स्पोर्ट्स डेस्क। इंग्लैंड ने तीसरे और निर्णायक वनडे मुकाबले में भारत को 27 रन से हराकर तीन मैचों की सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली। पहले बल्लेबाजी करते हुए इंग्लैंड ने 50 ओवर में 3 विकेट पर 387 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। जवाब में भारतीय टीम 50 ओवर में 7 विकेट पर 360 रन ही बना सकी। रोहित शर्मा के शानदार शतक के बावजूद भारत लक्ष्य हासिल नहीं कर सका।
डकेट और बेथेल ने खेली तूफानी पारी
इससे पहले टॉस जीतकर बल्लेबाजी करते हुए इंग्लैंड ने भारत के सामने 388 रन का लक्ष्य रखा। सलामी बल्लेबाज बेन डकेट ने 135 गेंदों में 141 रन की शानदार पारी खेली, जबकि जैकब बेथेल ने 93 गेंदों में 91 रन बनाए। दोनों के बीच पहले विकेट के लिए 192 रन की साझेदारी हुई, जिसने भारत पर दबाव बना दिया।
इसके बाद जो रूट ने नाबाद 74 और जोस बटलर ने महज 13 गेंदों में नाबाद 41 रन की विस्फोटक पारी खेली। दोनों ने अंतिम 19 गेंदों में 63 रन जोड़कर इंग्लैंड का स्कोर 387/3 तक पहुंचाया। यह भारत के खिलाफ इंग्लैंड का अब तक का सर्वोच्च वनडे स्कोर भी है।
भारत की ओर से प्रसिद्ध कृष्णा ने 2 विकेट लिए, जबकि प्रिंस यादव को 1 सफलता मिली।
रोहित का शतक, लेकिन नहीं मिली जीत
388 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत को रोहित शर्मा और कप्तान शुभमन गिल ने शानदार शुरुआत दिलाई। दोनों ने पहले विकेट के लिए 147 रन जोड़े। शुभमन गिल 84 गेंदों में 77 रन बनाकर आउट हुए। इसके बाद रोहित शर्मा ने विराट कोहली के साथ दूसरे विकेट के लिए 113 रन की साझेदारी की। रोहित ने 110 गेंदों में 138 रन की शानदार पारी खेली, जिसमें 17 चौके और 5 छक्के शामिल रहे। वहीं विराट कोहली ने 60 गेंदों में 74 रन बनाए। हालांकि मध्यक्रम के लगातार विकेट गिरने से भारत जीत से दूर रह गया।
इंग्लैंड की ओर से सैम करन ने सबसे शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 विकेट झटके। आदिल रशीद, जोफ्रा आर्चर और जैकब बेथेल को एक-एक विकेट मिला।
बेथेल बने प्लेयर ऑफ द मैच
इंग्लैंड की जीत में ऑलराउंड प्रदर्शन करने वाले जैकब बेथेल को ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया। उन्होंने 91 रन की अहम पारी खेलने के साथ एक विकेट भी हासिल किया। वहीं गेंदबाजी में सैम करन के चार विकेट निर्णायक साबित हुए।
इंग्लैंड ने किया सीरीज पर कब्जा
भारत ने सीरीज का पहला वनडे छह विकेट से जीता था, जबकि दूसरे मुकाबले में इंग्लैंड ने चार विकेट से जीत दर्ज कर बराबरी की थी। तीसरा मुकाबला 27 रन से जीतकर इंग्लैंड ने सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली। इससे पहले टी-20 सीरीज में भी इंग्लैंड ने भारत को 4-0 से हराया था।
स्पोर्ट्स डेस्क। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने पूर्व कप्तान रोहित शर्मा के वनडे संन्यास को लेकर चल रही तमाम अटकलों पर विराम लगा दिया है। BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने स्पष्ट किया है कि इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में खेला जाने वाला तीसरा वनडे रोहित शर्मा का आखिरी अंतरराष्ट्रीय मुकाबला नहीं होगा और वह आगे भी भारतीय टीम के लिए खेलते रहेंगे।
सैकिया ने एक इंटरव्यू में कहा कि मीडिया में रोहित शर्मा के भविष्य को लेकर कई तरह की खबरें चल रही हैं, लेकिन बोर्ड स्तर पर ऐसी कोई चर्चा नहीं हुई है कि वह लॉर्ड्स वनडे के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह देंगे। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि रोहित भारतीय टीम का हिस्सा बने रहेंगे।
रिपोर्ट्स से तेज हुई थीं संन्यास की अटकलें
BCCI की इस सफाई से पहले कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि इंग्लैंड के खिलाफ 19 जुलाई को लॉर्ड्स में होने वाला तीसरा वनडे रोहित शर्मा के करियर का आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच हो सकता है। रिपोर्ट्स में कहा गया था कि चयनकर्ताओं ने 2027 वनडे विश्व कप की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए रोहित को भविष्य की योजनाओं से अवगत करा दिया है और अब टीम में युवा खिलाड़ियों को बड़ी जिम्मेदारी देने की रणनीति पर काम किया जा रहा है।
इन्हीं रिपोर्ट्स के बाद यह खबर भी सामने आई थी कि रोहित शर्मा के माता-पिता गुरुनाथ शर्मा और पूर्णिमा शर्मा विशेष रूप से लंदन पहुंचे हैं। दावा किया गया कि रोहित ने खुद उनके यात्रा की व्यवस्था की ताकि यदि यह उनका आखिरी मैच हो तो परिवार लॉर्ड्स में मौजूद रह सके। हालांकि इन दावों की कभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई और इन्हें केवल मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर ही देखा गया।
2027 विश्व कप की तैयारियों को लेकर चर्चा
कुछ रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया कि चयनकर्ताओं की नजर अब 2027 वनडे विश्व कप पर है। टीम मैनेजमेंट और चयन समिति भविष्य को ध्यान में रखते हुए युवा खिलाड़ियों को लगातार अवसर देना चाहती है। इसी क्रम में यशस्वी जायसवाल जैसे बल्लेबाजों को वनडे टीम में नियमित भूमिका मिलने की चर्चाएं भी सामने आई थीं। हालांकि BCCI ने इन दावों की पुष्टि नहीं की है।
इंग्लैंड दौरे पर बल्ले से संघर्ष
रोहित शर्मा का मौजूदा इंग्लैंड दौरा उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहा है। उन्होंने पहले वनडे में 11 रन बनाए, जबकि दूसरे मुकाबले में 47 गेंदों पर 26 रन की पारी खेली। दोनों मैचों में वह अपनी स्वाभाविक आक्रामक बल्लेबाजी नहीं कर सके और इंग्लैंड के गेंदबाजों के सामने संघर्ष करते नजर आए। इसी खराब प्रदर्शन के बाद उनके भविष्य को लेकर चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया था।
क्यों उठीं संन्यास की चर्चाएं?
