प्रदेश
सुशासन तिहार: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पीएम जनमन के हितग्राही को सौंपी खुशियों की चाबी
रायपुर। सुशासन तिहार के अंतर्गत ग्राम सरोधी में आयोजित चौपाल कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का ग्रामीणों ने आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर “जय मां बंजारी महिला स्व सहायता समूह” की महिलाओं ने मुख्यमंत्री को आम, रखिया बड़ी, कुटकी, चार और पपीता से सजी टोकरी भेंट की। महिला समूह द्वारा भेंट किए गए ये स्थानीय उत्पाद गांव की समृद्ध परंपरा और आत्मनिर्भरता का प्रतीक है।
मुख्यमंत्री ने इस पहल की सराहना करते हुए महिलाओं के प्रयासों को प्रोत्साहित किया और कहा कि स्व सहायता समूह ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
इस दौरान समूह की महिलाओं ने बताया कि वे स्थानीय संसाधनों से उत्पाद तैयार कर अपनी आय बढ़ा रही हैं और शासन की योजनाओं से उन्हें निरंतर सहयोग मिल रहा है।
सुशासन तिहार: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पीएम जनमन के हितग्राही को सौंपी खुशियों की चाबी
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुशासन तिहार के अंतर्गत जारी राज्यव्यापी दौरे में आज खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के छुईखदान विकासखंड के ग्राम सरोधी में प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत सुभान सिंह मेरावी को उनके नवनिर्मित आवास की चाबी सौंपकर गृह प्रवेश कराया।

सुभान सिंह ने बताया कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि मुख्यमंत्री स्वयं उनके गांव आकर उन्हें यह सौभाग्य देंगे। उनके लिए यह केवल घर नहीं, बल्कि सम्मान और विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि उन्हें वन अधिकार पट्टा के तहत 3 एकड़ 2 डिसमिल भूमि मिली है, जिस पर खेती कर वे अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं। साथ ही उनकी पत्नी को महतारी वंदन योजना के तहत नियमित आर्थिक सहायता भी मिल रही है, जिससे घरेलू जरूरतों में सहयोग मिल रहा है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ग्रामीणों से संवाद करते हुए कहा कि शासन का लक्ष्य अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे शासन की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।
छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस में बड़ा बदलाव : विधायक संगीता सिन्हा को मिली कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी
रायपुर। छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस संगठन में बड़ा बदलाव किया गया है। ऑल इंडिया महिला कांग्रेस (AIMC) की अध्यक्ष अलका लांबा ने विधायक संगीता सिन्हा को छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस की कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया है।
जारी आदेश के अनुसार, संगीता सिन्हा आगामी स्थायी प्रदेश अध्यक्ष की नियुक्ति तक इस पद की जिम्मेदारी संभालेंगी। संगठन में यह बदलाव आगामी रणनीति और संगठनात्मक मजबूती को ध्यान में रखते हुए किया गया है। संगीता सिन्हा के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष बनने से महिला कांग्रेस में नए सिरे से सक्रियता आने की उम्मीद जताई जा रही है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, आने वाले समय में संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने पर विशेष फोकस रहेगा।

सुशासन तिहार: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मेधावी छात्र गिरवर पटेल को किया सम्मानित
रायपुर। सुशासन तिहार के तहत जारी राज्यव्यापी दौरे के दौरान खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के छुईखदान विकासखंड अंतर्गत ग्राम सरोधी में आयोजित जन चौपाल में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने का प्रेरक क्षण देखने को मिला।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ग्राम बकरकट्टा के मेधावी छात्र गिरवर पटेल को सम्मानित किया। गिरवर पटेल ने 10वीं बोर्ड परीक्षा में 93.5 प्रतिशत अंक प्राप्त कर मेरिट सूची में स्थान हासिल किया है। वर्तमान में वे रायपुर स्थित प्रयास आवासीय विद्यालय में अध्ययनरत हैं।
