प्रदेश
रतनपुर महामाया मंदिर परिसर की बदलेगी तस्वीर, काशी विश्वनाथ कॉरिडोर की तर्ज पर होगा विकसित…
बिलासपुर। बिलासपुर जिले के रतनपुर स्थित महामाया मंदिर परिसर की तस्वीर जल्द बदलने वाली है. इसे काशी विश्वनाथ कॉरिडोर और उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर परिसर की तर्ज पर विकसित किया जाएगा. केंद्रीय एजेंसी द्वारा बनाई गई 150 करोड़ की योजना के क्रियान्वित होने पर मंदिर परिसर का पूरी तरह कायाकल्प हो जाएगा.
रतनपुर में विराजमान मां महामाया के प्रति देश-प्रदेश के श्रद्धालुओं की अगाध श्रद्धा है. लोगों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर को 150 करोड़ की लागत से कायाकल्प किया जाएगा. इस परियोजना का उद्देश्य मंदिर परिसर को काशी और उज्जैन की तर्ज पर विकसित करना हैं।
कॉरिडोर में श्रद्धालुओं के लिए भव्य प्रवेश द्वार, सुगम आवागमन, आधुनिक पेयजल, शौचालय, पार्किंग और पर्यटकों के ठहरने की सुविधा शामिल होगी. इसके साथ ही मंदिर परिसर का सुंदरीकरण और प्रकाश व्यवस्था भी होगी.
केंद्रीय मंत्री तोखन साहू की अध्यक्षता में हुई बैठक
केंद्रीय शहरी एवं आवास राज्य मंत्री तोखन साहू की अध्यक्षता में हुई बैठक में परियोजना की योजना पर चर्चा की गई. राष्ट्रीय भवन निर्माण निगम (NBCC) इस प्रोजेक्ट की निगरानी करेगा. इस परियोजना से न केवल रतनपुर को धार्मिक पर्यटन में नई पहचान मिलेगी, बल्कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक धरोहर को भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्याति मिलेगी.

राजा रत्नदेव प्रथम से जुड़ा है नगर का इतिहास
बिलासपुर-कोरबा मुख्य मार्ग पर स्थित रतनपुर नगर आदिशक्ति मां महामाया देवी का दिव्य धाम है. इस नगरी का गौरवशाली इतिहास राजा रत्नदेव प्रथम से जुड़ा है, जिन्होंने इसे अपनी राजधानी के रूप में स्थापित किया था. यहां स्थित महामाया मंदिर का प्राचीन वैभव और धार्मिक महत्त्व इसे देशभर के श्रद्धालुओं के लिए आस्था का केंद्र बनाता है. हर वर्ष लाखों की संख्या में भक्त और पर्यटक यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं. कॉरिडोर बनने पर यहां आने वाले श्रद्धालुओं को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी.
धार्मिक पर्यटन के मानचित्र में मिलेगी नई पहचान
मां महामाया मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष आशीष सिंह ने कहा कि महामाया मंदिर कॉरिडोर छत्तीसगढ़ को धार्मिक पर्यटन के मानचित्र पर नई पहचान देगा. यह परियोजना न केवल आस्था का प्रतीक बनेगी, बल्कि राज्य के सांस्कृतिक और आर्थिक विकास में भी सहायक होगी.
मुख्यमंत्री श्री साय ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर उन्हें किया नमन
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के नायक और आजाद हिंद फौज के संस्थापक नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर उन्हें नमन किया है। श्री साय ने कहा कि नेताजी के द्वारा देश के लिए किए गए अतुल्य योगदान को सम्मान देने के लिए उनकी जयंती को पराक्रम दिवस के रूप में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि नेताजी अपने साहसिक नेतृत्व और देश प्रेम के लिए जाने जाते थे । भारत के स्वतंत्रता संग्राम में उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने ‘‘तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हेें आजादी दूंगा‘‘ जैसे नारों से देशवासियों में उत्साह का संचार किया और आजादी के लिए देशवासियों को अपना सर्वस्व न्यौछावर करने के लिए प्रेरित और प्रोत्साहित किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का साहस, बलिदान और दृढ़ संकल्प से भरा जीवन आज भी युवाओं को देश की सेवा के लिए अथक परिश्रम करने हेतु प्रेरित करता है। भारत के स्वतंत्रता संग्राम में नेता जी का योगदान युवाओं को सदैव प्रेरित करते रहेगा।
हाईकोर्ट से विधायक देवेंद्र यादव के वकील ने फिर मांगी मोहलत, अब इस दिन होगी अगली सुनवाई
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में भिलाई विधायक देवेंद्र यादव के खिलाफ भाजपा नेता प्रेम प्रकाश पांडेय की दायर याचिका पर सुनवाई हुई. याचिका में आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन करने का आरोप लगाते हुए निर्वाचन को शून्य घोषित करने की मांग की है. न्यायाधीश राकेश मोहन पांडेय की सिंगल बेंच ने बुधवार को सुनवाई की. जहां कोर्ट ने वकील से एप्लीकेशन पेश करने जवाब मांगा. जिसपर विधायक देवेंद्र यादव के अधिवक्ता बीपी शर्मा ने कोर्ट से एक बार फिर मोहलत मांग ली. अब अगली सुनवाई 4 फरवरी 2025 तय की गई है.
