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तीजा-पोरा तिहार के अवसर पर महिलाओं को मिला उपहार, महिलाओं ने अपने विष्णु भैय्या का जताया आभार
रायपुर। छत्तीसगढ़ के पारंपरिक त्यौहार तीजा-पोरा के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने महतारी वंदन योजना के तहत प्रदेश की 70 लाख माताओं एवं बहनों के बैंक खातें में 01-01 हजार रूपये की राशि का अंतरण किया है। बालोद जिले की 02 लाख 52 हजार 996 महिलाएं भी इस योजना के तहत 07 माह से लाभान्वित हो रही हैं। तीजा-पोरा त्यौहार के अवसर पर बालोद जिले की महिलाओं ने अपने बैंक खातें में 01-01 हजार राशि अंतरित होने पर खुशी जाहिर करते हुए अपने विष्णु भैय्या के प्रति आभार व्यक्त किया है। जिले के ग्राम झलमला की माधुरी मानिकपुरी ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें प्रतिमाह महतारी वंदन योजना के तहज 01 हजार रूपए उनके खाते में मिल रहा है जिसका वे बेहतर उपयोग कर रही है। उसने बताया कि इस माह तीजा-पोरा त्यौहार के अवसर पर हमारे विष्णु भैय्या ने बैंक खाते में महतारी वंदन योजना की सातवीं किश्त का अंतरण किया है। इस राशि से वह खुशी-खुशी तीजा का त्यौहार मनाएगी। सविता ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री ने तीजा-पोरा त्यौहार के अवसर पर हमें महतारी वंदन योजना का राशि उपलब्ध कराया है इससे मैं साड़ी खरीदुंगी और तीजा के लिए अपने मायके जाउंगी। इसी प्रकार कामिन बाई और गणेशिया साहू ने महतारी वंदन योजना के तहत सातवीं किश्त की राशि आने पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री हमारे बडे़ भैय्या की तरह हमारा ख्याल रख रहे हैं, हमें प्रतिमाह 01 हजार की राशि सीधे हमारे बैंक खाते में प्रदान कर रहे है। हमारे लिए अब हर माह की शुरूआत किसी त्यौहार से कम नहीं होता और मोबाइल में महतारी वंदन योजना की राशि आने का मैसेज देखते ही खुशियों से हमारा आत्मविश्वास जाग जाता है। बालोद जिले की महिलाओं ने महतारी वंदन योजना को सराहते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को बहुत-बहुत धन्यवाद देते हुए उनका आभार व्यक्त किया है।

मनरेगा की एक छोटी सी मदद से मिली उन्नति की नई राह : कृषक बीरसाय
रायपुर। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत् पंजीकृत श्रमिकों को न केवल रोजगार उपलब्ध कराए जा रहे हैं, बल्कि आजीविका के नए-नए साधन एवं सुविधाएं भी उपलब्ध कराए जा रहे हैं। मनरेगा से किसान बीरसाय की कृषि भूमि उपजाऊ बनी, जिससे वह सब्जी की खेती कर अपनी आय बढ़ा रहा है।
मनेन्द्रगढ़-भरतपुर-चिरमिरी जिले के ग्राम पंचायत लाई में रहने वाले पंजीकृत श्रमिक श्री बीरसाय के पास जो भूमि थी, वह काफी उबड़-खाबड़ या कहें किसानी के लिए पूरी तरह से अनुपयुक्त थी, उन्होंने ग्राम पंचायत से अपनी भूमि के समतलीकरण का कार्य कराए जाने हेतु आवेदन किया। उनके आवेदन को ग्राम पंचायत में आहूत ग्राम सभा के प्रस्ताव पारित होने के बाद जिला पंचायत कोरिया से स्वीकृत किया गया। कुल 95 हजार रूपए से होने वाले इस भूमि सुधार कार्य के लिए ग्राम पंचायत लाई को एजेंसी का दायित्व दिया गया। यहां श्री बीरसाय ने स्वयं अपने गांव के अन्य श्रमिकों के साथ अपनी असमतल भूमि को कृषि के योग्य बनाया और इसकी मेढ़बंदी कराई। इस कार्य से उन्हें सौ दिवस का रोजगार भी प्राप्त हुआ जिसकी मजदूरी सीधे उनके खातों में पहुंची।



कृषि योग्य भूमि बन जाने के पश्चात् शासन से उन्होंने सब्जी उत्पादन के लिए मिलने वाली टपक सिंचाई योजना के साथ मल्चिंग खेती का लाभ लिया। अपने खेतों में बेहद कम पानी से होने वाली व्यवस्था बनाकर सब्जी की खेती प्रारंभ की। उसके पश्चात् श्री बीरसाय अपनी मेहनत से लगातार हर मौसम में अलग-अलग सब्जी उगाकर लगभग हर माह 10 से 15 हजार रुपए की आमदनी प्राप्त कर रहा है, इससे उनके परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत होने लगी है। अपनी सफलता से खुश होकर बीरसाय कहते हैं कि मनरेगा से भूमि सुधार और कृषि विभाग से टपक सिंचाई का लाभ मिलने से अब उनकी रोजगार की समस्या हमेशा के लिए खत्म हो गई है। अब हर सप्ताह सब्जी से अच्छी आय हो जाती है और पैसों की चिंता भी खत्म हो गई है। कुछ खेतों में वह सब्जी का उत्पादन करते हैं और बाकी खेतों में वह परंपरागत धान और गेहूं की फसल लेकर अतिरिक्त कमाई भी करने लगे हैं। भूमि समतलीकरण जैसे छोटे से काम से एक मेहनतकश श्रमिक परिवार की दशा और दिशा बदल गई।
मुख्यमंत्री की मंशानुरूप शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध रूप से बिजली आपूर्ति के लिए विद्युत विभाग कर रहा सतत कार्य
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप जिले में विकास कार्यों की रूपरेखा बना कर योजनाबद्ध तरीके से क्रियान्यवन किया जा रहा है। आम लोगों के जीवन से जुड़ी समस्याओं के निराकरण के लिए सरकार प्रतिबद्ध हैं। मुख्यमंत्री के गृह ग्राम बगिया में मुख्यमंत्री कार्यालय कैंप की स्थापना इसी दिशा में उठाया गया कदम हैं। जहां लोगों की समस्याओं का तत्काल निराकरण किया जाता है। विभाग के द्वारा पिछले 9 महीने में जशपुर जिलें में 578 ट्रांसफार्मर बदले गए हैं और 124 नया ट्रांसफार्मर नया लगाया गया है। इसके साथ ही विभाग द्वारा नई लाईन बिछाने, केबल, ग्रिप चेंज आदि कार्य भी सतत रूप से किया जा रहा है।
जिले के दूरस्थ अंचलों में भी बिजली की आपूर्ति निर्बाध रूप से हो इसके लिए विद्युत विभाग दिन हो या रात लगातार कार्य कर रहा है। आम लोगों के आवेदन पर विभाग का अमला तत्काल संज्ञान लेकर काम में जुट जाता है। विद्युत विभाग बारिश हो या अंधड़, पेड़ का बिजली के तारों या खंभों में गिरने जैसी चुनौतियों का लगातार सामना करते हुए बिजली की सुविधा (24 घंटे, सातों दिन नियमित) उपलब्ध करा रही है।