मुख्यमंत्री ने गिरवर की उपलब्धि की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रतिभाशाली विद्यार्थी प्रदेश का नाम रोशन करते हैं और अन्य छात्रों के लिए प्रेरणा बनते हैं। उन्होंने गिरवर के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विद्यार्थियों को परिश्रम, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति समर्पण के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा के क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण अवसर उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है, ताकि हर छात्र अपने सपनों को साकार कर सके। गिरवर पटेल का सम्मान न केवल उनकी कड़ी मेहनत और लगन का परिणाम है, बल्कि यह ग्रामीण अंचल के अन्य विद्यार्थियों के लिए भी एक प्रेरणादायक उदाहरण भी है।
एक माह के नवजात का मुख्यमंत्री ने किया नामकरण, “रविशंकर” नाम से गूंजा गांव का आंगन
रायपुर। सुशासन तिहार के अंतर्गत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का कबीरधाम जिले के विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा बाहुल्य ग्राम कमराखोल (ग्राम पंचायत लोखान) में आगमन एक आत्मीय और भावनात्मक प्रसंग का साक्षी बना। आम के पेड़ की छांव में खाट पर बैठकर जब मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ चौपाल लगाई, तो वहां का वातावरण पूरी तरह से अपनत्व और विश्वास से भर गया। शासन और जनता के बीच की दूरी इस सहज संवाद में पूरी तरह समाप्त होती नजर आई।
इसी दौरान ग्राम की निवासी ऋषि बघेल अपने एक माह के नवजात शिशु को गोद में लेकर मुख्यमंत्री के पास पहुंचीं और अत्यंत विनम्रता से अपने पुत्र का नामकरण करने का आग्रह किया। यह एक साधारण निवेदन था, लेकिन उसमें ग्रामीण जीवन की सादगी, विश्वास और आत्मीय जुड़ाव की गहराई साफ झलक रही थी।
मुख्यमंत्री ने भी पूरे स्नेह और संवेदनशीलता के साथ इस आग्रह को स्वीकार किया और बच्चे के जन्म दिवस के बारे में जानकारी ली। जब श्रीमती बघेल ने बताया कि बालक का जन्म रविवार के दिन हुआ है, तो मुख्यमंत्री ने मुस्कुराते हुए उस नवजात का नाम “रविशंकर” रखा। नामकरण के इस क्षण ने वहां उपस्थित सभी ग्रामीणों के चेहरे पर खुशी की चमक बिखेर दी। जैसे ही यह नाम घोषित हुआ, पूरा चौपाल स्थल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा और एक उत्सव जैसा माहौल बन गया।
यह दृश्य जनप्रतिनिधि और आमजन के बीच गहरे विश्वास का प्रतीक भी बन गया। इस आत्मीय क्षण ने सुशासन तिहार की मूल भावना को और अधिक सशक्त रूप से प्रस्तुत किया, जहां शासन केवल योजनाओं के क्रियान्वयन तक सीमित नहीं, बल्कि लोगों के जीवन के सुख-दुख में सहभागी बनकर उनके साथ खड़ा होता है।
मुख्यमंत्री श्री साय का यह सहज और मानवीय व्यवहार यह दर्शाता है कि सुशासन का वास्तविक अर्थ लोगों के जीवन से जुड़कर उनकी भावनाओं को समझना और उन्हें सम्मान देना है।
बंगाल, असम और पुडुचेरी में NDA की ऐतिहासिक जीत : सीएम साय ने कहा – विकसित भारत के संकल्प पर जनता ने लगाई मुहर
रायपुर। बंगाल समेत तीन राज्यों में भाजपा की ऐतिहासिक जीत हुई है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने एक्स पर पोस्ट कर कहा है कि पश्चिम बंगाल, असम एवं पुडुचेरी में भारतीय जनता पार्टी एवं एनडीए को प्राप्त ऐतिहासिक जनादेश के लिए वहां की जागरूक, राष्ट्रनिष्ठ एवं विकासोन्मुख जनता का हृदय से अभिनंदन है। यह विजय भारतीय लोकतंत्र की सशक्तता, जनविश्वास और राष्ट्रवाद की भावना का उज्ज्वल प्रतीक है। असम और पुडुचेरी में पुनः जनादेश व पश्चिम बंगाल में मिली ऐतिहासिक सफलता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृढ़ नेतृत्व, सुशासन और ‘विकसित भारत’ के संकल्प पर जनता की अटूट आस्था की स्पष्ट अभिव्यक्ति है।
