बिलासपुर। मौत के बाद बैंक प्रबंधक रिश्वत लेने के आरोप से मुक्त हुए. 22 साल तक चले मामले में बैंक प्रबंधक की पत्नी ने बेटों के साथ हाई कोर्ट में केस लड़कर जीत हासिल की. बैंक प्रबंधक पर शासकीय योजना के तहत बोरवेल खुदाई के लिए लोन देने के एवज में रिश्वत लेने का आरोप था.
दरअसल, दुर्ग निवासी राजेन्द्र कुमार यादव वर्ष 2000-01 में कृषि एवं भूमि विकास बैंक के बेमेतरा शाखा में शाखा प्रबंधक के पद पर कार्यरत थे. इस दौरान ग्राम एरमसाही नवागढ़ ब्लॉक निवासी किसान धीरेन्द्र कुमार शुक्ला ने अपने पिता राजेन्द्र नारायण शुक्ला के नाम से बोरवेल खुदाई के लिए सरकारी योजना के तहत लोन लेने आवेदन दिया. इस आवेदन पर शाखा प्रबंधक राजेन्द्र कुमार यादव ने प्रोसेस शुल्क 526 रुपए जमा करने के लिए कहा. इस पर किसान ने शाखा प्रबंधक द्बारा रिश्वत मांगे जाने की लोकायुक्त रायपुर में शिकायत की.
शिकायत पर लोकायुक्त ने मई 2001 को शिकायतकर्ता को केमिकल लगे करेंसी लेकर बैंक प्रबंधक के पास भेजा और ट्रेप कर शाखा प्रबंधक को हिरासत में लिया. इस मामले में विशेष न्यायाधीश ने जनवरी 2003 को शाखा प्रबंधक को भ्रष्ट्राचार निवारण अधिनियम की धारा 7 में 6 माह कैद 500 रूपये अर्थदंड एवं धारा 13 (डी) 1 में 1 वर्ष कैद एवं 500 अर्थदंड की सजा दी. शाखा प्रबंधक ने इस निर्णय के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील की. अपील लंबित रहने के दौरान अपीलकर्ता शाखा प्रबंधक की मौत हो गई.
पति की मौत के बाद पत्नी उतम कुमारी यादव ने अपने पुत्र प्रशांत यादव व निशांत यादव के साथ मिलकर मुकदमा को आगे बढ़ाया. 22 वर्ष बाद अगस्त में अपील पर हाईकोर्ट में अंतिम सुनवाई हुई. हाईकोर्ट ने मामले में पाया कि शिकायतकर्ता ने अपीलकर्ता को 526 रुपए प्रोसेस शुल्क दिया था. ट्रेप टीम ने उसके जेब से 100-100 के चार करेंसी नोट जब्त करने की बात कही.
सुनवाई के दौरान यह बात सामने आई कि अपीलकर्ता के जेब से टीम ने 7-8 करेंसी नोट निकाला था. रिश्वत में दिए गए नोट के नंबर भी दर्ज नहीं है. वही अपीलकर्ता ने बचाव में कहा कि शिकायतकर्ता ने प्रोसेस शुल्क दिया था, जिसकी उसे रसीद भी दी गई थी. मामले में उक्त रसीद को भी प्रस्तुत किया गया. हाईकोर्ट ने सुनवाई के बाद बैंक प्रबंधक को रिश्वत लेने के आरोप से मुक्त करते हुए निचली अदालत के फैसले को खारिज कर दिया है.
जानकारी के अनुसार, कुछ दिन पहले ग्रंथपाल चक्रधारी सिंह ने एक छात्र के कान में थप्पड़ मारा था. घटना के बाद स्कूल प्रबंधन ने इस मामले को दबाने की कोशिश की. वहीं थप्पड़ खाने से पीड़ित छात्र के कान में परेशानी उत्पन्न हुई, जिसके बाद परिजन उसे निजी अस्पताल में इलाज के लिए ले गए. इस घटना की शिकायत मिलने पर संयुक्त संचालक सरगुजा ने मामले की गंभीरता को देखते हुए लाइब्रेरियन को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. सूत्रों का कहना है कि इस घटना में शामिल अन्य स्कूल कर्मचारियों पर भी कार्रवाई हो सकती है.
बिलासपुर। बेटे की मौत के बाद बेवा बहू व पोती के भरण पोषण को लेकर ससुर द्वारा लगाई गई अपील को हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया है. मामले में परिवार न्यायालय ने 1500 सौ रुपये पेंशन देने कहा था, आदेश के खिलाफ 40 हजार रु पेंशन पाने वाले ससुर ने हाई कोर्ट में अपील की थी. मामले की सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने परिवार न्यायालय के आदेश को यथावत रखते हुए अपील खारिज कर दी है. मामले की सुनवाई जस्टिस रजनी दुबे व जस्टिस संजय जायसवाल की डिवीजन बेंच में हुई।
बंगलापारा, रायपुर जिले के तुमगांव निवासी जनकराम साहू के बेटे अमित साहू की वर्ष 2022 में मौत हो गई थी. इसके बाद उसकी पत्नी मनीषा साहू, 29 वर्ष और पुत्री कु. टोकेश्वरी साहू उम्र लगभग 9 वर्ष के सामने अपना जीवन चलाने का संकट हो गया. मनीषा ने पारिवारिक न्यायालय महासमुंद में अपनी बेटी के लिए जीवन निर्वाह भत्ता दिलाने की मांग अपने ससुर से की. जिसे मंजूर कर फेमिली कोर्ट ने माँ को 1,500 रुपये प्रति माह और प्रतिवादी संख्या 2 बेटी को 500 रुपये प्रति माह देने का आदेश दिया. इसके खिलाफ जनकराम ने हाईकोर्ट में अपील की.
हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान बताया गया कि अमित साहू की मृत्यु 2 जनवरी 2022 को हो गई थी. अपने जीवनकाल के दौरान वह पत्नी और बच्ची को 2 हजार रुपये का रखरखाव भुगतान करते थे. उनके पिता जनकराम साहू वर्ष 2013 में बिजली विभाग से सेवानिवृत्त हुए थे. सेवानिवृत्त होने के बाद उन्हें 40,000 रुपए प्रति माह पेंशन मिलती है. इसके अलावा मकान किराये के रूप में प्रति माह 10,000 रुपये मिलते हैं. मामले की सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट की डिवीजन बेंच ने कहा कि हिंदू दत्तक ग्रहण और भरण-पोषण अधिनियम 1956 के तहत विधवा बहू अपने ससुर से भरण-पोषण की हकदार है. कोर्ट ने फैमिली कोर्ट के आदेश को बरकरार रखा है.