विद्युत विभाग के द्वारा जिलें के विकासखंडों सहित आने वाले गांवों में विद्युतीकरण कार्य एवं इसके संचालन में आने वाले बाधाओं को तत्काल निराकरण किया जा रहा है। विभाग के द्वारा बिजली की लोड केपिसिटी के हिसाब से 578 ट्रांसफार्मर बदले गए हैं। जिनमें बगीचा विकासखंड में 42 ट्रांसफार्मर बदले गए हैं। इसी तरह दुलदुला विकासखंड में 45, जशपुर विकासखंड में 50, कुनकुरी विकासखंड में 106, मनोरा में 29, सन्ना में 42, पत्थलगांव में 144, कांसांबेल में 55 एवं फरसाबहार में 65 ट्रांसफार्मर बदले गए हैं। इसी तरह जिले के आठों विकासखंड में 124 नए ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं। जिसमें 100 केव्हीए का 16 ट्रांसफार्मर, 63 केव्हीए का 77 ट्रांसफार्मर और 25 केव्हीए का 31 ट्रांसफार्मर लगाया गया है।




जशपुर जिला हाथी विचरण क्षेत्र होने के बावजूद, दूरस्थ अंचलों में बिजली की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए विभाग सतत् कार्यरत है। विद्युत आपूर्ति की इस पहल से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लोग संतुष्ट हैं। लोगों ने इस सेवा के लिए मुख्यमंत्री और शासन-प्रशासन को आभार व्यक्त किया है।
पीएम जनमन योजना पीवीटीजी के संर्वागीण विकास में मील का पत्थर साबित होगा: मंत्री रामविचार नेताम
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर पीएम जनमन योजना के दूसरे चरण अंतर्गत छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले के राजपुर में मेगा इवेंट का आयोजन प्रस्तावित है। आदिम जाति मंत्री श्री रामविचार नेताम के नेतृत्व में इस मेगा इंवेंट की व्यापक तैयारियां की जा रही है। जल्द ही इस आयोजन की तिथि भी घोषित की जाएगी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी स्वयं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से इस मेगा इवेंट से जुड़ेंगे और पीवीजीटी परिवारों से भी चर्चा करेंगे।
मेगा इवेंट एवं पीएम जनमन योजना के संबंध में आदिम जाति कल्याण मंत्री रामविचार नेताम ने कहा है कि पीएम जनमन योजना अर्थात ‘‘प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान’’ विशेष पिछड़ी जनजाति वर्ग के संर्वांगीण विकास में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने कहा कि अधिकतर पीवीटीजी की बसाहट अत्यंत रिमोट क्षेत्र में होने के कारण शासन की ज्यादातर योजनाओं का लाभ इस वर्ग तक पूर्ण रूप से नहीं पहुंच पाया है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मंशा के अनुरूप पीवीटीजी के संर्वागीण विकास हेतु इस महत्वाकांक्षी योजना को लाया गया है।
मंत्री श्री नेताम ने कहा कि राज्य शासन के अधिकारी-कर्मचारी स्वयं पीवीटीजी बसाहटों का चिन्हांकन कर एवं उनके पास जाकर, उन्हें शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ दिला रहे हैं, ताकि उन्हें भी विकास के माध्यम से राष्ट्र की मुख्यधारा से जोड़ा जा सके। योजना के तहत आधार कार्ड, राशन कार्ड, पीएम जनधन खाता, आयुष्मान भारत कार्ड, पीएम किसान सम्मान निधि योजना, किसान क्रेडिट कार्ड, पीएम मातृ वंदन योजना, जाति प्रमाण-पत्र, निवास प्रमाण पत्र, वन अधिकार पत्र, बिजली, पानी, पक्की सड़क एवं अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही सभी नोडल विभागों से प्राप्त लक्ष्य के विरूद्ध की गई प्रगति की ऑनलाइन एंट्री भी की जा रही है।
आदिम जाति कल्याण मंत्री श्री नेताम के निर्देश अनुरूप विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा एवं सचिव सह आयुक्त नरेन्द्र कुमार दुग्गा के कुशल नेतृत्व में मिशन मोड में पीवीटीजी बसाहट वाले राज्य के 18 जिलों में कार्य किया जा रहा है। जिला कलेक्टरों को समय-समय पर आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए पीवीटीजी बसाहटों में विशेष कैंप लगाकर पीवीटीजी हितग्राहियों को योजनाओं से लाभान्वित किया जा रहा है, इसकी मॉनीटरिंग हेतु मुख्यालय से अधिकारियों द्वारा दौरा भी किया जा रहा है।
प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा 27 अगस्त को बिलासपुर के कोटा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम करका एवं कुरदर में आयोजित शिविर में शामिल हुए एवं पूरे कार्यक्रम में सहभागिता की एवं स्थानीय बैगा जनजाति के सदस्यों तथा अधिकारियों से चर्चा कर विभिन्न गतिविधियों की प्रगति की जानकारी ली। इस अवसर पर जिला कलेक्टर बिलासपुर भी उपस्थित थे। इसी प्रकार दुग्गा नारायणपुर जिले में अबुझमाड़ अंतर्गत कोहकामेटा में आयोजित पीएम जनमन शिविर में शामिल हुए एवं कार्यकम में हितग्राहियों से संवाद किया तथा स्थानीय प्रशासन को विभिन्न गतिविधियों में बसाहटों तथा हितग्राहियों को संतृप्त करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर जिला कलेक्टर नारायणपुर एवं वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।
अब तक 66540 पीवीटीजी हितग्राहियों ने करवाया पंजीयन
दूसरे चरण के अंतर्गत अब तक प्रदेश स्तर पर 18 पीवीटीजी बसाहटों वाले जिलों में कुल 662 कैम्प लगाए गए हैं, इनमें अभी तक 66540 पीवीटीजी हितग्राहियों ने अपना पंजीयन करवाया है। प्राप्त जानकारी अनुसार इसमें 3569 हितग्राहियों का आधार कार्ड, 4824 हितग्राहियों का आयुष्मान भारत कार्ड, 1320 हितग्राहियों को पीएम किसान सम्मान निधि, 934 हितग्राहियों का किसान क्रेडिट कार्ड, 1764 हितग्राहियों का पीएम जनधन योजना, 234 हितग्राहियों को पीएम मातृ वंदन योजना, 2320 हितग्राहियों का राशन कार्ड, 1350 हितग्राहियों का जाति प्रमाण-पत्र, 731 हितग्राहियों का वन अधिकार पटटा बनाकर लाभान्वित किया जा चुका है। इसके अलावा 2997 पीवीटीजी बसाहटों में सुंदर वॉल पेंटिग भी गई है। दूसरा चरण 23 अगस्त से प्रारंभ होकर 10 सितंबर तक चलेगी।