रोहित शर्मा के वनडे भविष्य को लेकर चर्चा तेज होने के पीछे कई कारण बताए गए—
कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि वह 2027 वनडे विश्व कप की योजनाओं का हिस्सा नहीं हैं।
इंग्लैंड दौरे के शुरुआती दो वनडे में उनका खराब प्रदर्शन।
चयनकर्ताओं द्वारा युवा खिलाड़ियों को अधिक अवसर देने की रणनीति की चर्चाएं।
रोहित पहले ही टी-20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं, इसलिए वनडे से विदाई की अटकलें और तेज हो गईं।
हालांकि BCCI ने अब इन सभी अटकलों को खारिज करते हुए स्पष्ट कर दिया है कि रोहित शर्मा के संन्यास को लेकर कोई आधिकारिक फैसला नहीं हुआ है।
शानदार रहा है रोहित का वनडे करियर
अगर आंकड़ों पर नजर डालें तो रोहित शर्मा आधुनिक वनडे क्रिकेट के सबसे सफल बल्लेबाजों में शामिल हैं। उन्होंने अब तक 286 वनडे मैचों में 11,731 रन बनाए हैं और उनका बल्लेबाजी औसत 48.67 का रहा है। उनके नाम 32 शतक और 58 अर्धशतक दर्ज हैं। वनडे इतिहास का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर 264 रन भी रोहित शर्मा के नाम है।
कप्तान के रूप में भी उनका रिकॉर्ड शानदार रहा है। उनकी अगुआई में भारत ने 2023 वनडे विश्व कप के फाइनल तक का सफर तय किया। इसके बाद टीम इंडिया ने 2024 टी-20 विश्व कप का खिताब जीता और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी भी अपने नाम की।
फिलहाल BCCI के आधिकारिक बयान के बाद यह साफ हो गया है कि रोहित शर्मा के वनडे संन्यास को लेकर चल रही खबरों की पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में लॉर्ड्स वनडे को उनके करियर का आखिरी मैच मानना फिलहाल केवल अटकलों तक ही सीमित है।
बर्मिंघम। भारत ने इंग्लैंड को पहले वनडे मुकाबले में 6 विकेट से हराकर सीरीज का शानदार आगाज किया। बर्मिंघम के एजबेस्टन मैदान पर 259 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए टीम इंडिया ने 45.2 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर 262 रन बनाकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। इस जीत के हीरो अक्षर पटेल रहे, जिन्होंने गेंद और बल्ले दोनों से शानदार प्रदर्शन करते हुए नाबाद 57 रन बनाए और 4 विकेट भी झटके।
इंग्लैंड 258 रन पर सिमटी
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड की टीम 47.5 ओवर में 258 रन पर ऑलआउट हो गई। टीम को बेन डकेट (43) और जैकब बेथेल (14) ने पहले विकेट के लिए 61 रन की साझेदारी कर अच्छी शुरुआत दिलाई। हालांकि इसके बाद इंग्लैंड ने 19 रन के भीतर पांच विकेट गंवा दिए।
संकट के समय जो रूट और लियाम डॉसन ने पारी संभालते हुए छठे विकेट के लिए 121 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी की। रूट ने नाबाद 76 रन और डॉसन ने 68 रन बनाए, जिससे इंग्लैंड सम्मानजनक स्कोर तक पहुंच सका।
अक्षर पटेल ने गेंदबाजी में मचाई धूम
भारतीय गेंदबाजों में अक्षर पटेल सबसे सफल रहे। उन्होंने 9.5 ओवर में 62 रन देकर 4 विकेट हासिल किए। प्रसिद्ध कृष्णा और गुरनूर बरार ने 2-2 विकेट लिए, जबकि जसप्रीत बुमराह और शिवम दुबे को 1-1 सफलता मिली।
गिल, वाशिंगटन और अक्षर ने खेली अर्धशतकीय पारी
लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। रोहित शर्मा 11 रन और विराट कोहली 5 रन बनाकर जल्दी पवेलियन लौट गए। इसके बाद कप्तान शुभमन गिल और श्रेयस अय्यर ने तीसरे विकेट के लिए 101 रन की साझेदारी कर टीम की पारी संभाली। गिल ने 75 गेंदों में 80 रन की शानदार पारी खेली, लेकिन क्रैम्प्स के कारण उन्हें रिटायर्ड हर्ट होकर मैदान छोड़ना पड़ा। श्रेयस अय्यर 35 रन बनाकर रन आउट हुए, जबकि केएल राहुल केवल 1 रन बनाकर आउट हो गए।
इसके बाद अक्षर पटेल और वाशिंगटन सुंदर ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए पांचवें विकेट के लिए नाबाद 102 रन की साझेदारी की और भारत को जीत दिलाई। वॉशिंगटन सुंदर ने 63 गेंदों में नाबाद 52 रन बनाए, जबकि अक्षर पटेल ने 52 गेंदों में नाबाद 57 रन की मैच जिताऊ पारी खेली।
मैच के स्टार रहे अक्षर पटेल
अक्षर पटेल ने इस मुकाबले में ऑलराउंड प्रदर्शन करते हुए पहले गेंदबाजी में 4 विकेट लिए और फिर नाबाद अर्धशतक जड़कर भारत की जीत में सबसे अहम भूमिका निभाई। उनके हरफनमौला प्रदर्शन और शुभमन गिल-वाशिंगटन सुंदर की जिम्मेदार बल्लेबाजी के दम पर भारत ने पहला वनडे जीतकर सीरीज में 1-0 की बढ़त हासिल बना ली।
दोनों टीमों की प्लेइंग 11
भारत : शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, श्रेयस अय्यर, केएल राहुल (विकेटकीपर), वाशिंगटन सुंदर, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, गुरनूर बराड़, जसप्रित बुमरा, प्रसिद्ध कृष्णा।
स्पोर्ट्स डेस्क। घरेलू मैदान पर न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन मैचों की टेस्ट सीरीज में 1-2 की हार के बाद इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने बड़ा फैसला लेते हुए टेस्ट टीम के हेड कोच ब्रैंडन मैकुलम को उनके पद से हटा दिया है। हालांकि, मैकुलम इंग्लैंड की वनडे और टी20 टीम के मुख्य कोच बने रहेंगे। ऐसे में अब टेस्ट टीम के लिए नए हेड कोच की तलाश शुरू हो गई है और इस दौड़ में भारत के पूर्व कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज राहुल द्रविड़ का नाम सबसे प्रमुख दावेदारों में सामने आया है।
राहुल द्रविड़ सबसे मजबूत उम्मीदवार
‘डेली टेलीग्राफ’ की रिपोर्ट के मुताबिक, ECB टेस्ट टीम की जिम्मेदारी ऐसे अनुभवी कोच को सौंपना चाहता है, जो खिलाड़ियों के विकास के साथ-साथ टीम को लंबे समय तक सफलता दिला सके। इस सूची में राहुल द्रविड़ सबसे आगे बताए जा रहे हैं। उनके अलावा इंग्लैंड के पूर्व कोच एंडी फ्लावर और पूर्व स्पिनर रिचर्ड डॉसन के नाम पर भी विचार किया जा रहा है।
एशेज की तैयारी के लिए बड़ा फैसला
अगले साल ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ होने वाली प्रतिष्ठित एशेज सीरीज को ध्यान में रखते हुए ECB ने टेस्ट टीम में बदलाव का फैसला लिया है। बोर्ड का मानना है कि यह टीम के लिए नई शुरुआत करने का सही समय है। इसी वजह से टेस्ट टीम के लिए अलग नेतृत्व और नई रणनीति पर काम शुरू कर दिया गया है।
फुल-टाइम कोचिंग के इच्छुक नहीं हैं द्रविड़
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि 53 वर्षीय राहुल द्रविड़ फिलहाल किसी भी टीम के साथ फुल-टाइम कोचिंग की जिम्मेदारी संभालने के इच्छुक नहीं हैं। हालांकि, अगर उन्हें इंग्लैंड की टेस्ट टीम का कोच बनने का प्रस्ताव मिलता है तो यह भूमिका उनके लिए आकर्षक हो सकती है। इससे उन्हें परिवार के साथ अधिक समय बिताने का अवसर मिलेगा और वह टेस्ट क्रिकेट से भी जुड़े रहेंगे, जिसे वह हमेशा अपना पसंदीदा प्रारूप मानते रहे हैं।
इसी वजह से ECB कम से कम एक बार राहुल द्रविड़ से बातचीत कर उनकी राय जरूर जानना चाहता है।
शानदार रहा है द्रविड़ का कोचिंग करियर
राहुल द्रविड़ का कोचिंग अनुभव बेहद प्रभावशाली रहा है। उनके मार्गदर्शन में भारत ने 2024 का टी20 विश्व कप जीता, जबकि 2023 में टीम विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के फाइनल तक पहुंची। सीनियर टीम की जिम्मेदारी संभालने से पहले उन्होंने भारत की अंडर-19 टीम और बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में भी कई युवा खिलाड़ियों को तैयार किया, जिनमें से कई आज भारतीय टीम का अहम हिस्सा हैं।
कई दिग्गज भी रेस में शामिल
राहुल द्रविड़ के अलावा इंग्लैंड टेस्ट टीम के हेड कोच पद के लिए कई बड़े नामों पर भी चर्चा चल रही है। इनमें जिम्बाब्वे के पूर्व कप्तान एंडी फ्लावर, श्रीलंका के महान बल्लेबाज कुमार संगकारा, इंग्लैंड के पूर्व ऑलराउंडर एंड्रयू फ्लिंटॉफ, पाकिस्तान के मौजूदा हेड कोच माइक हेसन और ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कोच जस्टिन लैंगर शामिल हैं।