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की संवेदनशील पहल पर राज्य के वनांचल क्षेत्र में रहने वाले ग्रामीणों के लिए आवागमन की कठिनाइयों का समाधान किया जा रहा है। इसी क्रम में कबीरधाम जिले में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत पंडरिया विकासखंड के कांदावनी ग्राम पंचायत के आश्रित ग्राम रूखमीदादर में मिट्टी सड़क सह घाट कटिंग का कार्य किया गया है। इस कार्य से विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा समुदाय के लोगों को रोजगार के साथ-साथ आवागमन की सुविधा भी प्राप्त हो रही है।
लगभग 1 किलोमीटर लंबी इस सड़क का निर्माण कार्य 15 मार्च 2024 को प्रारंभ हुआ और 6 सप्ताह के भीतर इसे पूर्ण कर लिया गया। 10 लाख 18 हजार 7 सौ रुपये की लागत से तैयार इस सड़क ने 461 से अधिक आबादी वाले इस क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत दी है। इससे पहले ग्रामीणों को पगडंडियों के संकरे और पथरीले रास्तों से गुजरना पड़ता था, लेकिन अब इस सड़क के बन जाने से ग्रामीणों के लिए बाजार और अन्य स्थानों तक पहुंचना आसान हो गया है। सड़क निर्माण कार्य के दौरान 3613 मानव दिवस का रोजगार सृजन हुआ, जिससे 95 परिवारों के 165 मजदूरों को रोजगार मिला। इसमें 7 लाख 60 हजार 7 सौ रुपये की मजदूरी राशि सीधे उनके बैंक खातों में जमा की गई। इस परियोजना से वनांचल क्षेत्र के बैगा समुदाय को न केवल रोजगार का लाभ मिला, बल्कि उनके जीवन स्तर में भी सुधार हुआ है।
कलेक्टर जनमेजय महोबे ने बताया कि मनरेगा योजना के अंतर्गत ग्रामीणों की मांग पर विभिन्न कार्य स्वीकृत किए जाते हैं, जिनका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन के साथ-साथ स्थायी परिसंपत्तियों का निर्माण करना है। उन्होंने बताया कि बैगा समुदाय की कठिनाइयों को देखते हुए पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क का निर्माण कराया जा रहा है, जिससे आवागमन की सुविधा में विस्तार हो रहा है। सड़क निर्माण कार्य से खुश ग्रामीणों ने राज्य शासन व स्थानीय प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है। इस नई सड़क के माध्यम से अब ग्रामीणों को बाजार, स्कूल और अस्पताल जैसी महत्वपूर्ण सुविधाओं तक पहुंचने में आसानी हो रही है। ग्रामीणों का मानना है कि इस परियोजना से उनके जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आया है।
रायपुर। कोरबा जिले के लिए जिला खनिज संस्थान न्यास मद से प्राप्त राशि वरदान साबित होने लगी है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर जिला प्रशासन द्वारा डीएमएफ से जिले में लगातार स्वास्थ्य सुविधा, शिक्षा व्यवस्था एवं जनहित संबंधित आवश्यक कार्य को कराने पहल की जा रही है। इसी कड़ी में कलेक्टर अजीत वसंत द्वारा जिले के दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों तथा आसपास मौजूद जर्जर स्कूल भवनों का चिन्हांकन कर नए भवनों के निर्माण की स्वीकृति प्रदान की गई है।
डीएमएफ से कुल 60 से अधिक नए स्कूल भवन निर्माण, अतिरिक्त कक्ष, जीर्णाेद्धार कार्य हेतु प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। इसके अलावा उन्होंने 10 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में सुरक्षा के दृष्टिकोण से वहां की आवश्यकताओं को देखते हुए बाउण्ड्री वॉल निर्माण की स्वीकृति भी प्रदान की है। इससे पूर्व बीते माह फरवरी में ही 88 नवीन स्कूल भवन की स्वीकृति प्रदान की थी। दूरस्थ क्षेत्रों सहित आसपास के जर्जर स्कूल भवनों के स्थान पर नए भवन बनने से स्कूल में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों सहित शिक्षकों की समस्याएं दूर होंगी। इन स्वीकृति में ज्यादातर प्राथमिक स्कूल नवीन भवन ( पुराने भवन का विनिष्टिकरण भी ) शामिल है। कुछ स्थानों पर माध्यमिक शाला हेतु भवन,अतिरिक्त कक्ष एवं प्रयोगशाला कक्ष तथा जीर्णाेद्धार की स्वीकृति प्रदान की गई है।
नए भवन स्वीकृत होने पर विद्यार्थी और शिक्षक खुश –
जिला प्रशासन द्वारा जर्जर हो चुके स्कूल भवनों के लिए नए भवन स्वीकृत किए जाने पर स्कूल के विद्यार्थियों सहित संबंधित शिक्षकों में खुशी है। करतला विकासखण्ड के अंतर्गत आने वाले दूरस्थ ग्राम बैगापारा-घिनारा का प्राथमिक शाला भवन भी है। 38 साल पुराने शीट युक्त छत वाले भवन में प्राथमिक शाला का संचालन किया जा रहा है। दो कमरों में संचालित विद्यालय में 57 विद्यार्थी हैं। विद्यालय की शिक्षिका शशीकला राठिया ने बताया कि यहां नए स्कूल भवन की सख्त आवश्यकता थी। जिला प्रशासन द्वारा नए भवन स्वीकृत किए जाने की सूचना मिली है। यह हमारे लिए खुशी की बात है। नए भवन बनने से विद्यार्थियों के साथ ही हमें भी राहत मिलेगी।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में बनेगा बाउण्ड्रीवॉल –
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर कलेक्टर ने जिले के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में कदम उठाते हुए डीएमएफ से दूरस्थ क्षेत्रों के 23 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में आवास निर्माण एवं बाउण्ड्रीवाल निर्माण हेतु स्वीकृति प्रदान की है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में आवास निर्माण होने से चिकित्सक सहित अन्य स्टाफ आसानी से रूक पाएंगे। वहीं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में बाउण्ड्रीवॉल बनने पर मरीज सहित चिकित्सकीय स्टाफ खुद को स्वास्थ्य केंद्र में सुरक्षित महसूस करेंगे।
