राजनीति
‘अभिमन्यु की तरह की जा रही घेराबंदी’ : पूर्व महापौर एजाज ढेबर ने मीनल चौबे पर कसा तंज
रायपुर। रायपुर पूर्व महापौर एजाज ढेबर ने बीजेपी महापौर प्रत्याशी मीनल चौबे पर तीखा हमला किया है. उन्होंने कि मीनल चौबे नेता प्रतिपक्ष थीं और सरकार में थीं, तब भ्रष्टाचार के मुद्दे पर चुप क्यों रही? क्या उस समय मीनल चौबे आटा गूंथ रही थीं या रोटी बना रही थीं? उस समय सवाल क्यों नहीं उठाई. ढेबर ने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ ‘अभिमन्यु की तरह घेराबंदी की जा रही है’.
दरअसल, रायपुर नगर निगम में मतदान करने के बाद पूर्व महापौर एजाज ढेबर ने मीडिया से बातचीत करते हुए बीजेपी महापौर प्रत्याशी मीनल चौबे पर कई गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि ‘अभिमन्यु की तरह मेरे लिए घेराबंदी की जा रही है’. मीनल चौबे आज महापौर के चुनाव लड़ रही हैं तो आरोप लगा रही हैं, जब वो नेता प्रतिपक्ष थीं और 13 महीने तक सरकार में रही, तब उन्होंने भ्रष्टाचार की जांच क्यों नहीं करवाई. एजाज ढेबर ने कहा कि क्या उस समय मीनल चौबे आटा गूंथ रही थीं या रोटी बना रही थीं? या फिर कपड़ा धोने में मस्त थीं? सवाल क्यों नहीं उठाई.
ढेबर ने कहा मेरे कार्यकर्ताओं और मेरे वार्ड की महिलाओं को जबरदस्ती पुलिस उठाने का काम कर रही है. रात को उठा-उठा कर जेल भेजा गया, थाने में बैठाया गया. यह तानाशाही का सत्ता का दुरुपयोग है. एजाज ढेबर ने यह भी कहा कि आरोप पूछने पर भी कोई जवाब नहीं दिया जाता है.
जहरीली शराब पीने से 7 ग्रामीणों की मौत : कांग्रेस ने राज्य सरकार पर साधा निशाना
रायपुर। बिलासपुर जिले के लोफंदी में जहरीली शराब पीने से 7 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग गंभीर रूप से बीमार हैं. इनमें से 4 की हालत नाजुक बनी हुई है. कांग्रेस ने इस त्रासदी के लिए भाजपा सरकार को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया है. वहीं नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने कहा कि महुआ शराब बनाने वालों को आबकारी और पुलिस का सरंक्षण मिल रहा है.
नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने जहरीली शराब पीने से ग्रामीणों की मौत पर दुख जताया है. उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में लोग जहरीली शराब पीकर मर रहे हैं. चुनाव का मौसम चल रहा है और शराब बनाकर लोगों में बांट रहे हैं. शासन को इसमें कड़ाई से निर्णय लेना चाहिए. कोरबा क्षेत्र में भी धार्मिक कार्यों के लिए दी गई छूट के अलावा शराब बनाई जाती है, लोग शराब बनाकर दो नंबर में बेंचते है, जिन्हें पूरा संरक्षण आबकारी विभाग और पुलिस का मिलता है. शासन को गंभीरता से इस पर काम करना चाहिए.
जहरीली शराब से मौत के मामले में सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि प्रदेश में भाजपा सरकार के संरक्षण में अवैध जहरीली शराब की आपूर्ति की जा रही है. चुनावी फायदे के लिए सरकार शराब का सहारा ले रही है, जिससे आम जनता की जान खतरे में पड़ रही है.
भाजपा चुनाव प्रभावित करने के लिए शराब का सहारा ले रही – कांग्रेस
कांग्रेस का आरोप है कि चुनाव के दौरान भाजपा सरकार बड़े पैमाने पर अवैध शराब प्रदेश में ला रही है. बेमेतरा से सिमगा के बीच 1480 पेटी शराब पकड़ी गई, जो दूसरे राज्यों से लाकर प्रदेश में बांटी जा रही थी. कांग्रेस ने सवाल उठाया कि बॉर्डर से 200 किलोमीटर अंदर तक इतनी बड़ी मात्रा में शराब का कंटेनर सरकार की जानकारी के बिना कैसे पहुंचा? प्रदेश में हजारों पेटी शराब लाकर अलग-अलग इलाकों में बांटी जा रही है, जिससे आम नागरिकों का जीवन संकट में है. कांग्रेस ने आबकारी और पुलिस विभाग पर भी भाजपा के लिए काम करने का आरोप लगाया, क्योंकि बिना सरकारी संरक्षण के इतनी बड़ी मात्रा में शराब की आपूर्ति संभव नहीं है.
कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष को फंसाने का आरोप
कांग्रेस ने भाजपा पर विपक्ष को दबाने के लिए पुलिस का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया. दुर्ग जिले के पाटन विधानसभा क्षेत्र के ग्राम फुंडा में कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष महेन्द्र वर्मा के फार्म हाउस में पुलिस ने खुद शराब की पेटियां पहुंचाईं और फिर फर्जी जब्ती का नाटक किया. 07 फरवरी की रात 11:30 बजे पुलिस की मदद से ट्रक (MP46 H 0513) फार्म हाउस में लाया गया. फार्म हाउस के चौकीदार और लेबरों को गुमराह कर, उनसे पेटियां उतरवाईं और वीडियो बनवाकर फिर से ट्रक में लोड करवा दिया गया.
पुलिस ने इस मामले में किसी भी व्यक्ति का बयान नहीं लिया और बिना सबूत कांग्रेस नेता को बदनाम करने की साजिश रची. कांग्रेस ने इस राजनीतिक षड्यंत्र की शिकायत डीजीपी और चुनाव आयोग से की है.
चुनावी हार से बौखलाई भाजपा कर रही सत्ता का दुरुपयोग – कांग्रेस
कांग्रेस नेताओं ने भाजपा पर नगरीय निकाय चुनाव में हार से घबराकर अलोकतांत्रिक हथकंडे अपनाने का आरोप लगाया. भाजपा सत्ता बल, धन बल और शराब का सहारा लेकर चुनाव प्रभावित करने की कोशिश कर रही है. सरकार को एक साल से ज्यादा समय हो चुका है, लेकिन अब तक कांग्रेस पर लगाए गए आरोपों की जांच नहीं हुई, जिससे स्पष्ट होता है कि भाजपा जनता को भ्रमित करने का काम कर रही है. कांग्रेस ने कहा कि जब सत्तारूढ़ दल के पास अपनी उपलब्धियों को गिनाने के लिए कुछ नहीं बचता, तो वह विपक्ष पर झूठे आरोप लगाने लगता है.
गौरतलब है कि बिलासपुर के कोनी थाना क्षेत्र के लोफंदी में आज जहरीली महुआ शराब पीने से 7 लोगों की मौत हो गई. वहीं 4 लोगों की हालत गंभीर हैं, जिन्हें इलाज के लिए सिम्स में भर्ती कराया गया है. वहीं इस मामले में प्रशासन का कहना है कि दो से तीन दिन में 4 से 5 लोगों की मौत हुई है. मृतकों का अंतिम संस्कार कर दिया गया है. शुक्रवार को सरपंच के भाई की मौत हुई. तब अंतिम संस्कार से पहले मर्ग पंचनामा कर शव को पीएम के लिए भेजा गया.
महाकुंभ में स्नान का निमंत्रण ठुकराया, सीएम साय के सलाहकार पंकज झा ने कसा तंज, कहा- कांग्रेस की राजनीति का स्तर रोज नए गोते लगा रहा…
रायपुर। छत्तीसगढ़ में महाकुंभ पर सियासी तकरार जारी है. मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष की ओर से कुंभ स्नान के आमंत्रण को विपक्ष ने ठुकरा दिया है. विपक्ष के इस रवैये पर मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार पंकज झा ने तंज कसा है.
सोशल मीडिया प्लेटफार्म X पर उन्होंने लिखा है कि छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने प्रदेश के सभी सांसदों-विधायकों को कुंभ चलने का निमंत्रण दिया गया है. इसे छत्तीसगढ़ कांग्रेस द्वारा ठुकरा देना अत्यंत ही दुःखद है. कांग्रेस की राजनीति वास्तव में रोज डुबकी लगा रहा है. उनकी राजनीति का स्तर रोज नये गोते खा रहा है.
इसके साथ ही इस विषय पर नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत की ओर से लिखे पत्र पर आपत्ति जताते हुए कहा कि कांग्रेस के विधायकों को बिल्कुल भी इस मामले में अपने नेता की बात नहीं मानना चाहिए. नेता प्रतिपक्ष का निर्देश राजनीतिक मामलों में तो समझ में आता है, लेकिन वे विधायकों के धार्मिक मामलों में हस्तक्षेप करें, यह अनुचित है. सभी विधायक-सांसदों को अपनी आस्था और अंतरात्मा अनुसार निर्णय लेना चाहिए.
अभी महाकुंभ में छत्तीसगढ़ सरकार का पैवेलियन देश भर की चर्चा का विषय बना हुआ है. वहां की निःशुल्क सुविधायें सभी छत्तीसगढ़वासियों के लिये है, न कि राजनीतिक प्रतिबद्धता देख कर वहां प्रवेश दिया जा रहा. ऐसे में नेता प्रतिपक्ष द्वारा सभी कांग्रेस विधायकों को कुम्भ नहीं जाने का निर्देश देना अस्वीकार्य है. महंतजी कौन होते हैं छत्तीसगढ़ के माननीय कांग्रेस विधायकों की धार्मिक-सांस्कृतिक मान्यता और आस्था पर निर्देश देने वाले?