इन सभी उम्मीदवारों में एंडी फ्लावर का रिकॉर्ड सबसे शानदार माना जाता है। उनके कार्यकाल में इंग्लैंड ने तीन बार एशेज सीरीज अपने नाम की थी और टेस्ट क्रिकेट में दुनिया की नंबर-1 टीम बनने का गौरव भी हासिल किया था।
ECB के सामने बड़ी चुनौती
अब ECB के सामने सबसे बड़ी चुनौती ऐसे कोच का चयन करना है, जो टीम को फिर से टेस्ट क्रिकेट में मजबूत बनाए और अगले साल होने वाली एशेज सीरीज में ऑस्ट्रेलिया को कड़ी टक्कर देने के लिए तैयार कर सके। आने वाले दिनों में बोर्ड नए टेस्ट हेड कोच के नाम पर अंतिम फैसला ले सकता है।
मुंबई। भारतीय क्रिकेट टीम इस समय इंग्लैंड दौरे पर पांच मैचों की T20I सीरीज खेल रही है। इसके बाद दोनों टीमों के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज खेली जाएगी। वहीं, इंग्लैंड दौरा समाप्त होने के बाद टीम इंडिया जिम्बाब्वे का दौरा करेगी, जहां दोनों देशों के बीच तीन मैचों की T20I सीरीज आयोजित होगी। इस दौरे के लिए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने सोमवार को 15 सदस्यीय भारतीय टीम की घोषणा कर दी। साथ ही इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली वनडे सीरीज के लिए भी टीम में एक अहम बदलाव किया गया है।
जिम्बाब्वे दौरे के लिए घोषित भारतीय टीम में सबसे ज्यादा चर्चा युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर है। इंग्लैंड के खिलाफ T20I सीरीज में डेब्यू करने वाले वैभव पर चयनकर्ताओं ने एक बार फिर भरोसा जताया है और उन्हें जिम्बाब्वे दौरे के लिए भी टीम में शामिल किया गया है।
इसके अलावा अशोक शर्मा, प्रभसिमरन सिंह और यश ठाकुर को पहली बार भारतीय T20I टीम में जगह मिली है। वहीं, अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन को इस बार टीम से बाहर रखा गया है। हाल के समय में भारतीय T20 टीम का नियमित हिस्सा रहे संजू का चयन नहीं होना इस घोषणा का सबसे बड़ा सरप्राइज माना जा रहा है।
श्रेयस अय्यर को मिली कप्तानी, तिलक वर्मा बने उपकप्तान
जिम्बाब्वे दौरे पर भारतीय टीम की कमान श्रेयस अय्यर संभालेंगे, जबकि तिलक वर्मा को उपकप्तान बनाया गया है। विकेटकीपिंग की जिम्मेदारी ईशान किशन और प्रभसिमरन सिंह के कंधों पर होगी।
टीम में अभिषेक शर्मा, शिवम दुबे, रिंकू सिंह, सूर्यांश शेडगे, हर्ष दुबे, वरुण चक्रवर्ती, प्रिंस यादव, मयंक यादव और अन्य युवा खिलाड़ियों को भी मौका दिया गया है। चयनकर्ताओं के इस फैसले को आगामी T20 विश्व कप की तैयारियों के मद्देनजर युवा खिलाड़ियों को अवसर देने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।
जिम्बाब्वे दौरे के लिए भारत की T20I टीम
श्रेयस अय्यर (कप्तान), वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा (उपकप्तान), ईशान किशन (विकेटकीपर), शिवम दुबे, सूर्यांश शेडगे, रिंकू सिंह, हर्ष दुबे, वरुण चक्रवर्ती, प्रिंस यादव, यश ठाकुर, अशोक शर्मा, मयंक यादव और प्रभसिमरन सिंह (विकेटकीपर)।
इंग्लैंड वनडे सीरीज से पहले भी बड़ा बदलाव
चयन समिति ने इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली 3 मैचों की वनडे सीरीज से पहले भी भारतीय टीम में अहम बदलाव किया है। ऑलराउंडर नितीश कुमार रेड्डी की जगह शिवम दुबे को भारतीय वनडे टीम में शामिल किया गया है। माना जा रहा है कि यह बदलाव टीम संयोजन को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से किया गया है।
स्पोर्ट्स डेस्क। भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज का आगाज बारिश की भेंट चढ़ गया। पहला मुकाबला भारतीय बल्लेबाजों के दमदार प्रदर्शन के बावजूद पूरा नहीं हो सका और लगातार बारिश के कारण रद्द घोषित करना पड़ा। ऐसे में दोनों टीमों को एक-एक अंक से संतोष करना पड़ा। अब क्रिकेट प्रशंसकों की नजरें सीरीज के दूसरे मुकाबले पर हैं, जो 4 जुलाई को खेला जाएगा।
पहले टी20 में भारत ने बनाए थे 189 रन
पहले टी20 मुकाबले में भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। हालांकि टीम इंडिया की शुरुआत एक बार फिर खराब रही। सलामी बल्लेबाज संजू सैमसन सिर्फ 1 रन बनाकर आउट हो गए, जबकि तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने आए ईशान किशन बिना खाता खोले रन आउट हो गए। महज 6 रन के स्कोर पर भारत ने अपने दो अहम विकेट गंवा दिए थे।
अभिषेक शर्मा और श्रेयस अय्यर ने संभाली पारी
शुरुआती झटकों के बाद कप्तान श्रेयस अय्यर और अभिषेक शर्मा ने शानदार साझेदारी कर भारतीय पारी को संभाला। अभिषेक शर्मा ने सिर्फ 24 गेंदों में 59 रन की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें 6 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। वहीं कप्तान श्रेयस अय्यर ने 47 गेंदों पर 68 रन बनाए। उन्होंने अपनी पारी में 6 चौके और 1 छक्का लगाया। यह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कप्तान के तौर पर उनका पहला अर्धशतक भी रहा।
अंतिम ओवरों में शिवम दुबे ने भी तेज बल्लेबाजी करते हुए 21 गेंदों में 42 रन जोड़े। निर्धारित 20 ओवर में भारत ने 7 विकेट के नुकसान पर 189 रन बनाए और इंग्लैंड के सामने 190 रन का लक्ष्य रखा।
बारिश ने बिगाड़ा खेल
भारत की बल्लेबाजी के दौरान हल्की बारिश शुरू हो गई थी, लेकिन खेल जारी रहा। हालांकि भारतीय पारी समाप्त होने के बाद बारिश तेज हो गई। मैदान लगातार गीला होने के कारण इंग्लैंड की पारी शुरू ही नहीं हो सकी।
अंपायरों ने काफी देर तक मौसम साफ होने का इंतजार किया, लेकिन हालात में सुधार नहीं होने पर मुकाबला रद्द घोषित कर दिया गया।
कल खेला जाएगा दूसरा टी20
सीरीज का दूसरा मुकाबला 4 जुलाई (शनिवार) को मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड क्रिकेट ग्राउंड में खेला जाएगा। दोनों टीमों के पास तैयारी के लिए सिर्फ दो दिन का समय है।
अच्छी बात भारतीय दर्शकों के लिए यह है कि दूसरा मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 7:00 बजे शुरू होगा। पहला मैच रात 10 बजे शुरू हुआ था, जबकि इस बार मैच जल्दी शुरू होने के कारण फैंस पूरा मुकाबला आसानी से देख सकेंगे।
सीरीज जीतने के लिए भारत के सामने चुनौती
पहला मुकाबला रद्द होने के बाद पांच मैचों की सीरीज फिलहाल 0-0 की बराबरी पर है। अब दोनों टीमों के बीच चार मुकाबले बाकी हैं। ऐसे में सीरीज अपने नाम करने के लिए भारत को शेष चार मैचों में से कम से कम तीन मुकाबले जीतने होंगे। दूसरी ओर इंग्लैंड भी घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर बढ़त बनाने की कोशिश करेगा।
दूसरे टी20 मुकाबले पर सभी की नजरें रहेंगी, क्योंकि यही मैच तय करेगा कि सीरीज में पहली बढ़त किस टीम के हाथ लगती है।
स्पोर्ट्स डेस्क। भारत और आयरलैंड के बीच खेली जा रही टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला टीम इंडिया के लिए करो या मरो जैसा बन गया है। पहले टी20 में मिली अप्रत्याशित हार के बाद भारतीय टीम रविवार को आयरलैंड के खिलाफ सीरीज में वापसी की उम्मीदों के साथ मैदान पर उतरेगी। हालांकि, क्रिकेट प्रशंसकों की निगाहें एक बार फिर युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी पर टिकी हैं, लेकिन दूसरे मुकाबले में भी उनके डेब्यू की संभावना बेहद कम दिखाई दे रही है।
पहले टी20 में भारत को मिला बड़ा झटका
बेलफास्ट में खेले गए पहले टी20 मुकाबले में आयरलैंड ने शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत को 35 रन से हराकर इतिहास रच दिया। पहले बल्लेबाजी करते हुए आयरलैंड ने निर्धारित 20 ओवर में 182 रन बनाए और भारत के सामने 183 रनों का लक्ष्य रखा। जवाब में भारतीय टीम 18.5 ओवर में 148 रन पर सिमट गई। यह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत के खिलाफ आयरलैंड की पहली जीत रही।
