बिलासपुर। भाटिया वाइंस को लेकर जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ने नाराजगी जताई है. सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ने कहा कि अगर कोर्ट हस्तक्षेप ना करे तो क्या लोगों को जहर पिलाएंगे. लोगों के जानमाल की चिंता भी है या नहीं. अब मामले की सुनवाई 23 सितंबर को होगी.
बता दें कि मुंगेली जिले के धूमा स्थित भाटिया वाइंस से निकलने वाले प्रदूषित पानी की वजह से शिवनाथ नदी में हजारों मछलियों की मौत हो गई थी. मीडिया की खबर पर हाईकोर्ट ने संज्ञान लिया. जनहित याचिका के रूप सुनवाई की जा रही है. मामले की सुनवाई के दौरान 30 जुलाई 2024 को पर्यावरण संरक्षण मंडल ने हाईकोर्ट को बताया कि जांच के लिए हाई पॉवर कमेटी बनाई गई है.
13 अगस्त को बोर्ड ने बताया कि 22 और 23 जुलाई को फैक्ट्री का निरीक्षण किया गया था. फैक्ट्री में शर्तों का उल्लंघन करना पाया गया है. जांच में यह भी पाया गया है कि जहां फैक्ट्री का जहरीला पानी छोड़ा जा रहा था वहां ऑक्सीजन का स्तर शून्य था. इस पर क्षेत्रीय कार्यालय ने 8 लाख 70 हजार रुपए जुर्माना लगाया और खामियों को दूर करने कहा. इधर भाटिया वाइंस ने सुनवाई के दौरान बताया कि पेनाल्टी जमा कर कमियां दूर कर ली गई है. हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस बीडी गुरु की डीविजन बेंच ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद कहा कि नियमों के अनुसार फैक्ट्री खोलने पर उचित आदेश जारी करने के लिए पर्यावरण प्रदूषण मंडल स्वतंत्र है.
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आज उनके निवास कार्यालय में त्रिपुरा राज्य के त्रिपुरा-पूर्व लोकसभा क्षेत्र की सांसद एवं कवर्धा राजपरिवार की रानी कृति देवी ने सौजन्य मुलाकात की। इस दौरान उनके पति कवर्धा राजपरिवार के राजा एवं पूर्व विधायक योगेश्वरराज सिंह भी मौजूद थे।
रायपुर। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के छत्तीसगढ़ दौरे को लेकर प्रशासन हाई अलर्ट में है. राजधानी रायपुर में पुलिस प्रशासन केंद्रीय मंत्री शाह की सुरक्षा के लिए पूरी तैयारी में है. होटल मे-फेयर में पांच लेयर की सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद की गई है. आईजी, एसपी, एडिशनल एसपी, डीएसपी और निरीक्षक स्तर के अधिकारी उनकी सुरक्षा निगरानी के लिए तैनात हैं.
बता दें, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज से तीन दिनों तक रायपुर दौरे पर रहेंगे. उनकी सुरक्षा को लेकर जिले भर में पुलिस के एक हजार जवान सुरक्षा के लिए तैनात किए गए हैं. होटल के चारों तरफ भी पुलिस डोम तैयार किया गया है, साथ ही ड्रोन और दूरबीन के माध्यम से होटल के आस-पास की कड़ी निगरानी की जा रही है.
रायपुर। छत्तीसगढ़ में पूर्व की कांग्रेस सरकार में तत्कालीन डीजी आईपीएस (रिटायर्ड) मुकेश गुप्ता और आईपीएस रजनेश सिंह के खिलाफ दर्ज आपराधिक मामलों में सीजेएम कोर्ट ने एक क्लोज़र रिपोर्ट पेश की है. रिपोर्ट में कहा गया है कि इन मामलों में लगाए गए आरोपों में कोई वास्तविक अपराध नहीं पाया गया. यानी जो आरोप लगाए गए वह अपराध हुए ही नहीं हैं.
गंभीर धाराओं में दर्ज किया गया था प्रकरण
भूपेश बघेल सरकार ने मुकेश गुप्ता और रजनेश सिंह पर अवैध इंटरसेप्शन का आरोप लगाते हुए केस दर्ज किया था. इन मामलों में दोनों अधिकारियों के खिलाफ गंभीर धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी.