ज्ञात हो कि पिछली सुनवाई में कोर्ट ने नाराजगी जताते हुए विधायक देवेंद्र यादव के वकील को अंतिम मौका दिया था, जिसमें अधिवक्ता बीपी शर्मा ने उनके जेल में होने को जानकारी दी थी. बताया कि उनसे मुलाकात का समय नहीं मिल पा रहा है, इसलिए जवाब पेश करने में विलंब हो रहा है. इस पर याचिकाकर्ता के अधिवक्ता ने कहा कि विधायक के अधिवक्ता जेल जाकर विधायक से एक दो नहीं तकरीबन आठ बार मिल चुके हैं. इतना कहने के साथ ही याचिकाकर्ता के अधिवक्ता एन के शुक्ला ने तारीखें भी गिनाई जिन तिथियों में वकील ने विधायक से मुलाकात की थी. झूठ पकड़े जाने पर कोर्ट ने नाराजगी जताई और जवाब पेश करने अंतिम अवसर दिया. इसके लिए विधायक यादव को कोर्ट ने 10 दिन की मोहलत दी. वहीं एक बार फिर दोनों पक्षों को समय दिया गया है.
दरअसल, विधायक देवेंद्र यादव के खिलाफ याचिका में याचिकाकर्ता ने हलफनामे में सही तथ्यों का खुलासा नहीं करने से चुनाव प्रक्रिया प्रभावित होने और भ्रष्ट आचरण के संबंध में चुनाव याचिकाकर्ता ने चुनाव याचिका के पैरा 21 से 24 तक विभिन्न प्रासंगिक तथ्यों का तर्क दिया था. वहीं याचिका में देवेंद्र यादव पर अचल संपत्ति के संबंध में सही तथ्यों को नहीं रखने की जानकारी दी थी. 22 दिसंबर 2024 की सुनवाई में प्रतिवादी के अधिवक्ता बीपी सिंह और मलयनाथ ठाकुर ने मामले में निर्देश प्राप्त करने और लंबित आवेदनों पर जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा. जिसे कोर्ट ने स्वीकार कर समय दिया है. अगली सुनवाई 4 फरवरी 2025 को तय की गई है.
महापौर प्रत्याशियों पर भाजपा चुनाव समिति लगाएगी मुहर, कल प्रदेश कार्यालय में होगी बड़ी बैठक
रायपुर। निकाय चुनाव के तारीखों के ऐलान के बाद प्रदेश में सियासी हलचल बढ़ गई हैं. प्रत्याशियों के चयन को लेकर तैयारियां जोरों पर हैं. प्रदेश कार्यालय, कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में कल यानी शुक्रवार को भाजपा की महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है. इस बैठक में भाजपा प्रदेश प्रभारी नितिन नबीन शामिल होंगे.
कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में कल होने वाली बैठक में महापौर प्रत्याशियों पर चर्चा कर पार्टी फैसला करेगी. प्रत्याशी के चयन की प्रक्रिया संभागीय समिति और प्रदेश समिति के अनुमोदन के बाद होगी. प्रत्याशियों पर भाजपा चुनाव समिति अंतिम फैसला लेगी. अटकलें है कि 25 जनवरी तक नगर पालिका और पंचायत अध्यक्षों के प्रत्याशी का ऐलान हो सकता है.
नगरीय निकाय चुनाव 2025: पहले दिन 7 नामांकन दाखिल, रायपुर समेत 3 जिलों में ही भरे गए पर्चे, 30 जिलों में नहीं खुला खाता
रायपुर। छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय चुनाव एक चरण में होंगे और इसके लिए नामांकन प्रक्रिया बुधवार से शुरू हो गई है. पहले दिन कुल 7 नामांकन दाखिल किए गए. इनमें से 3 नामांकन पार्षद के लिए, 4 नामांकन महापौर के लिए दाखिल किए गए. रायपुर जिले से ही महज तीन फार्म जमा हुए हैं, जबकि बाकी 32 जिलों में नामांकन का खाता भी नहीं खुला.
बिलासपुर में एक, मुंगेली में दो और सरगुजा में एक नामांकन दाखिल किया गया. अन्य 30 जिलों में पहले दिन एक भी नामांकन नहीं हुआ. इस संबंध में राज्य निर्वाचन आयोग ने नामांकन की लिस्ट जारी की है, जिसमें देखा जा सकता है किस जगह से उम्मीदवारों के नामांकन दाखिल किया है.

नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का शेड्यूल
छत्तीसगढ़ में 20 जनवरी से आचार संहिता लागू हो गई है. नगरीय निकाय चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया 22 जनवरी से 28 जनवरी तक चलेगी. नाम वापसी की अंतिम तिथि 31 जनवरी है. नगरीय निकाय चुनाव की वोटिंग 11 फरवरी को होगी और परिणाम 15 फरवरी को घोषित होंगे. इस बार नगरीय निकाय चुनाव इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) के माध्यम से कराए जाएंगे.
वहीं पंचायत चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया 27 जनवरी से शुरू होगी और नाम वापसी की अंतिम तिथि 6 फरवरी होगी. पंचायत चुनाव तीन चरणों में होंगे, जिनकी तारीखें 17, 20 और 23 फरवरी हैं. इसके नतीजे 18, 21 और 24 फरवरी को घोषित किए जाएंगे.
इन नगर निगम में होंगे चुनाव
इस बार छत्तीसगढ़ के 10 प्रमुख नगर निगमों में चुनाव होंगे. इनमें अंबिकापुर, कोरबा, चिरमिरी, जगदलपुर, दुर्ग, धमतरी, बिलासपुर, राजनांदगांव, रायगढ़ और रायपुर नगर निगम शामिल हैं. इसके अलावा 49 नगर पालिकाओं और 114 नगर पंचायतों में भी चुनाव होंगे. जिला पंचायत के 433 सदस्य और जनपद पंचायत के 2973 पदों के लिए भी चुनाव होंगे. ग्राम पंचायतों में सरपंच पद के लिए 11672 और वार्ड पंच पद के लिए 1 लाख 60 हजार 180 पदों पर वोटिंग होगी.
अवैध धान संग्रहण पर कार्रवाई जारी, सत्यापन में मिलान नहीं होने पर 1.46 करोड़ के धान का कराया गया रकबा समर्पण
बिलासपुर। बिलासपुर जिले में धान खरीदी के लिए जारी टोकन के अनुरूप धान की उपलब्धता की सघन जांच लगातार जारी है. कलेक्टर अवनीश शरण के निर्देश पर एक संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लगभग 4685 क्विंटल धान, जिनकी कीमत 1.46 करोड़ रुपये आंकी गई है. धान का रकबा समर्पण कराया. यह कार्रवाई अवैध संग्रहण और परिवहन के विरुद्ध कार्रवाई आखिरी दिन तक जारी रहेगी. कलेक्टर ने दलालों और बिचौलियों की गतिविधियों पर नज़र रखने और कार्रवाई करने के सख्त निर्देश संयुक्त टीम को दिए हैं.
जिले के खाद्य नियंत्रक अनुराग भदौरिया ने बताया कि तहसील बोदरी स्थित धान उपार्जन केंद्र बोडसरा का निरीक्षण नायब तहसीलदार बोदरी द्वारा किया गया एवं मौके पर उपस्थित कृषकों के पास उपलब्ध धान के भौतिक सत्यापन उपरांत 295 क्विंटल धान रकबा 14 एकड़ का रकबा समर्पण कराया गया. इसी प्रकार धान उपार्जन केंद्र सरवानी में 06 किसानों से 505 क्विंटल धान का 24 एकड़ का रकबा समर्पण कराया गया. तहसील मस्तूरी स्थित धान उपार्जन केंद्र किरारी का निरीक्षण नायब तहसीलदार मस्तूरी द्वारा किया गया एवं मौके पर उपस्थित कृषकों के पास उपलब्ध धान के भौतिक सत्यापन उपरांत 130 क्विंटल धान रकबा 6. 2 एकड़ का रकबा समर्पण कराया गया.

धान उपार्जन केंद्र टिकारी में 236 क्विंटल धान लगभग 11.5 एकड़ रकबे का समर्पण कराया गया एवं धान उपार्जन केंद्र मल्हार में 160 क्विंटल धान लगभग 8 एकड़ रकबे का समर्पण कराया गया. तहसील सीपत स्थित धान उपार्जन केंद्र कौडिया का निरीक्षण तहसीलदार सीपत द्वारा किया गया एवं मौके पर उपस्थित कृषकों के पास उपलब्ध धान के भौतिक सत्यापन उपरांत 177.60 क्विंटल धान का रकबा समर्पण कराया गया. इसी प्रकार धान उपार्जन केंद्र कूकदा में 1379.2 क्विंटल धान विकय के लिए टोकन कटाया गया था. भौतिक सत्यापन में कम धान पाये जाने पर 639.2 क्विंटल धान का रकबा समर्पण कराया गया. निरतू समिति में 1379.2 क्विंटल धान का टोकन कटा था. भौतिक सत्यापन में धान नहीं कम पाए जाने पर 654.4 क्विंटल धान का रकबा समर्पण कराया गया.