सीएम साय ने कहा, यह जनादेश तुष्टिकरण, भ्रष्टाचार और भय की राजनीति पर विकास, सुशासन एवं राष्ट्रहित की निर्णायक विजय है। बंगाल की यह ऐतिहासिक जीत वहां के समर्पित कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम, त्याग और संकल्प का परिणाम है।
सीएम साय ने कहा, इस ऐतिहासिक जीत में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के सशक्त संगठनात्मक नेतृत्व एवं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के कुशल मार्गदर्शन में सभी समर्पित कार्यकर्ता, संगठन पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि सहभागी रहे हैं। इस गौरवपूर्ण सफलता के लिए आप सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
निर्माण स्थल पर मुख्यमंत्री का श्रमदान: श्रमिक बहनों के साथ की ईंट जोड़ाई
रायपुर। सुशासन तिहार के तहत प्रदेशभर में चल रहे औचक निरीक्षण और जनसंवाद के क्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कबीरधाम जिले के ग्राम लोखन में एक ऐसा अनुभव साझा किया, जिसने सुशासन के ध्येय को और अधिक जीवंत बना दिया।
निर्माणाधीन पंचायत भवन के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने केवल औपचारिक समीक्षा तक खुद को सीमित नहीं रखा, बल्कि उन्होंने उस प्रक्रिया का हिस्सा बनना चुना, जो आमजन के जीवन को सीधे प्रभावित करती है। उनके इस व्यवहार ने यह स्पष्ट कर दिया कि सुशासन केवल नीति और कागज़ों तक सीमित नहीं, बल्कि जमीन पर उतरकर उसे महसूस करने और जीने की प्रक्रिया है।
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने ‘रानी मिस्त्री’ के रूप में कार्य कर रहीं श्रमिक बहनों के बीच जाकर कुछ समय उनके साथ ईंट जोड़ाई में हाथ बँटाया।
इसी दौरान श्रमिक बहन संगीता ने पूरे आत्मीय अधिकार और सहजता के साथ मुस्कुराते हुए मुख्यमंत्री से कहा - “ईंट जोड़ाई अच्छे से करिए, मसाला बढ़िया से डालिए।” यह संवाद एक सामान्य वाक्य से कहीं अधिक था; इसमें वह विश्वास झलकता है, जो आज सरकार और जनता के बीच विकसित हो रहा है। यह वह स्थिति है, जहाँ आम नागरिक बिना झिझक अपनी बात रखता है और नेतृत्व उसे उसी सहजता से स्वीकार करता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सुशासन का वास्तविक अर्थ केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उन्हें जनता के साथ मिलकर धरातल पर साकार करना है। उन्होंने कहा कि जब शासन और जनता के बीच संवाद, विश्वास और सहभागिता का रिश्ता बनता है, तभी विकास की प्रक्रिया प्रभावी और स्थायी बनती है। उनके अनुसार, यही आत्मीयता और साझेदारी सुशासन की सबसे बड़ी ताकत है।
इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता में किसी भी प्रकार की लापरवाही न हो, कार्य समयबद्ध ढंग से पूर्ण हों और श्रमिकों के लिए पेयजल, सुरक्षा और अन्य आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं।
सुशासन तिहार ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि छत्तीसगढ़ में शासन केवल प्रशासनिक ढांचे तक सीमित नहीं है, बल्कि यह संवेदनशीलता, सहभागिता और विश्वास पर आधारित एक जीवंत व्यवस्था बन चुका है। यहाँ सरकार और जनता के बीच दूरी नहीं, बल्कि संवाद, सहयोग और साझेदारी का संबंध है - और यही संबंध प्रदेश के समग्र विकास की सबसे बड़ी शक्ति बनकर उभर रहा है।
निर्माणाधीन पंचायत भवन के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री को श्रमिकों ने दिया भोजन का न्यौता: साथ बैठकर खाया बोरे बासी और आमा चटनी
रायपुर। सुशासन तिहार के अंतर्गत आज कबीरधाम जिले के ग्राम लोखान में एक बेहद आत्मीय और संवेदनशील दृश्य देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय निर्माणाधीन पंचायत भवन के औचक निरीक्षण के दौरान सीधे श्रमिकों के बीच पहुंच गए। निरीक्षण के दौरान उनका यह दौरा केवल कार्यों की समीक्षा तक सीमित नहीं रहा, बल्कि आमजन के साथ उनके सहज जुड़ाव और संवेदनशील नेतृत्व का जीवंत उदाहरण बन गया। मुख्यमंत्री के अचानक पहुंचने से वहां कार्यरत श्रमिकों में उत्साह का माहौल बन गया और सभी ने उनका आत्मीय स्वागत किया।