दूसरे चरण में पीवीटीजी हितग्राहियों को आकर्षित करने हेतु 290 कैम्प वेन्यू पर सेल्फी प्वाइंट बनाए गए हैं, योजना के प्रचार-प्रसार हेतु 1776 होर्डिंग्स, पोस्टर, बैकड्रॉप कैम्प वैन्यू पर लगाए गए हैं, इनमें योजना अंतर्गत दिए जाने वाले लाभ की संक्षिप्त जानकारी बहुत ही सारगर्भित ढंग से प्रदर्शित की गई है।
उल्लेखनीय है कि योजना अंतर्गत 9 केन्द्रीय मंत्रालयों के माध्यम से 11 महत्वपूर्ण गतिविधियों का क्रियान्वयन किया जाना है, इनमें पक्के घर का प्रावधान, पक्की सड़क, नल से जल/समुदाय आधारित पेयजल, छात्रावासों का निर्माण, मोबाइल मेडिकल यूनिट, आंगनबाड़ी केन्द्रों के माध्यम से पोषण प्रदाय शामिल हैं। इसी प्रकार बहुउददेशीय केन्द्रों का निर्माण, घरों का विद्युतीकरण (ग्रिड तथा सोलर पावर के माध्यम से), वनधन केन्द्रों की स्थापना, इंटरनेट तथा मोबाइल सर्विस की उपलब्धता और आजीविका संवर्द्धन हेतु कौशल विकास शामिल हैं। कुल मिलाकर विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों एवं उनकी बसाहटों का संपूर्ण विकास करना ही इस योजना का मुख्य उद्देश्य है। इन सभी गतिविधियों का क्रियान्वयन मिशन मोड में तीन वर्ष की अवधि में पूर्ण कर सभी बसाहटों को आवश्यकतानुसार अधोसरंचनात्मक रूप से सुदृढ़ बनाना है।
छत्तीसगढ़ में भी FSNL के निजीकरण का विरोध: देश भर में संचालित युनिटों के 13 यूनियन लीडर्स ने की बैठक
दुर्ग। भारत सरकार के उपक्रम फेरो स्क्रेप निगम लिमिटेड (FSNL) के निजीकरण को लेकर एक बार फिर लामबंद होते हुए अब देश भर के सभी सयंत्रों में यूनियन के नेताओ ने हड़ताल करने का एलान कर दिया है। यह सूचना भी केंद्रीय श्रम आयुक्त को यूनियन नेताओ ने दे दी है, लेकिन इससे पहले ही उन्हें रोकने की कोशिश शुरू हो चुकी है। केंद्रीय श्रम आयुक्त को हड़ताल करने की सूचना देने के बाद आज रायपुर से सेंट्रल डिप्टी लेबर कमिश्नर भिलाई स्थित फेरो स्क्रैप निगम लिमिटेड के ऑफिस पहुँचे और सभी 13 यूनियन के लीडरों से चर्चा कर उनकी मांगों को सुना, लेकिन इस दौरान FSNL के प्रबंधक इस चर्चा में शामिल नहीं हुए।
बता दें कि इस बैठक में पूरे देश भर में संचालित FSNL के 9 युनिटों के 13 यूनियन लीडर्स ने भाग लिया। बैठक में भाग लेने के बाद यहां फेरो स्क्रैप निगम लिमिटेड भिलाई यूनियन के अध्यक्ष अरुण सिसोदिया ने बताया कि फेरो स्क्रैप निगम लिमिटेड भारत सरकार का एक उपक्रम है। यह कंपनी 1979 से प्रॉफिट विनिंग कंपनी के रूप में काम करती आ रही है। देश में जहां जहां भी सेल के स्टील प्लांट हैं, वहां FSNL स्क्रैप मैनेजमेंट और रिसाईकलिंग का काम कर रहा है। भारत सरकार पिछले कुछ समय से इसका निजीकरण कर स्क्रैप चोरी को बढ़वा देना चाहती है। जिसका सभी लंबे समय से विरोध कर रहें हैं।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार लगातार कोशिश कर रही है कि इसे बेच दिया जाए या ऐसे लोगों को दे दिया जाए जो कहीं ना कहीं स्क्रैप माफिया के रूप में काम कर रहे हैं। उनका यूनियन FSNL के कर्मचारियों के साथ यह अन्याय होने नहीं देगा। इसको लेकर देश भर में सक्रिय FSNL के यूनियन नेताओं ने हड़ताल पर जाने का नोटिस दिया है। अभी प्रबंधन से चर्चा चल रही है। यदि मांगे नहीं मानी गईं तो हड़ताल आगे जारी रहेगी।

FSNL में 500 परमानेंट और 4000 कांट्रैक्ट लेबर
पश्चिम बंगाल से आए यूनियन नेताओं ने बताया कि FSNL में 500 परमानेंट और 4000 कांट्रैक्ट लेबर देशभर में काम कर रहे हैं। निजीकरण के कारण इन सभी कर्मचारियों को बेरोजगार होना पड़ेगा। यूनियन नेताओं ने कहा कि देशभर में FSNL के सभी कार्यालयों के यूनियन नेताओं ने भिलाई पहुंचकर इस मुद्दे पर चर्चा की है।
भिलाई में आयोजित बैठक में प्रभात चटर्जी (अध्यक्ष, डीएफएसएनएलपीईयू दुर्गापुर), रंजीत शर्मा (एफएसएनएल दुर्गापुर), एसके मंडल (दुर्गापुर), हरधन साईं (दुर्गापुर), जगबंधु रुइदास (एफएसएनएल दुर्गापुर), एसएस नायक (जनरल सेक्रेटरी, आरएमएस राउरकेला), निरुपानंद नायक (एफएसएनएल राउरकेला), हरजीत सिंह (अध्यक्ष, एफएसएनपीईयू बर्नपुर), एसएन मरांडी (एफएसएनएल बर्नपुर), राजशेखर (अध्यक्ष, एफएसईयू विजाग), एम अम्मी रेड्डी (एफएसएनएल विजाग), अशोक कु. सिन्हा (महासचिव, बीआईटीयू बोकारो), आरपी शर्मा (एफएसएनएल बोकारो), सुनीत सिंह (एफएसएनएल भिलाई), मोहम्मद तनवीर (एफएसएनएल भिलाई) और अरुण सिसोदिया (अध्यक्ष, एफएसडब्ल्यूयू भिलाई) शामिल थे।
मॉस्को ट्रिप को लेकर घिरे महापौर ढेबर: नेता प्रतिपक्ष मीनल चौबे ने जनता को गुमराह करने का लगाया आरोप, मांगा इस्तीफा…
बीते दिन सोमवार को रायपुर महापौर ऐजाज ढेबर ने रायपुर नगर निगम में एक प्रेस वार्ता आयोजित कर अपनी हालिया मॉस्को यात्रा के प्रमुख पहलुओं की जानकारी साझा की. उन्होंने कहा कि चीन ब्राजील मध्य एशिया पूर्व एशिया अफ्रीका के देशों के प्रतिनिधियों के साथ राउंड टेबल कॉन्फ्रेंस में सम्मिलित हुआ. मैंने अपनी उद्बोधन में ट्रैफिक सुधार पर विचार व्यक्त किया. बीजिंग बाली मास्को जैसे बड़े शहरों के साथ अब हम भी ट्रांसपोर्ट सबमिट के सदस्य बनाकर एक दूसरे के साथ ट्रांसपोर्ट ट्रैफिक प्रदूषण सुधारने के लिए रिसर्च और डाटा का आदान-प्रदान एवं प्रोत्साहन देंगे.