तहसील तखतपुर स्थित धान उपार्जन केंद्र तखतपुर का निरीक्षण तहसीलदार तखतपुर द्वारा किया गया एवं मौके पर उपस्थित कृषकों के पास उपलब्ध धान के भौतिक सत्यापन उपरांत 165 क्विंटल धान का रकबा समर्पण कराया गया. तहसील बेलगहना स्थित धान उपार्जन केंद्र आमागोहन का निरीक्षण एसडीएम कोटा द्वारा किया गया. जांच में पाया गया कि विगत 02 दिवस में 23 कृषकों द्वारा धान विक्रय के लिए टोकन कटाया गया था, जिनका भौतिक सत्यापन उपरांत 6.530 हेक्टेयर रकबे का समर्पण कराया गया. इसी प्रकार धान उपार्जन केंद्र मिट्ठु नवागांव में 3.786 हेक्टेयर एवं धान उपार्जन केंद्र केंदा में 6.621 हेक्टेयर रकबे का समर्पण कराया गया. तहसील बिल्हा स्थित धान उपार्जन केंद्र मोहतरा का निरीक्षण नायब तहसीलदार बिल्हा द्वारा किया गया. आज दिनांक 22 जनवरी को 19 किसानों का 1414.80 क्विंटल धान का टोकन जारी किया गया था, जिसमें से 16 कृषकों द्वारा 1079.20 क्विंटल धान फड़ में लाया गया. शेष 317.6 क्विंटल धान के रकबे का समर्पण कराया गया. इसी प्रकार उपार्जन केंद्र मुरकुटा में 25.8 क्विंटल धान के रकबे का समर्पण कराया गया.
गणतंत्र दिवस और महात्मा गांधी निर्वाण दिवस पर मांस-मटन की बिक्री पर रहेगा पूर्ण प्रतिबंध
रायपुर। रायपुर नगर निगम क्षेत्र में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस और 30 जनवरी को महात्मा गांधी निर्वाण दिवस पर मांस-मटन का विक्रय पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। राज्य शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुपालन में रायपुर नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग की ओर से इस संबंध में आदेश जारी किए गए हैं।
रायपुर नगर निगम ने 26 जनवरी और 30 जनवरी को पशुवध गृहों और मांस-मटन विक्रय की सभी दुकानों को बंद रखने के संबंध में आदेश प्रसारित किया है। इन दोनों दिवसों में किसी भी दुकान में मांस-मटन की बिक्री करते पाए जाने पर जप्ती के साथ ही संबंधित व्यक्ति के विरूद्ध यथोचित कार्यवाही की जाएगी। गणतंत्र दिवस और महात्मा गांधी निर्वाण दिवस पर रायपुर नगर निगम के सभी जोनों के स्वास्थ्य अधिकारी तथा स्वच्छता निरीक्षक मांस-मटन के विक्रय पर प्रतिबन्ध के आदेश का व्यवहारिक पालन सुनिश्चित करवाएंगे। इसके लिए उन्हें अपने-अपने जोन में मांस-मटन की दुकानों के सतत पर्यवेक्षण के लिए निर्देशित किया गया है।
NRDA सीईओ को हाईकोर्ट से फटकार, अलाटमेंट कमेटी पर एफआईआर के आदेश
बिलासपुर। हाईकोर्ट ने नवा रायपुर विकास प्राधिकरण (एनआरडीए) द्वारा एक भूखंड के विवादित आवंटन मामले में कड़ा रुख अपनाया है. कोर्ट ने NRDA के सीईओ सौरभ कुमार को फटकार लगाते हुए अलाटमेंट कमेटी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए हैं.
जानिए क्या है मामला
यह भूखंड एक उद्योग न्यू टैक ग्रुप को 27 सितंबर 2021 को कमेटी ने अलॉट किया था. 15 जनवरी को हुई सुनवाई में जस्टिस राकेश मोहन पांडे की एकल पीठ ने एनआरडीए के हलफनामे पर गहरी नाराजगी जताई और सुनवाई में सीईओ के न आकर अपने जूनियर अफसर को भेजने पर असंतोष जताया. यह आबंटन, कोर्ट में विचाराधीन याचिका 468-2013 पर अंतिम निर्णय आने से पहले ही वर्ष 23 में कर दिया गया था. अफसर यह बताते हुए कि वी उस वक्त तकनीकी रूप से वहां पदस्थ नहीं थे, बचने का प्रयास किया.
सीईओ ने यह भी कहा कि वे कोर्ट के पिछले आदेश को समझ (इंटरप्रीएट) नहीं कर पाए. न्यायाधीश ने कहा कि यह आदेश में लिख देते कि आईएएस हाईकोर्ट के आदेश को समझ नहीं पा रहे हैं. कोर्ट में इस याचिका पर जवाब बनाने वाली अधिकारी सहायक प्रबंधक को भी तलब कर उसके लिखे जवाब पर कड़ी फटकार लगाई.