बता दें, आरोपित व्यक्ति को कोर्ट में पेश किया जा सकता है यदि आरोप प्रमाणित होते हैं, यदि अपराध साबित होता है लेकिन साक्ष्य नहीं होते हैं तो केस समाप्त किया जाता है, और यदि अपराध नहीं हुआ है तो केस खारिज कर दिया जाता है. एसीबी और ईओडब्लू ने जांच के बाद यह सिफारिश की है कि आरोपित मामलों में अपराध नहीं हुआ और इसलिए केस खारिज किया गया है.
क्लोज़र रिपोर्ट की प्रमुख बातें
क्लोज़र रिपोर्ट में एसीबी ने कोर्ट को बताया कि बगैर अनुमति के इंटरसेप्शन का आरोप पूरी तरह निराधार है. रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया है कि जो भी इंटरसेप्शन हुआ, वह कानूनी और वैध तरीके से किया गया था.
गवाहों पर दबाव का आरोप
राज्य सरकार की रिपोर्ट में यह उल्लेख किया गया है कि एसीबी और ईओडब्लू के तत्कालीन निदेशक जीपी सिंह ने गवाहों पर दबाव डाला और धमकी दी. आरोप है कि उन्होंने गवाहों से बयान अपने मन मुताबिक कराए, अन्यथा गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी.
अन्य कानूनी पहलू
रिपोर्ट के अनुसार, एसीबी ने जिन धाराओं में अपराध दर्ज किया, उन धाराओं में अपराध दर्ज करने का अधिकार ही नहीं था. कोर्ट को बताया गया है कि एसआईटी का गठन बिना कोर्ट की अनुमति के किया गया और इसका इस्तेमाल कोर्ट के आदेश की अवहेलना के रूप में किया गया.
एफआईआर का खारिज होना
क्लोज़र रिपोर्ट के साथ पेश किए गए पत्र में एसीबी ने अदालत से दोनों एफआईआर को खारिज करने की सिफारिश की है. इन एफआईआर के तहत मुकेश गुप्ता और रजनेश सिंह पर विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए गए थे, जिसमें आरोप था कि इन्होंने अवैध तरीके से कॉल इंटरसेप्शन किया और इसके आधार पर कार्रवाई की.
रायपुर। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के पुसौर ब्लॉक में हुए गैंगरेप मामले में वित्त मंत्री और रायगढ़ विधायक ओपी चौधरी का बयान सामने आया है. मंत्री ओपी चौधरी इस घटना को लेकर काफी चिंतित है और इसे बेहद दुर्भाग्यजनक बताया है. उन्होंने कहा कि, ‘पीड़िता की पहचान सार्वजनिक न हो इसका विशेष ध्यान रखा जा रहा है और कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं.
मंत्री ओपी चौधरी ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि हम लोग विशेष रूप से ध्यान रख रहे हैं कि पीड़िता की पहचान किसी भी स्थिति में सार्वजनिक ना हो. इसलिए हम लोग सीधा न मिलके इनडायरेक्टली प्रशासन-पुलिस के माध्यम से और सीधे तौर पर टेलीफोन पर बात कर रहे हैं और लगातार मामले पर कार्रवाई सुनिश्चित कर रहे हैं.
उन्होंने कहा कि सामूहिक दुष्कर्म की घटना घटी थी इसके 24 घंटे के अंदर ही पुलिस ने एफआईआर दर्ज किया और मामले में कार्रवाई करते हुए आठ में से सात आरोपियों को गिरफ्तार किया और जो एक आरोपी फरार था, आज पता चला है कि वह ओडिशा में मृत अवस्था में पाया गया है. इसके अलावा पीड़िता और उसके परिजन को आरोपी की ओर से किसी प्रकार का दबाव ना डाला जा सके इसके लिए पुलिस विशेष ध्यान दे रही है.
विशेष टीम की जाए गठित
मंत्री ओपी चौधरी ने बताया कि एसपी से विशेष रूप से चर्चा की है. इस घटना के लिए विशेष टीम गठित करके इन्वेस्टिगेशन कर जल्द से जल्द चालान प्रस्तुत करें. साथी ही पुलिस से कहा गया है कि कोर्ट में आवेदन दे की फास्ट ट्रैक कोर्ट के माध्यम से मामले में सुनवाई हो. कानूनी तौर पर पीड़िता को जो सहायता राशि की फ़ास्ट इन्सटॉलमेंट दी गई है. साड़ी चीजों पर हमलोग नजर बनाए हुए हैं. मामले में एक भी आरोपी छूट न पाए और सब पर कठोर कार्रवाई हो इसके लिए लगातार पुलिस प्रशासन के माध्यम से हम लोग प्रयास कर रहे हैं.