भारतीय बल्लेबाज पूरे मैच में संघर्ष करते नजर आए और कोई भी बड़ी साझेदारी नहीं बना सके। वहीं आयरलैंड के गेंदबाजों ने अनुशासित गेंदबाजी करते हुए भारतीय बल्लेबाजी क्रम को पूरी तरह दबाव में रखा।
वैभव सूर्यवंशी को करना पड़ सकता है इंतजार
पहले मैच में हार के बावजूद टीम प्रबंधन बल्लेबाजी क्रम में बड़े बदलाव के मूड में नजर नहीं आ रहा है। ऐसे में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को दूसरे टी20 में भी डेब्यू का मौका मिलना मुश्किल माना जा रहा है।
कप्तान श्रेयस अय्यर संभवतः उसी बल्लेबाजी क्रम के साथ उतरना चाहेंगे, ताकि शीर्ष क्रम के बल्लेबाज पहले मैच की नाकामी से उबरकर बेहतर प्रदर्शन कर सकें।
गेंदबाजी में हो सकता है एक बदलाव
हालांकि गेंदबाजी विभाग में एक बदलाव देखने को मिल सकता है। तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा की जगह लेग स्पिनर रवि बिश्नोई को प्लेइंग इलेवन में शामिल किए जाने की संभावना जताई जा रही है। आयरलैंड की परिस्थितियों और पिच को देखते हुए टीम प्रबंधन अतिरिक्त स्पिन विकल्प के साथ उतर सकता है।
आयरलैंड बिना बदलाव के उतर सकती है
पहले टी20 में शानदार जीत दर्ज करने वाली आयरलैंड की टीम अपनी विजयी प्लेइंग इलेवन के साथ ही दूसरे मुकाबले में उतर सकती है। गौरतलब है कि इस सीरीज में आयरलैंड के छह प्रमुख खिलाड़ी उपलब्ध नहीं हैं, इसके बावजूद युवा खिलाड़ियों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया।
भारत के राजस्थान से आयरलैंड जाकर खेलने वाले तेज गेंदबाज जय मूंदरा ने पहले टी20 में प्रभावशाली गेंदबाजी करते हुए चार ओवर में 25 रन देकर दो विकेट झटके थे। उनके अलावा अन्य गेंदबाजों ने भी भारतीय बल्लेबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा।
भारत की संभावित प्लेइंग इलेवन
अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन, ईशान किशन (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा (उपकप्तान), शिवम दुबे, वाशिंगटन सुंदर, अक्षर पटेल, रवि बिश्नोई/प्रसिद्ध कृष्णा, अर्शदीप सिंह और हर्षित राणा।
आयरलैंड की संभावित प्लेइंग इलेवन
टिम टेक्टर, रॉस एडायर, हैरी टेक्टर, लोरकान टकर (कप्तान एवं विकेटकीपर), बेंजामिन कैलिट्ज़, गैरेथ डेलानी, जॉर्ज डॉकरेल, लियाम मैकार्थी, मैथ्यू हम्फ्रीज़ और जय मूंदरा।
अब देखना दिलचस्प होगा कि टीम इंडिया पहले मैच की हार से सबक लेकर वापसी कर पाती है या फिर आयरलैंड अपनी जीत की लय को बरकरार रखते हुए सीरीज में अजेय बढ़त हासिल करने में सफल रहती है।
नई दिल्ली। राष्ट्रपति भवन में आयोजित विशेष समारोह में भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज रोहित शर्मा को पद्मश्री सम्मान से नवाजा गया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें देश के चौथे सर्वोच्च नागरिक सम्मान से सम्मानित किया। भारतीय क्रिकेट में उनके उल्लेखनीय योगदान, शानदार नेतृत्व और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का गौरव बढ़ाने के लिए यह सम्मान प्रदान किया गया।
रोहित शर्मा के लिए पिछले कुछ वर्ष उपलब्धियों से भरे रहे हैं। उनकी कप्तानी में भारतीय टीम ने 2024 में टी20 विश्व कप का खिताब जीतकर 17 साल बाद इस टूर्नामेंट में देश को विश्व विजेता बनाया था। इसके बाद 2025 में टीम इंडिया ने चैंपियंस ट्रॉफी भी अपने नाम की। लगातार दो आईसीसी खिताब जीतने वाले कप्तान के रूप में रोहित ने भारतीय क्रिकेट में अपनी अलग पहचान बनाई है।
खेल जगत की अन्य हस्तियों को भी मिला सम्मान
पद्म पुरस्कार समारोह में भारतीय टेनिस के दिग्गज विजय अमृतराज को पद्म भूषण से सम्मानित किया गया। वहीं इससे पहले मई 2026 में भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर को भी पद्मश्री पुरस्कार प्रदान किया गया था। उनके अलावा पैरा एथलीट प्रवीण कुमार और पारंपरिक मार्शल आर्ट के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले के. पाजनिवेल को भी पद्मश्री सम्मान से नवाजा गया था।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने जनवरी 2026 में पद्म पुरस्कारों की घोषणा की थी, जिसमें खेल जगत से नौ खिलाड़ियों का चयन किया गया था।
कप्तानी में भारत ने जीती दो आईसीसी ट्रॉफियां
रोहित शर्मा भारतीय क्रिकेट के सबसे सफल कप्तानों और बल्लेबाजों में गिने जाते हैं। उनकी कप्तानी में टीम इंडिया ने 2024 का टी20 विश्व कप और 2025 की चैंपियंस ट्रॉफी जीती। इससे पहले वह 2013 में चैंपियंस ट्रॉफी जीतने वाली भारतीय टीम का भी हिस्सा रहे थे।
साल 2023 के वनडे विश्व कप में भी रोहित की कप्तानी की काफी सराहना हुई थी। उनकी अगुवाई में भारतीय टीम लगातार 10 मैच जीतते हुए फाइनल तक पहुंची थी। हालांकि खिताबी मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टीम को हार का सामना करना पड़ा था।
विश्व कप में बल्ले से भी दिखाया दम
रोहित शर्मा ने सिर्फ कप्तानी ही नहीं, बल्कि बल्लेबाजी में भी कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम किए हैं। 2023 वनडे विश्व कप में उन्होंने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए 597 रन बनाए थे और टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ियों की सूची में दूसरे स्थान पर रहे थे। उनसे आगे केवल विराट कोहली थे, जिन्होंने 765 रन बनाए थे।
वहीं 2019 वनडे विश्व कप रोहित शर्मा के करियर के सबसे यादगार टूर्नामेंटों में शामिल है। उन्होंने उस विश्व कप में रिकॉर्ड पांच शतक जड़े थे और नौ पारियों में 648 रन बनाकर सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे थे। उनका यह प्रदर्शन आज भी विश्व कप इतिहास के सर्वश्रेष्ठ व्यक्तिगत अभियानों में गिना जाता है।
पद्मश्री सम्मान के साथ रोहित शर्मा के लंबे और सफल क्रिकेट करियर में एक और बड़ी उपलब्धि जुड़ गई है। मैदान पर अपने प्रदर्शन और नेतृत्व क्षमता से करोड़ों क्रिकेट प्रेमियों के प्रेरणास्रोत बने रोहित अब देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में से एक के सम्मानित प्राप्तकर्ताओं की सूची में भी शामिल हो गए हैं।
मुंबई। आईपीएल के आगामी सीजन से पहले भारतीय क्रिकेट में एक हाई-प्रोफाइल ट्रेड डील ने हलचल मचा दी है। इस डील के तहत भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत एक बार फिर दिल्ली कैपिटल्स की जर्सी में नजर आएंगे, जबकि स्टार स्पिनर कुलदीप यादव अब लखनऊ सुपर जायंट्स का हिस्सा बन गए हैं। यह ट्रेड आईपीएल इतिहास के सबसे चर्चित और प्रभावशाली सौदों में से एक माना जा रहा है।
पंत की “घर वापसी” बनी चर्चा का केंद्र
ऋषभ पंत का दिल्ली कैपिटल्स में लौटना क्रिकेट जगत में एक बड़ी खबर के रूप में देखा जा रहा है। पंत ने 2016 से 2024 तक दिल्ली कैपिटल्स का प्रतिनिधित्व किया था और इस दौरान वे टीम के सबसे प्रमुख चेहरों में से एक रहे।
उन्होंने दिल्ली के लिए कुल 111 मुकाबले खेले, जो किसी भी खिलाड़ी द्वारा फ्रेंचाइजी के लिए सबसे अधिक मैचों में से एक है। उनके प्रदर्शन और आक्रामक बल्लेबाजी ने कई मौकों पर टीम को जीत दिलाई। इसके अलावा, पंत ने 2021 से 2024 के बीच तीन अलग-अलग सीजन में 43 मैचों में दिल्ली की कप्तानी भी की, जिससे उनकी नेतृत्व क्षमता भी स्थापित हुई।
आईपीएल 2025 मेगा ऑक्शन में बड़ा बदलाव देखने को मिला था, जब लखनऊ सुपर जायंट्स ने उन्हें रिकॉर्ड 27 करोड़ रुपये की बोली लगाकर अपनी टीम में शामिल किया था। यह अब तक की आईपीएल इतिहास की सबसे बड़ी बोली थी। हालांकि, अब इस ट्रेड के बाद पंत फिर से दिल्ली कैपिटल्स में लौट आए हैं। रिपोर्ट के अनुसार उनकी नई फीस 15 करोड़ रुपये तय की गई है।