रायपुर। मॉस्को से लाइट मेट्रो के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर कर लौटे रायपुर के महापौर एजाज ढेबर ने मीडिया के सामने दस्तावेज पेश किया है। मॉस्को सरकार की तरफ से मेयर को भेजे गए इनविटेशन और टिकट भी दिखाया। उन्होंने कहा कि, राजधानी में ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने रायपुर नगर निगम और मॉस्को सरकार के बीच 22 अगस्त को ज्वाइंट MoU किया गया।
इसके जरिए हम अप-टू-डेट परिवहन डेटा एक-दूसरे से शेयर करेंगे। इसके लिए एक्सपर्ट की टीम के साथ बैठक, कार्यक्रम, ऑफलाइन मीटिंग और इवेंट भी किए जाएंगे। आज नहीं तो कल यह प्रोजेक्ट जरूर पूरा होगा।
डिप्टी सीएम के बयान पर जताई नाराजगी
मेयर ने डिप्टी सीएम अरुण साव के बयान को लेकर कहा कि, मुझे इस बात का दुख है कि जिम्मेदार व्यक्ति ने ऐसी बात कही है। मैंने रायपुर के साथ कोई भद्दा मजाक नहीं किया है। एमओयू की क्या लिमिटेशन होती है। मैं इस बात को समझता हूं। रायपुर में लाइट मेंट्रो को लेकर मैं पिछले 5 साल से प्रक्रिया में लगा हुआ था।
मैंने प्राथमिक काम किया, आगे सरकार काम करेगी
मेयर एजाज ढेबर ने कहा कि, वर्तमान में मैंने जो MoU किया है। उसमें राज्य सरकार से अभी अनुमति लेने वाला कोई स्टेज नहीं था। जब रूस से टेक्निकल टीम यहां आएगी, तो हमें अनुमति की आवश्यकता होगी। मैं अच्छे से जानता हूं मेरा अधिकार क्षेत्र क्या है ?
इस काम के लिए हमें 100% सरकार की जरूरत पड़ेगी। बिना सरकार के कुछ काम नहीं हो पाएगा। जो प्राइमरी स्टेज है, उस स्टेज को मैंने किया है। दूसरे स्टेज में अब सरकार की जरूरत पड़ेगी। आने वाले दिनों में कानूनी तौर पर MoU किया जाएगा।
केन्द्रीय परिवहन मंत्री से की आधे घंटे मुलाकात
मेयर ने बताया कि, पिछले दिनों नागपुर में MoU को लेकर सेंट्रल ट्रासपोर्ट मिनिस्टर नितिन गड़करी से मैंने चर्चा की। करीब आधे घंटे उनसे बातचीत हुई। केंद्रीय मंत्री ने विदेश मंत्री से मिलने के लिए कहा है। मैं बहुत जल्द विदेश मंत्री के पास भी जाऊंगा। अपने इस पूरी बातों को उनके समक्ष प्रस्तुत करूंगा।
13 नवंबर को मास्को के ट्रांसपोर्टने कहा कि, विपक्ष के नेताओं ने मॉस्को दौरा और MoU को चुनावी स्टंट बताया। लेकिन रायपुर शहर में लाइट मेट्रो के मुद्दे को हम नहीं छोड़ेंगे। आने वाले दिनों में चुनाव होने वाले हैं हमें विश्वास है कि, रायपुर निगम में हमारी सरकार बनेगी। जब तक शहर में लाइट मेट्रो नहीं चलेगी, तब तक काम करते रहेंगे। आज नहीं तो कल यह जरूर पूरा होगा।
शहर में जरूर चलेगी लाइट मेट्रो
मेयर ढेबर ने कहा कि, विपक्ष के नेताओं ने मॉस्को दौरा और MoU को चुनावी स्टंट बताया है। लेकिन रायपुर शहर में लाइट मेट्रो के मुद्दे को हम नहीं छोड़ेंगे। आने वाले दिनों में चुनाव होने वाले हैं। हमें विश्वास है कि रायपुर निगम में हमारी सरकार आएगी। जब तक रायपुर में लाइट मेट्रो नहीं चलेगी, तब तक काम करते रहेंगे। आज नहीं तो कल यह जरूर पूरा होगा।
मॉस्को सरकार ने 2 महीने पहले भेजा था लेटर
डिप्टी सीएम अरुण साव के भद्दे मजाक वाले बयान पर महापौर एजाज ढेबर ने कहा कि, मॉस्को की सरकार ने मुझे 2 महीने से लेटर भेजा। मेरे आने-जाने के लिए कॉर्पोरेट फ्लाइट की टिकट भेजी। मुझे राज्य अतिथि का दर्जा दिया गया।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज दुर्ग जिले के ग्राम मड़ियापर में आयोजित पोला महोत्सव में बतौर मुख्य अतिथि सम्मलित हुए। उन्होंने बैल दौड़ को हरी झण्डी दिखाकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। छत्तीसगढ़ संस्कृति विभाग, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल और शास्त्री नवयुवक मंडल मड़ियापार के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस महोत्सव में छत्तीसगढ़ की पुरातन संस्कृति एवं पारम्परिक खेलों का संगम प्रदर्शित किया गया।
समारोह को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ग्रामवासियों को पोला तिहार की बधाई एवं शुभकामनाये दी। उन्होंने कहा कि मड़ियापार के बैल दौड़ के बारे में बहुत सुनने को मिला था आज इसे देखने का भी अवसर मिला। उन्होंने कहा कि पोला तिहार किसानों का खेती किसानी से जुड़ा सबसे बड़ा त्योहार है। यह हमारे जीवन में खेती किसानी और पशुधन का महत्व बताता है। इस दिन घरों में उत्साह से नादिया बैल और जाता पोरा की पूजा कर अच्छी फसल और घर में धन धान्य से परिपूर्ण के लिए प्रार्थना की जाती है। यह छत्तीसगढ़ की परम्परा, संस्कृति और लोक जीवन की गहराइयों से जुड़ा पर्व है। किसानों के हितों को ध्यान में रखकर केन्द्र और राज्य सरकार अनेक योजनाएं संचालित कर रही है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रदेश की 70 लाख माताएं-बहनों को तीजा-पोरा त्यौहार के मौके पर महतारी वंदन योजना के तहत सातवी किश्त की राशि महिलाओं के खातों में अंतरण किया गया है। उन्होंने कहा कि किसानों के आय दोगुना करने सरकार निरंतर प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की गारंटी को पूरा करते हुए राज्य में 13 लाख किसानों को धान का दो वर्ष के बकाया बोनस के रूप में 3716 करोड़ का भुगतान किया गया हैं। इसके साथ ही किसानों से 21 क्विंटल प्रति एकड़ धान खरीदी की गई है। इसी प्रकार तेन्दूपत्ता संग्रहण पारिश्रमिक 4 हजार से बढ़ाकर 5500 रूपए प्रति मानक बोरा किया गया है। मुख्यमंत्री श्री साय ने पारम्परिक त्योहारों का सरंक्षण एवं संर्वधन के लिए प्रदेश के अन्य स्थानों पर भी ऐसे आयोजन पर जोर दिया। इस अवसर पर उन्होंने पोला महोत्सव कार्यक्रम स्थल पर डोम निर्माण, मड़ियापार में सामुदायिक भवन निर्माण, पोला महोत्सव आयोजन के लिए प्रति वर्ष 5 लाख रूपए तथा ग्राम लिटिया में जिला सहकारी बैंक शाखा खोलने की घोषणा की।