कांग्रेस की जांच टीम से निवेदन
इसके साथ ही मंत्री ओपी चौधरी कांग्रेस की गठित की गई जांच टीम पर कहा कि मैं निवेदन करना चाहता हूं कि जो भी घटना है अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है. इसमें पीड़िता की पहचान किसी भी तरह से सार्वजनिक ना हो. यह कानूनी, नैतिकता और पीड़िता के भविष्य की दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण है. इस तथ्य को रखते हुए वह कोई भी कार्रवाई करें, यह कांग्रेस से निवेदन है.
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ में बच्चों के कौशल उन्नयन के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की है. राज्य के सरकारी स्कूलों में स्किल एजुकेशन को शामिल करने के उद्देश्य से, छत्तीसगढ़ सरकार ने मैजिक बस इंडिया फाउंडेशन के साथ एक तीन साल की साझेदारी की है. यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 और राष्ट्रीय पाठ्यक्रम ढांचा (NCF) 2023 के अनुरूप है, और इसका उद्देश्य छात्रों को आवश्यक स्किल्स और शिक्षा प्रदान करना है.
इस समझौते के तहत, पहले दो शैक्षणिक वर्षों में 800 सरकारी स्कूलों में स्किल एजुकेशन को लागू किया जाएगा. इस प्रक्रिया में 1,600 शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे 40,000 छात्रों, जो कक्षा 6 से 10 तक के होंगे, को स्किल और जीवन कौशल शिक्षा प्रदान कर सकें. कार्यक्रम की शुरुआत कांकेर और कोंडागांव से होगी और इसे धीरे-धीरे राज्य के सभी 33 जिलों में फैलाया जाएगा.
मैजिक बस इंडिया फाउंडेशन के CEO, जयंत रस्तोगी, ने कहा कि स्किल एजुकेशन किशोरों के सशक्तिकरण और उनकी शिक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आदिवासी क्षेत्रों के बच्चों के लिए मातृभाषा में प्राथमिक शिक्षा देने का भी निर्देश दिया है, जिससे उनकी सांस्कृतिक पहचान और शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हो सके.
छत्तीसगढ़ सरकार का यह प्रयास, विशेषकर दुर्गम आदिवासी इलाकों के बच्चों के लिए, विकसित भारत के निर्माण में एक महत्वपूर्ण क़दम है. स्कूली शिक्षा में स्किल एजुकेशन के नए अवसर देकर, यह कदम राज्य को सशक्त करेगा और देश के विकास में भी अहम भूमिका निभाएगा. युवा पीढ़ी नई तकनीकों और ज्ञान से लैस होकर भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार होंगे.
बिलासपुर। बिलासपुर और बस्तर में मलेरिया एवं रतनपुर क्षेत्र में उल्टी दस्त से मौत के साथ ही संक्रमण फैलने को लेकर चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा ने स्वतः संज्ञान में लेकर जनहित याचिका के रूप में सुनवाई शुरू की है. इस जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ने कहा कि अब इस मामले के लिए अलग बेंच निर्धारित की जा रही है, जिसमें सुनवाई होगी.
बता दें, कि जून का महीना मलेरिया माह घोषित होने के बावजूद शासन की ओर से बचाव के लिए कोई अभियान नहीं चलाने तथा बस्तर के बीजापुर आश्रम में रह रहे दो मासूम बच्चों की मौत, बिलासपुर जिले के कोटा क्षेत्र में तेजी से मलेरिया फैलने व रतनपुर क्षेत्र में उल्टी दस्त के प्रकोप को लेकर मीडिया की खबरों पर हाईकोर्ट ने संज्ञान लिया और मामले को जनहित याचिका के रूप में सुनवाई शुरू की है. पूर्व में सुनवाई के दौरान कोर्ट ने मुख्य सचिव, सचिव शिक्षा, सचिव स्वास्थ्य, बिलासपुर कलेक्टर, बीजापुर कलेक्टर, मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी, स्वास्थ्य संचालक, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर सहित 11 लोगों को पक्षकार बनाने का निर्देश दिया था.