निरीक्षण के दौरान वहां काम कर रही महिला श्रमिकों ने मुख्यमंत्री को बड़े स्नेह और आग्रह के साथ दोपहर के भोजन के लिए आमंत्रित किया। इस सादगी भरे निमंत्रण को मुख्यमंत्री ने तुरंत स्वीकार किया और मुस्कुराते हुए उनसे पूछा कि वे खाने में क्या लेकर आई हैं। महिलाओं ने बताया कि वे अपने घर से पारंपरिक भोजन—बोरे बासी, पान पुरवा रोटी, चना भाजी, चरोटा भाजी, मुनगा बड़ी और आमा (आम) की चटनी लेकर आई हैं। यह सुनकर मुख्यमंत्री ने उसी सहजता से उनके साथ भोजन करने का निर्णय लिया।

मुख्यमंत्री श्री साय श्रमिकों के बीच जमीन पर बैठ गए और उनके टिफिन से ही भोजन ग्रहण किया। बोरे बासी और आमा चटनी का स्वाद लेते हुए उन्होंने कहा कि यह भोजन उनकी अपनी जीवनशैली और संस्कृति से जुड़ा हुआ है।
भोजन के दौरान श्रमिक बहनों से बात करते हुए मुख्यमंत्री श्री साय ने शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी हकीकत को भी समझने का प्रयास किया। उन्होंने श्रमिक महिलाओं से महतारी वंदन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना और अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभ के बारे में विस्तार से जानकारी ली। महिलाओं ने भी खुले मन से अपने अनुभव साझा किए, जिससे मुख्यमंत्री को योजनाओं की वास्तविक स्थिति का सीधा फीडबैक मिला।
जब मुख्यमंत्री ने गांव की प्रमुख समस्याओं के बारे में पूछा, तो महिलाओं ने बताया कि पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण पेयजल की समस्या लगातार बनी रहती है। बोरवेल और हैंडपंप लंबे समय तक कारगर नहीं रह पाते, जिससे गर्मी के दिनों में पानी की दिक्कत और अधिक बढ़ जाती है। इस समस्या को मुख्यमंत्री ने गंभीरता से लिया और तत्काल समाधान की दिशा में पहल करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने मौके पर ही कलेक्टर से पेयजल व्यवस्था के संबंध में जानकारी ली। कलेक्टर ने बताया कि क्षेत्र के 26 गांवों के लिए एक विशेष पेयजल योजना तैयार की गई है, जिसके अंतर्गत दूरस्थ जल स्रोतों से पाइपलाइन के माध्यम से पानी उपलब्ध कराने की योजना है। यह योजना तकनीकी रूप से तैयार है और इसे जल्द ही क्रियान्वित किया जा सकता है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने स्पष्ट शब्दों में निर्देश देते हुए कहा कि इस योजना को यथाशीघ्र स्वीकृति प्रदान कर धरातल पर कार्य शुरू किया जाए, ताकि ग्रामीणों को पेयजल की समस्या से राहत मिल सके। उन्होंने कहा कि सुशासन का वास्तविक अर्थ यही है कि शासन की योजनाएं समय पर और प्रभावी रूप से आमजन तक पहुंचे। मुख्यमंत्री ने यह स्पष्ट किया कि हमारी सुशासन सरकार जनसमस्याओं के समाधान के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।
झालमुड़ी में घुला जीत का स्वाद, भाजपा बढ़त पर चौधरी का अनोखा जश्न
रायपुर। बंगाल की 293 सीटों पर वोटों की गिनती जारी है। शुरुआती रुझान में भाजपा को बहुमत मिला है। भाजपा 196 और टीएमसी 91 सीटों पर आगे चल रही है। बंगाल में भाजपा की जीत पर छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने सोशल मीडिया पर बंगाल के लोकप्रिय स्ट्रीट फूड ‘झालमुड़ी’ खाते हुए वीडियो पोस्ट किया है। इस मौके पर उनके बंगले के बाहर लोगों को भी मुफ्त में झालमुड़ी खिलाया गया।
मंत्री चौधरी ने पोस्ट में लिखा है कि बचपन से झालमुड़ी मेरा पसंदीदा रहा है। झालमुड़ी के साथ जीत का स्वाद…। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज झालमुड़ी के माध्यम से बंगाल समेत पूरे देश की जनता को कनेक्ट करने का काम किया इसीलिए देश की जनता ऐसे नेतृत्व को आशीर्वाद देती है। झालमुड़ी खास तौर पर बंगाल की पहचान मानी जाती है, अब यह सिर्फ एक खाद्य पदार्थ नहीं बल्कि लोगों के बीच जुड़ाव और सादगी का प्रतीक बनता दिख रहा है।
एक ग्रामीण का न्योता, मुख्यमंत्री का अपनापन - प्रधानमंत्री आवास से साकार हुआ सपना, मुख्यमंत्री ने कराया गृह प्रवेश
