सेंट पॉल स्कूल परिसर में बुलडोजर कार्रवाई पर पूर्व मंत्री शिव डहरिया बोले-
रायपुर। राजधानी रायपुर के सेंट पॉल स्कूल परिसर में बने एक विवादित सामुदायिक भवन पर प्रशासन ने बुलडोजर चलाया। इस मामले में पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने कहा, जानकारी मिली है कि सामुदायिक भवन बन रहा था, जिसे तोड़ा गया। पूरे प्रदेश में अवैध निर्माण का खेल चल रहा, उसे क्यों छोड़ा जा रहा। सिर्फ एक जाति/धर्म विशेष पर कार्रवाई करना सही नहीं है। आज पूरे प्रदेश में अल्पसंख्यक समुदाय के लोग असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। सरकार उन्हें सुरक्षा नहीं दे पा रही है।
कैबिनेट की बैठक में वीबी जी राम जी को मंजूरी मिली। इस पर पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने कहा, पूर्व में मनरेगा में प्रावधान होते थे उसमें केंद्र सरकार 80 प्रतिशत हिस्सा देती थी और 20 प्रतिशत राज्य सरकार देती थी। अब 60:40 का रेशियो है। सरकार के पास 40 प्रतिशत पैसा भी केंद्र को देने के लिए नहीं है। ये कहां से वीबी जी राम जी शुरू करेंगे इनके पास मनरेगा के लिए भी पैसा नहीं था। ये बजट सिर्फ दिखाने का है। मुझे नहीं लगता कि इसके लिए 4 हजार करोड़ का बजट होगा। ये दिखावा है।कर्मचारियों को वेतन नहीं दे पा रहे, बिजली बिल जमा नहीं करवा पा रहे हैं।
कृषि अवशेष और जैविक कचरे से बायोगैस उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा, कैबिनेट के इस फैसले पर डहरिया ने कहा, हवा हवाई बातें हैं, यहां ठोस अपशिष्ट प्रबंधन का काम नहीं कर पा रहे हैं। कर्मचारियों को तनख्वाह नहीं मिल पा रही। जनता को बरगलाने के लिए ये बातें की जाती हैं।
काला दिवस मनाने पर कहा – आलरेडी लगा है अघोषित आपातकाल
बीजेपी 25 जून को काला दिवस मना रही, इस मामले में शिव डहरिया ने कहा, देश में अघोषित आपातकाल आलरेडी लगा हुआ है। विधायक सांसदों की खरीदी बिक्री हो रही है, प्रजातांत्रिक व्यवस्थाएं ठप्प हैं। सरकार व्यापारियों के लिए काम कर रही। जनता के लिए कुछ हो ही नहीं रहा। छग में प्रदेशवासियों के लिए क्या हो रहा? विकास के सारे काम ठप्प हैं।
सरकार सभी मामलों में फेल
प्रशिक्षण शिविर को लेकर बीजेपी हर दिन नए पोस्टर जारी कर रही। इस मामले में पूर्व मंत्री डहरिया ने कहा, भाजपा के पास ना मुद्दा है न योजना। छत्तीसगढ़ के लोगों का ध्यान भटकाने कुछ भी बोलते हैं। सरकार सभी मामलों में फेल हैं। उन्हें छग की जनता को देखना चाहिए।