई. राजधानी में 5 बार गोली बारी हो गयी. गौ तस्करी की घटनायें शुरू हो गई. महिलाओं के प्रति अपराधों में बढ़ोतरी हो गई. पोटा केबिन में बच्ची की जलकर मौत, अबोध बच्ची मां बनी, वहीं नारायणपुर में मासूम बच्चियों से स्कूल में छेड़खानी हो गई. सरकार ने 1 साल में कोई घोषित नक्सल नीति नहीं बनाई.
जानिए क्या है आरोप पत्र
1. पिछले 1 साल में भाजपा की साय सरकार जनता की उम्मीदों पर विफल साबित हो चुकी है. सरकार से युवा, किसान, महिला, मजदूर, विद्यार्थी, अनुसूचित जाति, जनजाति हर वर्ग के लोग निराश है. सब सरकार से अपने आपको ठगा महसूस कर रहे है.
2. भाजपा की विष्णुदेव सरकार 1 साल में विफल साबित हो गई. राज्य में भ्रष्टाचार और कुशासन का दौर हावी है. साय सरकार के 1 साल में विष्णु का सुशासन तो दूर विष्णु की सरकार कही नहीं दिख रही.
3. स्थानीय निकायों में किये गये दोषपूर्ण आरक्षण नीति के कारण ओबीसी वर्ग के लोग सरकार से नाराज है.
4. 3100 रू. एकमुश्त एवं धान का बढ़ा हुआ समर्थन मूल्य 112 रू., कुल 3217 रू. नहीं मिलने से किसान हताश है.
5. सरकार के निकम्मेपन के कारण गृहमंत्री के गृह जिले के लोहारीडीह ग्राम में एक व्यक्ति की हत्या कर फाँसी पर टांग दिया गया और दूसरे व्यक्ति को घर में जिंदा जला दिया गया. एक निर्दोष को पुलिस ने मार दिया.
6. लोहारीडीह मामले में प्रशासन ने अपनी नाकामी छिपाने के लिए गांव के 169 से अधिक निर्दोष लोगों पर फर्जी मुकदमा कर जेल में डाल दिया.
7. बलौदाबाजार में सरकार की लापरवाही के कारण पवित्र जैत खंभ में तोड़ फोड़ हुई और बाद में सरकार के निकम्मेपन के कारण कलेक्टर, एसपी कार्यालय जला दिया गया. इस मामले में सतनामी समाज के युवाओं के साथ विपक्ष के नेताओं को षड़यंत्रपूर्वक जेलों में बंद रखा गया.
8. पिछली भाजपा की रमन सरकार की तरह साय सरकार में पुनः एक बार अँखफोड़वा कांड हुआ.लापरवाही पूर्वक मोतियाबिंद का ऑपरेशन किए जाने के कारण दर्जनों बुजुर्गों की आंखों की रोशनी चली गई.
9. भाजपा सरकार में दबाव पूर्वक धर्मांतरण ज़ोर शोर से चल रहा है, धर्मांतरण के लिए दबाव डालने के कारण अब तक तीन लोग आत्महत्या कर चुके हैं और प्रदेश में विवाद की स्थिति बनी हुई है.
10. वनरक्षकों, पुलिस आरक्षकों तथा सरकारी नौकरी में हुये भ्रष्टाचार एवं सरकारी नौकरियां बेचे जाने के कारण युवा सरकार से नाराज है. विधानसभा चुनाव में 1 लाख नौकरियां देने का वादा किया था एक साल में 20 हजार नौकरियां मिलना था लेकिन एक साल में भर्ती नहीं निकाली गयी. युवा ठगे महसूस कर रहे है.
11. 18.5 लाख आवास देने का वादा विधानसभा में किया था, लेकिन अभी तक आवास देने के मामले में सरकार कोई कार्ययोजना नहीं बना पायी. आवासहीन खुद को ठगा महसूस कर रहे.
12. भाजपा ने 500 रू. में सिलेंडर देने का वादा किया था, 1 साल हो गया 1 भी महिला को सिलेंडर नहीं दिया गया. यहां भी महिलाएं खुद को ठगा महसूस कर रही.
13. गरीबों के मकान, दुकान को बुलडोजर से तोड़ा जा रहा, सरकारी जमीनों पर भाजपा के चहेते कब्जा कर रहे.
14. डीजल खरीदी में प्रति लीटर 6.50 रू. की छूट सिर्फ उद्योगपतियों को दिया जा रहा है. आम जनता, किसान, ट्रांसपोर्ट, आटो, टेम्पो चालक, बस मालिक, ट्रेक्टर चालक, डीजल भट्ठी उपयोग करने वाले होटल मालिकों को छुट नहीं दिया जा रहा.
15. सत्ता के संरक्षण में जगह-जगह अवैध शराब, गांजा, ड्रग्स, नसीली दवाई बिक रहा है.
16. सरकारी अस्पतालों में मरीजों का इलाज नहीं हो रहा है. अस्पतालों में दवाईयां, चिकित्सकी टेस्टींग की सुविधा नहीं मिल रहा है.
17. स्कूलों में चाक, डस्टर लेने पैसे नहीं.
18. जमीन के रजिस्ट्री की गाईड लाईन दरों में कांग्रेस सरकार के समय किये गये 30 प्रतिशत छूट को समाप्त कर दिया, जिससे गरीबों के मकान, प्लाट का सपना टूट गया.
19. भाजपा सरकार 5 डिसमिल से कम के छोटे प्लाटों की रजिस्ट्री बंद करने जा रही है. कांग्रेस इसका विरोध करती है. हम नगरीय निकायों और पंचायतों में इसको मुद्दा बनाने जा रहे है.
20. 1 साल में बिजली के दाम 4-4 बार बढ़ाये गये, 400 यूनिट की छूट को अघोषित तौर पर समाप्त कर दिया गया.
21. 1 साल में रेत के दाम 6 गुना, सिमेंट की कीमतें 5-5 बार बढ़ाये गये. भाजपाई सत्ताधीशों और रेत माफियाओं के बीच सांठगांठ हो गयी है, रेत के कारोबार में रोज खून बहाया जा रहा है.
22. 100 दिन में अनियमित/संविदा कर्मियों को नियमित करने की मोदी की गारंटी फेल हो चुकी है. उल्टे बीएड शिक्षकों, विद्यामितान, अतिथि शिक्षक निकाले गये.
23. बेरोजगारी भत्ता बंद, तेंदूपत्ता संग्राहक बीमा योजना बंद, कोदो, कुटकी, रागी खरीदी बंद.
24. सामाजिक सुरक्षा पेंशन, वृद्धा पेंशन, विधवा पेंशन बंद पात्र हितग्राही भटक रहे.