महापौर एजाज ढेबर ने कहा कि रायपुर में लाइट मेट्रो चलाने के लिए अंतरराष्ट्रीय टेक्नोलॉजी पर प्रस्तुतीकरण देखा. मॉस्को,रूस और रायपुर, भारत के बीच एक एमओयू पर हस्ताक्षर हुए. जिसमे संयुक्त रूप से दोनो देशों के बीच परिवहन- सड़क, बुनियादी ढांचे को विकसित करने व परिवहन प्रणालियों को सुधारने के लिए सहयोग करने की इरादे से आगे बढ़ेंगे और प्राथमिकता के क्षेत्र में सहयोग करने के लिए प्रयास करेंगे.
वहीं नेताप्रतिपक्ष ने आज आरोप लगाते हुए कहा कि इस सम्मलेन में MOU जैसा कोई एग्रीमेंट नहीं हुई है, यह केवल एक संयुक्त वक्तव्य था जिसमें लाइट मेट्रो के लिए MOU का कही जिक्र नहीं है. उन्होंने महापौर ढेबर से जनता और मीडिया को धोखा देने का आरोप लगाते हुए उनसे इस्तीफे की मांग की है.
मॉस्को ट्रिप के लिए निगम आयुक्त को महापौर ढेबर ने भेजा 10 लाख का प्रस्ताव, नहीं मिली स्वीकृति
नेताप्रतिपक्ष मीनल चौबे ने अपने प्रेस वार्ता में आज महापौर ढेबर पर आरोप लगाया कि उन्होंने अपने मॉस्को ट्रिप के लिए भेजे दस लाख के प्रस्ताव के दस्तावेज जारी किये और सरकार से निजी यात्रा के लिए भेजे प्रस्ताव को छुपाने की कोशिश की. उन्होंने कहा यदि महापौर ढेबर कि ये आधिकारिक यात्रा थी, तो उन्हें स्वीकृति क्यों नहीं मिली. जारी किये दस्तावेजों में द ट्रेवल गैलरी के एजेंट द्वारा बनाये गए खाने रहने और आने-जाने के खर्च का ब्यौरा और निगम आयुक्त को 10 लाख की स्वीकृति का प्रस्ताव शामिल था. नेताप्रतिपक्ष का ये कहना है कि इससे ये साबित होता है कि जिस यात्रा को महापौर आधिकारिक बता रहे है वो असल में निजी यात्रा थी.
जानिए पत्र को लेकर महापौर ढेबर ने क्या कहा:

वहीं इस पर महापौर ढेबर का कहना है की आमंत्रण के कुछ दिन बाद मॉस्को भ्रमण के लिए उनके द्वारा निगम आयुक्त को 10 लाख की राशि स्वीकृत करने को पत्र लिखा गया था, हालांकि कुछ दिनों बाद मॉस्को सरकार द्वारा इस ट्रिप का खर्च उठाने की जानकारी उन्हें मिली.


महापौर ने प्रेस वार्ता कर साझा की जानकारी:
छत्तीसगढ़ में CMHO का तबादला आदेश निरस्त, हाईकोर्ट ने सुनाया फैसला, जानिए पूरा मामला…
बिलासपुर। हाईकोर्ट ने अपने एक महत्वपूर्ण फैसले में राज्य शासन के उस आदेश को निरस्त कर दिया है, जिसमें जांजगीर के सीएमएचओ का तबादला किया गया था. याचिकाकर्ता के अधिवक्ता ने कोर्ट के सामने राज्य शासन की ओर से बनाई गई स्थानांतरण नीति का हवाला देते हुए कहा कि शासन ने अपने ही नियमों व निर्देशों की धज्जियां उड़ा दी है. सीनियर अफसर की जगह जूनियर अफसर की पदस्थापना कर दी गई है. राज्य शासन ने स्थानांतरण करते समय कैडर का भी ध्यान नहीं रखा है.
बता दें कि स्वास्थ्य विभाग ने एक आदेश जारी कर जांजगीर चांपा जिला अस्पताल की मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. स्वाति वंदना सिसोदिया का स्थानांतरण किया था. उनकी जगह जूनियर डाॅक्टर को पदस्थ कर दिया गया. राज्य शासन के फैसले के खिलाफ डॉ. स्वाति ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की.
क्लास टू अफसर को बनाया गया है सीएमएचओ
याचिका में अपना पक्ष रखते हुए डॉ. स्वाति ने कहा कि वह क्लास वन अफसर हैं. उनकी जगह क्लास टू अफसर को सीएमएचओ के पद पर पदस्थ कर दिया गया है. शासन ने जो नीति बनाई है उसका अफसर उल्लंघन कर रहे हैं. याचिकाकर्ता ने बताया कि सीएमएचओ के पद से हटाते हुए उन्हें जिला अस्पताल में स्त्री रोग विशेषज्ञ बना दिया गया है. जिस अस्पताल में वह कार्यरत हैं उनके जूनियर डॉक्टर को उनके ऊपर बिठा दिया गया है.