रायपुर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आज छत्तीसगढ़ आगमन है. इसे लेकर डिप्टी सीएम व गृह मंत्री विजय शर्मा ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री शाह प्रदेश में पूरी दृढ़ता और ताकत के साथ नक्सलियों के विरुद्ध कार्रवाई और नक्सलियों के आत्म समर्पण के लिए उचित माहौल बनाने लॉ एंड ऑर्डर पुलिस विभाग की समीक्षा बैठक लेंगे. इसके अलावा प्रदेश के सभी महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा होगी.
वहीं नक्सल प्रभावित बस्तर में विकास कार्यों को लेकर डिप्टी सीएम शर्मा ने कहा कि बस्तर की जनता के लिए योजना अनुरूप सारी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. बोर से साफ पानी उपलब्ध कराया जा रहा है, राशन दुकान चल रहे हैं.
बस्तर के लोग विकास के रास्ते पर दौड़ना चाहते हैं: डिप्टी सीएम विजय शर्मा
उन्होंने कहा कि बस्तर के गांव से होकर हम आये हैं, बस्तर की जनता का मन बदल गया है. अब सभी विकास की राह पर लौटना चाहते है. वहां के लोगों ने मुख्यमंत्री जी से नरेगा शुरू करने की मांग की है. गांव के लोग 1 एकड़ के पीछे 65 हजार धान बेचना चाहते है, अब बस्तर की जनता विकास के रास्ते पर सरपट दौड़ना चाहती है.
महिलाओं के साथ हो रहे अपराध पर डिप्टी सीएम शर्मा का बयान:
डिप्टी सीएम शर्मा ने बिलासपुर, सूरजपुर, रायगढ़ में महिलाओं पर हो रहे अत्याचार को लेकर कहा कि हर प्रकरण की गंभीरता से पुलिस जांच जारी है. रायगढ़ के विषय में तुरंत गिरफ्तारी हुई, एक व्यक्ति मृत पाया गया है. जांच अब भी जारी है.
उन्होंने आगे कहा कि घटनाओं की तुलना नहीं करनी कि चाहिए कितनी हुई है. छत्तीसगढ़ में फिर भी घटनायें कम है. मसला यह है कि ऐसा होना नहीं चाहिए. जनजागरण और पुलिस की मॉनिटरिंग की आवश्यकता है. अमित शाह जी लॉ एंड ऑर्डर की भी समीक्षा करने वाले है, उनके दौरे के बाद छत्तीसगढ़ पुलिस विभाग नये अभियानों के साथ दिखेगी.
महादेव सट्टा एप मामले की जांच को CBI को सौंपा जा रहा : डिप्टी सीएम शर्मा
महादेव सट्टा एप मामले को लेकर गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि महादेव सट्टा के संदर्भ में जांच CBI को सौपा जाएगा. अनेक राज्यों का मसला है. कई दोषी देश के बाहर भी हैं. CBI स्पष्टता से इसकी जांच करेगी और सारी स्थितियां स्पष्ट होंगी, इसलिए जांच सौपने का निर्णय लिया गया है.
कांग्रेस प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट के छत्तीसगढ़ दौरे को लेकर डिप्टी सीएम शर्मा का बयान:
वहीं कांग्रेस प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट के विधायक देवेंद्र यादव से मुलाकात के लिए छत्तीगसढ़ दौरे को लेकर डिप्टी सीएम शर्मा ने कहा- जेल में मुलाकात एक सामान्य बात है. पुलिस की जांच जारी है, जांच में सभी चीजें स्पष्ट होगी. इन्होंने EOW और ईडी के प्रकरणों को क्वॉश करने के लिए 7 पेटिशन लगाये, सातों पेटिशन खारिज हुए हैं और कोर्ट ने कहा है कि FIR को देखकर ये कहा नहीं जा सकता कि कुछ भी नहीं हुआ है. कोर्ट ने कहा है कि 2161 करोड़ का ऑर्गनाइज्ड क्राइम किया गया है. 70 लोगों का इसमें नाम है और इसकी जांच के लिए कोर्ट ने स्वयं निर्णय लिया है. उसके बाद सड़क पर तमाशे की आवश्यकता नहीं है.