उल्लेखनीय है कि न्यू टैक कंपनी को नवा रायपुर में जमीन आबंटित की गई थी. कंपनी ने काम शुरू कर दिया था. आबंटन में वह हिस्सा भी था जिसको लेकर जमीन के मालिक ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी. प्रकरण हाईकोर्ट में विचाराधीन था. इसी बीच कोर्ट ने उक्त हिस्से के आबंटन पर रोक लगा दी थी. इसके खिलाफ कंपनी हाईकोर्ट में याचिका दायर की और कहा कि उन्हें जमीन पहले ही आबंटित हो चुका है. इसके बाद कोर्ट ने सभी पक्षों को नोटिस जारी किया था.
सांसद बृजमोहन अग्रवाल के बेटे आदित्य के विवाह समारोह में देशभर से शामिल हुई प्रमुख हस्तियां, नवविवाहित जोड़े को दिया आशीर्वाद
रायपुर। सांसद बृजमोहन अग्रवाल के पुत्र आदित्य अग्रवाल का विवाह समारोह मंगलवार को जोरा मैदान में बड़े धूमधाम और भव्यता के साथ संपन्न हुआ। इस शुभ अवसर पर देशभर से अनेक गणमान्य हस्तियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कर नवविवाहित जोड़े को आशीर्वाद और शुभकामनाएं दीं।
इस भव्य समारोह में उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला, केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल, गिरिराज सिंह, कैलाश विजयवर्गीय, नरेंद्र सिंह तोमर, और सिक्किम के राज्यपाल ओम माथुर जैसे शीर्ष नेता शामिल हुए। राज्यपाल रमेन डेका, पूर्व राज्यपाल अनुसुइया उइके, और भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सौदान सिंह ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, और राज्य मंत्रिमंडल के कई सदस्य उपस्थित रहे। इसके अलावा, भाजपा और कांग्रेस पार्टी के कई सांसद, विधायक, और वरिष्ठ नेताओं ने भी समारोह में भाग लिया। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल समेत कांग्रेस के नेताओं की भी बड़ी संख्या में उपस्थिति रही, जिसने इस आयोजन को और खास बना दिया।
विवाह समारोह में धर्मगुरुओं और उच्च अधिकारियों ने भी भाग लिया और नवविवाहित जोड़े को सुखद और समृद्ध जीवन के लिए शुभकामनाएं दीं।
इस भव्य आयोजन ने सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में एक नई मिसाल पेश की। सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा, “यह हमारे परिवार के लिए गौरव और आनंद का क्षण है। आपकी शुभकामनाएं और आशीर्वाद हमारे लिए अमूल्य हैं।”


























रायपुर तहसील कार्यालय का पता बदला, एसडीएम ने जनता से की ये अपील
रायपुर। राजधानी रायपुर के अनुविभागीय एवं तहसील कार्यालय को अब पुराने नर्सिंग हॉस्टल में शिफ्ट कर दिया गया है। यह कदम इस कार्यालय के जर्जर हो चुके भवन की हालत को देखते हुए उठाया गया है। पुराने भवन में असुविधाओं का सामना करने के बाद, नागरिकों की सुविधा और कार्यों के सुचारू संचालन के लिए इस स्थानांतरण का निर्णय लिया गया है।
एसडीएम नंदकुमार चौबे ने आम जनता से आग्रह किया है कि वे अब से तहसील कार्यालय से जुड़े सभी पत्राचार नए पते पर ही करें और संबंधित कार्यों के लिए नर्सिंग हॉस्टल स्थित नए कार्यालय में पहुंचे। उन्होंने बताया कि वर्तमान तहसील कार्यालय का भवन काफी पुराना और जर्जर हो चुका था, जिसके कारण कार्यों में रुकावट और नागरिकों को असुविधा हो रही थी। इसे देखते हुए, नए भवन के निर्माण की स्वीकृति मिल चुकी है और इस पर जल्द काम शुरू किया जाएगा।

गौरतलब है कि नए तहसील कार्यालय के निर्माण तक नागरिकों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसका विशेष ध्यान रखा गया है। कार्यालय का स्थानांतरण पुराने नर्सिंग हॉस्टल में किया गया है, जहां सभी राजस्व से जुड़े कार्य सुचारू रूप से चल रहे हैं।
नगरीय निकाय चुनाव : बीजेपी की नई पहल, घोषणा पत्र को लेकर जनता से मांगा सुझाव, यहां दें सकते हैं आप अपनी राय
रायपुर। छत्तीसगढ़ के नगरीय निकाय चुनाव के तारीखों का ऐलान हो गया है. चुनाव को लेकर राजनीतिक पार्टियां तैयारी में जुटी हुई है. इस बीच भाजपा ने एक नई पहल की है. इस बार पार्टी अपने घोषणा पत्र को जनता से मिलने वाले सुझावों पर आधारित तैयार करेगी. भाजपा ने “हमने बनाया है, हम ही संवारेंगे” के मंत्र के साथ विकास के नए अध्याय को लिखने का दावा किया है.