उप मुख्यमंत्री अरुण साव से विधायक राजेश मूणत ने की सौजन्य मुलाकात
रायपुर। उप मुख्यमंत्री अरुण साव से आज रायपुर-पश्चिम के विधायक और पूर्व मंत्री राजेश मूणत ने जैन समाज के प्रतिनिधि के रूप में सौजन्य भेंट की। श्री साव के रायपुर के सिविल लाइन स्थित शासकीय निवास पर हुई मुलाकात के दौरान पुखराज मूणत और विजय कांकरिया भी मौजूद थे।
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत छत्तीसगढ़ को 8,46,931 आवासों की स्वीकृति, मुख्यमंत्री साय ने प्रधानमंत्री का व्यक्त किया आभार
रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य को आज भारत सरकार द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत 8,46,931 आवासों की स्वीकृति मिली है। इसमें एसईसीसी 2011 की सूची के अनुसार 6,99,331 आवास और आवास प्लस सूची के अनुसार 1,47,600 आवास शामिल हैं।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बड़ी संख्या में आवास की स्वीकृति के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का हार्दिक आभार व्यक्त किया है। इसके लिए उन्होंने ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान का भी धन्यवाद किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत यह स्वीकृति छत्तीसगढ़ के ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों के जीवन स्तर को सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इस योजना के तहत लाखों परिवारों को अपने घर का सपना साकार होगा, जिससे उनके जीवन में स्थिरता और सुरक्षा का भाव उत्पन्न होगा।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में गरीब और वंचित वर्गों के उत्थान के लिए सरकार निरंतर कार्य कर रही है। छत्तीसगढ़ को प्राप्त यह आवास की स्वीकृति हमारे राज्य के विकास में एक मील का पत्थर साबित होगी।
उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने कोरबा के विभिन्न वार्डो में किया निर्माण कार्य का भूमिपूजन
रायपुर। वाणिज्य उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन के मुख्य आतिथ्य आज कोरबा नगर निगम क्षेत्र के तीन वार्डों में विकास कार्यों का भूमिपूजन हुआ। इस अवसर पर मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि पिछले 10 साल से उपेक्षा के शिकार रहे दर्री जोन के किसी भी वॉर्ड में अब विकास कार्य की कमी नहीं होने दी जाएगी। प्रदेश की विष्णुदेव सरकार में अब कोरबा शहर के हर वॉर्ड का विकास तेजी से होने लगा है। आज इस वार्ड में लगभग 50 लाख रुपए की लागत से कार्य शुरू होने जा रहे हैं, आने वाले दिनों में और भी कार्य प्रारंभ किए जा रहे हैं।
केबिनेट मंत्री द्वारा विभिन्न विकास कार्यो का भूमिपूजन हुआ इनमें दर्री जोन के वार्ड क्रमांक 52 सिंचाई कॉलोनी दर्री स्थित गणेश पंडाल में दोपहर 4 बजे आयोजित कार्यक्रम में दर्री जोन के अंतर्गत वार्ड क्रमांक 52 में फर्टिलाइजर बस्ती में राजू घर से रमेश घर तक फिरत घर से समारू घर मेन रोड इतवारी बाजार से सामुदायिक भवन तक, स्वास्थ्य केंद्र से एनटीपीसी प्लांट रोड तक सीसी रोड व नाली निर्माण कार्य लागत 22 लाख, वॉर्ड 52 एसएलआरएम सेंटर में सीसी सड़क का निर्माण कार्य लागत 13.7 लाख रुपए, वार्ड क्रमांक 52 प्राथमिक शाला नागोईखर में नवीन भवन का निर्माण कार्य लागत 13. 92 लाख, कुल 49.62 लाख रुपए के कार्यों का भूमिपूजन मंत्री श्री देवांगन के कर कमलों से संपन्न हुआ।
इसी तरह टीपी नगर जोन अन्तर्गत वार्ड क्रमांक 15 में ढोढीपारा स्थित शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में शाम 5 बजे आयोजित भूमिपूजन कार्यक्रम में सब स्टेशन से चेतन घर तक आरसीसी नाली एवम् सीसी रोड निर्माण कार्य लागत 9.01 लाख, वॉर्ड क्रमांक 15 अंतर्गत ढोढीपारा शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के सामने सीसी कार्य लागत 5.38 लाख , वार्ड क्रमांक 16 खान मोहल्ला एवम चारपारा कोहड़िया में पचरी निर्माण कार्य 11.04 लाख कुल लागत 25.42 लाख के कार्यों का भूमिपूजन मंत्री श्री देवांगन के करकमलों से हुआ। इस अवसर पर मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि पिछले 5 वर्षों में कोरबा शहर का विकास रुक सा गया था, एक काम के स्वीकृति और फिर काम शुरु होने मे दो से तीन साल लग जाते थे, लेकिन आज विष्णुदेव सरकार मे विकास कार्यों की स्वीकृति और कार्य तत्काल प्रारंभ हो रहे हैं। केबिनेट मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि विधानसभा चुनाव के दौरान वार्डों के विकास की जितनी भी घोषणा की गई थी उसे पहले ही साल स्वीकृति दी जा चुकी है। हर वार्ड का चहुमुखी विकास करने का प्रयास किया जा रहा है।



इस अवसर पर जिला उपाध्यक्ष प्रफुल्ल तिवारी, पार्षद नरेंद्र देवांगन, दर्री मंडल अध्यक्ष ईश्वर साहू, एमआईसी सदस्य सुनील पटेल, पार्षद प्रेमचंद पांडेय, विजय साहू, पुष्पा देवी कंवर, बुधवार साय यादव, ममता साहू, तुलसी ठाकुर, नारायण ठाकुर, मनोज अग्रवाल, मनोज यादववॉर्ड क्रमांक 15 के पार्षद धनसाय साहू, कोसाबाड़ी मंडल अध्यक्ष अजय विश्वकर्मा,लक्ष्मण श्रीवास, गिरधारी रजक, योगेश मिश्रा, दिनेश वैष्णव, राजेश सोनी, हार बाई यादव, कृष्णा राठौर, सरिता कौशिक, पुनिराम साहू, संजय मानिकपुरी समेत अधिक संख्या में वॉर्ड वासी उपस्थित रहे।
केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पूरी होने के बाद छत्तीसगढ़ लौटे आईएएस अमित कटारिया, मंत्रालय में दी ज्वाइनिंग
रायपुर। केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पूरी होने के बाद आईएएस अफसर अमित कटारिया पांच साल बाद छत्तीसगढ़ लौट आए हैं। उन्होंने मंगलवार को मंत्रालय में ज्वाइनिंग दी और सीएस अमिताभ जैन से मिले। वहीं दो दिन बाद यानि 5 सितंबर को आईएएस रजत कुमार ज्वाइनिंग करेंगे। इसके अतिरिक्त आईएएस डॉ. रोहित यादव भी छत्तीसगढ़ लौट रहे हैं।
इन तीनों की वापसी से राज्य प्रशासन को सचिव स्तर के अफसर मिल जाएंगे। इसमें बिलासपुर कमिश्नर से लौटे एनएन एक्का को भी पोस्टिंग दी जाएगी। वे फिलहाल बिना विभाग के पदस्थ किए गए हैं। ऐसे में दो से तीन विभागों के प्रभार सम्हाल रहे अफसर को राहत मिल सकती है। आने वाले महीनों में सुबोध सिंह, एलेक्स पॉल मेनन के भी लौटने के संकेत हैं।