बिलासपुर। बिलासपुर नगर निगम ने पार्किंग सुविधाओं के निजी और व्यावसायिक उपयोग को लेकर 67 भवन मालिकों को नोटिस जारी किया है। निगम कमिश्नर अमित कुमार के निर्देश पर भवन शाखा ने यह नोटिस जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि तीन दिन के भीतर पार्किंग को खाली कर उपयोग नहीं करने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नोटिस मिलने के बाद भवन मालिकों में हड़कंप मच गया है। रिपोर्ट के अनुसार, कई स्कूल, अस्पताल, कॉम्प्लेक्स और शोरूम बिना पार्किंग की व्यवस्था के चलाए जा रहे हैं, और पार्किंग क्षेत्रों को अन्य कार्यों के लिए उपयोग किया जा रहा है।
नगर निगम की यह पहल शहर की सड़कों को व्यवस्थित करने और ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार लाने के लिए है। निगम ने शहर के उन 67 भवनों की पहचान की है, जो पार्किंग का उपयोग अन्य उद्देश्यों के लिए कर रहे हैं। अब इन भवनों को पार्किंग की स्थिति को सामान्य करने के लिए निर्देशित किया गया है, ताकि शहर की यातायात व्यवस्था में सुधार किया जा सके।
बिलासपुर। प्रदेश के स्कूलों में स्पेशल टीचर्स की भर्ती मामले में सुनवाई हुई. इस दौरान कोर्ट ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट से इस संबंध में कोई आदेश आता है, तो इसकी जानकारी देते हुए याचिकाकर्ता दोबारा यहां आए, फिर मामले में सुनवाई की जाएगी.
बता दें कि स्कूलों में विशेष शिक्षकों की भर्ती पर आरसीआई ट्रेंड टीचर्स एसोसिएशन की जनहित याचिका लगाई थी, मामले की सुनवाई के दौरान राज्य शासन ने हाईकोर्ट को जानकारी दी थी कि यह मामला सुप्रीम कोर्ट में लंबित है. जिस पर हाईकोर्ट की डीविजन बेंच ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले का इंतजार करने कहा है. मामले की अगली सुनवाई 6 सप्ताह बाद होगी.
आरसीआई ट्रेंड टीचर्स एसोसिएशन ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की है. जिसमें कहा गया है, कि प्रदेश के स्कूलों में राज्य सरकार स्पेशल एजुकेटर नियुक्त नहीं कर रही है. 60 हजार से ज्यादा विशेष ज़रूरतों वाले बच्चों को पढ़ाने के लिए प्रदेश में 2021 तक सिर्फ़ 888 विशेष शिक्षक ही थे. सरकारी आंकड़ों के हिसाब से प्रदेश में दो हजार से ज्यादा शिक्षकों की जरुरत है. मामले की सुनवाई के दौरान कोर्ट को बताया गया, कि यही मामला सुप्रीम कोर्ट दायर किया गया है. जिसमें सभी राज्य सरकारों को स्कूलों में स्पेशल एजुकेटर नियुक्त करने का निर्देश जारी किया था. सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने दो साल पहले देशभर के राज्य सरकारों को स्पेशल एजुकेटर टीचर्स रखने का निर्देश दिया था. सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर अब तक राज्य सरकार द्वारा स्पेशल टीचर्स की भर्ती नहीं की गई है. जिससे स्पेशल बच्चों की पढ़ाई भी नहीं हो पा रही है.
ज्ञात हो, कि आरटीई एक्ट में प्रावधान है कि पहली से आठवीं कक्षा की पढ़ाई के लिए 10 बच्चों के पीछे एक स्पेशल टीचर्स की नियुक्ति होगी. जो कराएंंगे. वहीं कक्षा 9 वीं से 12 वीं तक 15 बच्चों के पीछे एक स्पेशल टीचर्स की नियुक्ति अनिवार्य है.
रायपुर। राज्य सरकार ने स्वास्थ्य संचालनालय के संयुक्त संचालक डॉ. एसके पामभोई को संचालक महामारी नियंत्रक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है. इसका आदेश आज लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अवर सचिव मुकेश चौहान ने जारी किया.
रायपुर। छत्तीसगढ़ में सरकारी डॉक्टर अब निजी अस्पतालों या नर्सिंग होम में जाकर प्रेक्टिस नहीं कर पाएंगे। छत्तीसगढ़ शासन के लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने इसके संबंध में निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के अनुसार, सरकारी डॉक्टरों को केवल कर्तव्य की अवधि के बाहर प्रेक्टिस करने की अनुमति है, लेकिन वे किसी भी निजी अस्पताल या प्राइवेट क्लीनिक में जाकर यह प्रेक्टिस नहीं कर सकते। इस आदेश का सख्ती से पालन करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने केद्र सरकार के खिलाफ हल्ला बोलते हुए आज ईडी दफ्तर का घेराव किया. राजधानी रायपुर में आयोजित इस प्रदर्शन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, नेता-प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत, पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, पूर्व मंत्री सत्यनारायण शर्मा, एआईसीसी सचिव विकास उपाध्याय सहित सैकड़ों की संख्या में कांग्रेसी शामिल हुए.