25. बिगड़ चुकी कानून व्यवस्था इस चुनाव में बड़ा मुद्दा है. प्रदेश की बिगड़ती कानून व्यवस्था से आम आदमी डरा हुआ है. हत्या, लूट, बलात्कार, चाकूबाजी के कारण राज्य का हर शहर असुरक्षित है।
सिविल जज भर्ती : CGPSC ने बढ़ाई आवेदन की तारीख
रायपुर। सिविल जज (जूनियर डिवीजन) भर्ती 2024 के लिए ऑनलाइन आवेदन की तारीख छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग की ओर से बढ़ा दी गई है. अब 23 फरवरी तक आवेदन किए जा सकते हैं. पहले फॉर्म भरने की आखिरी तारीख 24 जनवरी थी. वहीं इस भर्ती के लिए अब ऐसे अभ्यर्थी भी आवेदन कर सकते हैं, जो सिर्फ विधि स्नातक हैं. दरअसल पहले लॉ ग्रेजुएट होने के साथ ही अधिवक्ता के रूप में नामांकित होना भी जरूरी था. अब इस शर्त को हटा दिया गया है.
इस संबंध में सीजीपीएससी की ओर से जारी सूचना में कहा गया है कि हाईकोर्ट के अंतरिम आदेश के परिपालन में यह शर्त हटाई गई है. इसके साथ ही आवेदन की तारीख भी बढ़ाई गई है. कुल 57 पदों पर सिविल जज की भर्ती होगी. इसके लिए 26 दिसंबर 2024 से आवेदन भरे जा रहे हैं.
ऑनलाइन आवेदन की आखिरी तारीख 24 जनवरी 2025 थी, इसे अब 23 फरवरी तक बढ़ा दी गई है. भर्ती के लिए छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग की ओर से प्रारंभिक परीक्षा, मुख्य परीक्षा और इंटरव्यू आयोजित किया जाएगा. आवेदन को लेकर विस्तृत जानकारी सीजीपीएससी की अधिकृत वेबसाइट पर जारी की गई है.
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव 2025: गरियाबंद में कांग्रेस के दावेदारों की सूची पर मंथन जारी, इधर पूर्व उपाध्यक्ष संजय नेताम ने दाखिल किया नामांकन
गरियाबंद। गरियाबंद जिले में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर कांग्रेस में प्रत्याशियों के नामों पर मंथन जारी है। इसी बीच, जिला पंचायत उपाध्यक्ष रहे कांग्रेस के युवा नेता संजय नेताम ने शनिवार को जिला पंचायत क्षेत्र क्रमांक 7 से नामांकन दाखिल किया। उनके साथ उमेश डोंगरे ने भी क्षेत्र क्रमांक 9 से अपना पर्चा भरा।
बता दें कि नामांकन दाखिल करने से पहले कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिला मुख्यालय में रैली निकाली, जिसमें कांग्रेस के जिला अध्यक्ष भवसिंह साहू, युगल पांडेय, नीरज ठाकुर और तत्कालीन जिला पंचायत अध्यक्ष स्मृति ठाकुर जैसे बड़े नेता मौजूद रहे। इनकी उपस्थिति ने यह स्पष्ट कर दिया कि नामांकन भरने वाले उम्मीदवार कांग्रेस के ही अधिकृत प्रत्याशी हो सकते हैं। हालांकि, पार्टी की ओर से अब तक आधिकारिक सूची जारी नहीं हुई है।

सूत्रों के मुताबिक, क्षेत्र क्रमांक 1 से होमा देवी सांग, 2 से मालती साहू, 3 से आनंद मतावले, 4 से प्रकाश साहू और योगेश साहू, 5 से रजनी चौरे, 6 से सुरेखा नागेश, 7 से संजय नेताम, 8 से सरस्वती नेताम, 9 से उमेश डोंगरे, 10 से छाया देवी नेताम, 11 से राजकुमार प्रधान और धनसिंह मरकाम के नाम उच्च नेतृत्व को भेजे गए हैं। लेकिन, पार्टी के ही कुछ नेताओं ने इस सूची पर आपत्ति जताई है, जिससे अधिकृत घोषणा रुकी हुई है।
क्या भाजपा को मिल सकता है फायदा ?
गौरतलब है कि अगर कांग्रेस जल्द ही अधिकृत सूची जारी नहीं करती है, तो अन्य दावेदार भी चुनावी मैदान में बने रह सकते हैं, जिससे कांग्रेस के ही वोट कटने की आशंका बढ़ जाएगी। इससे भाजपा को सीधा फायदा मिल सकता है। पार्टी ने भले ही चुनाव परिणाम के बाद विजयी उम्मीदवार को कांग्रेस का प्रत्याशी बताने की योजना बनाई हो, लेकिन समय पर सूची जारी नहीं हुई तो पार्टी के मजबूत दावेदार भी अंदरूनी कलह के कारण हार सकते हैं।
निर्णय आला कमान के हवाले – जिला अध्यक्ष भवसिंह साहू
कांग्रेस के जिला अध्यक्ष भवसिंह साहू ने इस संबंध में कहा कि “सभी संभावित प्रत्याशियों के नामों पर सहमति बनाकर सूची आलाकमान को भेज दी गई है। अब निर्णय लेना शीर्ष नेतृत्व के हाथ में है।” उन्होंने यह भी कहा कि स्थिति से सभी नेताओं को अवगत करा दिया गया है और जो भी निर्णय होगा, वह सभी को मान्य रहेगा।
नशे में चुनाव ड्यूटी करना पड़ा महंगा, शराबी पंचायत सचिव को सीईओ ने किया निलंबित
बिलासपुर। शराब के नशे में चुनावी कार्य करने वाले पंचायत सचिव पर तत्काल कार्रवाई करते हुए जिला पंचायत के मुख्य कार्यकारी अधिकारी आरपी चौहान ने उसे निलंबित कर दिया. यह मामला बिल्हा ब्लॉक के खैरखुंडी गांव का है, जहां पंच और सरपंच पद के लिए नामांकन प्रक्रिया के दौरान पंचायत सचिव मनहरण लाल सांडे को नशे की हालत में पाया गया था. इस मामले मको गंभीरता से लेते हुए सीईओ ने निलंबन की कार्रवाई की है.
जानकारी के मुताबिक, यह घटना 30 जनवरी की है. जब जनपद पंचायत बिल्हा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी पंचायत भवन लखराम का निरीक्षण कर रहे थे, इस दौरान पंचायत सचिव सांडे शराब के नशे में धुत मिला. पंचायत सचिव को छत्तीसगढ़ पंचायत आचरण नियम 1998 और छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम 1999 के नियम 4 (1) के तहत निलंबित किया गया है. निलंबन के दौरान परसाही जनपद पंचायत बिल्हा के पंचायत सचिव अशोक कुमार दुबे को ग्राम पंचायत खैरखुंडी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है.
चुनाव से पहले भाजपा प्रत्याशी के खिलाफ ST-SC एक्ट के तहत मामला दर्ज, आदिवासी समुदाय के खिलाफ की थी जातिगत टिप्पणी…
कोरबा। छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय चुनाव को लेकर चुनावी सरगर्मी तेज है. चुनाव से पहले एक भाजपा प्रत्याशी की मुश्किलें बढ़ गई हैं. पुलिस ने भाजपा प्रत्याशी पवन अग्रवाल के खिलाफ अनुसूचित जाति-जनजाति निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है. आरोप है कि कटघोरा नगर पालिका के वार्ड नंबर 6 से भाजपा प्रत्याशी पवन अग्रवाल ने एसडीएम सभाकक्ष में आदिवासी समुदाय के खिलाफ जातिगत टिप्पणी की है.