बीते 8 माह में चार आईएएस अफसर राज्य लौट चुके हैं। इनमें एसीएस रिचा शर्मा, प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा, सचिव अविनाश चंपावत, रितु सेन शामिल हैं।
विद्युत केन्द्र शुरू होने से क्षेत्र के 65 ग्रामों के घरेलू और किसानों को मिलेगा सीधा लाभ- उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा
रायपुर। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा आज 52 करोड़ रूपए की लागत से जिले के सिल्हाटी (बैजलपुर) 132 केव्हीए का विद्युत उपकेन्द्र का उद्घाटन किया। उन्होंने क्षेत्रवासी को इस उपलब्धि के लिए बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यहां विद्युत केन्द्र शुरू होने से क्षेत्र के 65 ग्रामों के घरेलू और किसानों को सीधा लाभ मिलेगा। उद्घाटन के बाद उन्होंने विद्युत विभाग के अधिकारियों की बैठक लेकर जिले तथा क्षेत्र में बिजली कटौती की समस्या कोे दूरूस्त करने के निर्देश दिए।



उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने बताया कि इस क्षेत्र के 33/11 विद्युत उपकेन्द्र कुसुमघटा, सारंगपुर, पाण्डातराई, मड़मड़ा व बैजलपुर को इससे जोड़ा गया। जिससे 33/11 विद्युत उपकेन्द्र से जुड़े सभी उपभोक्ता लाभान्वित होंगे। भविष्य में 33 के. व्ही. के 4 फीडर के निर्माण कार्य होने के पश्चात 33/11 के. व्ही. के 3 विद्युत उपकेन्द्र से 50 ग्राम लाभान्वित होंगे। इससे उस क्षेत्र के 65 ग्रामों के घरेलू व अन्य श्रेणी के उपभोक्तागण एवं पम्प कनेक्शन के किसान लाभान्वित होंगे तथा लो वोल्टेज की समस्या का निराकरण होगा। इस विद्युत उपकेन्द्र से विभिन्न श्रेणी के लगभग 20 हजार से अधिक उपभोक्ता लाभान्वित होंगे एवं कवर्धा उपकेन्द्र पर भी 15 मेगावाट विद्युत भार का दबाव कम होगा। इस अवसर पर पूर्व विधायक अशोक साहू, जनप्रतिनिधि सहित आसपास के ग्रामीणजन उपस्थित थे।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने शासकीय योजनाओं तथा जिले के समग्र विकास के लिए दिए गए निर्देशों के पालन प्रतिवेदन की समीक्षा की
रायपुर। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा द्वारा कबीरधाम जिले के मूलभूत तथा बुनियादी सुविधाओं के विस्तार तथा समग्र विकास के लिए राज्य तथा केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के उचित क्रियान्वयन के लिए विशेष जोर देते हुए कार्य किया जा रहा है। उपमुख्यमंत्री ने सभी विभाग के अधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन और अधोसंरचना निर्माण के लिए निर्देश दिए है। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने आज जिला कलेक्टोरेट कार्यालय के सभाकक्ष में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेकर शासकीय योजनाओं और कबीरधाम जिले के समग्र विकास के लिए दिए गए निर्देशों के पालन प्रतिवेदन की समीक्षा बैठक ली।
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने बैठक में राज्य तथा केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, कार्यक्रम एवं कबीरधाम जिले के समग्र विकास के लिए विभिन्न विभागों के कामकाज की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों की बैठक लेकर पूर्व में दिए गए निर्देशों के पालन प्रतिवेदन की समीक्षा की। श्री शर्मा ने कहा कि पूर्व में दिए गए निर्देशों का अधिकारियों द्वारा कार्य किया जा रहा है, इसमें प्रगति आई है, लेकिन और प्रगति लाने की जरूरत है। क्षेत्र विकास के मांग और विकास के लिए लगातार कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शासन और प्रशासन का उद्देश्य क्षेत्र का विकास करना है इसके लिए जरूरी है कि शासन और प्रशासन मिलकर कार्य करेंगे तो उद्देश्य जरूर पूरा होगा। उन्होंने जिले के समस्त अधिकारियों को निर्देशित किया कि अधिकारी अपने मूलभूत कार्य के साथ विकास के क्षेत्र में नवाचार कार्य प्रारंभ करें।
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने समीक्षा बैठक में जिले के वंनाचल क्षेत्रों में अधोसरंचना, पुल-पुलिया, सड़क, पीएम जनमन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, कृषि उपज मंडी के स्वीकृत विकास कार्य, विधायक निधी, प्रभारी मंत्री द्वारा स्वीकृत कार्य, मुख्यमंत्री समग्र ग्रामीण विकास कार्य, त्रि-स्तरीय पंचायती राज संस्थानों के क्षमता विकास योजना अंतर्गत स्वीकृत कार्य, मनरेगा के तहत स्वीकृत कार्य, पीएमजीएसवाय, लोक निर्माण विभाग के कार्य सहित नई सिचाई परियोजनाओं, वनांचल सहित सूदूर ग्रामीण क्षेत्रों में बैकिंग सुविधाओं के विस्तार, शिक्षा, स्वास्थ्य और मूलभूत तथा बुनियादी सुविधाओं के विस्तार की प्रगति की समीक्षा की। प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री सड़क योजना अंतर्गत किए गए कार्यों की प्रगति की जानकारी दी गई। उप मुख्यमंत्री ने जिले के विभिन्न जलाशय के तहत किए जा रहे कार्यों की प्रगति की जानकारी लेते हुए आवश्यक निर्देश दिए। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने सभी विभाग के अधिकारियों को वार्षिक कलेंडर बनाने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष सुशीला भट्ट, जिला पंचायत सदस्य रामकुमार भट्ट, कलेक्टर जनमेजय महोबे, पुलिस अधीक्षक डॉ अभिषेक पल्लव सहित सभी अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
किसानों और ग्रामीणों की समस्यों को प्राथमिकता के साथ तत्काल निराकरण करें-उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने जिले के अनुविभागीय राजस्व न्यायालय, तहसीलदार, नायब तहसीलदार न्यायालय में पंजीकृत राजस्व प्रकरणों की समीक्षा की। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों तथा ग्रामीणों की छोटी-छोटी समस्याएं होती है, उनकी समस्याओं को सुनकर प्राथमिकता के साथ तत्काल निराकरण करना सुनिश्चित करें। जिले के किसान को किसी भी प्रकार से दिक्कत नही होना चाहिए। उन्होंने सभी अनुविभागीय अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार को सप्ताह में हर मंगलवार को सुबह 10 बजे से अपने कार्यालय में किसानों और ग्रामीणों की समस्याओं को सुनने और उसके समाधान के लिए जन चौपाल लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इसके लिए दिन और समय की जानकारी भी कार्यालय में चस्पा करें। जिससे किसी भी किसान या ग्रामीणों को भटकने के जरूरत नही होगी।