धान खरीदी पर राजनीति: पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा- कांग्रेस की वजह से मिला समर्थन मूल्य, उपमुख्यमंत्री अरुण साव बोले- कांग्रेस किन बातों का लेगी क्रेडिट…
रायपुर। छत्तीसगढ़ में आगामी चुनाव से पहले धान खरीदी में समर्थन मूल्य पर सियासत तेज हो गई है. विपक्ष की कांग्रेस पार्टी और सत्ताधारी भाजपा जनता का भरोसा जीतने में लगे हैं. पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने आज चुनावी प्रचार के दौरान कहा कि किसानों को 3100 रुपए समर्थन मूल्य कांग्रेस की वजह से मिल रहा है.
उन्होंने कहा कि किसानों को मेहनत का सम्मान मिलना चाहिए. भूपेश सरकार ने किसानों को 2850 समर्थन मूल्य दिया. किसानों को अब 31 सौ समर्थन मूल्य मिल रहा है तो यह कांग्रेस सरकार की वजह से मिल रहा है. लेकिन कांग्रेस सरकार बनती तो 3217 रुपए समर्थन मूल्य किसानों को मिलता.
कांग्रेस किन बातों का लेगी क्रेडिट : डिप्टी सीएम अरुण साव
वहीं डिप्टी सीएम अरुण साव ने उनके इस बयान का पलटवार किया है. उन्होंने कहा कि भूपेश बघेल को 2003 से पहले का समय याद नहीं है. किसानों के धान को रिजेक्ट कर दिया जाता था. उन्होंने कहा कि धान खरीदी की सुव्यवस्था भाजपा की सरकार में आई है. किसानों को समर्थन मूल्य से अतिरिक्त राशि देने की शुरुआत भाजपा ने की.
डिप्टी सीएम साव ने आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस ने हर एक बात पर 5 साल झूठ बोला. कांग्रेस किन बातों का क्रेडिट लेगी.? कांग्रेस को उनके कार्यकाल में हुए घोटालों का श्रेय लेना चाहिए.
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भाजपा सरकार पर साधा निशाना, बोले- एक साल के कार्यकाल में जनता हो चुकी परेशान, अब फिर से परिवर्तन की लहर…
बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ में आगामी नगरीय निकाय चुनाव को लेकर पूर्वी सीएम भूपेश बघेल बीती रात बलौदा बाजार पहुंचे. यहां उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए भाजपा सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि मैं पूरे प्रदेश में दौरा कर रहा हूं. लोग भाजपा के एक वर्ष के कार्यकाल को देख कर परेशान हो चुके हैं और पुनः परिवर्तन की लहर और कांग्रेस के पक्ष में माहौल दिखाई दे रहा है. पूर्व सीएम ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि यह सरकार गरीबों, किसानों, युवाओं के हितों की चिंता करने वाली हिमायती नहीं, वरन शोषण करने वाली है.

उन्होंने कहा कि किसानों को धान की खरीद राशि भुगतान की बात कही थी, पूरा नहीं किया. गरीबों के स्वास्थ्य योजना को लेकर हमने जो योजना लागू किया, वह बंद कर दिया गया है. गरीब बच्चों की शिक्षा के लिए आत्मानंद स्कूल खोला, उस पर ध्यान नहीं दिया जा रहा, बल्कि नाम बदलने की बात कह रहे हैं. वहीं शिक्षकों को बराबर वेतन नहीं मिल रहा है. युवाओं को नौकरी से निकाल दिये.
पूर्व सीएम ने आगे कहा कि भाजपा के शासन काल में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं. इनके प्रशासनिक अधिकारी नियंत्रण में नहीं हैं. बलौदाबाजार-भाटापारा का कलेक्टर एसपी कार्यालय जल गया और ये सम्हाल नहीं पाए. कलेक्टर एसपी कार्यालय छोड़कर भाग गये. निर्दोष लोगों को पकड़ जेल भेजा गया, जबकि वास्तविक अपराधी बाहर घुम रहे हैं. एक समाज विशेष को पकड़कर जेल में ठुंसा गया.
उन्होंने भाजपा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि शिक्षकों को नौकरी से निकाला जा रहा है. शिक्षकों को तनख्वाह नहीं मिल रही है. कांग्रेस की जितनी भी योजना थी, उसे भाजपा ने बंद करवा दिया है, जिससे ग्रामीण क्षेत्र की महिलाएं परेशान हैं.
उन्होंने आगे कहा कि झुठ फरेब से यह सत्ता में काबिज है, पर अब जनता समझ गयी है और अब प्रदेश में बदलाव की स्थिति है. पूर्व सीएम बघेल ने इन मुद्दों पर भाजपा सरकार पर आरोप लगाते हुए लोगों से कांग्रेस को वोट देकर जिताने की अपील की है.
वहीं अमरिका से पंजाब लाए गए भारतीयों के साथ अमानवीय व्यवहार को लेकर उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार को संज्ञान लेकर काम करना चाहिए.
जनसभा के दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ जनप्रतिनिधि शैलेष नितिन त्रिवेदी ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कालनेमि रूपी है, जो वक्त के साथ रंग बदल देते हैं. मीठी बातें कर जनता को गुमराह करते हैं. इनसे बचकर रहना और कांग्रेस प्रत्याशियों का वोट देकर हाथ मजबूत करना.