दोपहर 12 बजे कांग्रेसी पचपेड़ीनाका मार्ग में पुजारी पार्क के पास इकट्ठा हुए. इसी मार्ग पर ही ईडी का कार्यालय है. कार्यालय से करीब 2 सौ मीटर दूर ही कांग्रेसियों को प्रशासन ने धरना की अनुमति दी थी. 12 से लेकर 2.30 बजे तक कांग्रेसियों ने धरना दिया और नुक्कड़ सभा को वरिष्ठ नेताओं ने संबोधित किया है.
धरना और संबोधन के बाद कांग्रेसी नारेबाजी करते हुए ईडी दफ्तर का घेराव करने निकले. इस घेराव में युवाओं का जोश भी दिख रहा था और वरिष्ठ नेताओं का अनुभव भी. क्योंकि युवा नेताओं के साथ दीपक बैज, भूपेश बघेल और डॉ. चरणदास महंत भी शामिल थे. न सिर्फ घेराव के निकले, बल्कि बैरिकेटिंग तोड़ने पुलिस से भी जा भिड़े.
करीब 1 घंटे तक पुलिस और कांग्रेसियों के बीच बहस, धक्का-मुक्की, झूमाझटकी और हंगामा चलता रहा. बड़े नेताओं की मौजूदगी से जोश में दिख रहे युवा कार्यकर्ताओं ने अपने नेताओं को कंधे पर उठा लिया. भूपेश बघेल, दीपक बैज और विकास उपाध्याय कार्यकर्ताओं के कंधे पर सवार होकर केंद्र सरकार को ललकारते दिखें. झूमाझटकी और हंगामे के बीच पुलिसवालों का घेरा तोड़कर कई कांग्रेसी दूसरी बेरिकेटिंग तक जा पहुंचे थे. काफी देर बाद कांग्रेसियों का प्रदर्शन प्रशासन को ज्ञापन सौंपने के साथ समाप्त हुआ.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा ईडी ने देश भर में 5 हजार 422 केस दर्ज किया है. इसमें 300 केस छोड़ दे तो बाकी सभी केस विपक्ष के नेताओं पर दर्ज हैं. विपक्षियों को डरा धमकाकर भाजपा में शामिल कराने का केंद्र सरकार करती है. भाजपा की केंद्र सरकार केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है. ईडी, सीबीआई, आईटी से कांग्रेसी डरने वाले नहीं हैं. हिंडनबर्ग की रिपोर्ट से सबसे बड़ा खुलासा हुआ. कांग्रेस संविधान को बचाने, जनता को जगाने और लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई लड़ती रहेगी.
नेता-प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने कहा कि हमारे नेता राहुल गांधी ने जेपीसी की मांग की है. जेपीसी से जांच कराने से दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा. मेरा तो यह सीधा आरोप है कि मोदी सरकार पूंजीपतियों के साथ मिलकर देश को बेचना चाहती है. मोदी सरकार की नीति पूरी तरह पूंजीपतियों की नीति है. कांग्रेस ऐसी नीतियों के खिलाफ लड़ती रहेगी.
इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि दो महीने के भीतर ही मोदी सरकार चार यूटर्न मार चुकी है. क्योंकि सिर्फ मोदी की नहीं देश में एनडीए की सरकार है. मोदी सरकार विपक्ष को दबाकर अब काम नहीं कर पाएगी. संविधान अनुसार शासन व्यवस्था चलेगी और विपक्ष संविधान की रक्षा के लिए हर मोर्चें पर लड़ाई के लिए तैयार है. पूंजीपतियों की नीति पर चलने वाली मोदी सरकार को लेकर बड़ा खुलासा हिंडनबर्ग की रिपोर्ट से हो चुका है. सवालों के घेरे में अब सेबी जैसी संस्था है. सेबी चीफ को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए थे. विपक्ष की मांग जेपीसी जांच की है. लेकिन केंद्र सरकार इसके लिए तैयार नहीं है.