राजस्व प्रकरणों का समय-सीमा में करें निराकरण
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने राजस्व विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे राजस्व संबंधित मामले को प्राथमिकता के आधार पर सुलझाएं। उन्होंने विशेष रूप से नामांतरण और बटवारे के मामलों में निर्देशित करते हुए कहा कि इस संबंध में किसी भी प्रकार की गंभीर शिकायत नहीं मिलनी चाहिए। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया कि सभी नामांतरण और बटवारे के मामले समय पर और निष्पक्षता से निपटाए जाएँ, ताकि नागरिकों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
सड़कों का किया जाएगा चौड़ीकरण
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने समीक्षा बैठक में ठाकुर देव चौके से लेकर नए हाईटेक बस स्टैण्ड तक सड़क चौड़ी करण, कवर्धा से सरोधा मार्ग के चौड़ीकरण के प्रस्तावित कार्य की प्रगति की जानकारी ली। बैठक में बताया गया कि रायपुर-बिलासपुर मार्ग के लिए नए बाई पास निर्माण के लिए कर प्रस्ताव भेज दिया गया है, अप्रूवल होने के बाद कार्य प्रारंभ किया जाएगा। उन्होने लोक निर्माण विभाग को रायपुर से बिलासपुर बाईपास मार्ग सात किलोमीटर के चौड़ी करण के प्रस्तावित कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। बैठक में बताया गया कि कवर्धा से भोरमदेव मार्ग चौड़ीकरण के लिए सर्वे कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि यह सड़क बजट में शामिल है।
जिले में उपलब्ध कराई जा रही बेहतर स्वास्थ सुविधा
कबीरधाम जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दृष्टि से वनांचल सहित सूदूर ग्रामीण क्षेत्र की आमजनों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराई जा रही है। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने एम्बुलेस की खरीदी के लिए प्रस्ताव के संबंध में तथा जिले में संचालित एम्बूलेंस के फिटनेश टेस्ट के सम्बद्ध में जानकारी ली। सीएमएचओ ने बताया कि सभी वाहनों का फिटनेस टेस्ट किया जा रहा है। उन्होंने वनांचल क्षेत्र में सोनोग्राफी मशीन स्थापना के संबंध में जानकारी ली।
जिले में बनेगा गौ अभ्यारण्य
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कबीरधाम जिले में बनने जा रहे गौ अभ्यारण्य के संबंध में जानकारी ली। बैठक में पशु चिकित्सा विभाग के उपसंचालक ने बताया कि बोड़ला विकासखंड के ग्राम जैतपुरी व सरेखा में भूमि चिन्हांकित कर सीमांकन कार्य प्रगति पर है। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने गौ अभ्यारण निर्माण के लिए जल्द ही कार्य प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उन्होंने इसके लिए नाडेप, जल, छायां, पौधरोपण, पानी के लिए ओवर हैड टेंक, शेड सहित सभी व्यवस्था करने के निर्देश दिए।
जिले के पर्यटन क्षेत्र में ट्रैकिंग की व्यवस्था करने के दिए निर्देश
उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने कहा कि जिले में सरोदा दादर, भोरमदेव अभ्यारण, पीढ़ाघाट सहित अनेक पर्यटन स्थल शामिल है। उन्होंने इस क्षेत्र में पर्यटकों के लिए ट्रैकिंग की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अक्टूबर से फरवरी महीने तक विभिन्न क्षेत्र के लोग, ट्रैकर, विद्यार्थी ट्रैकिंग के लिए यहां आए जिससे इस क्षेत्र को पर्यटन में बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने इसके आवश्यक प्रचार-प्रसार करने के भी निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने उत्कल समाज की बहुलता वाले जिलों में ऋषि पंचमी-नुआखाई के दिन की अवकाश की घोषणा
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर के गॉस मेमोरियल मैदान में महापर्व नुआखाई के अवसर पर उत्कल गाड़ा समाज द्वारा आयोजित भव्य शोभा यात्रा के समापन समारोह को सम्बोधित करते हुए ऋषि पंचमी-नुआखाई के दिन उत्कल समाज की बहुलता वाले जिलों में अवकाश की घोषणा की। उन्होंने समाज की मांग पर उत्कल समाज को राजधानी रायपुर में सामाजिक भवन के लिए जमीन उपलब्ध कराने और बूढ़ी मां मंदिर के जीर्णोद्धार की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने समाज को यह भी आश्वस्त किया कि उत्कल गाड़ा समाज के विद्यार्थियों के जाति प्रमाण पत्र बनाने में आ रही दिक्कतों को दूर करने का प्रयास किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर विधायक पुरंदर मिश्रा, मोतीलाल साहू, उत्कल समाज के संत उदयनाथ महाराज और गगन बिहारी महाराज सहित उत्कल गाड़ा समाज के पदाधिकारी और सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने उत्कल गाड़ा समाज को नुआखाई की बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि नुआखाई के पांच दिन पहले ही समाज द्वारा भव्य शोभा यात्रा का आयोजन नुआखाई को लेकर उनके उत्साह और समाज की एकजुटता का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि समाज की उन्नति के लिए यह आवश्यक है कि समाज बच्चों की शिक्षा पर ध्यान दें। अपने बेटा-बेटियों को पढ़ाएं। युवा पीढ़ी नशा-पान की सामाजिक बुराई से दूर रहे। मुख्यमंत्री ने यह भी आश्वस्त किया कि समाज की उचित मांगों को पूरा किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ओड़िशा हमारा पड़ोसी राज्य है। ओड़िशा के साथ छत्तीसगढ़ का गहरा नाता है। ओड़िशा के साथ हमारा गहरे सामाजिक और सांस्कृति संबंध हैं। नुआखाई उत्कल समाज का प्रमुख त्यौहार है, तो छत्तीसगढ़ में भी नुआखाई का बड़ा महत्व है। आदिवासी समाज भी नई फसल आने पर नुआखाई का पर्व बड़े उत्साह के साथ मनाता है। नुआखाई पर नई फसल घर ले जाकर पूजा-अर्चना की जाती है। इससे चावल और चुड़ा बनाकर अपने ईष्ट देव को अर्पित कर अच्छी फसल, सुख-समृद्धि और सुखमय जीवन की कामना करते हैं।