क्या है पूरा मामला ?
दरअसल, कटघोरा के एसडीएम सभाकक्ष में सभी उम्मीदवारों और दलों के नेताओं की एक बैठक बुलाई गई थी. इसमें कांग्रेस, बीजेपी, गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के साथ-साथ अन्य दलों व निर्दलीय उम्मीदवार मौजूद थे. इस दौरान जब EVM से मतदान को लेकर प्रशिक्षण दिया जा रहा था तब पवन अग्रवाल ने खुद को जानकार बताते हुए अमर्यादित शब्दों का उपयोग करते हुए कहा कि हम समझदार है, हम गोंड गंवार नहीं हैं. जिसके बाद मौके पर मौजूद अन्य दलों के नेताओं ने आपत्ति जताई.
गोंगपा के स्थाई सदस्य लाल बहादुर सिंह कुर्राम ने बताया कि कल 31 जनवरी को एसडीएम सभागार कक्ष में नगरीय निकाय चुनाव के रिटरिंग ऑफिसर के सामने कटघोरा के वार्ड नंबर 6 से भाजपा प्रत्याशी पवन अग्रवाल ने कहा था कि हम समझदार है, हम गोंड गंवार नहीं हैं. मौके पर भी हमने इसका विरोध किया था तो पवन ने कहा कि तुम लोग हमको क्या समझाओगे, हम सत्ताधारी लोग हैं. जिससे हमारे धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची.
पहले भी विवादों में फंस चुके
पवन अग्रवाल पहले भी विवादों में फंसे रह चुके हैं. आवेदकों ने सत्ताधारी दल के नेता होने का दबाव बनाने का भी आरोप लगाया गया है. जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल से आदिवासी समाज की भावनाएं आहत हुईं, जिस पर अब पुलिस कार्रवाई कर रही है.
CBI ने सेंट्रल GST के दो अधिकारियों को किया गिरफ्तार, कारोबारी से की थी लाखों की डिमांड, टीम ने रिश्वतखोरों को जाल में ऐसे फंसाया
रायपुर। सेंट्रल जीएसटी के राजधानी स्थित कार्यालय में सीबीआई ने शुक्रवार को दबिश दी. इस दौरान सेंट्रल GST के दो अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया जिसमें CGST के अधीक्षक भरत सिंह और विनय राय का नाम शामिल है. बता दें कि CBI की टीम ने दोनों अधिकारियों को देर रात तेलीबांधा इलाके में स्थित करेंसी टावर के पास जाल बिछाकर गिरफ्तार किया गया. जीएसटी अधिकारी विनय राय को कारोबारी लाल चंद अठवानी से 5 लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा था. वहीं शनिवार को दोनों अधिकारियों को CBI ने विशेष कोर्ट में पेशकर पूछताछ के लिए 5 दिन की रिमांड पर लिया है. सीबीआई की टीम पूछताछ के लिए कई अन्य लोगों को भी तलब कर सकती है. आरोपियों की अगली पेशी 5 फरवरी को होगी.
जानकारी के अनुसार, सीबीआई द्वारा एक रिश्वत के मामले की जांच की जा रही है. यह मामला 31 जनवरी 2025 को दर्ज किया गया, जिसमें सीजीएसटी रायपुर के अधीक्षक भरत सिंह और उनके साथी विनय राय पर आरोप लगाया गया था कि उन्होंने दुर्ग के मेसर्स द वर्ल्ड ऑफ ब्यूटी के मालिक लाल चंद अठवानी से 34 लाख की रिश्वत की मांग की थी. इसके आधार पर 31 जनवरी की देर रात सीबीआई की टीम ने जाल बिछाया और विनय राय को रंगे हाथ ₹5 लाख की रिश्वत लेते हुए पकड़ा. फिलहाल, इस मामले के अन्य संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान के लिए जांच जारी है.
नगरीय निकाय चुनाव : भाजपा का घोषणा पत्र तैयार, कल को होगा जारी
रायपुर। नगरीय निकाय चुनाव में भाजपा कांग्रेस से हर मामले में आगे चल रही है चाहे वो प्रत्याशी के ऐलान, रणनीति या फिर घोषणा पत्र की बात हो. बीजेपी ने अपना घोषणा पत्र तैयार कर लिया है और 3 फरवरी को दोपहर 12 बजे जनता के सामने जारी करेगी. इस दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उप मुख्यमंत्री अरुण साव, प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंहदेव समेत कई मंत्री और अन्य विधायक भी शामिल होंगे.
घोषणा पत्र समिति की फाइनल ड्राफ्ट की बैठक आज भाजपा प्रदेश कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में हुई। बैठक में घोषणा पत्र समिति के संयोजक पूर्व मंत्री और विधायक अमर अग्रवाल, प्रदेश महामंत्री संजय श्रीवास्तव, पूर्व मंत्री वरिष्ठ विधायक अजय चंद्राकर, पूर्व मंत्री चंद्रशेखर साहू उपस्थित थे.
बैठक के दौरान अमर अग्रवाल ने कहा कि आज घोषणा पत्र को अंतिम रूप दिया गया. घोषणा पत्र में पार्टी के नेताओं और जनता के सुझाव को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है. घोषणा पत्र में जनता से जुड़े सारे मुद्दे शामिल रहेंगे जो क्षेत्र के विकास को गति देगा. उन्होंने बताया कि पीएम मोदी के विज़न 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प को भी विशेष ध्यान में रखते हुए घोषणा पत्र को बनाया गया है जो इस अध्याय को बढ़ाने का काम करेगा.
घोषणा पत्र के लिए व्हाट्सएप, ईमेल और क्यूआर स्कैनर से प्राप्त हुए सुझाव
घोषणा पत्र समिति के संयोजक अमर अग्रवाल ने कहा कि हमने नगरीय क्षेत्र के समग्र विकास के दस्तावेज को अंतिम रूप दे दिया है. शहरों का विकास कैसे हो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्प और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन में शहरी क्षेत्र के विकास के इस दस्तावेज में प्रदेश वासियों के महत्वपूर्ण सुझाव संकलित किए गए हैं. घोषणा पत्र समिति की ओर से जारी नंबर व्हाट्सएप नंबर 9111014400, ईमेल आईडी और क्यूआर स्कैनर से महत्वपूर्ण सुझाव प्राप्त हुए. आंकड़ों के मुताबिक व्हाट्सएप से 1115 ई-मेल से 310 और क्यूआर स्कैनर से 2086 सुझाव पूरे प्रदेश से प्राप्त हुए हैं.
इस मौके पर विधायक मोतीलाल साहू, राकेश सेन, राकेश पांडेय, पूर्व महापौर अंबिका यदु, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार पंकज झा, प्रवक्ता दीपक म्हस्के, शशांक शर्मा, उज्जवल दीपक, हेमंत पाणिग्रही मौजूद थे.