केंद्र और ट्रंप सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन, प्रदेशभर के जिला मुख्यालयों में कांग्रेस फूंकेगी पुतला
रायपुर। अमेरिका से 104 अवैध प्रवासीय भारतीय को वापस भेजे जाने को कांग्रेस ने अपमानजनक बताया. इसे लेकर कांग्रेस लगातार केंद्र सरकार पर हमलावर है. आज छत्तीसगढ़ में केंद्र और अमेरिका सरकार के खिलाफ कांग्रेस विरोध प्रदर्शन करने जा रही है. प्रदेशभर के जिला मुख्यालयों में पुतला दहन और विरोध प्रदर्शन किया जाएगा.
कांग्रेस आज सभी जिला मुख्यालयों में दोपहर करीब 3 बजे अवैध प्रवासी भारतीयों को मिल्ट्री प्लेन से हथकड़ी पहनाकर वापस भेजे जाने के मुद्दे पर प्रेस कॉन्फ्रेंस करेगी. जिसके बाद केंद्र और अमेरिका सरकार के खिलाफ पुतला दहन और विरोध प्रदर्शन किया जाएगा.
बता दें कि अमेरिका की सत्ता में डोनाल्ड ट्रम्प की वापसी के बाद कई बड़े फैसले लिए गए. 5 फरवरी को अमेरिका से 104 अवैध प्रवासी भारतीयों से भरा अमेरिकी मिल्ट्री प्लेन अमृतसर में लैंड हुआ. प्लेन से बाहर आए मजदूर के हाथो में हथकड़ी लगी हुई थी. विदेश मंत्री एस जयशंकर ने राज्यसभा में इसे अमेरिका सरकार की नीति बताई. जिसके बाद कांग्रेस के शीर्ष नेता हमलावर नजर आए.
पीसीसी चीफ दीपक बैज ने बीजेपी पर साधा निशाना, कांग्रेस के घोषणा पत्र को बताया गेम चेंजर
रायपुर। नगरीय निकाय चुनाव के वोटिंग में अब कुछ ही दिन बाकी हैं और राजनीतिक पार्टियां जोर-शोर से प्रचार में जुटी हुई हैं. इसी बीच कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने आज रायपुर में महापौर और पार्षदों के पक्ष में प्रचार करने पहुंचे. इस दौरान उन्होंने कांग्रेस के घोषणा पत्र को चुनावी ‘गेम चेंजर’ बताया. इसके साथ ही उन्होंने बीजेपी पर हमला भी बोला. बैज ने कहा कि बीजेपी के नेता हताश होकर घर बैठ चुके हैं और चुनाव में रुचि नहीं दिखा रहे हैं. उन्हें पता है कि एक साल में कुछ नहीं हुआ है. जनता उन्हें खदेड़ देगी इसलिए वे घर पर बैठे हैं.
पीसीसी चीफ दीपक बैज की आज रायपुर के विभिन्न वार्डों में कई जनसभाओं का आयोजन होगा. वहीं एक जनसभा में जब बैज पहुंचे तो उन्होंने पहले मीडिया से बातचीत की, जिसमें उन्होंने कांग्रेस के घोषणा पत्र को चुनावी गेम चेंजर बताया. उन्होंने कहा कि कांग्रेस की घोषणा पत्र जन-जन तक पहुंच रही है. प्रत्याशी भी दमदारी के साथ चुनाव में जुटे हुए है.
दीपक बैज ने बताया वे आज 12-13 सभाएं कांग्रेस के प्रत्याशियों के पक्ष में करने जा रहे हैं. जनता में कांग्रेस के लिए जबरदस्त उत्साह है और घोषणा पत्र सभी निकायों में गेम चेंजर साबित होगा.
कांग्रेस के घोषणा पत्र को कॉपी पेस्ट बताने वाले वाले बयान पर उन्होंने पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस की 36 बिंदुओं की घोषणा पत्र है, जबकि बीजेपी की 20 बिंदुओं की गोल-गोल जलेबी है. एक साल में बीजेपी ने कुछ काम नहीं किया है इसलिए इस पत्र को जनता नकारेगी.
वहीं रायगढ़ के महापौर प्रत्याशी के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा चाय बनाने को लेकर उन्होंने कहा कि सीएम साय चाय बनाकर मोदी की कॉपी कर रहे हैं.
बीजेपी पर निशाना साधते हुए दीपक बैज ने कहा कि बीजेपी के नेता हताश होकर घर बैठ चुके हैं और चुनाव में रुचि नहीं दिखा रहे हैं. उन्हें पता है कि एक साल में कुछ नहीं हुआ है. जनता उन्हें खदेड़ेगी इसलिए घर पर बैठे हैं. सीएम सिर्फ अपनी क्षेत्र में जा रहे हैं, बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष सिर्फ़ जगदलपुर के ही नेता है. बीजेपी के नेता अपने क्षेत्र से बाहर नहीं निकल रही है. उन्होंने ये भी कहा कि निकाय चुनाव में कही अमित शाह स्टार प्रचारक बनकर तो नहीं आ रहे.