दरअसल, भारतीय जनता पार्टी ने नगरीय निकाय चुनाव के लिए अपने घोषणा पत्र की तैयारियों को लेकर पत्रकार वार्ता आयोजित की. इस मौके पर घोषणा पत्र समिति के संयोजक अमर अग्रवाल ने बताया कि इस बार भाजपा अपने घोषणा पत्र को जनता से मिले सुझावों के आधार पर तैयार करेगी. इसके लिए पार्टी ने विभिन्न माध्यमों से सुझाव प्राप्त करने की व्यवस्था की है. जनता व्हाट्सएप नंबर 9111014400, क्यूआर कोड स्कैन करने और ई-मेल morsujhav@bjpcg.com के जरिए अपने सुझाव भेज सकती है.
अमर अग्रवाल ने कहा कि प्रदेश का यह चुनाव मूलतः उस विश्वास का जनादेश में बदलने के लिए हैं, जो विश्वास हमने अपने पिछले एक वर्ष के कार्यकाल में हासिल की है. हमने पिछले महीने ही ‘जनादेश परब’ में विश्वास का एक वर्ष पूर्ण किया है. इस वर्ष को विष्णुदेव सायजी की सरकार ने ‘अटल निर्माण वर्ष घोषित किया है. आप जानते ही हैं कि यह वर्ष प्रदेश निर्माता अटलजी की शताब्दी वर्ष भी है.
हमने जो कहा वो पूरा किया, आगे भी जो वादे होंगे वो पूरे होंगे : सुनील सोनी
घोषणा पत्र समिति के सह संयोजक सुनील सोनी ने कहा कि भाजपा सरकार ने हमेशा अपने वादों को पूरा किया है। राज्य में महिलाओं, युवाओं और गरीबों के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाएं शुरू की गई हैं, जैसे महतारी वंदन योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना, जिनसे सीधे जनता को लाभ प्राप्त हुआ हैं। भाजपा ने कभी भी केवल घोषणा नहीं की, बल्कि योजनाओं को जमीन पर उतारा, जिससे छत्तीसगढ़ के नागरिकों को न केवल सुविधाएं मिलीं, बल्कि उनका जीवन स्तर भी बेहतर हुआ। हम अब अपने और जनता के मध्य सामंजस्य में किसी भी तरह की रुकावट नहीं चाहते। जिस तरह केंद्र और राज्य में हमारा और जनता का मजबूत और सुचारु सामंजस्य रहा है, उसी तरह हम चाहते हैं कि शहरी स्थानीय निकायों में भी विकास का यही क्रम बिना किसी बाधा के जारी रहे। भाजपा हमेशा आपके लिए और आपसे ही है। हमारा उद्दे श्य है कि हम सब मिलकर अपने शहरी स्थानीय निकायों को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएं और तीनों स्तरों पर एक मजबूत सरकार बनाएं।
इस पत्रकार वार्ता में घोषणा पत्र समिति के सदस्य चन्द्रशेखर साहू, प्रदेश महामंत्री संजय श्रीवास्तव, बिलासपुर संभाग प्रभारी अनुराग सिंह देव, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार पंकज झा, प्रवक्ता दीपक म्हस्के, प्रदेश मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी, आई टी से संयोजक सुनील पिल्लई मौजूद थे.
मतदाताओं को जागरुक करने किया उत्कृष्ट काम, CEO प्रभाकर पाण्डेय को मिलेगा सम्मान
रायपुर। मतदाताओं को जागरुक करना. मतदान के लिए प्रेरित करना. अधिक से अधिक मतदान कराना, उन्हें लोकतंत्र में अपनी भूमिका एहसास कराना. यह एक चुनौतीपूर्ण कार्य है, लेकिन जब आप इस कार्य को सफलतापूर्वक कर पाते हैं. और परिमाण देने वाले साबित हो जाते हैं, तो कार्य की न सिर्फ चर्चा होती, बल्कि सम्मान भी आपको मिलता है. जैसा कि राज्य प्रशासनिक अधिकारी प्रभाकर पाण्डेय को मिलने जा रहा है.
प्रभाकर पाण्डेय वर्तमान में मुंगेली जिला पंचायत सीईओ हैं. प्रभाकर पाण्डेय को यह सम्मान राष्ट्रीय मतदाता दिवस के मौके पर दिया जाएगा. राज्य स्तरीय समारोह का आयोजन इंदिरा गांधी कृषि महाविद्यालय स्थित स्थल विवेकानंद सभागार में 25 जनवरी को सुबह 11 बजे से किया जाएगा.