रायपुर। कबीरधाम जिले के ग्राम लोखान में आज एक अत्यंत भावनात्मक, आत्मीय और जनसरोकारों से जुड़ा दृश्य देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने एक सामान्य ग्रामीण के सादे निमंत्रण को न केवल स्वीकार किया, बल्कि उसे अपने व्यवहार से एक यादगार क्षण में परिवर्तित कर दिया। गांव में उनके आगमन से जहां उत्साह और जिज्ञासा का माहौल बना हुआ था, वहीं इस पूरे घटनाक्रम ने शासन और आमजन के बीच के आत्मीय संबंधों को भी जीवंत रूप में सामने रखा।

ग्राम लोखान निवासी मोहन मरावी के नए पक्के घर का आज गृह प्रवेश कार्यक्रम था। जैसे ही उन्हें यह जानकारी मिली कि मुख्यमंत्री गांव के दौरे पर हैं, वे बिना देर किए सीधे उनके पास पहुंचे और अपने घर आने का न्योता दे दिया। यह एक ग्रामीण का असाधारण प्रेम भरा अनुरोध था, जिसे मुख्यमंत्री ने उसी सहजता और विनम्रता के साथ स्वीकार किया और उनके घर पहुंचकर इस अवसर को विशेष बना दिया।
मुख्यमंत्री के मोहन मरावी के घर पहुंचते ही वहां एक आत्मीय और पारिवारिक वातावरण बन गया। उन्होंने बिना किसी औपचारिकता के पूरे स्नेह और अपनत्व के साथ नारियल फोड़ा, दीप प्रज्वलित किया और विधिवत पूजा-अर्चना के साथ गृह प्रवेश की रस्म संपन्न कराई। इस दौरान परिवार के सदस्यों के चेहरे पर जो संतोष, गर्व और खुशी झलक रही थी, वह इस बात का प्रतीक थी कि उनके सपनों का घर अब साकार हो चुका है। आसपास मौजूद ग्रामीणों ने भी इस क्षण को उत्साहपूर्वक देखा और मुख्यमंत्री की सादगीपूर्ण शैली की सराहना की।
इस आत्मीय संवाद के दौरान मुख्यमंत्री ने मुस्कुराते हुए मोहन से पूछा—“आवास कोन भेजिस?” इस पर मोहन ने सहजता के साथ उत्तर दिया—“मोदी ने।” यह छोटा-सा संवाद पूरे माहौल को भावनात्मक गहराई से भर गया और यह दर्शाता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी का क्रियान्वयन सीधे लोगों के जीवन में किस प्रकार आशा और विश्वास का संचार कर रहा है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने मोहन मरावी और उनके परिवार से विस्तार से बातचीत करते हुए उनके नए घर के निर्माण की प्रक्रिया के बारे में जाना। मोहन ने बताया कि उनका यह घर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत प्राप्त राशि और अपने परिश्रम से तैयार हुआ है। पहले उनका घर कच्चा था, लेकिन वर्ष 2024–25 में आवास स्वीकृत होने के बाद उनके भीतर पक्का घर बनाने का हौसला जागा। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने स्वयं ईंट बनाकर चार कमरों का सुदृढ़ और व्यवस्थित घर खड़ा किया, जो उनके श्रम, संकल्प और आत्मनिर्भरता का प्रतीक है।
मुख्यमंत्री ने घर की गुणवत्ता, संरचना और उसमें झलक रही मेहनत की खुले दिल से सराहना की। उन्होंने कहा कि जब शासन की योजनाएं वास्तव में अंतिम व्यक्ति तक पहुंचती हैं और उसमें लोगों की अपनी मेहनत व सहभागिता जुड़ती है, तभी विकास का वास्तविक स्वरूप सामने आता है। उन्होंने इस पहल को आत्मनिर्भरता, जनभागीदारी और सकारात्मक बदलाव का उत्कृष्ट उदाहरण बताते हुए कहा कि ऐसे प्रयास ही राज्य के समग्र विकास की नींव को मजबूत करते हैं।
मोहन मरावी ने यह भी बताया कि उन्हें योजना के तहत राशि तीन किस्तों में प्राप्त हुई, जिसका उन्होंने पूरी जिम्मेदारी और समझदारी से उपयोग किया। इसी के परिणामस्वरूप वे अपने परिवार के लिए एक सुरक्षित और सम्मानजनक पक्का घर तैयार कर सके।
मुख्यमंत्री ने पूरे परिवार को नए घर की हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और इस अवसर को गांव के लिए भी एक प्रेरणादायक उदाहरण बताया, जो यह संदेश देता है कि संकल्प, श्रम और शासन की योजनाओं के समन्वय से हर सपना साकार हो सकता है।
शुरुआती रुझानों में BJP को बढ़त के बाद रायपुर में उत्साह का माहौल
रायपुर। पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी समेत पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनावों की मतगणना जारी है। शुरुआती रुझानों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) असम और पश्चिम बंगाल में मजबूत बढ़त बनाए हुए है। वहीं पुडुचेरी में भी एनडीए (NDA) की वापसी के संकेत मिल रहे हैं। चुनावी रुझानों में BJP की बढ़त के बीच राजधानी रायपुर स्थित जिला भाजपा कार्यालय एकात्म परिसर में जश्न का माहौल देखने को मिल रहा है।