भाजपा ने कार्टून के जरिए फिर किया कांग्रेस पर हमला, कहा- भूपेश के आतंक से खुद त्रस्त थे कांग्रेसी…
रायपुर। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत के टीएस सिंहदेव के नेतृत्व में अगला चुनाव लड़ने वाले बयान को भाजपा ने हाथों-हाथ उठाया है. इस पर अब कार्टून के जरिए कांग्रेस पर निशाना साधा है.
भाजपा छत्तीसगढ़ के सोशल मीडिया एकाउंट में जारी कार्टून में एक तरफ पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल हैं, तो दूसरी तरफ टीएस सिंहदेव, जिनके साथ खड़े नेता प्रतिपक्ष चरण दास महंत महंत उन्हें फोटो सेशन के लिए तैयार करते नजर आ रहे हैं. कार्टून के साथ भाजपा ने टिप्पणी की है कि महंत ने इस बात पर मुहर लगा दी कि भूपेश के आतंक से खुद कांग्रेसी त्रस्त थे. वैसे कोई भी कांग्रेसी आ जाये, करप्शन का पर्याय ही रहेगा.

बता दें कि डॉ. चरणदास महंत 4 फरवरी को नगरीय निकाय चुनाव में महापौर प्रत्याशी के प्रचार के लिए अंबिकापुर पहुंचे थे. इस दौरान उन्होंने कहा कि हम लोग एक जुट नहीं होने की वजह से पिछला चुनाव हार गए थे. लेकिन अब हम सब लोग एक साथ रहेंगे. महाराज (टीएस सिंहदेव) की अगुवाई में अगला विधानसभा चुनाव लड़ेंगे. सामूहिक नेतृत्व में अगला विधानसभा चुनाव लड़ा जाएगा. निश्चित रूप से (अगली बार) हमारी सरकार बनेगी.
नेता प्रतिपक्ष महंत के इस बयान से प्रदेशभर में सियासी हलचल तेज हो गई थी. इसपर महंत ने सफाई भी दी थी. डॉ. चरण दास महंत ने मनेंद्रगढ़ में अपने प्रवास के दौरान सफाई देते हुए कहा कि उनके (सिंहदेव) नेतृत्व में चुनाव लड़ेंगे कहने पर इतनी जल्दी में जो उल्टी-सीधी प्रतिक्रिया आई है, वह हास्यास्पद है. उन्होंने अपने बयान को लेकर स्पष्ट किया कि टीएस सिंहदेव कांग्रेस नेतृत्व का हिस्सा हैं, उसमें मैं भी हूं, भूपेश बघेल भी हैं, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज और ताम्रध्वज साहू भी हैं. हमने पिछला चुनाव सामूहिक नेतृत्व में लड़ा था.
अमेरिका में अवैध तरीके से रह रहे भारतीयों को वापस भेजने पर बिफरे पीसीसी चीफ दीपक बैज, कहा- देश से माफी मांगे मोदी
रायपुर। अमेरिका ने अवैध तरीके से रह रहे 104 भारतीयों को वापस भारत भेज दिया है. अमेरिका को इस कदम को छत्तीसगढ़ कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने देश के लिए शर्मनाक बताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से माफी मांगने को कहा है.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने मीडिया से चर्चा में कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति प्रवासी भारतीयों को अमेरिका से बाहर भेज रहे हैं. विश्वगुरु कहने वाले पीएम कहां गए हैं. इतनी शर्मनाक घटना, इतना अपमान भारत क्यों सह रहा है. इस घटना के लिए देश से उन्हें माफी मांगनी चाहिए.
बता दें कि डोनाल्ड ट्रम्प ने अमेरिकी राष्ट्रपति का पद संभालने के बाद अवैध तरीके से रह रहे बाहरी लोगों को डिपोर्ट करने के आदेश दिए थे. इस कड़ी में 104 अवैध भारतीय प्रवासियों को लेकर अमेरिकी सैन्य विमान बुधवार (5 फरवरी) को अमृतसर के श्री गुरु रामदास जी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरा.
भारत लाए गए 104 अप्रवासियों में सबसे ज्यादा हरियाणा और गुजरात के 33-33 लोग शामिल है. इसके अलावा पंजाब के 30, महाराष्ट्र के 3, उत्तर प्रदेश-चंडीगढ़ के 2 लोग शामिल हैं. इनमें 8–10 साल के बच्चों के साथ कुछ परिवार भी शामिल हैं.
कांग्रेस के घोषणा पत्र पर मंत्री केदार कश्यप का वार, कहा- घोषणा पत्र आधा कॉपी पेस्ट, बाकी टोटल वेस्ट
रायपुर। नगरीय निकाय चुनाव में भाजपा के बाद आज कांग्रेस ने घोषणा पत्र जारी कर दिया है, जिसके बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच सियासी बयानबाजी तेज हो गई है. मंत्री केदार कश्यप ने कांग्रेस के घोषणा पत्र पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कांग्रेस का घोषणा पत्र आधा कॉपी पेस्ट है और बाकी वेस्ट है. उन्होंने कहा कि भाजपा के घोषणा पत्र में पहले से ही मौजूद कुछ वादों को कांग्रेस ने हूबहू कॉपी किया है जिससे उन्होंने अपनी वैचारिक दीवालिएपन का प्रमाण एक बार फिर जनता के सामने रख दिया. मंत्री कश्यप ने कहा कि वैसे भी कांग्रेस के पास भ्रष्टाचार के अलावा और किसी बात का विजन नहीं है.