भारत पर्व में दिखेगी छत्तीसगढ़ की जनजातीय परंपराओं और रामनामी समुदाय की झलक
रायपुर। गणतंत्र दिवस के अवसर पर दिल्ली के लाल किले पर आयोजित होने वाले भारत पर्व 2025 में इस बार छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत और रामनामी समुदाय की झलक देखने को मिलेगी। छत्तीसगढ़ की झांकी भारत सरकार की थीम ‘स्वर्णिम भारत : विरासत और विकास’ पर आधारित है। झांकी में प्रदेश की समृद्ध और विविधतापूर्ण सांस्कृतिक विरासत को दिखाया गया है।
आज राष्ट्रीय रंगशाला दिल्ली में आयोजित प्रेस प्रिव्यू में छत्तीसगढ़ की झांकी को राष्ट्रीय मीडिया की सराहना मिली। झांकी के माध्यम से प्रदर्शित किया गया है कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक धरोहर में जीवन, प्रकृति और आध्यात्मिकता का गहरा संबंध है। यह झांकी छत्तीसगढ़ के लोक जीवन, रीति-रिवाजों और परंपराओं को दर्शाते हुए राज्य की अनूठी सांस्कृतिक पहचान को प्रस्तुत कर रही है।
झांकी के आगे के हिस्से में निराकार राम की उपासना करने वाले रामनामी समुदाय का प्रतिनिधित्व करती स्त्री और पुरुष को दिखाया गया है। इनके शरीर एवं कपड़ों पर 'राम-राम' शब्द अंकित है। इन्हें रामचरितमानस का पाठ करते हुए दिखाया गया है। इसके पास घुंघरुओं का प्रदर्शन किया गया है, जो भजन के लिए उपयोग होते हैं। बीच के हिस्से में आदिवासी संस्कृति के पहनावे, आभूषण, कलाकृतियां और कला परंपराएं दर्शाई गई हैं। इस भाग में तुरही वाद्य यंत्र और सल्फी वृक्ष को प्रमुखता से दिखाया गया है, जो बस्तर के लोकजीवन में महत्वपूर्ण स्थान रखते हैं। झांकी के पीछे मयूर का अंकन किया गया है, जो कि लोक जीवन के सौंदर्य और जीवंतता का प्रतीक है। झांकी के माध्यम से छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक धरोहर और प्रकृति से जुड़ी आध्यात्मिकता को गहराई से उजागर किया गया है।
नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की वजह से नहीं प्रभावित होंगी बोर्ड परीक्षाएं, माध्यमिक शिक्षा मंडल की सचिव पुष्पा साहू ने कही यह बात
रायपुर। छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव ऐलान हो चुका है. 22 जनवरी से शुरू हो कर 24 फ़रवरी तक चुनाव की पूरी प्रक्रिया समाप्त होगी. लेकिन मार्च के शुरुआत में ही बोर्ड की परीक्षाएं हैं, जिसको लेकर छात्र सहित पालकों में संशय की स्थिति बनी हुई है. इसको लेकर अब माध्यमिक शिक्षा मंडल (माशिमं) की सचिव पुष्पा साहू ने बताया कि परीक्षा को लेकर सभी आवश्यक तैयारियां पहले ही पूरी कर ली गई हैं. बोर्ड परीक्षाएं प्रभावित नहीं होंगी.
सचिव पुष्पा साहू ने बताया कि 12वीं बोर्ड की परीक्षा 1 मार्च से और 10वीं बोर्ड की परीक्षा 3 मार्च से आयोजित होगी. परीक्षा के लिए आवश्यक उत्तर पुस्तिकाएं और प्रश्न पत्र 24 और 25 फरवरी को जिलों को आवंटित कर दिए जाएंगे. परीक्षा केंद्र पहले ही निर्धारित किए जा चुके हैं.
इस बार 12वीं बोर्ड परीक्षा में 2,41,000 और 10वीं में 3,30,000 विद्यार्थी पंजीकृत हैं. परीक्षा संचालन के लिए लगभग 50,000 शिक्षक और कर्मचारी तैनात किए जाएंगे. सचिव ने कहा कि पूर्व की तरह इस बार भी शिक्षकों और कर्मचारियों को ऑनलाइन ट्रेनिंग दी गई है.
नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का शेड्यूल
छत्तीसगढ़ में 20 जनवरी से आचार संहिता लागू हो गई है. नगरीय निकाय चुनाव 11 फरवरी को होंगे और 15 फरवरी को नतीजे घोषित होंगे. इस बार नगरीय निकाय चुनाव ईवीएम के माध्यम से कराए जाएंगे.