नई दिल्ली। भारत की महिला 4x100m रिले टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चीन के शांग्यू शहर में आयोजित एशियन रिले चैंपियनशिप 2026 में गोल्ड मेडल जीता। उन्होंने एक रोमांचक फ़ाइनल में मज़बूत दावेदार चीन को 43.85 सेकंड के सीज़न-बेस्ट समय के साथ हराया।
स्राबानी नंदा, एसएस स्नेहा, सुदेशना शिवंकर और तमन्ना की चौकड़ी ने लगभग बेहतरीन रेस लगाई। उन्होंने शानदार बैटन एक्सचेंज और ज़बरदस्त फ़िनिशिंग स्पीड के दम पर चीन को पीछे छोड़ा, जिसने 44.09 सेकंड में सिल्वर मेडल जीता। थाईलैंड ने बेहद कड़े मुकाबले में 44.11 सेकंड के साथ ब्रॉन्ज़ मेडल हासिल किया।
रिलायंस फ़ाउंडेशन के मार्टिन ओवेन्स की कोचिंग में, भारतीय टीम ने अपने रेस प्लान को बहुत सटीकता से अंजाम दिया। यह हाल के वर्षों में उनके सबसे बेहतरीन रिले प्रदर्शनों में से एक था।
शानदार व्यक्तिगत प्रदर्शन से भारत का अभियान सफल रहा
गोल्ड मेडल ने तमन्ना और स्नेहा शानुवल्ली के लिए एक सफल टूर्नामेंट का समापन किया; दोनों ने चैंपियनशिप में दो-दो मेडल जीते। इससे पहले, दोनों ने अनिमेष कुजूर और प्रणव गुरव के साथ मिलकर भारत की मिक्स्ड 4x100m रिले टीम के ब्रॉन्ज़ मेडल जीतने में अहम भूमिका निभाई थी।
मिक्स्ड रिले टीम ने 41.27 सेकंड का समय लेकर तीसरा स्थान हासिल किया। वे थाईलैंड (41.14 सेकंड) और चीन (41.29 सेकंड) से पीछे रहे, लेकिन इससे यह पक्का हो गया कि भारत स्प्रिंट रिले इवेंट्स में भी मजबूत दावेदार बना हुआ है।
भारत ने मिक्स्ड 4x400m रिले में भी सिल्वर मेडल जीता। इसमें तीर्थेश पी शेट्टी, एमआर पूवम्मा, भरत श्रीधर और नीरू पाठक ने शानदार दौड़ लगाई और वियतनाम के बाद 3:17.06 सेकंड में रेस पूरी की।
4x400m रिले में मिले-जुले नतीजे
स्प्रिंट में सफलता के बावजूद, भारत को 4x400m रिले इवेंट्स में निराशा हाथ लगी। एमआर पूवम्मा, रशदीप कौर, अंसा बाबू और सलोनी नागर की महिला टीम 3:34.88 सेकंड के समय के साथ चौथे स्थान पर रही और पोडियम फ़िनिश से चूक गई, जबकि वियतनाम ने 3:31.16 सेकंड में गोल्ड मेडल जीता।
पुरुषों की 4×400 मीटर रिले रेस में, तीर्थेश पी शेट्टी, अविनाश कुमार, सूरज अलागर राजा और भरत श्रीधर 3:05.33 के समय के साथ पांचवें स्थान पर रहे, जबकि वियतनाम ने एक बार फिर शानदार प्रदर्शन करते हुए गोल्ड मेडल जीता।
भारत ने तीन मेडल के साथ प्रतियोगिता समाप्त की
कुल मिलाकर, भारत ने एक गोल्ड, एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज़ मेडल के साथ चैंपियनशिप का समापन किया, जो अलग-अलग इवेंट्स में एक प्रतिस्पर्धी लेकिन उतार-चढ़ाव भरे प्रदर्शन को दर्शाता है। चोटों के कारण पुरुषों की 4×100 मीटर टीम के न होने से भी कुल मेडल जीतने की संभावना पर असर पड़ा।
2026 का यह आयोजन कॉमनवेल्थ गेम्स और एशियन गेम्स सहित एथलेटिक्स के व्यस्त कैलेंडर से पहले तैयारी के लिए एक अहम इवेंट साबित हुआ। भारत अब 2027 में चंडीगढ़ में एशियन रिले चैंपियनशिप की मेजबानी करेगा।
मुंबई। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली तीन मैचों की वनडे सीरीज के लिए भारतीय टीम की घोषणा कर दी है। टीम में अनुभवी बल्लेबाज विराट कोहली और स्टार तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की वापसी हुई है। वहीं, हाल ही में अफगानिस्तान के खिलाफ शतक जड़ने वाले युवा बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल को टीम में जगह नहीं मिलने से चयन पर चर्चाएं तेज हो गई हैं। भारत और इंग्लैंड के बीच वनडे सीरीज का आगाज 14 जुलाई से होगा। पहला मुकाबला एजबेस्टन में खेला जाएगा।
फिटनेस टेस्ट के बाद तय होगी विराट की उपलब्धता
विराट कोहली को टीम में शामिल किया गया है, लेकिन उनकी अंतिम उपलब्धता फिटनेस टेस्ट की रिपोर्ट पर निर्भर करेगी। आईपीएल 2026 के फाइनल के दौरान हैमस्ट्रिंग चोट का सामना करने वाले कोहली अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज नहीं खेल पाए थे। अब 22 जून को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में होने वाले फिटनेस टेस्ट के बाद उनकी स्थिति स्पष्ट होगी।
वनडे टीम में बुमराह की वापसी
तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की लंबे अंतराल के बाद वनडे टीम में वापसी हुई है। उन्होंने आखिरी बार 2023 वनडे विश्व कप फाइनल में भारत के लिए 50 ओवर का मुकाबला खेला था। उनकी वापसी से भारतीय गेंदबाजी आक्रमण को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
शतक के बावजूद यशस्वी को नहीं मिला मौका
अफगानिस्तान के खिलाफ हालिया वनडे मुकाबले में यशस्वी जायसवाल ने 86 गेंदों में नाबाद 110 रन की शानदार पारी खेली थी। विराट कोहली की अनुपस्थिति में मिले अवसर का उन्होंने बेहतरीन फायदा उठाया, लेकिन इसके बावजूद इंग्लैंड दौरे के लिए घोषित टीम में उन्हें शामिल नहीं किया गया। चयनकर्ताओं के इस फैसले ने क्रिकेट प्रशंसकों और विशेषज्ञों के बीच बहस छेड़ दी है।
इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए भारतीय टीम
इंग्लैंड के खिलाफ यह सीरीज भारतीय टीम के लिए अहम मानी जा रही है। अनुभवी खिलाड़ियों की वापसी से टीम को मजबूती मिलेगी, जबकि यशस्वी जायसवाल को बाहर रखने का फैसला आने वाले दिनों में चर्चा का विषय बना रह सकता है।
मुंबई। भारतीय क्रिकेट टीम को आगामी अंतरराष्ट्रीय सीरीजों से पहले एक साथ दो बड़ी खबरें मिली हैं। एक ओर रोहित शर्मा और हार्दिक पांड्या ने फिटनेस टेस्ट पास कर अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए अपनी उपलब्धता सुनिश्चित कर दी है, वहीं तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज को वर्कलोड मैनेजमेंट के तहत आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली टी-20 सीरीज से आराम दिया गया है। उनकी जगह प्रसिद्ध कृष्णा को टीम में शामिल किया गया है।
रोहित-हार्दिक को मिली फिटनेस क्लियरेंस
रोहित शर्मा और हार्दिक पांड्या को अफगानिस्तान के खिलाफ तीन मैचों की वनडे सीरीज के लिए पहले ही टीम में चुना गया था, लेकिन उनकी उपलब्धता फिटनेस पर निर्भर थी। IPL 2026 के दौरान रोहित हैमस्ट्रिंग की समस्या से जूझ रहे थे, जबकि हार्दिक पांड्या बैक स्पाज्म से परेशान थे। अब BCCI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) ने दोनों खिलाड़ियों को फिट घोषित कर दिया है और वे जल्द ही भारतीय टीम से जुड़ेंगे।
हालांकि टीम को बड़ा झटका विराट कोहली के रूप में लगा है। IPL 2026 फाइनल के दौरान हैमस्ट्रिंग चोट का शिकार हुए कोहली अफगानिस्तान सीरीज से बाहर हो चुके हैं। मुख्य चयनकर्ता अजित अगरकर ने बताया कि उनकी वापसी की समयसीमा अभी तय नहीं है। उम्मीद जताई जा रही है कि वह इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज तक फिट हो सकते हैं। कोहली की जगह युवा बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल को टीम में शामिल किया गया है।
सिराज को आराम, प्रसिद्ध कृष्णा की एंट्री
दूसरी ओर BCCI ने तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज को आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज से आराम देने का फैसला किया है। बोर्ड ने मेडिकल टीम और टीम मैनेजमेंट के साथ चर्चा के बाद यह निर्णय लिया। BCCI के अनुसार लंबे अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम को देखते हुए सिराज को पर्याप्त रिकवरी समय देना जरूरी है।
सिराज हाल के समय में भारत के प्रमुख तेज गेंदबाजों में रहे हैं और तीनों प्रारूपों में लगातार क्रिकेट खेल रहे हैं। उनकी जगह प्रसिद्ध कृष्णा को भारतीय टी-20 टीम में शामिल किया गया है। प्रसिद्ध अब तक 5 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 8 विकेट ले चुके हैं।