रायपुर। राजधानी रायपुर के गुढ़ियारी स्थित दही हांडी मैदान में 27 अगस्त को मटकी फोड़ प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। इस बार विजेता टीम को साढ़े 7 लाख रुपए का इनाम दिया जाएगा।
इस आयोजन में फेमस शिव भजन गायक हंसराज रधुवंशी और छत्तीसगढ़ की लोक गायिका गरिमा और स्वर्णा दिवाकर परफॉर्मेंस देंगी। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय समेत कई नेता शामिल हो सकते हैं। सार्वजनिक दही हांडी उत्सव समिति कि ओर से यह कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।
दूसरे राज्यों से भी शामिल होते है प्रतिभागी
हर साल आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के अलावा पड़ोसी राज्य झारखंड, महाराष्ट्र, ओडिशा और मध्यप्रदेश से भी गोविंदाओं की टोली हिस्सा लेने पहुंचती है। इस आयोजन में बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जुटती है।
पिछले साल था साढ़े 5 लाख रुपए का इनाम
पिछले साल आयोजित इस दही हांडी कार्यक्रम में विजेता को साढ़े 5 लाख रुपए का इनाम दिया गया था। इस आयोजन में आयोजन में 25 से ज्यादा टीमों ने हिस्सा लिया था। इस साल आयोजन समिति ने 2 लाख रुपए इनाम की राशि बढ़ाई है। विजेता टीम को साढ़े 7 लाख रुपए देने का ऐलान किया है।
महिलाओं की टोलियां भी लेगी भाग
मटकी फोड़ के आयोजन में महिलाओं का ग्रुप भी हिस्सा लेगा। आयोजन में दही हांडी के साथ ग्रीस खंबा प्रतियोगिता का आयोजन भी किया जाएगा। दोनों प्रतियोगिता जीतने वाली टीम को 7 लाख 51 हजार रुपए की इनाम दिया जाएगा।
सभी प्रतिभागियों को मिलेगा 11 हजार का पुरस्कार
सार्वजनिक दही हांडी उत्सव समिति के सदस्यों ने बताया कि इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाली टीम को सांत्वना पुरस्कार दिया जाएगा। सभी टीमों को 11-11 हजार रुपए की राशि दी जाएगी। आयोजन समिति ने बताया कि सुरक्षा के लिए कई इंतजाम किए गए हैं। फर्स्ट एड की भी व्यवस्था की गई है। लेकिन समिति ने ये साफ किया है कि किसी भी दुर्घटना की जिम्मेदारी टीमों की स्वयं की होगी।
रायपुर। कोरबा जिला के ग्राम कोरकोमा की वंदना राठिया की इच्छा थी कि वे अपने बेटे के गले में सोने का छोटा सा ही सही एक लॉकेट जरूर पहनाएं, लेकिन आर्थिक स्थिति खराब होने की वजह से वह अपनी इच्छा पूरी ही नहीं कर पा रही थी। वंदना ने कुछ रूपए बचत कर जोड़े जरूर थे, लेकिन वह इतनी राशि नहीं थी कि उससे उसका लॉकेट आ जाए। इसी बीच छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा जब महतारी वंदन योजना लागू की गई तो वंदना की मानों किस्मत खुल गई। अपना नाम जोड़वाने के बाद वंदना के बैंक खाते में भी एक हजार की राशि प्राप्त होने लगी। उन्होंने कुछ महीनों की राशि को जमा कर इतने रूपये जोड़ लिए कि बच्चे के गले का लॉकेट आ जाए। आखिरकार वंदना ने गांव के बाजार में जाकर सुनार से लॉकेट बनवाकर अपने बच्चे के गले में पहनाई।
श्रीमती राठिया ने बताया कि महतारी वंदन योजना के लागू होने से हम महिलाओं को हर महीने एक हजार रूपये मिल जाता है। यह हमारे बहुत काम की राशि होती है। उन्होंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं के लिए एक हजार की रकम बड़ी राशि होती है। उन्होंने बताया कि पति की कमाई से घर का खर्च चल पाता है। कोरकोमा के साप्ताहिक बाजार में अपने बच्चे के लिए लॉकेट खरीदने आई वंदना राठिया ने योजना को लेकर खुशी जताई और इस राशि का आने वाले समय में सदुपयोग करने की बात कही।
गौरतलब है कि महिलाओं के स्वाभिमान और सम्मान के प्रतीक के रूप में महतारी वंदन योजना छत्तीसगढ़ सरकार ने शुरू की है। इससे महिलाओं में एक नया आत्मविश्वास जगा है और उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा भी बढ़ी है।
महतारी वंदन योजना के तहत राज्य में विवाहित महिलाओं को 1,000 रुपए प्रतिमाह (कुल 12,000 रुपए सालाना) वित्तीय सहायता दी जा रही है, जो प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से सीधे उनके बैंक खातों में जमा की जा रही है। महिलाएं खुश है कि वो महतारी वंदन योजना से मिली राशि से अपने बच्चों और परिवार की छोटी-छोटी जरूरतें पूरी कर पा रहीं हैं।
बालोद। जिले में एक बार फिर स्कूल के छत का पलास्टर गिरने का मामला सामने आया है. इस बार मामला आदिवासी विकासखण्ड डौंडी के ग्राम भर्रीटोला 36 हायर सेकेंडरी स्कूल का है. यहां का स्कूल भवन काफी जर्जर हो गया है. इस स्कूल में 9वीं से 12वीं तक 350 से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ाई करते हैं. यहां कक्षा 12वीं के क्लास रूम के छत का पलास्टर भरभरा कर गिर गया. गनीमत रहा कि उस वक्त क्लास में कोई नहीं था वरना जनहानि भी हो सकती थी.