बता दें कि जैसे-जैसे चुनावी रुझानों में BJP के पक्ष में बढ़त की खबरें सामने आईं, वैसे-वैसे एकात्म परिसर में कार्यकर्ताओं की भीड़ बढ़ती गई और जश्न का माहौल बन गया। ढोल-नगाड़ों की थाप पर कार्यकर्ता नारेबाजी कर रहे हैं और एक-दूसरे को मिठाइयां खिलाकर खुशी जाहिर कर रहे हैं। परिसर में लगातार आतिशबाजी भी की जा रही है.
सूत्रों के मुताबिक, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरण सिंह देव भी जल्द ही एकात्म परिसर पहुंचने वाले हैं। उनके आगमन को लेकर कार्यकर्ताओं में और अधिक उत्साह देखा जा रहा है।
रायपुर में गहराया जल संकट, 1 किमी दूर से पानी लाने को मजबूर लोग
रायपुर। राधानी रायपुर में पानी की गंभीर समस्या को लेकर कांग्रेस नेताओं और स्थानीय लोगों ने नगर निगम जोन-8 कार्यालय का घेराव कर विरोध प्रदर्शन किया। ये आंदोलन गुढ़ियारी, अशोक नगर और बजरंग चौक के क्षेत्रों में लंबे समय से चल रही जल संकट की समस्या को लेकर किया गया।
रायपुर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत वार्ड क्रमांक 19, दुर्गा चौक, बजरंग चौक, बड़ा अशोक नगर और आसपास की बस्तियों में पिछले कई दिनों से पानी की भारी किल्लत बनी हुई है। हालात इतने खराब हैं कि लोगों को पीने का पानी तक एक किलोमीटर दूर से लाना पड़ रहा है। अधिकांश बोरिंग खराब हो चुके हैं। पानी टैंकर की व्यवस्था भी पर्याप्त नहीं है, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई है।
टैक्स वसूल रहा पर पानी नहीं दे पा रहा निगम
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश महामंत्री सुबोध हरितवाल ने कहा कि पानी जैसी मूलभूत सुविधा के अभाव में लोगों में भारी आक्रोश है। उन्होंने आरोप लगाया कि नगर निगम प्रशासन इस गंभीर समस्या को नजरअंदाज कर रहा है और केवल कागजी कार्रवाई या फोटो के जरिए स्थिति को सामान्य दिखाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि जनता से पानी के लिए टैक्स तो वसूला जा रहा है, लेकिन बदले में उन्हें पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा।
रोजगार पर पड़ रहा पानी की कमी का सीधा असर
नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने कहा कि पानी की कमी का सीधा असर लोगों के रोजगार पर पड़ रहा है। लोगों को दिनभर पानी का इंतजार करना पड़ता है, जिससे वे काम पर नहीं जा पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि टैंकर से पानी की सप्लाई भी न के बराबर है और जो पानी दिया जा रहा है, उसकी मात्रा भी पर्याप्त नहीं होती।
समस्या का समाधान नहीं हो जाता तब तक जारी रहेगा आंदोलन
स्थानीय लोगों ने भी अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए बताया कि वे पिछले एक महीने से लगातार पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। टैंकर समय पर नहीं आते और अगर आते भी हैं तो सभी तक पानी नहीं पहुंच पाता। ऐसे में रोजमर्रा के काम प्रभावित हो रहे हैं और कामकाजी लोगों को सबसे ज्यादा परेशानी उठानी पड़ रही है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि जब तक इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं होता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
चुनाव परिणामों को लेकर PCC चीफ दीपक बैज का बड़ा बयान, कहा-
रायपुर। पश्चिम बंगाल, असम, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी में हुए विधानसभा चुनाव के परिणाम आज सामने आने वाले हैं, जिसके लिए मतगणना सोमवार सुबह 8 बजे से शुरु हो गई है। इस बीच चुनाव परिणामों के रुझानों को लेकर PCC चीफ दीपक बैज का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि BJP ने बंदूक की नोक पर ममता बैनर्जी के हाथ से सत्ता चुराया।