चंडीगढ़। भारतीय क्रिकेट टीम ने अफगानिस्तान के खिलाफ खेले गए एकमात्र टेस्ट मैच में ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए पारी और 300 रन से शानदार जीत दर्ज की। महाराजा यादविंद्र सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में मिली यह जीत टेस्ट क्रिकेट में भारत की रन अंतर के हिसाब से सबसे बड़ी जीत बन गई है। इससे पहले भारत ने वर्ष 2018 में राजकोट टेस्ट में वेस्टइंडीज को पारी और 272 रन से हराया था।
गिल और राहुल के शतकों से भारत ने बनाये 564 रन
भारतीय टीम ने पहली पारी में 8 विकेट पर 564 रन बनाकर अपनी पारी घोषित की। कप्तान शुभमन गिल ने 126 रन की कप्तानी पारी खेली, जबकि केएल राहुल ने 100 रन बनाए। इसके अलावा ऋषभ पंत और साई सुदर्शन ने 81-81 रन का योगदान दिया। वॉशिंगटन सुंदर 52 रन बनाकर नाबाद रहे।
जवाब में अफगानिस्तान की पहली पारी महज 152 रन पर सिमट गई, जिससे भारत को 412 रन की विशाल बढ़त हासिल हुई। इसके बाद टीम इंडिया ने मेहमान टीम को फॉलोऑन खेलने के लिए मजबूर किया।
दूसरी पारी में भी अफगानिस्तान का संघर्ष जारी
फॉलोऑन के बाद भी अफगानिस्तान की बल्लेबाजी भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सकी। पूरी टीम 112 रन पर ऑलआउट हो गई। दूसरी पारी में केवल तीन बल्लेबाज ही दोहरे अंक तक पहुंच सके। सेदिकुल्लाह अटल ने सर्वाधिक 42 रन बनाए, जबकि पूरे मैच में रहमत शाह अफगानिस्तान के एकमात्र बल्लेबाज रहे जिन्होंने अर्धशतक लगाया।
डेब्यू मैच में मानव सुथार का शानदार प्रदर्शन
अपने टेस्ट करियर का पहला मैच खेल रहे युवा बाएं हाथ के स्पिनर मानव सुथार ने यादगार प्रदर्शन किया। उन्होंने पहली पारी में छह विकेट लेकर अफगानिस्तान की बल्लेबाजी को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। दूसरी पारी में भी उन्हें एक सफलता मिली और इस तरह उन्होंने मैच में कुल सात विकेट अपने नाम किए।।मानव ने पहली पारी में रहमानुल्लाह गुरबाज, अब्दुल मलिक और अफसर जजई समेत छह बल्लेबाजों को पवेलियन की राह दिखाई।
सुंदर और कुलदीप ने दूसरी पारी में संभाली कमान
अफगानिस्तान की दूसरी पारी में भारतीय गेंदबाजों ने सामूहिक रूप से दबदबा बनाए रखा। वॉशिंगटन सुंदर ने चार विकेट हासिल किए, जबकि कुलदीप यादव ने तीन विकेट झटके। मोहम्मद सिराज और मानव सुथार को एक-एक विकेट मिला। अफगानिस्तान के एक बल्लेबाज अशरफ चोट के कारण बल्लेबाजी करने नहीं उतर सके।
दूसरे दिन से ही भारत का दबदबा
मैच के दूसरे दिन से ही भारत ने मुकाबले पर पूरी तरह नियंत्रण बना लिया था। अफगानिस्तान ने दूसरे दिन का खेल पांच विकेट पर 113 रन के स्कोर पर समाप्त किया था और वह भारत से 451 रन पीछे था। तीसरे दिन भारतीय गेंदबाजों ने शेष विकेट जल्दी समेटते हुए अफगानिस्तान को दोनों पारियों में कम स्कोर पर आउट कर ऐतिहासिक जीत अपने नाम कर ली।
मुंबई। भारतीय क्रिकेट टीम के चयनकर्ताओं ने आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के लिए टी-20 टीम का ऐलान कर दिया है। इस टीम में सबसे ज्यादा चर्चा 15 वर्षीय बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी की हो रही है, जिन्होंने भारतीय क्रिकेट इतिहास में नया रिकॉर्ड बना दिया है। महज 15 साल 71 दिन की उम्र में वैभव भारतीय टीम में चुने जाने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बन गए हैं। उन्हें जून-जुलाई में आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज के साथ-साथ सितंबर में होने वाले एशियन गेम्स के लिए भी टीम में शामिल किया गया है।
टीम चयन के साथ ही भारतीय टी-20 टीम को नया कप्तान भी मिल गया है। श्रेयस अय्यर को कप्तानी सौंपी गई है, जबकि तिलक वर्मा उपकप्तान बनाए गए हैं। वहीं टी-20 विश्व कप विजेता कप्तान सूर्यकुमार यादव को न केवल कप्तानी से हटाया गया है, बल्कि उन्हें टीम में भी जगह नहीं मिली है।
149 दिन के अंतर से तोड़ा शेफाली का रिकॉर्ड
वैभव सूर्यवंशी ने भारतीय टीम में सबसे कम उम्र में चयनित होने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। इससे पहले यह उपलब्धि शेफाली वर्मा के नाम थी, जिन्हें पहली बार भारतीय टीम में 15 साल 220 दिन की उम्र में चुना गया था। वैभव ने यह रिकॉर्ड 149 दिन के अंतर से तोड़ा है।
पुरुष क्रिकेट में यह रिकॉर्ड लंबे समय तक सचिन तेंदुलकर के नाम रहा था। सचिन पहली बार 16 साल 194 दिन की उम्र में भारतीय टीम में शामिल किए गए थे। अब वैभव ने दोनों दिग्गजों को पीछे छोड़ दिया है।
सबसे युवा इंटरनेशनल क्रिकेटर बनने का मौका
वैभव के पास अब भारत के लिए सबसे कम उम्र में इंटरनेशनल क्रिकेट खेलने का रिकॉर्ड बनाने का भी मौका है। वर्तमान में यह रिकॉर्ड शेफाली वर्मा के नाम है, जिन्होंने 2019 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 15 साल 283 दिन की उम्र में टी-20 इंटरनेशनल डेब्यू किया था।
इसके बाद सचिन तेंदुलकर 16 साल 205 दिन की उम्र में पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट डेब्यू करने वाले दूसरे सबसे युवा भारतीय खिलाड़ी हैं। सूची में जेमिमा रोड्रिग्स (17 साल 130 दिन), पार्थिव पटेल (17 साल 153 दिन) और मिताली राज (17 साल 205 दिन) भी शामिल हैं।
अगर वैभव को आयरलैंड, इंग्लैंड या एशियन गेम्स में एक भी मैच खेलने का मौका मिलता है तो वह भारत के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट खेलने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बन जाएंगे।
आईपीएल में शानदार प्रदर्शन का मिला इनाम
राजस्थान रॉयल्स के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने आईपीएल 2026 में रिकॉर्डतोड़ बल्लेबाजी की थी। उन्होंने 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप जीती और सीजन के सबसे सफल बल्लेबाज रहे।
वैभव को मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर (MVP), इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द सीजन, सुपर स्ट्राइकर और सबसे ज्यादा छक्के लगाने का अवॉर्ड भी मिला। उन्होंने टूर्नामेंट में 36 गेंदों में शतक जड़ा था और तीन बार 90 के पार पहुंचने के बावजूद शतक से चूक गए थे।
ढाई साल बाद टी-20 टीम में लौटा श्रेयस का दौर
टीम चयन की दूसरी सबसे बड़ी खबर श्रेयस अय्यर की वापसी रही। उन्होंने भारत के लिए आखिरी टी-20 मैच दिसंबर 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बेंगलुरु में खेला था। जनवरी 2026 में न्यूजीलैंड सीरीज के दौरान उन्हें इंजरी रिप्लेसमेंट के तौर पर टीम में शामिल किया गया था, लेकिन प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिल सकी थी।
अब करीब ढाई साल बाद उनकी टी-20 टीम में वापसी हुई है और वापसी के साथ ही उन्हें कप्तानी भी सौंप दी गई है।
श्रेयस ने आईपीएल 2026 में पंजाब किंग्स के लिए 168.81 के स्ट्राइक रेट से 498 रन बनाए। उन्होंने लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ अपने आईपीएल करियर का पहला शतक भी लगाया। इससे पहले 2025 में पंजाब किंग्स को फाइनल तक पहुंचाने में उन्होंने अहम भूमिका निभाई थी, जहां उनके बल्ले से 604 रन निकले थे। वहीं 2024 में उन्होंने कोलकाता नाइट राइडर्स को आईपीएल चैंपियन बनाया था और 2020 में दिल्ली कैपिटल्स को पहली बार फाइनल तक पहुंचाया था।
सूर्या को भुगतना पड़ा खराब फॉर्म का खामियाजा
सूर्यकुमार यादव का टीम से बाहर होना चयन की सबसे बड़ी चर्चाओं में शामिल है। 35 वर्षीय बल्लेबाज हाल के महीनों में अपने स्तर के अनुरूप प्रदर्शन नहीं कर सके।