डोंगरगढ़ तीर्थ क्षेत्र में मांस बिक्री पर प्रतिबंध लगाने की उठी मांग, मुख्यमंत्री ने दिया आश्वासन
डोंगरगढ़। सकल जैन समाज ने डोंगरगढ़ तीर्थ क्षेत्र में मांस विक्रय पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग की है. समाज का कहना है कि डोंगरगढ़ धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र है, जहां मां बम्लेश्वरी मंदिर, प्रज्ञागिरि तीर्थ और चंद्रगिरि तीर्थ स्थित हैं. इस तीर्थ क्षेत्र की पवित्रता बनाए रखने के लिए मांस विक्रय को पूरी तरह प्रतिबंधित किया जाना चाहिए.

गौरतलब है कि डोंगरगढ़ में पहले से ही आंशिक मद्य निषेध लागू है, जिसके तहत शहर में शराब की बिक्री पर प्रतिबंध है. इसी तर्ज पर जैन समाज चाहता है कि मांस की दुकानों को शहर से बाहर एक ही स्थान पर शिफ्ट किया जाए या फिर तीर्थ क्षेत्र में इसे पूरी तरह प्रतिबंधित किया जाए.

मुख्यमंत्री आज ही विद्यासागर महाराज जी की प्रथम पुण्यतिथि पर आयोजित महोत्सव में डोंगरगढ़ पहुंचे थे, जहां जैन समाज के प्रतिनिधियों ने उनसे यह मांग रखी. मुख्यमंत्री ने समाज को आश्वासन दिया कि जल्द ही डोंगरगढ़ तीर्थ क्षेत्र में मांस विक्रय पर रोक लगाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
जैन समाज की इस मांग को लेकर शहर में चर्चा तेज हो गई है. कई धार्मिक संगठनों ने भी इसका समर्थन किया है, जबकि कुछ व्यापारी इस निर्णय को लेकर असमंजस में हैं. स्थानीय लोगों की मानें तो शहर में मांस बिक्री के लिए स्थान तय है, लेकिन कई लोग सड़क पर या अन्य चौक-चौराहों पर मांस की बिक्री कर रहे हैं, जिससे शहर की धार्मिक छवि खराब हो रही है. अब देखना होगा कि सरकार इस पर क्या ठोस कदम उठाती है.
बीजापुर मुठभेड़ में 8 नक्सलियों के मारे जाने पर CM साय ने की सुरक्षाबलों की सराहना, कहा- नक्सलवाद गिन रहा अंतिम सांसे
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों को नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत एक बड़ी सफलता मिली है. थाना गंगालूर क्षेत्र में नक्सल उन्मूलन अभियान के दौरान सुरक्षाबलों और माओवादियों के बीच हुई मुठभेड़ में अब तक 08 नक्सलियों के शव सहित इंसास राइफल, वीएलजी लॉन्चर सहित कई हथियार बरामद किए गए हैं. सुरक्षाबलों को आशंका है कि इस मुठभेड़ में कई और नक्सली मारे गए या घायल हुए होंगे. फिलहाल, क्षेत्र में सघन सर्चिंग अभियान जारी है.
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस सफलता पर सुरक्षाबलों की सराहना करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार नक्सल उन्मूलन के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है. यह सुरक्षाबल के जवानों की बड़ी सफलता है, उनके साहस को सलाम करता हूं. जवान मजबूती के साथ नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई लड़ रहे हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का संकल्प है कि 31 मार्च 2026 तक देश-प्रदेश से नक्सलवाद का अंत करेंगे. हम इस संकल्प को पूरा करने में सफल हो रहे हैं, नक्सलवाद अपनी अंतिम सांसे गिन रहा है.
उन्होंने कहा कि हमारी सरकार का लक्ष्य बस्तर को पूरी तरह नक्सलमुक्त बनाना और आदिवासी समुदाय के विकास को तेज़ करना है. मुख्यमंत्री ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में माओवादियों से हिंसा छोड़कर आत्मसमर्पण करने और सरकार की पुनर्वास योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की है. छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा संचालित नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है.
जानकारी के अनुसार, 31 जनवरी 2025 को डीआरजी, एसटीएफ, कोबरा 202 एवं केरिपु 222 वाहिनी की संयुक्त टीम को पश्चिम बस्तर डिवीजन में माओवादियों की उपस्थिति की जानकारी मिली थी. इसी आधार पर सुरक्षा बलों ने नक्सल विरोधी अभियान के लिए निकली. इस दौरान 01 फरवरी की सुबह साढ़े आठ बजे से रुक-रुक कर कई बार मुठभेड़ हुई. इस मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबलों ने 08 नक्सलियों को मार गिराया और उनके ठिकानों से विस्फोटक सामग्री एवं आधुनिक हथियार बरामद किए.
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा बस्तर अंचल के नक्सल प्रभावित ईलाकों में नए सुरक्षा कैम्पों की स्थापना कर वहां के लोगों को सुरक्षा प्रदान करने के साथ ही नियद नेल्ला नार योजना के तहत गांवों में बुनियादी सुविधाओं का विकास और लोगों को शासकीय योजनाओं और कार्यक्रमों का लाभ पहुंचा रही है. नियद नेल्ला नार योजना में शामिल गांवों में सड़कों का निर्माण, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, विद्युत जैसी सुविधाओं का विकास और रोजगार को बढ़ावा दे रही है, जिससे नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में स्थायी शांति स्थापित करने में मदद मिल रही है.
EOW ने विशेष कोर्ट में आरोपी मनोज सोनी और रोशन चंद्राकर के खिलाफ 3500 पन्नों की चार्जशीट की दाखिल
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित कस्टम मिलिंग घोटाला मामले में आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ EOW ने आज राजधानी रायपुर स्थित विशेष कोर्ट में मार्कफेड के पूर्व MD मनोज सोनी और राइस मिलर्स एसोसिएशन के कोषाध्यक्ष रोशन चंद्राकर के खिलाफ 3500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। दोनों आरोपी अभी न्यायिक हिरासत में हैं और मामले की जांच जारी है।
क्या है कस्टम मिलिंग घोटाला?