सांसद विजय बघेल कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि पोला महोत्सव से मड़ियापार को प्रदेश में पहचान मिली है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में बहुत से तीज त्योहार मनाते आ रहे है। इन त्योहारों से यहां प्रेम और सद्भावना बढ़ी है। उन्होंने पोला त्योहार की सभी को शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम को जगदलपुर विधायक किरण सिंह देव, क्षेत्रीय विधायक ईश्वर साहू ने भी सम्बोधित किया। इस अवसर पर पूर्व विधायक जागेश्वर साहू, लाभचंद बाफना एवं अवधेश सिंह चंदेल सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण तथा जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, आयोजन समिति के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।
रायपुर। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अंतर्गत आयोजित उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम का जश्न धूमधाम से मनाया गया। 2 सितंबर को आयोजित इस कार्यक्रम में साक्षरता सप्ताह एवं अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस के दूसरे दिन विभिन्न जिलों में कई रंगारंग प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें पेंटिंग, मेंहदी, रंगोली, पोस्टर, चित्रकला और दीवार पेंटिंग जैसी कला विधाओं को केंद्रित किया गया।
इन प्रतियोगिताओं का उद्देश्य ‘सबके लिए शिक्षा’ के संदेश को जन-जन तक पहुँचाना और लोगों में शिक्षा के प्रति जागरूकता फैलाना था। स्वयंसेवी शिक्षकों ने असाक्षरों को साक्षर बनाने के लिए बुनियादी साक्षरता और संख्यात्मकता (एफएलएन) आधारित गतिविधियों की जानकारी दी, और उन्हें विभिन्न एफएलएन सामग्री के निर्माण के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम ने न केवल शिक्षा के महत्व को रेखांकित किया, बल्कि सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से राज्य को साक्षरता के नए आयामों की ओर अग्रसर करने का संदेश भी दिया।
साक्षरता सप्ताह के दूसरे दिन उल्लास का माहौल पूरे राज्य में देखने को मिला। इस अवसर पर जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण, जिला पंचायत, जिला शिक्षा अधिकारी, डाइट, और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ-साथ बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, स्वयंसेवी शिक्षक, और साक्षरता से जुड़े अधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
रायपुर। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह की उपस्थिति में उप मुख्यमंत्री एवं राजनांदगांव जिले के प्रभारी मंत्री विजय शर्मा की अध्यक्षता में आज राजनांदगांव जिला कलेक्टोरेट सभाकक्ष में विभागीय योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस दौरान सांसद संतोष पाण्डेय उपस्थित थे।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने जिले के विकास से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा करते हुए कहा कि जिले के अंतिम ग्राम पंचायत तक वाई-फाई की सुविधा पहुंची चाहिए। वाई-फाई की सुविधा होने से वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से कभी भी सरपंच एवं सचिव से बात हो सकेगी। इसके लिए जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में वाई-फाई की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। डॉ. सिंह ने कहा कि जिले में शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की समस्या नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अमृत मिशन योजना तथा पंप लगने के बाद टैंक तक पानी पहुंचाने के लिए कहा। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में लो-वोल्टेज की समस्या को देखते हुए ट्रांसफार्मर की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने पुनरूद्धार वितरण क्षेत्र योजना के अंतर्गत मद में प्राप्त राशि लैप्स हो जाने के कारण विकास कार्य बाधित होने पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि समय पर कार्य नहीं करने वाले कंपनी, कान्ट्रेक्टर को कैसिंल करें या ब्लैक लिस्ट करें।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सिंह ने कहा कि गौठानों में चल रहे रीपा एवं चारागाह का बेहतर उपयोग करते हुए यह तय करें कि गौठान का और अच्छा उपयोग कैसे किया जा सकता है। ग्राम सभा में गौठान के संबंध में निर्णय लेते हुए कार्य करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन योजना प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ग्रामीण क्षेत्रों के लिए महत्वाकांक्षी योजना है और इसका क्रियान्वयन अच्छी तरह से गुणवत्तापूर्ण होना चाहिए। जल जीवन के मिशन अंतर्गत निर्माणाधीन कार्यों को शीघ्र ही पूर्ण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने राजस्व के प्रकरणों का निराकरण शिविर लगाकर करने के निर्देश दिए तथा अविवादित नामांतरण एवं बटवारा के प्रकरणों का शत-प्रतिशत निराकरण करने के लिए कहा।
उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि अधिकारी नवाचार के साथ ही गुणवत्तापूर्ण कार्य करें। प्रशासन द्वारा शासन की योजनाओं का क्रियान्वयन जनसामान्य के हितों को ध्यान में रखते हुए संतोषजनक स्थिति के लिए कार्य किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सक्रियता के साथ प्रशासनिक अमले को कार्य करने की आवश्यकता है। शत-प्रतिशत मोबाईल नेटवर्क के माध्यम से जिले में वाई-फाई की व्यवस्था होनी चाहिए। पंचायती राज व्यवस्था में वीडियो कान्फ्रेंसिंग की सुविधा मिलने से प्रत्यक्ष तौर पर जनसामान्य से जुड़ सकेंगे। उन्होंने पुलिस अधीक्षक को अवैध शराब पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लखपति योजना अंतर्गत सीएलएफ कलस्टर की समीक्षा करते हुए इसके लिए कार्य योजना बनाएं ताकि समूह की महिलाओं द्वारा बनाएं गए उत्पाद की अच्छी तरह बिक्री हो सके। उन्होंने लोक निर्माण की समीक्षा के दौरान कार्य शीघ्र करने के निर्देश दिए। शिक्षा विभाग अंतर्गत एजुकेशन हब के तहत प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी, युक्तियुक्तकरण शिक्षकों की पदस्थापना, प्रतिमाह ली जा रही परीक्षा, बच्चों की आवासीय व्यवस्था की जानकारी ली गई।
सांसद संतोष पाण्डेय ने कहा कि रेवाडीह कांजी हाऊस में गाय की संख्या अधिक है और यहां चारे और पानी की व्यवस्था होनी चाहिए। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि राजस्व विभाग अंतर्गत नक्शा, बटांकन, संयुक्त बटवारा एवं खाता विभाजन के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। इस दौरान डोंगरगढ़ विधायक दलेश्वर साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष गीता साहू, कलेक्टर संजय अग्रवाल एवं पुलिस अधीक्षक मोहित गर्ग सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
रायपुर। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह तथा उप मुख्यमंत्री व जिले के प्रभारी मंत्री विजय शर्मा ने राजनांदगांव जिला कलेक्टोरेट सभाकक्ष में विभागीय योजनाओं की समीक्षा बैठक में राष्ट्रीय आजीविका मिशन बिहान अंतर्गत उत्कृष्ठ कार्य करने वाली जिले की लखपति दीदीयों का लखपति प्रमाण पत्र प्रदाय कर सम्मानित किया। ये महिलाएं, जिन्होंने स्वयं सहायता समूह के माध्यम से छोटे-छोटे व्यापार शुरू करके अपनी और अपने परिवार की आर्थिक स्थिति में सुधार किया है, उन्हें प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
राजनांदगांव जिले के ग्राम पंचायत टेड़ेसरा में सीआरजीबी बैंक में कार्यरत बैंक मित्र कीर्ति यादव द्वारा महज 15 दिन में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा छोटे-छोटे व्यापार की शुरूआत की योजना प्रधानमंत्री मुद्रा स्वयं सिद्धा योजना के तहत जरूरतमंद 54 बिहान समूह सदस्यों को मुद्रा स्वयं सिद्धा ऋण का प्रकरण तैयार कर राशि का वितरण कराया है। जिससे समूह के सदस्य अपने स्वयं के छोटे-छोटे व्यापार प्रारम्भ कर सके साथ ही कीर्ति यादव स्वयं भी समूह से जुड़कर लखपति दीदी बन चुकी हैं, इसी प्रकार ग्राम पार्रीखुर्द की समूह सदस्य दिव्या निषाद एवं ग्राम तोरणकट्टा की चंद्रकला यादव ने बिहान समूह से जुड़कर अपने व अपने परिवार को गरीबी से ऊपर उठाकर आजीविका प्रारम्भ करते हुए अपने व अपने परिवार की वार्षिक आय एक लाख रूपए से अधिक करते हुए लखपति दीदी बन गई है।
इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष तथा उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री को समूह की सदस्यों द्वारा समूह द्वारा निर्मित सामग्री कलेक्टर संजय अग्रवाल एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुरूचि सिंह द्वारा भेंट किया गया।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार जशपुर जिले में जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त प्रयासों से जिले में स्वास्थ्य मितान हेल्पलाइन नंबर 9343992744 का संचालन किया जा रहा है। स्वास्थ्य मितान हेल्पलाइन प्रत्येक समय मरीज के स्वास्थ्य संबंधित परेशानी के समाधान हेतु उपलब्ध है। विकासखंड, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, जिला चिकित्सालय से संबंधित मरीजों को तत्काल स्वास्थ्य संबंधी लाभ उपलब्ध कराया जाना स्वास्थ्य मितान हेल्पलाइन का उद्देश्य है। इस योजना के अंतर्गत जशपुर जिले के अंतर्गत ही नहीं बल्कि मरीज-हितग्राहियों को जिले के बाहर रायपुर अन्य नजदीकी जिले अंबिकापुर, रायगढ़ तथा अन्य राज्य जैसे रांची में भी चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने हेतु स्वास्थ्य मितान हेल्पलाइन द्वारा कार्य किया जा रहा है। जिसके अंतर्गत फरवरी 2024 से अगस्त माह तक 1 हजार 23 मरीजों को स्वास्थ्य लाभ प्रदान किया गया है।
विदित हो कि सर्वप्रथम आवेदक अपना आवेदन बगिया कैंप कार्यालय में प्रस्तुत करते हैं। आवेदन प्रस्तुत होने के पश्चात 5 मिनट के अंदर कार्यवाही की जाती है। दूरभाष द्वारा संपर्क कर संपूर्ण जानकारी ली जाती है और स्वास्थ्य संबंधित निराकरण हेतु अन्य संबंधित चिकित्सा अधिकारियों, प्रशासनिक अधिकारियों एवं कर्मचारी से संपर्क किया जाता है। संपर्क करने के बाद निराकरण करने हेतु मरीज से पुनः फोन पर बात कर उनके स्वास्थ्य संबंधित समस्या का समाधान किया जाता है।