केदार कश्यप ने कांग्रेस के घोषणा पत्र के हर एक वादे पर विस्तार से चर्चा कर कांग्रेस के घोषणा पत्र की हवा निकाली. उन्होंने कहा कि तालाबों का संरक्षण व सौदर्यीकरण की बात हो या वाय-फाय, सीसीटीवी आदि की सम्पति कर, समेकित कर एवं जल उपभोक्ता शुल्क आदि की, सैनिटरी नैपकिन या अन्य, सारे वादे या तो भाजपा के घोषणा पत्र की हूबहू नकल है या फिर वे वादे हैं जो कांग्रेस ने 2019 के घोषणा पत्र में भी किये थे, जिसे सभी निकायों पर जबरन कब्जे के बाद भी नहीं कर पायी थी. मंत्री कश्यप ने कहा कि इन दोनों कॉपी पेस्ट के अलावा शेष सभी वेस्ट है, जिसका नगर के विकास से कोई लेना देना नहीं है.
उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि जो पार्टी दस पेज का एक मौलिक विजन नहीं दे सकती, उससे हम किसी विकास आदि की क्या उम्मीद कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि वैसे भी केंद्र और राज्य दोनों जगह भाजपा की सरकार है, विकास के सारे कार्य करने की नीयत और क्षमता दोनों भाजपा के पास ही है. कांग्रेस का घोषणा पत्र वास्तव में ढकोसला पत्र है. वह एक दिवालिया हो चुकी बैंक का पोस्ट डेटेड चेक है.
अनुमति नहीं मिलने के बावजूद भूपेश बघेल ने निकाली ट्रैक्टर रैली, महापौर प्रत्याशी प्रमोद नायक के लिए मांगे वोट
बिलासपुर। नगरीय निकाय चुनाव में मतदान से पहले प्रदेश का सियासी पारा हाई है. न्यायधानी बिलासपुर में जिला प्रशासन की अनुमति नहीं मिलने के बावजूद पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज ट्रैक्टर रैली निकाली. नगर निगम बिलासपुर के कांग्रेस महापौर प्रत्याशी प्रमोद नायक के समर्थन में यह रैली निकली गई.
जिसमें विधायक अटल श्रीवास्तव, दिलीप लहरिया समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हुए, जिन्होंने जिला प्रशासन के अधिकारियों पर गंभीर आरोप भी लगाए हैं.
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की रैली को अनुमति नहीं मिलने पर कांग्रेस नेताओं ने पूर्व मंत्री और बिलासपुर विधायक अमर अग्रवाल के इशारे पर जिला प्रशासन के काम करने का आरोप लगाया है. इसके साथ ही एडीएम, एसडीएम और एएसपी को तत्काल हटाने की मांग की है.
बता दें कि आज सकरी से सिरगिट्टी तक पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का ट्रैक्टर रैली प्रस्तावित था. हालांकि जिला प्रशासन ने इस अनुमति को देने से मना कर दिया था.
सिंहदेव के नेतृत्व में चुनाव लड़ने के बयान पर महंत ने दी सफाई, कहा- त्वरित आ रही प्रतिक्रिया हास्यास्पद…
कोरिया। टीएस सिंहदेव के नेतृत्व में अगला चुनाव लड़ने का बयान देकर प्रदेशभर में सिसायी हलचल पैदा करने के बाद अब नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत बैकफुट पर नजर आ रहे हैं. महंत ने सफाई देते हुए कहा कि उनके (सिंहदेव) नेतृत्व में चुनाव लड़ेंगे कहने पर इतनी जल्दी में जो उल्टी-सीधी प्रतिक्रिया आई है, वह हास्यास्पद है.
नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने मनेंद्रगढ़ में अपने प्रवास के दौरान पत्रकारों से चर्चा की. उन्होंने अपने बयान को लेकर स्पष्ट किया कि टीएस सिंहदेव कांग्रेस नेतृत्व का हिस्सा हैं, उसमें मैं भी हूं, भूपेश बघेल भी हैं, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज और ताम्रध्वज साहू भी हैं. हमने पिछला चुनाव सामूहिक नेतृत्व में लड़ा था.
डॉ. महंत ने कहा कि क्षेत्र के नगर निगम-नगर पालिका में टीएस सिंहदेव के ही नेतृत्व में चुनाव लड़ रहे हैं. जब विधानसभा-लोकसभा के चुनाव होंगे, जब प्रदेश स्तर का चुनाव होगा, तो टीएस सिंहदेव, जो प्रदेश नेतृत्व का हिस्सा हैं, उनके नेतृत्व में (भी) चुनाव होगा. मैने यह तो नहीं कहा कि मेरे नेतृत्व में चुनाव नहीं होगा, भूपेश बघेल के नेतृत्व में चुनाव नहीं होगा. मैने तो यह भी नहीं कहा कि मेरे नेतृत्व में चुनाव होगा.