ED ने कस्टम मिलिंग स्कैम में मार्कफेड के पूर्व MD मनोज सोनी सहित 5 पर FIR दर्ज कराई है। आरोप है कि 140 करोड़ रुपए की अवैध वसूली की गई। इसमें अफसरों से लेकर मिलर्स एसोसिएशन के पदाधिकारी तक शामिल हैं। अलग-अलग राइस मिलर्स के द्वारा नागरिक आपूर्ति निगम और एफसीआई में कस्टम मिलिंग का चावल जमा किया जाता है। इस प्रक्रिया में भ्रष्टाचार कर प्रति क्विंटल के हिसाब से अवैध राशि की वसूली की गई। जांच में पता चला है कि एसोसिएशन के कोषाध्यक्ष रोशन चंद्राकर लेवी वसूलते और अफसरों को जानकारी देते। जिनसे रुपए नहीं मिलते उनका भुगतान रोक दिया जाता।
अक्टूबर 2023 को ED ने मारा था छापा
20 अक्टूबर 2023 को ED ने छापा मारा था। ED ने अपने ऑफिशियल X अकाउंट पर लिखा कि, 20-21 अक्टूबर को मार्कफेड के पूर्व MD, छत्तीसगढ़ राइस मिलर्स संगठन के कोषाध्यक्ष और कुछ सदस्यों, राइस मिलर्स और कस्टम मिलिंग से जुड़े लोगों के घर पर जांच की गई। चावल घोटाले से जुड़ी इस जांच में कई संदिग्ध दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस और 1 करोड़ 6 लाख कैश मिला। ED ने इनकम टैक्स की शिकायत के आधार पर जांच शुरू की। इस जांच के बाद ED की स्थानीय टीम ने प्रतिवेदन दिया और उसके बाद एफआईआर हुई।
फोर्टिफाइड राइस के भुगतान पर भी वसूली का आरोप
राइस मिलर्स ने फोर्टिफाइड राइस का भुगतान करने पर पैसे मांगने का आरोप लगाया था। उनके अनुसार, केंद्र सरकार ने PDS के जरिए गरीबों को दिए जाने वाले अनाज की पौष्टिकता बढ़ाने के लिए फोर्टिफाइड राइस की मात्रा बढ़ाने का आदेश दिया था। सरकार के आदेश के मुताबिक, FCI और नागरिक आपूर्ति निगम में जमा होने वाले चावल में फोर्टिफाइड राइस होना चाहिए। 99 किलो सामान्य चावल का पैमाना तय किया गया था। आरोप है कि इसमें कमीशनखोरी और घूसखोरी का खेल चला।
नगरीय निकाय चुनाव 2025: नाम वापसी के बाद रायपुर जिले में महापौर के लिए 16 प्रत्याशी मैदान में, 11 निकायों में अध्यक्ष के लिए 57 में मुकाबला, जानिए 240 वार्डों में पार्षद कैंडिडेट्स की संख्या
रायपुर। छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय चुनाव का रण अब पूरी तरह से सज चुका है. नाम वापसी की अंतिम तिथि बीतने और छंटनी के बाद अब रायपुर नगर निगम महापौर पद के लिए 16 प्रत्याशी मैदान में हैं. कांग्रेस और बीजेपी के बीच सीधा मुकाबला तो तय है, लेकिन 6 निर्दलीय प्रत्याशी बाजी पलट सकते हैं. बता दें कि रायपुर महापौर पद के लिए कुल 28 नामांकन दाखिल किए गए थे, जिनमें से 12 प्रत्याशियों ने अपना नाम वापस ले लिया है.

रायपुर जिले के 11 नगरीय निकायों में अध्यक्ष पद के लिए 79 नामांकन हुए थे, जिसमें से 22 प्रत्याशियों ने अपना नामांकन वापस ले लिया. अब 57 उम्मीदवार अध्यक्ष पद के लिए चुनाव लड़ेंगे.

240 वार्डों में पार्षद पद के लिए 811 प्रत्याशी
पार्षद पद के लिए भी रायपुर जिले के 11 नगरीय निकायों के 240 वार्डों में 990 नामांकन जमा हुए थे, जिसमें से 178 उम्मीदवारों के नाम वापस लेने के बाद अब 811 प्रत्याशी मैदान में हैं. इन उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला 11 फरवरी को होने वाली वोटिंग में होगा.

नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का शेड्यूल
छत्तीसगढ़ में 20 जनवरी से आचार संहिता लागू हो गई है. नगरीय निकाय चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया 22 जनवरी से 28 जनवरी तक चलेगी. नाम वापसी की अंतिम तिथि 31 जनवरी है. नगरीय निकाय चुनाव की वोटिंग 11 फरवरी को होगी और परिणाम 15 फरवरी को घोषित होंगे. इस बार नगरीय निकाय चुनाव इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) के माध्यम से कराए जाएंगे.
वहीं पंचायत चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया 27 जनवरी से शुरू होगी और नाम वापसी की अंतिम तिथि 6 फरवरी होगी. पंचायत चुनाव तीन चरणों में होंगे, जिनकी तारीखें 17, 20 और 23 फरवरी हैं. इसके नतीजे 18, 21 और 24 फरवरी को घोषित किए जाएंगे.
इन नगर निगम में होंगे चुनाव
इस बार छत्तीसगढ़ के 10 प्रमुख नगर निगमों में चुनाव होंगे. इनमें अंबिकापुर, कोरबा, चिरमिरी, जगदलपुर, दुर्ग, धमतरी, बिलासपुर, राजनांदगांव, रायगढ़ और रायपुर नगर निगम शामिल हैं. इसके अलावा 49 नगर पालिकाओं और 114 नगर पंचायतों में भी चुनाव होंगे. जिला पंचायत के 433 सदस्य और जनपद पंचायत के 2973 पदों के लिए भी चुनाव होंगे. ग्राम पंचायतों में सरपंच पद के लिए 11672 और वार्ड पंच पद के लिए 1 लाख 60 हजार 180 पदों पर वोटिंग होगी.
अबूझमाड़ मलखंभ के होनहारों ने 3000 फीट की ऊंचाई पर स्थित ढोलकल गणेश प्रतिमा के समक्ष किया हैरतअंगेज प्रदर्शन, उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा भी हुए मुरीद…
रायपुर। ‘इंडियाज गॉट टैलेंट’ सीजन 10 के विजेता अबूझमाड़ मलखंभ अकादमी के होनहारों ने 3000 फीट की ऊंचाई पर स्थित ढोलकल पहाड़ पर स्थित गणेश प्रतिमा के समीप हैरतअंगेज मलखंभ का प्रदर्शन किया. उनके इस प्रदर्शन की उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने सराहना करते हुए अपने ट्वीटर एकाउंट पर शेयर किया है.
नारायणपुर स्थित अबूझमाड़ मलखंब अकादमी में प्रशिक्षक मनोज प्रसाद के साथ पारस यादव, नरेंद्र गोटा, युवराज सोम, फूलसिंह सलाम, श्यामलाल पोटाई, राजेश सलाम, राकेश कुमार बड़दा, मोनू नेताम, राजेश कोराम, शुभम पोटाई, अजमत फरीदी, समीर शोरी, सुरेश पोटाई शामिल हैं.
टीम अपने प्रदर्शन पर हर बार लोगों को आश्चर्यचकित करते रहती है, लेकिन अबकी बार ढोलकल पहाड़ पर 3000 फीट की ऊंचाई पर स्थित जगप्रसिद्ध गणेश प्रतिमा के समक्ष अपनी कला का सिद्ध प्रदर्शन कर एक नया आयाम जोड़ दिया है. आप भी उनके प्रदर्शन को देखकर आश्चर्यचकित रह जाएंगे.