मुख्यमंत्री ने पिछले आठ महीनों में नई सरकार द्वारा मोदी की गारंटी को पूरा करने के लिए किए गए कार्यों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जब भी प्रदेश के दौरे पर जाते हैं, तो लोगों का यह कहना रहता है कि राज्य सरकार सांय-सांय काम कर रही है। उन्होंने कहा कि नई सरकार ने आठ माह में ही 18 लाख प्रधानमंत्री आवास की स्वीकृति दी। किसानों से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान 3100 रूपए प्रति क्विंटल की दर पर खरीदा गया। राज्य सरकार ने 24.72 लाख किसानों से 145 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की। कल तीजा-पोरा पर्व के आयोजन पर 70 लाख से अधिक माता-बहनों के खाते में महतारी वंदन योजना की सातवीं किस्त की एक-एक हजार रूपए की राशि जारी की गई। उन्होंने कहा कि रामलला योजना के अंतर्गत हर आठ-दस दिन में 850 श्रद्धालुओं को शासन के खर्च पर रामलला के दर्शन के लिए भेजा जा रहा है। वनवासी क्षेत्रों में तेन्दूपत्ता की खरीदी 4000 रूपए से बढ़ाकर 5500 रूपए प्रति मानक बोरा की दर से खरीदा गया। पीएससी घोटाले की जांच सीबीआई कर रही है। शराब, कोयला और नान घोटाले की भी जांच हो रही हैं। अपराधी जेल भेजे जा रहे हैं।
उत्कल समाज के संत उदयनाथ महाराज और गगन बिहारी महाराज सहित विधायक पुरंदर मिश्रा, मोतीलाल साहू ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए समाज को नुआखाई की शुभकामनाएं दी। समाज के पदाधिकारियों ने समाज की मांगों से मुख्य अतिथि को अवगत कराया। इस अवसर पर उत्कल समाज के लोग बड़ी संख्या में उपस्थित थे।





धार्मिक, आध्यात्म और जन आस्था का केन्द्र है बखारीपाठ-उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा
रायपुर। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा कवर्धा प्रवास के दौरान धार्मिक, आध्यात्म और जन आस्था का केन्द्र ग्राम बखारीपाठ में आयोजित रामधुनी कार्यक्रम में शामिल हुए। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि, खुशहाली और प्रगति के लिए आशीर्वाद मांगा।
इस मौके पर श्री शर्मा ने बखारी पाठ के विकास के लिए पहुंच मार्ग में पुलिया निर्माण और मंच निर्माण कराने के लिए राशि स्वीकृत करने की घोषणा की। उन्होने राम मंडली में आए पांच मंडली को 21-21 सौ रूपए देने की घोषणा की। उन्होने मेला समिति की अन्य मांगों पर भी सैद्धांतिक सहमति देते हुए सभी मांगों को प्राथमिकता में रखते हुए पूरा करने का भरोसा भी दिलाया।



उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि ग्राम बखारीपाठ प्राचीन काल से धार्मिक, आध्यात्म और जन-आस्था का केन्द्र रहा है। यहां क्षेत्रवासी प्राचीन समय से पूजा-अर्चना करते आ रहे हैं। यह क्षेत्र धार्मिक पर्यटन स्थल के लिए प्रसिद्ध है। आयोजन समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि यहां के आसपास के क्षेत्रों से लोग बखारीपाठ में पूजा अर्चना करने आते है और धार्मिक जनआस्था का केन्द्र है। इस क्षेत्र के विकास होने से यहां के क्षेत्रवासियों का विकास होगा। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा अंचल के गांवों के विकास के लिए लगातार कार्य किए जा रहे है। गांव के विकास होने से शहर तक पहुंच का मार्ग बनेगा। इस अवसर पर बखारी पाठ मेला समिति के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधिगण सहित आसपास के ग्रामीणजन बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पूनमचंद यादव के निधन पर गहरा दुःख व्यक्त किया
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के पिता पूनमचंद यादव के निधन पर गहरा दुुःख व्यक्त किया है।
श्री साय ने कहा कि मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री श्री यादव के पिता के निधन की खबर से मुझे गहरा आघात लगा है। मुख्यमंत्री श्री साय ने शोक की इस घड़ी में डॉ. मोहन यादव व उनके परिजनो के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए ईश्वर से प्राथना की है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दें एवं परिजनों को इस दुःख की घड़ी में संबल प्रदान करें।
प्रदेश में बुलडोजर कार्रवाई पर सियासत : PCC चीफ ने उठाया सवाल, डिप्टी सीएम शर्मा बोले – किसी को घबराने की जरूरत नहीं
रायपुर। बुलडोजर एक्शन मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सख्त टिप्पणी की है. वहीं इस मामले को लेकर छत्तीसगढ़ में सियासत तेज हो गई है. बुलडोजर एक्शन को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने सवाल उठाया है. इसके जवाब में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि बुलडोजर किसी के घर में जबरिया नहीं चलता है. कहीं कोई अतिक्रमण होता है, किसी ने अवैध कब्जा किया है, गलत तरीके से निर्माण हुआ है, वहां कार्रवाई होती है. इसमें किसी को घबराने की जरूर नहीं है.
बता दें कि बुलडोजर एक्शन को लेकर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने सवाल उठाए थे. उन्होंने कहा था कि बुलडोजर एक्शन पर सुप्रीम कोर्ट ने दिशा निर्देश दिया है. हम लगातार कह रहे बुलडोजर एक्शन सही नहीं है. सभी BJP शासित राज्यों में बुलडोजर चलाया जा रहा है. यह BJP की डराने धमकाने की राजनीति पर तमाचा है. सुप्रीम कोर्ट का निर्देश स्वागत योग्य है, भाजपा सरकार सबक ले ले.
सुप्रीम कोर्ट ने जताई है आपत्ति
बता दें कि देश के कई राज्यों में अपराधियों के घर पर तोड़फोड़ ‘बुल्डोजर चलाने’ की कार्रवाई पर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ी आपत्ति जताई है. सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि देशभर में तोड़फोड़ को लेकर गाइडलाइन बनाई जाएगी. अदालत ने इसे लेकर सरकार और पक्षकारों से सुझाव मांगे हैं. कोर्ट ने कहा कि देशभर में निर्माणों में तोड़फोड़ को लेकर गाइडलाइन जरूरी है. अगर कोई आरोपी या दोषी भी है तो उसका घर गिराया नहीं जा सकता. अवैध निर्माण गिराने से पहले भी कानून का पालन करना जरूरी है. सुप्रीम कोर्ट इस मामले में अगली सुनवाई 17 सितंबर को करेगा.