टी-20 विश्व कप 2026 में उन्होंने 9 पारियों में 242 रन बनाए और उनका स्ट्राइक रेट 136.72 रहा। वहीं आईपीएल 2026 में 13 पारियों में सिर्फ 270 रन बना सके। उनका औसत 20.76 रहा और पूरे सीजन में वे केवल दो बार ही अर्धशतक तक पहुंच पाए।
हालांकि कप्तान के रूप में उनका रिकॉर्ड शानदार रहा। रोहित शर्मा के टी-20 से संन्यास लेने के बाद उन्हें टीम की कमान सौंपी गई थी। उनकी कप्तानी में भारत ने 2025 एशिया कप और 2026 टी-20 विश्व कप का खिताब जीता। भारत ने उनके नेतृत्व में 52 टी-20 मुकाबले खेले, जिनमें 42 जीत, 8 हार और 2 मैच बेनतीजा रहे। उनका जीत प्रतिशत 80.76% रहा।
आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के लिए टीम
इंग्लैंड और आयरलैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज के लिए भारतीय टीम:
श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा, रवि बिश्नोई, अभिषेक शर्मा, नीतीश रेड्डी, मोहम्मद सिराज, संजू सैमसन, अक्षर पटेल, हर्षित राणा, ईशान किशन, वॉशिंगटन सुंदर, अर्शदीप सिंह, शिवम दुबे, वरुण चक्रवर्ती, प्रिंस यादव और वैभव सूर्यवंशी।
मुंबई। भारतीय क्रिकेट टीम इस साल अक्टूबर से दिसंबर के बीच न्यूजीलैंड के दौरे पर जाएगी। न्यूजीलैंड क्रिकेट (NZC) ने 2026/27 होम समर सीजन का कार्यक्रम जारी कर दिया है, जिसके तहत दोनों टीमों के बीच 5 टी-20, 5 वनडे और 2 टेस्ट मैचों की सीरीज खेली जाएगी। मैचों की संख्या के लिहाज से यह न्यूजीलैंड के इतिहास का सबसे बड़ा घरेलू द्विपक्षीय दौरा माना जा रहा है।
बता दें कि दौरे की शुरुआत 22 अक्टूबर से टी-20 सीरीज के साथ होगी। इसके बाद दोनों टीमें पांच मैचों की वनडे सीरीज में आमने-सामने होंगी, जबकि दौरे का समापन दो टेस्ट मैचों के साथ होगा। भारतीय टीम लंबे समय बाद न्यूजीलैंड की धरती पर सभी प्रारूपों में विस्तृत सीरीज खेलती नजर आएगी।
टी-20 सीरीज का शेड्यूल
वनडे सीरीज का शेड्यूल
टेस्ट सीरीज का शेड्यूल
7 साल बाद विदेशी दौरे पर 5 वनडे
इस दौरे की सबसे बड़ी खासियत पांच मैचों की वनडे सीरीज है। टीम इंडिया किसी विदेशी द्विपक्षीय सीरीज में लगातार पांच वनडे मुकाबले करीब सात साल बाद खेलेगी। इससे पहले भारत ने 2019 में न्यूजीलैंड के खिलाफ ही पांच मैचों की वनडे सीरीज खेली थी, जिसमें विराट कोहली की कप्तानी में टीम ने 4-1 से शानदार जीत दर्ज की थी। उस सीरीज में रोहित शर्मा ने 200 से अधिक रन बनाए थे, जबकि तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी को प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया था।
वर्ल्ड कप 2027 की तैयारी का बड़ा मंच
अगले साल दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया की मेजबानी में होने वाले आईसीसी वनडे विश्व कप 2027 को देखते हुए यह सीरीज दोनों टीमों के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। खिलाड़ियों के पास अपनी तैयारियों को परखने और टीम संयोजन को मजबूत करने का मौका होगा। साथ ही चयनकर्ताओं को भी संभावित विश्व कप टीम को अंतिम रूप देने में मदद मिलेगी।
रोहित और कोहली पर रहेंगी निगाहें
पांच मैचों की वनडे सीरीज न्यूजीलैंड के क्रिकेट प्रेमियों के लिए भी खास होगी। रोहित शर्मा और विराट कोहली टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं, लेकिन वनडे प्रारूप में अभी भी सक्रिय हैं। ऐसे में दोनों दिग्गज बल्लेबाजों को न्यूजीलैंड में खेलते देखने का अवसर फैंस के लिए आकर्षण का केंद्र रहेगा।
6 साल बाद न्यूजीलैंड में टेस्ट सीरीज
भारतीय टीम 2019/20 के बाद पहली बार टेस्ट सीरीज के लिए न्यूजीलैंड का दौरा करेगी। दोनों टेस्ट मुकाबले वेलिंगटन के बेसिन रिजर्व और क्राइस्टचर्च के हेगले ओवल मैदान पर खेले जाएंगे। यह सीरीज इसलिए भी अहम है क्योंकि पिछले कुछ वर्षों में दोनों टीमों के बीच टेस्ट क्रिकेट में कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली है।
हालिया मुकाबलों में बराबरी की टक्कर
इस साल दोनों टीमों के बीच व्हाइट-बॉल क्रिकेट में मुकाबले हो चुके हैं। न्यूजीलैंड ने भारत दौरे पर वनडे सीरीज 2-1 से अपने नाम की थी, जबकि भारतीय टीम ने टी-20 सीरीज में 4-1 से जीत हासिल की थी। इसके अलावा दोनों टीमें इसी साल टी-20 विश्व कप फाइनल में भी आमने-सामने आ चुकी हैं, जिससे आगामी दौरे को लेकर रोमांच और बढ़ गया है।
भारतीय टीम के लिए यह दौरा सिर्फ एक द्विपक्षीय सीरीज नहीं, बल्कि अगले बड़े वैश्विक टूर्नामेंट की तैयारी और न्यूजीलैंड की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में खुद को साबित करने का महत्वपूर्ण अवसर भी होगा।
अहमदाबाद। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने आईपीएल 2026 का खिताब जीतकर इतिहास रच दिया है। अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए फाइनल मुकाबले में डिफेंडिंग चैंपियन RCB ने गुजरात टाइटंस (GT) को 5 विकेट से हराकर लगातार दूसरी बार ट्रॉफी अपने नाम कर ली। इसके साथ ही बेंगलुरु आईपीएल इतिहास में लगातार दो सीजन खिताब जीतने वाली चुनिंदा टीमों की सूची में शामिल हो गई।
फाइनल मुकाबले में RCB के कप्तान रजत पाटीदार ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया था। पहले बल्लेबाजी करते हुए गुजरात टाइटंस ने 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 155 रन बनाए। जवाब में बेंगलुरु ने शानदार बल्लेबाजी का प्रदर्शन करते हुए 18 ओवर में 5 विकेट खोकर 161 रन बनाते हुए लक्ष्य हासिल कर लिया और खिताब पर कब्जा जमा लिया।
विराट कोहली ने खेली मैच विनिंग पारी
लक्ष्य का पीछा करने उतरी RCB के लिए अनुभवी बल्लेबाज विराट कोहली ने एक बार फिर बड़े मैच के खिलाड़ी होने का प्रमाण दिया। उन्होंने नाबाद 75 रन की शानदार पारी खेलकर टीम की जीत की नींव रखी। दबाव वाले मुकाबले में विराट ने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन संतुलन दिखाते हुए टीम को जीत तक पहुंचाया।
उनके अलावा वेंकटेश अय्यर ने 32 रन, टिम डेविड ने 24 रन और कप्तान रजत पाटीदार ने 15 रन का योगदान दिया। इन पारियों की बदौलत RCB ने लक्ष्य को दो ओवर शेष रहते हासिल कर लिया।
राशिद खान ने किया संघर्ष
गुजरात टाइटंस की ओर से गेंदबाजी में राशिद खान सबसे सफल रहे। उन्होंने 2 विकेट हासिल किए। वहीं कागिसो रबाडा, अरशद खान और मोहम्मद सिराज को 1-1 विकेट मिला, लेकिन वे RCB के बल्लेबाजों को बड़ी साझेदारी बनाने से नहीं रोक सके।
गुजरात की शुरुआत रही खराब
इससे पहले टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी गुजरात टाइटंस की शुरुआत खराब रही। टीम को पहला झटका तीसरे ओवर में लगा, जब जोश हेजलवुड ने कप्तान शुभमन गिल को रजत पाटीदार के हाथों कैच कराया। गिल 8 गेंदों में 10 रन बनाकर पवेलियन लौट गए।
इसके बाद चौथे ओवर में भुवनेश्वर कुमार ने साई सुदर्शन को विकेटकीपर जितेश शर्मा के हाथों कैच कराकर गुजरात को दूसरा बड़ा झटका दिया। सुदर्शन 12 गेंदों में 12 रन ही बना सके। पावरप्ले समाप्त होने तक गुजरात ने दो विकेट पर 45 रन बना लिए थे।
निशांत और बटलर ने संभालने की कोशिश की पारी
शुरुआती झटकों के बाद निशांत सिंधू और जोस बटलर ने पारी को संभालने का प्रयास किया। हालांकि, यह साझेदारी ज्यादा लंबी नहीं चल सकी। रसिख सलाम डार ने निशांत सिंधू को देवदत्त पडिक्कल के हाथों कैच कराकर गुजरात को तीसरा झटका दिया। सिंधू 18 गेंदों में 20 रन बनाकर आउट हुए।
10 ओवर के बाद गुजरात का स्कोर तीन विकेट पर 63 रन था और टीम दबाव में नजर आ रही थी।
बटलर और अरशद भी नहीं टिक सके
गुजरात को चौथा झटका क्रुणाल पांड्या ने दिया। उन्होंने जोस बटलर को स्टंप कराकर पवेलियन भेजा। बटलर 23 गेंदों में 19 रन ही बना सके।
इसके बाद अरशद खान ने कुछ आक्रामक शॉट लगाकर रन गति बढ़ाने की कोशिश की, लेकिन जोश हेजलवुड ने उन्हें रसिख सलाम के हाथों कैच करा दिया। अरशद 6 गेंदों में 15 रन बनाकर आउट हुए।