डोंगरगढ़ में जैनाचार्य विद्यासागर महाराज के प्रथम समाधि स्मृति महोत्सव में सम्मिलित हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
रायपुर। संत शिरोमणि आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज आध्यात्मिक चेतना के पुंज थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हमेशा आचार्य जी से आशीर्वाद लेते थे, उनसे प्रेरणा ग्रहण करते थे। हम सबका सौभाग्य है कि आचार्य जी ने हमेशा हमें प्रेरित किया। यह छत्तीसगढ़ की भूमि धन्य है कि जिसे आचार्य जी ने इतना प्रेम दिया और संलेखना के लिए प्रदेश की इस धरती को चुना। आज उनकी समाधि स्मृति महोत्सव में दर्शन पाकर सौभाग्यशाली महसूस कर रहा हूँ। मेरी प्रार्थना है कि छत्तीसगढ़ के ऊपर उनका आशीर्वाद हमेशा बना रहे, प्रदेश में सदैव खुशहाली हो।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ स्थित चंद्रगिरि तीर्थस्थल में जैनाचार्य विद्यासागर जी महाराज के प्रथम समाधि स्मृति महोत्सव में सम्मिलित हुए और समाधि के दर्शन किये जहाँ देशभर से पहुंचे अनुयायियों को संबोधित करते हुए उन्होंने यह बात कही।
श्री साय ने कहा कि यह छत्तीसगढ़ वासियों का परम सौभाग्य है कि आचार्य विद्यासागर जी महाराज ने धर्मचर्या के लिए अपने यशस्वी जीवन का लम्बा समय डोंगरगढ़ के चंद्रगिरि तीर्थस्थल में व्यतीत किया। आचार्य जी के विचार और उनका जीवन-दर्शन हम सबको प्रेरणा देते रहेंगे। जैनाचार्य विद्यासागर जी महाराज ने समाज को सत्य, अहिंसा और परमार्थ के मार्ग में चलने के लिए एकजुट किया। बाबा जी का जीवन सर्वजन के लिए अनुकरणीय है।
सीएम साय ने कहा कि आचार्य जी के धार्मिक विचार तो प्रेरित करते ही हैं, भारत के प्रति उनकी सोच भी अनुकरणीय है, जिन्होंने देश के करोड़ों लोगों को प्रभावित किया है। उन्होंने राष्ट्रहित को हमेशा सर्वोपरि रखा। अपने संदेश से उन्होंने भारत की एकता को लगातार मजबूत करने का काम किया। उनका स्पष्ट मत था कि भारत में भारतीय शिक्षण पद्धति लागू हो और लोगों के बीच बातचीत के लिए भारतीय भाषा में व्यवहार हो। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति के माध्यम से उनके विचारों को मूर्त रूप देने का प्रयास किया है। आज हमारी शिक्षा पद्धति भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों से जुडी हुई है। हमें इस बात कि हार्दिक खुशी है कि आचार्य जी के जीवनकाल में उनका यह स्वप्न मूर्त रूप ले सका।
महोत्सव में पूज्य मुनि संतसागर जी महाराज, देशभर से आए मुनिगण, साध्वीगण, अनुयायी एवं अन्य गणमान्य जन उपस्थित रहे।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने गिनाई केंद्रीय बजट की खासियत, 12 लाख की आय पर मिली पूरी छूट का सबसे पहले किया जिक्र…
रायपुर। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश बजट 2025 को लेकर प्रदेश के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने अलग-अलग वर्ग को होने वाले फायदे गिनाए हैं. उन्होंने 12 लाख रुपए की आमदनी पर टैक्स में पूरी तरह से दी गई छूट का सबसे पहले जिक्र करते इसे मध्यम वर्ग के लिए बहुत बड़ी छूट करार दिया है.
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने चर्चा में कहा कि 12 लाख रुपए तक की आमदनी में आयकर में छूट से सरकारी कर्मचारियों को, छोटे व्यापारियों को, मध्यम वर्ग के लोगों को बड़ा लाभ होगा. लोग अधिकतम 10 लाख रुपए की छूट की उम्मीद लगाए हुए थे. लेकिन मोदी जी ने पूरे मध्यम वर्ग को 12 लाख रुपए की बहुत बड़ी छूट दी है.
वित्त मंत्री ने कहा कि इसके अलावा किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड के तहत तीन लाख तक का लोन बिना ब्याज के मिलता था, जिसे बढ़ाकर अब पांच लाख रुपए कर दिया गया है, जो बहुत बड़ी बात है. प्रधानमंत्री धनधान्य कृषि योजना के तहत देश के लांच की गई है, देश को सौ कृषि के लिहाज से पिछड़े जिले हैं, वहां विशेष मिशन चलाया जाएगा. इसमें खेती के लिए अच्छे बीज, सिंचाई, क्राप डाइवर्शिफिकेशन – सारी चीजों का ध्यान रखा जाएगा. इसका लाभ छत्तीसगढ़ के बस्तर और सरगुजा अंचल के तुलनात्मक रूप से पिछड़े जिलों को मिलेगा.
उन्होंने कहा कि युवाओं की दृष्टि से जो सेकेंडरी स्कूल हैं, वहां सरकार सौ प्रतिशत स्कूलों में इंटरनेट की सुविधा देने जा रही है. इससे लर्निंग का लेवल में तेजी से सुधार होगा. हमारे देश में जो गीगा वर्कर्स हैं, जोमैटो, स्वीगी जैसे संस्थानों में जो ऑपरेटर का काम करते हैं, उनको आयुष्मान भारत योजना का लाभ सरकार देने जा रही हैं, उनका आइडेंटी कार्ड होगा, उनको अलग-अलग प्रकार से सुविधाएं मिल सकेंगी.
ओपी चौधरी ने कहा कि इसके अलावा MBBS की सीटे हैं, उसमें इस साल 10,000 की वृद्धि की गई है, और आने वाले 5 सालों में 75,000 सीटों की वृद्धि भारत सरकार करने जा रही है,यह देश में स्वास्थ्य के हालात को सुधारने की दिशा में क्रांतिकारी कदम है. इसके अलावा IITs में 6,500 सीटों की वृद्धि की भी इस बजट में घोषणा की गई है. इसके अलावा माइनिंग सेक्टर में बड़े रिफॉर्म्स के लिए मिशन चलाए जा रहे है. हमारे छत्तीसगढ़ के कटघोरा में लिथियम का डिपोजिट मिला है. इस तरह के मिशन को इससे बड़ा लाभ मिलेगा.
उन्होंने कहा कि इसी तरह टूरिज्म में जो बड़े-बड़े ऐलान हुए हैं, उसका भी लाभ हमारे छत्तीसगढ़ में बस्तर को मिलेगा और विशेष रूप से रेलवे में, इंफ्राइस्ट्रक्चर में, सड़कों में भारत सरकार के माध्यम से छत्तीसगढ़ को बड़ा लाभ मिल रहा है. पिछले साल 20,000 करोड के नेशनल हाईवेज के निर्माण की स्वीकृति मिली है. उसी दिशा में इस बजट से हमको बहुत सारे लाभ मिलेंगे.