दीपक बैज ने अपने बयान में कहा कि असम और पश्चिम बंगाल में भाजपा चुनाव नहीं लड़ रही थी। वहां तो ED, CBI, चुनाव आयोग, केंद्र सरकार, मुख्यमंत्री, पूरा मंत्रीमंडल, पुलिस अधिकारी चुनाव लड़ रहे थे। ढाई लाख से ज्यादा पुलिस कर्मी और सेंट्रल फोर्स लगाकर चुनाव कराया गया है। बंदूक की नोक पर ममता बैनर्जी के हाथ से सत्ता चुराने का काम भाजपा ने किया है। वहीं उन्होंने आगे कहा कि भाजपा ने हाईजैक कर चुनाव परिणाम को अपने पक्ष में किया। ये जीत भाजपा की नहीं चुनाव आयोग और सहयोगी टीम की है।
मुख्यमंत्री साय ने बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के 10वीं-12वीं के मेधावी विद्यार्थियों का किया सम्मान
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया। इस अवसर पर आयोजित सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री श्री साय ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए हौसला बुलंद रखना सबसे आवश्यक है।

बलरामपुर स्थित सर्किट हाउस में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री साय ने विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद किया और उनके भविष्य के लक्ष्यों के बारे में जानकारी ली। अधिकांश विद्यार्थियों ने डॉक्टर और इंजीनियर बनने की इच्छा व्यक्त की, वहीं कुछ ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) और न्यायिक सेवा में जाने का संकल्प व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने विद्यार्थियों के सपनों की सराहना करते हुए कहा कि सपना देखना और उसे लक्ष्य में बदलकर निरंतर प्रयास करना ही सफलता की कुंजी है।

उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि यदि समर्पण, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ मेहनत की जाए, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। उन्होंने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए हर संभव सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने इस उपलब्धि के लिए विद्यार्थियों के अभिभावकों एवं शिक्षकों को भी बधाई देते हुए कहा कि बच्चों की सफलता के पीछे उनके मार्गदर्शन, सहयोग और त्याग की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
उत्कृष्ट विद्यार्थियों को मुख्यमंत्री से मिलने का मिला अवसर
इस अवसर पर जिले के कक्षा 12वीं के मेधावी विद्यार्थियों में वाड्रफनगर विकासखंड के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय करमडीहा की कुमारी प्रतिभा गुप्ता, रामचंद्रपुर के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जामवंतपुर की कुमारी स्नेहा कुशवाहा, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सनवाल के सोनू, वाड्रफनगर के श्री कृष्णा, आदर्श हायर सेकंडरी विद्यालय बलंगी की कुमारी प्रिया लता कश्यप तथा शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बर्तीकला के अजय गुप्ता, कक्षा 10वीं के मेधावी विद्यार्थियों में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जामवंतपुर के आर्यन गुप्ता, नेशनल पब्लिक इंग्लिश मीडियम हायर सेकेंडरी स्कूल रजखेता की कुमारी आराधना पटेल, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रघुनाथनगर की कुमारी रोशनी कांशी, स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय सेमरा कुसमी की आलिया परवीन तथा स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय रामानुजगंज की आरजू परवीन को मुख्यमंत्री से मिलने और मार्गदर्शन प्राप्त करने का अवसर मिला।
“बलरामपुर में CM साय का दौरा: चुनावी रुझानों पर जताई खुशी, कार्यकर्ताओं में दिखा उत्साह”
बलरामपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सोमवार सुबह बलरामपुर भाजपा कार्यालय पहुंचे, जहां कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। इस दौरान CM साय ने पांच राज्यों के चुनावी रुझानों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि शुरुआती रुझान भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में दिखाई दे रहे हैं। यह जनता के विश्वास और भाजपा सरकार के कार्यों का परिणाम है।