वाशिंगटन सुंदर ने जड़ा अर्धशतक
एक छोर से लगातार विकेट गिरने के बावजूद वाशिंगटन सुंदर ने संयमित बल्लेबाजी जारी रखी। उन्होंने राहुल तेवतिया के साथ मिलकर पारी को संभाला और टीम का स्कोर 100 रन के पार पहुंचाया। हालांकि, तेवतिया 7 रन बनाकर रसिख सलाम का शिकार बने।
इसके बाद जेसन होल्डर और राशिद खान भी बड़ी पारी नहीं खेल सके। होल्डर 7 रन बनाकर भुवनेश्वर कुमार का शिकार बने, जबकि राशिद खान भी 7 रन बनाकर रसिख सलाम की गेंद पर आउट हुए।
दूसरे छोर पर डटे वाशिंगटन सुंदर ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 37 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया और 50 रन बनाकर नाबाद लौटे। कागिसो रबाडा 3 रन बनाकर नाबाद रहे।
रसिख सलाम ने गेंद से ढाया कहर
RCB की ओर से गेंदबाजी में रसिख सलाम डार सबसे सफल रहे। उन्होंने 3 महत्वपूर्ण विकेट झटके और गुजरात के मध्यक्रम को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। वहीं भुवनेश्वर कुमार और जोश हेजलवुड ने 2-2 विकेट अपने नाम किए। क्रुणाल पांड्या को भी एक सफलता मिली।
लगातार दूसरी ट्रॉफी जीतकर RCB ने रचा इतिहास
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने आईपीएल 2026 का खिताब जीतकर इतिहास रच दिया है। 2025 में पहली बार ट्रॉफी जीतने के बाद RCB ने 2026 के फाइनल में गुजरात टाइटंस को हराकर लगातार दूसरी बार चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया। इसी के साथ बेंगलुरु आईपीएल इतिहास में अपना खिताब सफलतापूर्वक डिफेंड करने वाली तीसरी टीम बन गई है।
आईपीएल में लगातार दो सीजन खिताब जीतने का कारनामा सबसे पहले चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) ने किया था। महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में चेन्नई ने 2010 और 2011 में लगातार दो बार ट्रॉफी जीतकर नया इतिहास रचा था। उस समय यह उपलब्धि बेहद खास मानी गई थी और लंबे समय तक कोई भी टीम इसकी बराबरी नहीं कर सकी।
इसके बाद मुंबई इंडियंस ने रोहित शर्मा की कप्तानी में अपना दबदबा कायम किया। मुंबई ने 2019 और 2020 में लगातार दो आईपीएल खिताब जीतकर चेन्नई के रिकॉर्ड की बराबरी की। इसके साथ ही मुंबई बैक-टू-बैक आईपीएल ट्रॉफी जीतने वाली दूसरी टीम बनी।
अब इस प्रतिष्ठित सूची में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का नाम भी शामिल हो गया है। 2025 में पहली बार चैंपियन बनने के बाद RCB ने 2026 में भी अपना विजयी अभियान जारी रखा और लगातार दूसरा खिताब जीतकर आईपीएल इतिहास में नया अध्याय जोड़ दिया।
मुंबई। आईपीएल सीजन 19 के लीग स्टेज का अंत बेहद रोमांचक रहा। आज 69वें मुकाबले में राजस्थान रॉयल्स (RR) ने मुंबई इंडियंस को 30 रन से पटखनी देकर 16 अंकों के साथ प्लेऑफ का अंतिम और चौथा टिकट आधिकारिक तौर पर अपने नाम कर लिया है।
राजस्थान की इस निर्णायक जीत ने अंक तालिका के सभी जटिल समीकरणों पर पूर्णविराम लगा दिया, जिसके कारण पंजाब किंग्स (15 अंक) और कोलकाता नाइट राइडर्स (13 अंक) का सफर ग्रुप स्टेज में ही थम गया। कोलकाता के लिए अब दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ जारी मैच नंबर 70 महज एक औपचारिक मुकाबला बनकर रह गया है।
बता दें कि अंक तालिका में शीर्ष पर रहने वाली चार टीमें रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB), गुजरात टाइटंस (GT), सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) और राजस्थान रॉयल्स (RR) अब चमचमाती ट्रॉफी के लिए आपस में भिड़ेंगी।
ये है प्लेऑफ का पूरा शेड्यूल
प्लेऑफ के मुकाबले 26 मई से शुरू होकर 31 मई तक चलेंगे। टूर्नामेंट का पूरा कार्यक्रम इस प्रकार है:
1 – क्वालीफायर 1: RCB बनाम GT (26 मई, धर्मशाला)
अंक तालिका की शीर्ष दो टीमों, रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (नंबर 1) और गुजरात टाइटंस (नंबर 2) के बीच यह महामुकाबला 26 मई को धर्मशाला के खूबसूरत मैदान पर खेला जाएगा। इस मैच को जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में प्रवेश करेगी, जबकि हारने वाली टीम को क्वालीफायर-2 के रूप में फाइनल में पहुंचने का एक और मौका मिलेगा।
2 – एलिमिनेटर: SRH बनाम RR (27 मई, न्यू चंडीगढ़)
तीसरे स्थान पर मौजूद सनराइजर्स हैदराबाद और चौथे स्थान की राजस्थान रॉयल्स के बीच 27 मई को न्यू चंडीगढ़ में नॉकआउट एलिमिनेटर मैच खेला जाएगा। इस मैच में हारने वाली टीम का सफर यहीं समाप्त हो जाएगा, जबकि विजेता टीम क्वालीफायर-2 में आगे बढ़ेगी।
क्वालीफायर-1 में हारने वाली टीम (RCB या GT) और एलिमिनेटर जीतने वाली टीम (SRH या RR) के बीच यह नॉकआउट मुकाबला 29 मई को न्यू चंडीगढ़ में खेला जाएगा। इस मैच को जीतने वाली टीम फाइनल का दूसरा टिकट हासिल करेगी।
देश के सबसे बड़े क्रिकेट स्टेडियम, अहमदाबाद में 31 मई को आईपीएल 2026 का महामुकाबला खेला जाएगा। क्वालीफायर-1 और क्वालीफायर-2 की विजेता टीमें इस दिन खिताब के लिए आपस में टकराएंगी।
लीग स्टेज की कड़ी परीक्षा को पार करने के बाद अब जंग नॉकआउट की है, जहाँ एक भी गलती टीमों को ट्रॉफी की रेस से बाहर कर देगी। इस बार आईपीएल को उसका नया चैंपियन मिलेगा या पुरानी चैंपियन फिर बाजी मारेगी, इसका फैसला 31 मई को अहमदाबाद की पिच पर होगा।
अहमदाबाद। आईपीएल सीजन 19 के 66वें मुकाबले में आज गुजरात टाइटन्स (GT) और चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) आमने-सामने होगी। शुभमन गिल की कप्तानी वाली GT प्लेऑफ के लिए पहले ही क्वालीफाई कर चुकी है। अब वो चाहेंगे कि अपने इस आखिरी लीग मैच को जीतकर 18 अंकों तक पहुंचा जाए, ताकि प्वाइंट्स टेबल में पहले या दूसरे स्थान पर फ़िनिश कर सकें।
वहीं, ऋतुराज गायकवाड़ की कप्तानी में CSK के लिए यह करो या मरो वाला मैच है। अगर वह इस मैच को जीतते हैं तो फिर प्लेऑफ की उम्मीदें जिंदा रहेंगी। हालांकि, तब भी उन्हें दूसरी टीमों की हार-जीत पर निर्भर रहना होगा।
बता दें कि GT और CSK के बीच यह मुकाबला आज शाम 7:30 बजे नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला जाएगा, जबकि टॉस शाम 7:00 बजे होगा। मैच से पहले आइए दोनों टीमों के हेड-टू-हेड आंकड़े, पिच रिपोर्ट, संभावित प्लेइंग इलेवन और लाइव स्ट्रीमिंग डिटेल्स समेत सभी जरूरी अपडेट्स पर एक नजर डालते हैं।
GT बनाम CSK हेड टू हेड में किसका पलड़ा है भारी ?
आईपीएल में गुजरात टाइटंस और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच हमेशा कांटे की टक्कर देखने को मिली है। दोनों टीमों के बीच अब तक 9 मुकाबले खेले गए हैं, जिसमें गुजरात ने 5 मैच जीते हैं, जबकि चेन्नई को 4 मुकाबलों में जीत मिली है। यानी आंकड़ों में गुजरात का पलड़ा थोड़ा भारी नजर आता है। इस सीजन दोनों टीमों की पिछली भिड़ंत 26 अप्रैल को चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में हुई थी। उस मुकाबले में गुजरात ने शानदार खेल दिखाते हुए चेन्नई को 8 विकेट से हरा दिया था।
नरेंद्र मोदी स्टेडियम की पिच रिपोर्ट
अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम की पिच लाल और काली मिट्टी से तैयार की गई है, जहां आमतौर पर बल्लेबाजों का दबदबा देखने को मिलता है और हाई स्कोरिंग मुकाबले होते हैं। हालांकि, स्टेडियम की बड़ी बाउंड्री गेंदबाजों को भी मदद देती है, जिससे वे बल्लेबाजों को बड़े शॉट खेलने के दौरान फंसा सकते हैं।
इस मैदान पर अब तक IPL के 51 मुकाबले खेले जा चुके हैं। इनमें पहले बल्लेबाजी करने वाली और लक्ष्य का पीछा करने वाली टीमों ने 25-25 मैच जीते हैं, जबकि एक मुकाबला टाई रहा। ऐसे में टॉस जीतने वाली टीम यहां पहले गेंदबाजी करने का फैसला ले सकती है।