मेडिकल टूरिज्म का जिक्र करते हुए ओपी चौधरी कहा कि छत्तीसगढ़ की राजधानी नवा रायपुर में हमने 200 एकड में MEDICITY का ऐलान किए हैं. इस,तरह से छत्तीसगढ़ को बड़े लेबल पर लाभ मिलेगा. इस सारा कुछ एक फिसिकल डिसीप्लीन के तहट किया गया है. इस साल फिसिकल डेफिसीट 4.8 परसेंट है, आने वाले साल के लिए इसे 4.4 परसेंट का किया गया है.
केंद्रीय बजट को कृषि मंत्री नेताम ने बताया ऐतिहासिक, कांग्रेस नेता धनेंद्र साहू बोले – बजट निराशाजनक, मध्यम वर्ग के लिए कुछ नहीं
रायपुर। केंद्रीय बजट को लेकर भाजपा-कांग्रेस के नेताओं ने अपनी प्रतिक्रिया दी है. कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने इस बजट को ऐतिहासिक बताते हुए कहा, आज बहुत ही गौरव का दिन है. मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल का ऐतेहासिक बजट पेश किया गया है. अब तक के सभी बजटों में इस बार सबसे अधिक राशि का प्रावधान किए गए हैं. देश की अर्थव्यवस्था को तीसरे नंबर पर लाने, सर्वांगीण विकास और समृद्धि के लिए यह बजट मदद करेगा. वहीं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता धनेंद्र साहू ने इस बजट को निराशाजनक बताया है.
धनेंद्र साहू ने कहा, छत्तीसगढ़ को इस बजट से कुछ नहीं मिला है. केवल इनकम टैक्स की लिमिट 12 लाख करने से ही कोई बड़ी राहत नहीं होगी. गरीब आदमी और मध्यम वर्ग के लिए बजट में कुछ नहीं है. मेडिकल कॉलेज बनाने की घोषणा तो हर साल होती है.
‘कांग्रेस पर तरस आता है : रामविचार नेताम’
कृषि मंत्री राम विचार नेताम ने कांग्रेस की बजट पर प्रतिक्रिया की निंदा की है. उन्होंने कहा, कांग्रेस पर तरस आता है. पार्टी खुद गर्त में जा रही है और वो दूसरों की क्या बात करते हैं. जिन्हें दुनिया के सामने सीना तान के खड़ा अपना देश नहीं दिखता वो कह भी क्या सकते हैं.
‘सोनिया गांधी ने किया देश का अपमान’
मंत्री नेताम ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुरमू को सोनिया गांधी द्वारा बेचारी कहने वाले बयान की निंदा करते हुए इसे देश का अपमान बताया. उन्होंने कहा, इसके लिए देश और समाज उन्हें माफ नहीं करेगा. कांग्रेस ST और SC विरोधी पार्टी है. एससी समाज से आने वाली राष्ट्रपति का अपमान किया गया है.
ऊर्जा से भरे प्रतिभाशाली युवाओं के सहयोग से होगा विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
रायपुर। देश के लगभग 30 करोड़ बच्चे और युवा विभिन्न स्तरों पर शिक्षा प्राप्त कर रहें हैं। इस समूह के उज्जवल भविष्य के लिए गुणवत्ता भोजन, शिक्षा एवं सुविधाएं उपलब्ध कराना हम सभी की प्राथमिकता है। इसी को दृष्टिगत रखते हुए नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 लागू कर पूरे देश में शिक्षा के क्षेत्र में नए आयाम खोले गए हैं, जिसमें डिग्री के साथ कौशल विकास को प्राथमिकता दी गई है। भारत को 5 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था बनाने में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। यह उद्गार राज्यपाल रमेन डेका एवं कुलाधिपति इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर ने विश्वविद्यालय के 10वें दीक्षांत समारोह में व्यक्त किये।
राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के 10 वें दीक्षांत समारोह में शामिल होने से पूर्व विश्वविद्यालय परिसर में स्थापित स्वामी विवेकानंद जी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पण कर उनका पुण्य स्मरण किया। इस अवसर पर कृषि मंत्री राम विचार नेताम और इंटरनेशनल सेंटर फॉर जेनेटिक इंजिनियरिंग एण्ड बायोटेक्नोलॉजी, नई दिल्ली के पूर्व महानिदेशक डॉ. वांगा शिवा रेड्डी विशेष रूप से उपस्थित थे।
राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के सभागार में आयोजित भव्य एवं गरिमामय दीक्षांत समारोह में शैक्षणिक वर्ष 2022-23 एवं 2023-24 तक उत्तीर्ण छात्र-छात्राओं को पदक एवं उपाधियां वितरित की गई। मेधावी विद्यार्थियों को 16 स्वर्ण, 18 रजत एवं 4 कास्य पदक प्रदान किए गए। साथ ही लगभग 4200 विद्यार्थियों को ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन और पी.एच.डी की उपाधि प्रदान की।
कार्यक्रम के अध्यक्षीय उद्बोधन में राज्यपाल रमेन डेका ने उपाधि और पदक प्राप्त करने वाले सभी विद्यार्थियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि आपने अपनी कड़ी मेहनत से अध्ययन कर ये मेडल प्राप्त किए हैं। आपके जीवन की यह अत्यंत महत्वपूर्ण उपलब्धि है। मुझे पूरा विश्वास है कि आपने इस विश्वविद्यालय में जो शिक्षा प्राप्त की है, उसका उपयोग आप समाज एवं देश के कल्याण एवं विकास के लिए करेंगे तथा दूसरों के लिए प्रेरणा स्त्रोत बनेंगे। राज्यपाल रमेन डेका ने कृषि की महत्ता का उल्लेख करते हुए कहा कि दुनिया में युद्ध समाप्त होगा लेकिन खाद्य सामग्री की हमेशा जरूरत पड़ेगी। उन्होंने डॉ स्वामीनाथन के योगदानों का जिक्र किया श्वेत क्रांति से दूध के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने की बात कही। उन्होंने कहा कि अब नीली क्रांति का दौर है और आज मत्स्य पालन में देश काफी आगे बढ़ चुका है। भूटान और ताइवान प्रवास के दौरान कृषि कार्य से जुड़े कुछ रोचक तथ्यों को साझा किया। उन्होंने कहा कृषि एक शानदार व्यवसाय है और इससे जुड़कर भी हम देश के विकास में अपना योगदान दे सकते है। कृषि में असीम संभावनाएं है और युवा पीढ़ी को इसे समझकर इससे जुड़ना होगा। उन्होंने जय जवान जय किसान जय विज्ञान का उल्लेख करते हुए कहा कि विज्ञान से जुड़कर ही हम कृषि को उन्नत बना सकते है।