इसी के साथ ही मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पश्चिम बंगाल में भाजपा को बहुमत मिलने के रुझानों पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए इसे लोकतंत्र की जीत बताया और संबंधित राज्यों के मतदाताओं को बधाई दी। उन्होंने आगे कहा कि जनता ने विकास, सुशासन और जनकल्याण की राजनीति पर भरोसा जताया है।
भाजपा कार्यकर्ताओं से की चर्चा
बता दें कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रविवार को बलरामपुर के प्रवास पर पहुंचे थे। रात्रि विश्राम के बाद सोमवार सुबह वह भाजपा कार्यालय पहुंचे। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ मुलाकात कर संगठनात्मक गतिविधियों और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा की। दौरे के समापन के बाद CM साय अपने अगले कार्यक्रम के लिए रवाना हो गए। उनके दौरे को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।
हम्मिंग कोट्री प्रोजेक्ट पर रेरा की कार्रवाई: एक लाख का जुर्माना लगाकर दिया 60 दिन का अल्टीमेटम, जानिए क्या है पूरा मामला
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के कचना स्थित हम्मिंग कोट्री आवासीय प्रोजेक्ट के निवासियों के लिए न्याय की एक उम्मीद जगी है। छत्तीसगढ़ भू संपदा विनियामक प्राधिकरण (रेरा) ने प्रोजेक्ट में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध न कराने और नियमों के उल्लंघन पर कड़ा रुख अपनाया है। रेरा ने एक लाख रुपए का जुर्माना लगाते हुए बिल्डर को हिदायत दी है कि वह 60 दिनों के अंदर जरूरी सुविधाओं को पूरा करें।
प्रोजेक्ट के निवासियों ने दायर की अपील
हम्मिंग कोट्री आवासीय प्रोजेक्ट के निवासी अजय अग्रवाल और अतुल अग्रवाल ने रेरा में अपील दायर की थी। शिकायत में उन्होंने कहा था कि तय समय में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गई। बैडमिंटन कोर्ट, लॉन, क्लब हाउस और सीवरेज सिस्टम में RCC चैंबर जैसी सुविधाएं अधूरी है।
प्रोजेक्ट में असुविधा से रहवासी नाराज
इतना ही नहीं स्विमिंग पूल में इनलेट-आउटलेट की व्यवस्था नहीं है। क्लब हाउस में सोलर लगाने का वादा पूरा नहीं किया गया, भवन की दीवारों में सीलन आ रही है। साथ ही STP के कंट्रोल पैनल को दुरुस्त नहीं किया गया और गार्डन का फव्वारा भी बंद है।
रेरा अध्यक्ष ने सुनाया फैसला
मामले की गंभीरता को देखते हुए रेरा अध्यक्ष संजय शुक्ला ने इसकी सुनवाई की और रहवासियों के पक्ष में अपना फैसला सुनाया। रेरा ने नियमों के उल्लंघन पर प्रोजेक्ट पर एक लाख रुपए का जुर्माना लगाया है और प्राधिकृत सुमित डडसेना को आदेश दिया कि 60 दिनों के अंदर प्रोजेक्ट की कमियों को दूर करें। इसी के साथ ही स्पष्ट किया कि अगर समय रहते सभी सुविधाओं को पूरा नहीं किया गया, तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
नक्सल विरोधी अभियान के दौरान सुरक्षा बलों के हाथ लगी बड़ी सफलता, विस्फोटकों का जखीरा बरामद
जगदलपुर। दक्षिण बस्तर के दंतेवाड़ा जिले में नक्सल विरोधी अभियान के दौरान सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता हाथ लगी है। बारसूर थाना क्षेत्र के तोडमा गांव के घने जंगलों में सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों का छिपाया गया भारी विस्फोटक डंप बरामद किया गया। यह कार्रवाई CRPF की 195वीं वाहिनी और जिला पुलिस की संयुक्त टीम ने खुफिया सूचना के आधार पर की।
सुरक्षा बलों ने ऑपरेशन के दौरान जंगल में छिपाकर रखी गई विस्फोटक सामग्री और हथियारों का जखीरा बरामद हुआ, जिसमें इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, INSAS और SLR राउंड, ग्रेनेड से जुड़ा सामान, जिलेटिन, सेफ्टी फ्यूज वायर और संचार उपकरण शामिल हैं। इसके अलावा एक भरमार राइफल, वायरलेस सेट, बैटरियां और नक्सली साहित्य भी जब्त किया गया है।
यह कार्रवाई संकेत देती है कि समर्पण के बाद नक्सलियों के छिपे नेटवर्क और हथियार अब धीरे-धीरे सामने आ रहे हैं। ऑपरेशन के बाद सभी जवान सुरक्षित लौटे, वहीं बरामद सामग्री को लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