रायपुर। रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने सोमवार को अपने निवास पर परिवार के साथ पोरा तिहार मनाया। पारंपरिक तरीके से बैलों की मूर्तियों का पूजन किया और छत्तीसगढ़ी व्यंजन चीला- चौसेला और खुरमी का भोग चढ़ाया।
पूजन में चार पीढियां एक साथ शामिल हुई। सांसद बृजमोहन अग्रवाल नाती-पोतों के साथ पोरा तिहार का आनंद लेते नजर आए।बृजमोहन ने सभी प्रदेशवासियों को पोरा तिहार की बधाई देते हुए कहा कि, वो भगवान से छत्तीसगढ़ के किसानों की खुशहाली और समृद्धि की कामना करते है।
रायपुर। विष्णु भईया का घर-आंगन तीजा-पोरा त्यौहार के मौके पर महतारियों से गुलजार रहा। कोई महिला लाख की चूड़ियां बनवा रही थीं, तो कोई मेहंदी लगवा रही थी और टैटू बनवा रही थीं। तीजा-पोरा त्यौहार के मौके पर प्रदेश के मुख्यमंत्री और बड़े भैया ने उन्हें बड़े प्यार से अपने घर बुलाया था। रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास उन्हें अपने मायके जैसा लग रहा था। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस मौके पर सपत्नीक पूरे विधि-विधान से शिव-पार्वती की पूजा की और नंदी की पूजा-अर्चना की।
छत्तीसगढ़ में तीजा सुहागिनों के लिए सबसे बड़ा पर्व माना जाता है, जिसमें वे कठिन व्रत कर पति और परिवार की खुशहाली के लिए कामना करती हैं। परम्परा है कि तीजा पर बहनें अपने मायके जाती है और मायके में ही व्रत के सारे नियमों को निभाती हैं। तीजा का यह पर्व पोरा तिहार से शुरू हो जाता है। मायके में निश्चिंत होकर बहनें अपना बचपन जीती हैं और विवाहित होने के बाद तीजा-पोरा तिहार पर मायके पहुंचकर सहेलियों और भाईयों के बीच जीवन का आनंद लेती हैं, ठीक उसी तरह आज मुख्यमंत्री निवास में हजारों की संख्या में पहुंची। मुख्यमंत्री श्री साय की ओर से उन्हें उपहार स्वरूप साड़ी, श्रृंगार सामान व छत्तीसगढ़ी कलेवा भेंट में दी गई।
मुख्यमंत्री निवास में इन माताओं-बहनों के लिए तरह-तरह के पकवान और छत्तीसगढ़ी व्यंजन खाने के लिए परोसे गए तो वहीं माताओं-बहनों के सजने-संवरने की व्यवस्था भी की गई थी। श्रृंगार महिलाओं को खासा पसंद होता है, इसका भी ध्यान बड़े भाई के तौर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रखा और उनकी ओर से प्रदेश की अपनी इन बहनों के लिए लाख की चूड़ियां, मेहंदी, टैटू के साथ ही दीदी हटरी उपलब्ध कराई गई थी। छत्तीसगढ़ी लोक कलाकार आरू साहू ने इस मौके पर रंगारंग प्रस्तुति दी, जिस पर महिलाएं खुशी से झूम उठी। छत्तीसगढ़ के पारंपरिक खेल फुगड़ी, कुर्सी दौड़ और रस्सी खींच का भी आयोजन किया गया।
माता और बहनों के लिए मायके में उनके स्वागत के लिए सभी इंतजाम किए गए थे। तीजा-पोरा महतारी वंदन तिहार के अवसर पर मुख्यमंत्री निवास पहुंची हजारों माता-बहनों से प्रदेश के मुखिया भाई की तरह आत्मीय भाव से मिले। प्रदेश के मुखिया को भाई की तरह मिलता देख इन बहनों के चेहरों पर निश्छल मुस्कान खिल आई। माताओं-बहनों की इस खुशी को दुगुना करने का काम मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने महतारी वंदन योजना की सातवीं किश्त के रूप में एक-एक हजार रूपए की राशि उनके खातों में अंतरित कर किया।मुख्यमंत्री निवास में पहली बार अभनपुर से आई इंद्राणी साहू, कुर्रू से आई प्रतिमा वर्मा और दिव्या वर्मा, सेजबहार से आई करुणा बांधे, कोटा की निशा सोनी और कबीर नगर से आई संजना यादव ने बताया कि यहां आकर तीजा पोरा का तिहार मनाने का एक खास अवसर हम सबको मिला है। यहां आकर ऐसा लग रहा है जैसे हम सब अपने मायके आई हुई हैं। यहां की व्यवस्था बहुत सुंदर है। हम सब बहुत खुशकिस्मत हैं कि हम छत्तीसगढ़ राज्य में रहती हैं जहां के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने हम सब बहनों का सम्मान किया है।रायपुर के बोरियाखुर्द और सन्तोषी नगर से मुख्यमंत्री निवास में तीजा-पोरा तिहार मनाने पहुँची दो सहेलियाँ ज्योति राजपूत और ज्योति साहू अपनी खुशी जाहिर करते हुए बताती हैं, हम आज बहुत उत्साहित हैं। पहली बार मुख्यमंत्री निवास आने का मौका मिला। हम हमारे विष्णु भैया को इस भव्य आयोजन के लिए आभार व्यक्त करते हैं, जिन्होंने हम महिलाओं के लिए ऐसा सोचा और आमंत्रित किया।
रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य गौ संरक्षण एवं संवर्धन समिति द्वारा पूरे छत्तीसगढ़ राज्य में स्कूली एवं कॉलेज के विद्यार्थियों के लिए गौ विज्ञान परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है। इस अभियान का श्री गणेश पोला पर्व की पूर्व संध्या पर पोस्टर विमोचन मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की उपस्थिति में मुख्यमंत्री निवास में आयोजित की गई।
परीक्षा आयोजन की जानकारी देते हुए प्रांत संयोजक इरन्ना सपारे एवं प्रांत परीक्षा प्रमुख सुबोध राठी ने बताया कि विद्यालय एवं महाविद्यालय स्तर पर आयोजित यह परीक्षा 11 दिसंबर गीता जयंती के दिन पूरे प्रांत में एक साथ होगी। पूरे प्रदेश में 5 लाख विद्यार्थी इस परीक्षा में सम्मिलित होंगे। परीक्षाओं में हर श्रेणी में प्रथम, द्वितीय, तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली प्रतिभागियों को 12 जनवरी को आयोजित प्रदेश स्तरीय गौ सेवा संगम कार्यक्रम में पुरुस्कृत किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस आयोजन का प्रमुख उद्देश्य स्कूली एवं कॉलेज के विद्यार्थियों के बीच गाय के प्रति प्रेम भाव जागृत करना है। साथ ही वर्तमान पीढ़ी को गाय का धार्मिक एवं वैज्ञानिक महत्व समझाना है। आज एक बहुत बड़ी पीढ़ी गाय से विमुख है जिसके कारण कहीं ना कहीं समाज गोपालन से विमुख हो रहा है। जिसके परिणाम स्वरूप गाय सड़कों पर है। गायों के सड़कों पर आने से रोज सैकड़ों सड़क दुर्घटनाएं घट रही है, जिसमें न सिर्फ गोवंश अपितु इंसानों की भी लगातार मौत हो रही है। गायों का स्थान किसान का घर है न की सड़क। गाय सिर्फ किसान के घर ही सुरक्षित रह सकती है।