श्री डेका ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी ने वर्ष 2047 तक विकसित भारत की परिकल्पना प्रस्तुत की है एवं हम सबको इसे प्राप्त करने के लिए लगातार कार्य करना है। वर्तमान में हम सभी प्रकार के भोजन, अनाज, तिलहन, सब्जी, फल, दूध, मांस, मछली आदि के साथ लगभग 1000 मिलियन टन भोजन का उत्पादन कर रहे हैं। वर्ष 2047 तक इसे 1500 मिलीयन टन तक बढ़ाना होगा। यह एक चुनौतीपूर्ण कार्य है। बदलते मौसम एवं बाजार के उतार चढ़ाव से कृषि में जोखिम बढ़ गया है। श्री डेका ने विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों से आग्रह किया कि ऐसी तकनीक का विकास करें जिससे किसानों की लागत कम हो एवं आय बढ़े। हमें प्राकृतिक खेती एवं दलहन, तिलहन के उत्पादन पर भी विशेष ध्यान देने की आवश्यकता हैं। उन्होंने कहा कि हमारे देश के कुल वर्कफोर्स की संख्या का 45 प्रतिशत भाग अभी भी कृषि में लगा हुआ है एवं इस वर्कफोर्स के जीवन यापन को ऊपर उठाने की जिम्मेदारी हम सभी की है। कम ऊर्जा की आवश्यकता वाले छोटे-छोटे कृषि यंत्र विकसित करे जिससे कृषि में लागत, मानव श्रम एवं विशेष रूप से महिलाओं की मेहनत कम हो सके। कृषि के क्षेत्र में लोगों को बनाए रखना आज एक बड़ी चुनौती है। कृषि कार्य को आसान बनाना एवं उनकी आय बढ़ाना हमारा प्रमुख उद्देश्य होना चाहिए।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि वर्तमान में भारत में सर्वाधिक जनसंख्या युवाओं की है। देश एवं प्रदेश की प्रगति में भी युवा शक्ति का भी उल्लेखनीय योगदान है। स्वामी विवेकानंद ने कहा था कि आप मुझे देश के 100 ऊर्जावान युवा दे दें, मैं देश के भविष्य को बदल दूंगा। आज भारत के पास ऊर्जा से भरी युवाओं की पीढ़ी है, निश्चय ही हम स्वामी विवेकानंद जी के सपनों को पूरा करने की दिशा में सकारात्मक रूप से आगे बढ़ रहे है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण का लक्ष्य रखा है और इसे पूरा करने के लिए तेजी से काम कर रहे हैं। विकसित भारत के साथ ही विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण के लिए हमने विजन डॉक्यूमेंट बनाया है। ऊर्जा से भरे प्रतिभाशाली युवाओं के बूते निश्चित ही हम विकसित छत्तीसगढ़ के सपनों को मूर्त रूप प्रदान करेेंगें।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आधुनिक युग विज्ञान एवं तकनीक का युग है। आपने जो ज्ञान अर्जित किया है, उस ज्ञान एवं तकनीक का उपयोग समाज के हित में, देश एवं प्रदेश के विकास में करने की आवश्यकता है। छत्तीसगढ़वासियों की आकांक्षाओं और सपनों को पूरा करने के लिए पूर्ण समर्पण से कार्य करें और विकसित छत्तीसगढ गढ़ने में अपना बहुमूल्य योगदान दें। रायपुर में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से हम अपने प्रदेश में कृषि विकास को नई ऊंचाइयों पर स्थापित करेंगे। कृषि वैज्ञानिकों और उद्यमियों की सहभागिता से हम किसानों के जीवन को खुशहाल और समृद्ध बनाएंगे। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि एक वैज्ञानिक अपनी सोच और काम से देश को कितना बदल सकता है इसका उदाहरण कृषि वैज्ञानिक डा. एमएस स्वामीनाथन के जीवन में हम देख सकते हैं। डा. एमएस स्वामीनाथन जी ने देश में हरित क्रांति लाई। उन्होंने देश को खाद्य सुरक्षा के मामले में आत्मनिर्भर बनाया। जिससे अब भारत को विदेशों से गेंहूं आयात के लिए मुंह नहीं ताकना पड़ा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हमेशा कृषि क्षेत्र के विकास को अपनी सर्वाेच्च प्राथमिकता में रखा है। उन्होंने हमेशा नवाचारों, अनुसंधानों और उद्यमिता के विकास को प्रोत्साहित और प्रेरित किया है। हमारे युवा सकारात्मक ऊर्जा से भरे हैं। उनके पास नये विचार हैं। हमें उन्हें प्रोत्साहित करना है। सुविधाएं उपलब्ध करानी हैं और उनकी जिज्ञासाओं का समाधान करना है। मुझे इस बात की खुशी है कि विश्वविद्यालय कैंपस में इसके लिए बहुत अच्छा वातावरण आप लोगों ने उपलब्ध कराया है। जीवन में नई संभावनाओं को प्राप्त करने के लिए शिक्षा बेहद आवश्यक है। हमारा देश अपनी शिक्षा व्यवस्था की वजह से ही विश्व गुरु रहा है। हमें अपनी शिक्षा संस्थाओं को लगातार बेहतर करना होगा ताकि एक बार पुनः भारत वैश्विक शिक्षा का केंद्र बन सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विश्वविद्यालय द्वारा विभिन्न फसलों की 160 से अधिक किस्में और 100 से अधिक उन्नत कृषि तकनीक विकसित की गई है। दुनिया जलवायु परिवर्तन के खतरों से जूझ रही है और इसका सबसे अधिक असर कृषि क्षेत्र पर पड़ेगा। यह खुशी की बात है कि कृषि विश्वविद्यालय के अनुसंधान केंद्रों के वैज्ञानिक जलवायु परिवर्तन का मुकाबला करने वाले बीज तैयार कर रहे हैं। विश्वविद्यालय का बलरामपुर से लेकर सुकमा तक कृषि महाविद्यालय, अनुसंधान केन्द्र और कृषि विज्ञान केन्द्र का मजबूत नेटवर्क है जिनकी सहायता से विश्वविद्यालय छत्तीसगढ़ राज्य में कृषि विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
समारोह के विशिष्ट अतिथि कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य कृषि के साथ-साथ उद्यानिकी के क्षेत्र में भी निरंतर प्रगति कर रहा है। नए अनुसंधान और तकनीक के माध्यम से किसान अपना उत्पादन बढ़ा रहे है और आर्थिक रूप से समृद्ध हो रहे है। समारोह में दीक्षांत भाषण इंटरनेशनल सेंटर फॉर जेनेटिक इंजीनियरिंग एण्ड बायोटेक्नोलॉजी, नई दिल्ली के पूर्व महानिदेशक डॉ. वांगा शिवा रेड्डी ने दिया। विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. गिरीश चंदेल ने दीक्षांत प्रतिवेदन प्रस्तुत किया उन्होंने विश्वविद्यालय की गतिविधियों एवं उपलब्धियों पर विस्तृत प्रकाश डाला। आभार प्रदर्शन कुलसचिव द्वारा किया गया। दीक्षांत समारोह में विभिन्न विश्वविद्यालय के कुलपति, प्रबंध मण्डल तथा विद्या परिषद के सदस्यगण, प्राध्यापक, वैज्ञानिक, विश्वविद्यालय के अधिकारी, उपाधि तथा पदक प्राप्त करने वाले विद्यार्थी तथा उनके पालकगण उपस्थित थे।