देखिए वीडियो –
महंत के बयान पर रायपुर तक हलचल, दीपक बैज ने कहा- 2028 में अवश्य बनेगी कांग्रेस की सरकार, उप मुख्यमंत्री साव बोले- सिंहदेव के साथ कांग्रेस ने किया छल, किरण सिंहदेव ने बताया कांग्रेस का गुटीय घमासान…
रायपुर। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत के अंबिकापुर में टीएस सिंहदेव के नेतृत्व में अगला विधानसभा चुनाव लड़ने के ऐलान ने रायपुर तक सियासी गलियारे में हलचल मचा दी है. पीसीसी चीफ दीपक बैज भले ही सिंहदेव के नेतृत्व वाले बयान को नहीं सुनने की बात कही, लेकिन 2028 में कांग्रेस सरकार बनने का भरोसा जताया है. वहीं उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने टीएस के साथ कांग्रेस के छल करने की बात कही है. रही-सही कसर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव ने इस बयान को कांग्रेस के गुटीय घमासान का नतीजा बताकर पूरी कर दी.
डॉ. चरण दास महंत के बयान पर पीसीसी दीपक बैज ने कहा कि महंत जी ने क्या कहा सुना नहीं हूं. उनका बयान सुनूंगा. वैसे भी घर की बात है. लेकिन जिस तरह से प्रदेश में भाजपा की सरकार चल रही है, इससे निश्चित 2028 में कांग्रेस की सरकार अवश्य बनेगी.
डॉ. महंत के बयान पर उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि 5 साल कांग्रेस ने टीएस सिंहदेव के साथ छल किया. अब लगता है कि फिर कोई षड्यंत्र करेंगे. जनता देख चुकी है. जनता को भरोसा नहीं है.
वहीं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंहदेव ने चरणदास महंत के बयान पर कहा कि महंत का यह बयान कांग्रेस के भीतर चल रहे सत्ता-संघर्ष और गुटीय घमासान का ही परिचायक है. कांग्रेस की पूरी विचारधारा ही भ्रष्टाचार-केंद्रित है. कांग्रेस नेताओं का संकल्प भ्रष्टाचार करना ही है. कांग्रेस की यह विचारधारा भूपेश बघेल और एजाज ढेबर को बनाती है, फिर उसे ‘यूज एण्ड थ्रो’ कर देती है, फिर नए बघेल और ढेबर तलाशती है जो जनता से लूट कर सकें. यही कांग्रेस की विचारधारा है.
सिंहदेव ने कहा कि कांग्रेस के डीएनए में रचा-बसा भ्रष्टाचार कभी खत्म नहीं होगा, चाहे नेतृत्व कांग्रेस में कोई भी करे. कांग्रेस को अपने नित-नए ‘एटीएम’ खोलने वाले नेता चाहिए, वह कौन होगा, कांग्रेस को उससे कोई मतलब नहीं है.
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि अब जब जनता ने कांग्रेस से किनारा कर लिया तो अब कांग्रेस भी बघेल से किनारा कर रही है. एक तरह से बघेल के नेतृत्व को महंत ने ठुकरा दिया है. अगले विधानसभा चुनाव में अभी चार साल चल पड़े हैं, लेकिन उसके पहले ही महंत ने इस बात की घोषणा करके कहीं-न-कहीं बघेल को एक संदेश दे दिया है कि उनका नेतृत्व कांग्रेस को स्वीकार नहीं है. कुछ समय पहले तक एक ही नारा चलता था- भूपेश है, तो भरोसा है; और आज कांग्रेस पार्टी का ही भरोसा उन पर नहीं रहा!