उन्होंने बताया कि गाय के सभी विषयों को लेकर आने वाले 5 महीने व्यापक जन जागरण अभियान संस्था के द्वारा चलाया जाएगा। इस अभियान में परीक्षा के साथ साथ, स्कूलों में गाय के महत्व की प्रदर्शनी, सेमिनार, व्याख्यान, गौ सेवा संगम सहित विविध आयोजन किए जाएंगे। इस आयोजन के माध्यम से प्रदेश के घर घर संपर्क कर गौमाता का महत्व समाज को बताया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अभियान के लिए शुभकामनाएं प्रेषित करते हुए प्रदेश जनों से इस अभियान में ज्यादा से ज्यादा जुड़कर सहयोग करने का आग्रह भी किया है। इस अवसर पर पूरे प्रदेश के आए हुए गौसेवक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से छत्तीसगढ़ लोक आयोग के प्रमुख लोकायुक्त इंदर सिंह उबोवेजा (सेवानिवृत्त जस्टिस) ने सौजन्य मुलाकात कर आयोग की गतिविधियों की जानकारी दी।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के राजधानी रायपुर स्थित निवास में आज छत्तीसगढ़ का पारंपरिक त्योहार तीजा, पोरा धूमधाम से मनाया गया। ‘विष्णु भैया संग तीजा-पोरा महतारी वंदन तिहार’ के भव्य आयोजन में शामिल होने मुख्यमंत्री निवास में बड़ी संख्या में महिलाएं पहुंची। तीजा-पोरा, महतारी वंदन तिहार के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेश की 70 लाख माता-बहनों के खाते में महतारी वंदन योजना की सातवीं किश्त के रूप में एक-एक हजार रूपए की राशि का भुगतान ऑनलाईन डीबीटी मोड के जरिए किया। महतारी वंदन योजना के तहत आज सातवीं किश्त में 70 लाख महिलाओं को 653 करोड़ रूपए का भुगतान किया गया। इसे मिलाकर अब तक 4578 करोड़ रूपए की राशि का भुगतान किया जा चुका है।
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में राष्ट्रीय पोषण माह का शुभारंभ कर महिलाओं को पोषण माह की शपथ भी दिलाई। श्री साय ने मुख्यमंत्री निवास से सुपोषण रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया एवं राष्ट्रीय पोषण माह के पोस्टर का विमोचन भी किया। कार्यक्रम के आरंभ में मुख्यमंत्री श्री साय ने अपनी धर्मपत्नी कौशल्या साय के साथ भगवान शिव की पूजा अर्चना कर प्रदेश की सुख समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री निवास में तीजा मनाने आईं माता, बहनों को तीजा की बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह बहुत खुशहाली का अवसर है। मेरे बुलावे पर प्रदेश के सभी जिलों से बहनें यहां आईं हैं, मैं आप सभी का स्वागत करता हूं। तीजा में सुहागन महिलाएं निर्जला व्रत रखकर अपने पति की दीर्घायु जीवन की कामना लेकर शिव-पार्वती की पूजा करती हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा आज पोरा तिहार है, जो छत्तीसगढ़ की परम्परा में किसानों और पशु प्रेम को समर्पित है। इसके साथ ही तीन दिन बाद तीजा है, जो सुहागिनों के लिए सबसे बड़ा पर्व माना जाता है। पौराणिक ग्रंथों के अनुसार माता पार्वती ने भगवान शंकर के लिए तीजा का कठिन व्रत किया था। आज हमने माता, बहनों को महतारी वंदन योजना की सातवीं किश्त जारी कर दी है। हम हर माह के पहले हफ्ते में महतारी वंदन योजना के अंतर्गत एक-एक हजार रूपए का अंतरण उनके खातों में करते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सबका साथ सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के रास्ते पर चलते हुए राज्य सरकार छत्तीसगढ़ के चंहुमुखी विकास के लिए कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने इस भव्य आयोजन के लिए महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और उनकी पूरी टीम को बधाई दी।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने अपने उद्बोधन में कहा आज हमारे मुख्यमंत्री विष्णु भैया ने त्यौता देकर हमें तीजा, पोरा मनाने अपने घर पर बुलाया है। तीजा, पोरा का त्यौहार छत्तीसगढ़ की परंपरा का त्यौहार है। पोरा के आते ही बहनें राह तकती रहती है कि भाई तीजा लिवाने कब आएंगे, बहनों के होठों पर मुस्कान और चेहरे पर चमक होती है। हमारे धर्म में मान्यता है कि यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते, रमन्ते तत्र देवताः इसी मान्यता का अनुसरण करते हुए हमारी सरकार महिलाओं को हर महीने महतारी वंदन योजना की राशि जारी कर रही है।
वनमंत्री केदार कश्यप ने भी अपना सम्बोधन दिया। श्री कश्यप ने कहा कि छत्तीसगढ़ के मुखिया ने आज हमें तीजा, पोरा के अवसर पर अपने घर आमंत्रित किया है। बड़े हर्ष का विषय है कि छत्तीसगढ़ में आज विष्णु की पालनहारी सरकार है जो सभी के हित में सोचती है।
महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने तीजा, पोरा की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आज हम सभी तीजा, पोरा मनाने अपने बड़े भैया के घर आए हैं। हमारे मुख्यमंत्री जी छत्तीसगढ़ के पारंपरिक पर्व तीजा, पोरा को धूमधाम से मना रहे हैं, हम सब उनका धन्यवाद करते हैं। श्रीमती राजवाड़े ने कहा प्रदेश में महतारी वंदन योजना लागू होने से महिलाओं में आत्मविश्वास जगा है।
रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने उपस्थित महिलाओं को तीजा पोरा की बधाई देते हुए कहा कि महिलाएं आज के दिन शंकर-पार्वती की पूजा करते हैं। महतारी वंदन योजना के अंतर्गत आज बहनों को एक-एक हजार रूपए मिल गया है, उनके चेहरे पर ख़ुशी दिख रही है। जिस तरह भगवान शंकर-पार्वती सम्पूर्ण विश्व के मंगल की कामना रखते हैं उसी तरह मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की सरकार हर वर्ग के लोगों का ध्यान रख रही है।
खेल एवं युवा कल्याण मंत्री टंकराम वर्मा ने छत्तीसगढ़ के लोक कवि स्वर्गीय लक्ष्मण मस्तुरिया के गीत ’मैं छत्तीसगढ़ के माटी औ’ गाकर सुमधुर प्रस्तुति दी। इस अवसर पर विधायक किरण सिंह देव, अनुज शर्मा, राजेश मूणत, पुरंदर मिश्रा, गुरु खुशवंत साहेब, मोतीलाल साहू, इन्द्र कुमार साहू उपस्थित रहे।
परम्परागत ग्रामीण परिवेश में सजा मुख्यमंत्री निवास
‘विष्णु भैया संग तीजा-पोरा महतारी वंदन तिहार’ के लिए मुख्यमंत्री निवास की विशेष सजावट की गई थी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री निवास में परम्परागत ग्रामीण परिवेश की झलक दिखाई दी। छत्तीसगढ़ी लोक कलाकारों ने मुख्यमंत्री निवास में रंगारंग प्रस्तुतियां दी। मुख्यमंत्री निवास में महतारी वंदन तिहार के अवसर पर छत्तीसगढ़ के पारंपरिक खेलों में फुगड़ी, कुर्सी दौड और रस्सी खींच का आयोजन भी किया गया। तीजा-पोरा तिहार के मौके पर मुख्यमंत्री निवास पारंपरिक बैला गाड़ी, नंदिया-बइला और खिलौनों के साथ सुसज्जित नजर आया।
रायपुर। राजधानी में एसएसपी के निर्देश पर होटलों और रेस्टोरेंट्स की चेकिंग की जा रही है। देर रात खुले रहने वाले रेस्टारेंट और होटलों पर सख्ती बरती जा रही है। मिली जानकारी के अनुसार राजधानी के विधानसभा थाना इलाके की पुलिस ने क्षेत्र की होटलों की जांच की। पुलिस को इस क्षेत्र की होटलों में देर रात तक खुले होने और अवैध और चोरी-छिपे तरीके से ग्राहकों को शराब पिलाने की सूचना मिल रही थी। इस पर ऐक्शन लेते हुए पुलिस ने कार्रवाई की। प्रतिष्ठानों के मैनेजर और कर्मचारियों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की।
बता दें कि राजधानी में बढ़ते क्राइम के बीच बीती देर रात अचानक एसएसपी गश्त पर निकले थे। इस दौरान उन्होंने शहर के कई प्रमुख थानों का निरीक्षण किया था। एसएसपी ने थाना माना, गंज, क्राइम ऑफिस और सिविल लाइन थानों का दौरा कर नाइट पेट्रोलिंग, पंडरी बस स्टैंड और अन्य चेक पॉइंट्स का जायजा लिया था।
विशेष टीम ने समय से अधिक देर तक खुले रहने वाले बार और रेस्टोरेंट्स को चेक किया और कई होटल और रेस्टोरेंट्स, जिनमें फ्लोरेंस, शीतल जूक, देशी ठाट, एफटीबी, और स्काई लाउंज शामिल हैं। इस सभी के मैनेजर और अन्य को अवैधानिक गतिविधियों में पाए जाने पर थाने लाकर उनके खिलाफ आबकारी एक्ट और अन्य प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई थी। कार्रवाई के दौरान सीएसपी सिविल लाइन अनुराग झा और सीएसपी आजाद चौक अमन झा पुलिस बल के साथ देर रात तक चेकिंग करवाते रहे थे।
रायपुर। मेजर ध्यानचंद स्मृति राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर हर साल की तरह इस साल भी क्रीड़ा भारती की ओर से देशव्यापी खेल सप्ताह का आयोजन किया रहा है। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में भी 29 अगस्त से खेल सप्ताह का आयोजन किया जा रहा है। आज देवेंद्र नगर स्थित बालाजी विद्या मंदिर में राज्य स्तरीय योगासन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। जिसमें प्रदेश के 21 जिलों से आए 300 खिलाड़ी शामिल हुए।
प्रतियोगिता का शुभारंभ भगवान हनुमान और स्व. मेजर ध्यानचंद के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर दीप प्रज्वलन किया गया। उक्त आयोजन में जी. स्वामी (अध्यक्ष, आंध्र एसोसिएशन और समाज सेवी), उमेश ठाकुर (व्या.शि., बालाजी विद्या मंदिर) और नुरेन्द्र कुम्हार (प्रांत युवा प्रमुख, क्रीड़ा भारती छत्तीसगढ़) अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। साथ ही मोहित साहू (क्रीड़ा भारती रायपुर महानगर) ने इस कार्यक्रम की अध्यक्षता की। मान. रुस्तम सारंग (अध्यक्ष, क्रीड़ा भारती रायपुर महानगर) और वीरेंद्र देशमुख (मंत्री, क्रीड़ा भारती रायपुर महानगर) के मार्गदर्शन में यह कार्यक्रम ने सफल स्वरूप लिया।
विजेता खिलाड़ियों को मेडल और प्रमाण पत्र देकर किया गया सम्मानित
बता दें कि यह प्रतियोगिता चार आयु वर्ग 14 वर्ष से कम, 14+ से 18 वर्ष, 18+ से 28 वर्ष और 28+ वर्ष से अधिक में बालक एवं बालिकाओं के लिए अलग अलग आयोजित की जा रही है। जिसमें हर खिलाड़ी को 5 आसनों का प्रदर्शन किया। समापन सत्र में पधारे अतिथियों एवं रेफरी टीम व क्रीड़ा भारती के कार्यकर्ताओं के द्वारा आयोजित इवेंट के चारों आयु वर्ग में (बालक-बालिका) विजेता खिलाड़ियों को मेडल व प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
ऑफिसियल टीम में सूरज यादव, गोविंद शर्मा, मनीष रावत, गौतम साहू, अनीश कुमार चौहान, राहुल शर्मा, अनीता साहू, हर्षलता, पायल चंद्राकर, प्रिया वर्मा, प्रभाकर सिंह, कोमल सिंह, माही वर्मा, नेहा साहू उपस्थित रहे।
इस गरिमामय कार्यक्रम के सम्पादन हेतु मान. संजय सिंह (अध्यक्ष, क्रीड़ा भारती छत्तीसगढ़), मान. सुमीत उपाध्याय (प्रांत मंत्री, क्रीड़ा भारती छत्तीसगढ़) एवं नीता डुमरे, हर्षा साहू एवं अन्य पदाधिकारियों ने शुभकामनाएं प्रेषित की।