इसके साथ ही त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव बैलेट पेपर से होंगे. पंचायत चुनाव तीन चरणों में 17, 20 और 23 फरवरी को होंगे. इसके नतीजे 18, 21 और 24 फरवरी को घोषित किए जाएंगे.
राज्य निर्वाचन आयोग के आयुक्त अजय सिंह ने कहा है कि बोर्ड परीक्षा और चुनावी के बीच टकराव न हो, इसका विशेष ध्यान रखा गया है. परीक्षाएं तय समय पर सुचारू रूप से संपन्न कराई जाएंगी.
रायगढ़ में 24 घंटे के भीतर दो हाथियों की मौत, वन विभाग में मचा हड़कंप
रायगढ़। जिले में 24 घंटे के भीतर दो हाथियों की मौत होने से वन विभाग में हड़कंप मच गया है. रायगढ़ में आज फिर एक हाथी की मौत हुई है. डेम के दलदल में फंसने से हाथी की जान जाने की आशंका जताई जा रही है. यह घटना रायगढ़ वन मंडल के घरघोड़ा वन परिक्षेत्र के ग्राम पानीखेत स्टापडेम की है. घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची है.
बताया जा रहा है कि पानी पीने के लिए हाथियों का दल डैम के पास पहुंचा था, तभी एक हाथी के दलदल में फंसने की आशंका जताई जा रही, जिससे उसकी मौत हो गई. सोमवार को भी धर्मजयगढ़ वन मंडल के कोंध्रा गांव में करंट की चपेट में आने से एक हाथी की मौत हुई थी.
38 स्कूली बच्चों की अचानक बिगड़ी तबीयत, सीमेंट संयंत्र से निकलने वाली गैस को माना जा रहा कारण, कलेक्टर-SP पहुंचे मौके पर
बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के ग्राम खपराडीह स्थित विद्यालय में आज छात्र-छात्राओं की अचानक तबीयत खराब होने लगी. बच्चों में उल्टी के साथ-साथ बेहोशी की भी शिकायत मिल रही है, जिससे स्कूल प्रशासन सहित पालकों में हडकंप मच गया है. बच्चों को बेहोशी की हालत में सुहेला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, जिला चिकित्सालय व भाटापारा में भर्ती कर ईलाज किया जा रहा है. प्रथम दृष्टया जो बातें सामने आ रही है उसमें सीमेंट संयंत्र के एफ आर से निकलते बदबूदार गैस को इसका प्रमुख कारण बताया जा रहा है.

सूचना मिलते ही कलेक्टर दीपक सोनी तत्काल बच्चों का हालचाल जानने सुहेला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पहुंचे. इस दौरान उन्होंने बच्चों की स्थिति जाना और चिकित्सा अधिकारी को उचित ईलाज करने के निर्देश दिए.

बच्चों की स्थिति नियंत्रित
कलेक्टर दीपक सोनी ने बताया कि खपराडीह विद्यालय में आज बच्चों को उल्टी व बेहोशी छाने लगी थी. जिसपर सभी को तत्काल ईलाज के लिए लाया गया है. कुछ बच्चों को जिला चिकित्सालय व भाटापारा भी भेजा गया है और बाकी का सुहेला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में ईलाज किया जा रहा है. सभी की स्थिति ठीक है.

क्षेत्र को किया गया सील : कलेक्टर दीपक सोनी
उन्होंने बताया कि स्थिति नियंत्रण में है. ग्रामीणों व स्कूल बच्चों ने पुछताछ में सीमेंट संयंत्र से निकलने वाली गैस की बदबू बताया है, जिसकी जांच करवाई जा रही है. क्षेत्र को सील किया गया है. इसके अलावा पर्यावरण विभाग सहित उघोग विभाग की टीम को जांच हेतु निर्देश दिया गया है. जांच रिपोर्ट के बाद आगे की कार्यवाही की जायेगी फिलहाल बच्चों की पढाई डिस्टर्ब न हो इसको देखते हुए दुसरे स्कूल में शिफ्ट किया जायेगा.

बच्चों ने बताया कि पहले भी हमने और हमारे पालकों ने कंपनी-अधिकारी से बदबू की शिकायत की है, लेकिन हमारी कोई सुनता नहीं है. आज जब संख्या बढ़ी, तब जानकर प्रशासन जाग रहा है. यह सीमेंट से प्रदुषण के कारण हो रहा है.

मुख्य चिकित्सा अधिकारी का बयान:
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेश अवस्थी ने बताया कि सभी बच्चों की स्थिति अभी ठीक है. कुछ बच्चों को सांस लेने में तकलीफ आ रही थी जिन्हें जिला चिकित्सालय भिजवाया गया है. कुछ बच्चों को भाटापारा भिजवाया गया है, बाकी का सुहेला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मे ईलाज किया जा रहा है. घटना के कारणों की जांच की जा रही है.