नगरीय निकाय चुनाव को लेकर छिड़ा सियासी घमासान, पूर्व CM बघेल ने बीजेपी प्रदेश प्रभारी नितिन नबीन पर साधा निशाना, कहा- ‘छीनकर तो बंदर भी पेड़ पर चढ़ जाता है’
रायपुर। छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर राजनीतिक माहौल गरमाया हुआ है। सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। इस बीच, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सोशल मीडिया एक्स पर अपने आधिकारिक अकॉउंट से एक पोस्ट जारी कर बीजेपी प्रदेश प्रभारी नितिन नबीन पर तीखा हमला बोला है।
प्रदेशभर में कांग्रेस प्रत्याशियों के नामांकन रद्द होने को लेकर भूपेश बघेल ने नितिन नबीन पर निशाना साधते हुए उनकी भूमिका पर सवाल उठाए। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए तंज कसते हुए लिखा— “मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के एक प्रवक्ता बिहार से आए हैं, उनका नाम नितिन नबीन है। आजकल गलियों में चुनौती देते घूम रहे हैं। किसी को भी चुनौती दे देते हैं। प्रवक्ता महोदय से कहना चाहूँगा कि धनबल और प्रशासनबल से नामांकन रद्द और निर्विरोध कब्जाने की बजाय चुनाव होने दें और तब बात कीजिएगा। छीनकर तो बंदर भी पेड़ पर चढ़ जाता है। जहां तक मेरी हिम्मत की बात है, तो यह अपने दल के नेताओं से पूछ लीजिएगा।”
देखें पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की एक्स पोस्ट

कांग्रेस ने लगाया चुनाव में धांधली का आरोप
गौरतलब है कि कांग्रेस का आरोप है कि बीजेपी प्रशासनिक तंत्र का दुरुपयोग कर रही है और उनके प्रत्याशियों के नामांकन रद्द कराए जा रहे हैं। पार्टी का कहना है कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया को कमजोर करने का प्रयास हो रहा है और बीजेपी को जनादेश का सामना करने से डर लग रहा है। वहीं, कांग्रेस के आरोपों पर बीजेपी नेताओं का कहना है कि कांग्रेस चुनावी पराजय के डर से पहले ही बहानेबाजी कर रही है। प्रदेश प्रभारी नितिन नबीन ने भी कांग्रेस पर जवाबी हमला बोलते हुए कहा कि बीजेपी निष्पक्ष चुनाव चाहती है, लेकिन कांग्रेस अपनी हार सुनिश्चित देखकर बौखला रही है।
नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत का बड़ा सियासी बयान, बोले- टीएस सिंहदेव की अगुवाई में लड़ेंगे अगला विधानसभा चुनाव
अम्बिकापुर। नगरीय निकाय चुनाव के दौरान नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत अपने बयानों से सियासी हलचल मचाए हुए हैं. कोरबा में कार्यकर्ताओं से तस्करों को चप्पल मारने वाले बयान लोगों के जहन से उतरा नहीं कि अंबिकापुर में टीएस सिंहदेव के नेतृत्व में अगला चुनाव लड़ने वाला बयान देकर सरगुजा से लेकर बस्तर तक सनसनी मचा दी है.

नगरीय निकाय चुनाव में महापौर प्रत्याशी के प्रचार के लिए अंबिकापुर पहुंचे डॉ. चरणदास महंत ने टीएस सिंहदेव की मौजूदगी में आम सभा को सम्बोधित किया. इसके बाद मीडिया से चर्चा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. महंत ने कहा कि हम लोग एक जुट नहीं होने की वजह से पिछला चुनाव हार गए थे. लेकिन अब हम सब लोग एक साथ रहेंगे. महाराज (टीएस सिंहदेव) की अगुवाई में अगला विधानसभा चुनाव लड़ेंगे. सामूहिक नेतृत्व में अगला विधानसभा चुनाव लड़ा जाएगा. निश्चित रूप से (अगली बार) हमारी सरकार बनेगी.
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निकाय चुनाव 2025: घोषणा पत्र के बहाने मुख्यमंत्री के सलाहकार पंकज झा ने कांग्रेस पर साधा निशाना
रायपुर। नगरीय निकाय चुनाव में फिलहाल तमाम राजनीतिक दलों का फोकस घोषणा पत्र पर है. राजनीतिक दल के छोटे-बड़े तमाम नेता बयान तो दे ही रहे हैं, अब इस जंग में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मीडिया सलाहकार पंकज झा भी कूद गए हैं. उन्होंने अटल बिहारी के नाम पर कसे गए तंज पर पलटवार करते हुए कांग्रेस को चुनौती दी कि वे अपने घोषणा पत्र संस्थापक एओ ह्यूम को समर्पित करना चाहिए.
पंकज कुमार झा ने सोशल मीडिया एक्स पर किए अपने पोस्ट में कहा कि कांग्रेस ने ‘अटल विश्वास पत्र’ में अटलजी के नाम पर सवाल उठाया है. यह उनकी खिसियाहट के अलावा और कुछ नहीं है. भाजपा को अपने संस्थापक अध्यक्ष भारत रत्न अटलजी पर गर्व है. अटलजी छत्तीसगढ़ राज्य के निर्माता भी हैं. उनके शताब्दी वर्ष पर स्वाभाविक ही घोषणा पत्र उन्हें समर्पित किया गया है. कांग्रेस के पास आज अगर ऐसे किसी चेहरे का अकाल है, तो वह क्या नाम रखेगी भला?
इसके साथ ही वे कांग्रेस को सुझाव देते हैं कि कांग्रेस को भी अपने घोषणा पत्र का नाम अपने संस्थापक एलन ऑक्टावियो ह्यूम को समर्पित करना चाहिए. कांग्रेस अपने इतिहास के दो ओक्टावियो (ह्यूम और क्वात्रोकी) को हमेशा भूल जाती है. यह अच्छी बात नहीं! कांग्रेस ने 2019 के निकाय चुनाव में भी घोषणा पत्र जारी किया था. सारे निकायों पर कब्जा करने के बावजूद उन घोषणाओं को क्यों कचरे के डब्बे में डाल दिया, यह भी उसे बताना चाहिए.