बताया जा रहा कि बुधवार को भारत बंद के आह्वान पर स्कूल को भी संगठन के लोग बंद करवाने स्कूल गए थे और स्कूल की छुट्टी करवाई थी. स्कूल की छुट्टी होने के ठीक 5 मिनट बाद ही स्कूल भवन का प्लास्ट गिर गया, जिससे बच्चे बाल बाल बच गए. पूरे मामले में सरपंच अनिता पौषार्य ने बताया कि उनके द्वारा कई बार डीईओ, कलेक्टर, पूर्व मुख्यमंत्री, विधायक एवं समय समय पर विभिन्न अधिकारी और जन प्रतिनिधियों को जर्जर भवन के बारे में चिट्ठी देकर बार-बार अवगत करा चुके हैं, लेकिन सिस्टम ही इतना घटिया है कि आज भी स्कूल जर्जर है. नतीजा स्कूल के छत का पलास्टर गिर गया. अब इस घटना के बाद प्रशासन की नींद खुले तो खुले.
डीईओ ने छोटे कर्मचारी पर फोड़ा घटना की ठीकरा
कल ही कोरगुडा प्राथमिक स्कूल की छत का पलास्टर बच्चों पर गिरा था, जिससे 4 बच्चे गम्भीर रूप से घायल हो गए थे. बच्चों को आनन फानन में जिला अस्पताल लाकर इलाज करवाया गया था. मामले में डीईओ ने दोषी करार देते हुए छोटे कर्मचारियों यानी स्कूल के प्रधानपाठक और संकुल समन्वयक पर पूरे घटना का ठीकरा फोड़ सस्पेंड कर अपने जिम्म्मेदारी से इतिश्री कर ली थी. वहीं इस पूरे मामले में जिला शिक्षा अधिकारी प्रवास मार्कले से उनका वर्जन लेने फोन पर लगातार संपर्क किया गया, लेकिन उन्होंने कोई जवाब ही नहीं दिया.
रायपुर। उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने कोण्डागांव जिले में संचालित विभिन्न कार्यक्रमों और योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता से सुनिश्चित किया जाए। सभी अधिकारी जिले के समग्र विकास के लिए समन्वय बनाकर कार्य करें। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बैठक में जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, विद्युत व्यवस्था, कृषि, खनिज, वन और शहरी विकास सहित अन्य महत्वपूर्ण योजनाओं की समीक्षा की।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन ने राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़े कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि केशकाल घाट सड़क के मरम्मत कार्य जल्द कराएं ताकि आम लोगों की यात्रा सुरक्षित और सुगम हो। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन के तहत आम नागरिकों को जल प्रदाय योजना से नियमित रूप से शुद्ध पेयजल उपलब्धता सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने प्रगतिरत योजनाओं को शीघ्रता से कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
उद्योग मंत्री ने कहा कि किसानों और अन्य नागरिकों को बिना किसी बाधा के नियमित रूप से बिजली मिलती रहे। प्रधानमंत्री आवास योजनांतर्गत आवास निर्माण कार्य की प्रगति समीक्षा में निर्माणाधीन आवासों को भी जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। बैठक के दौरान सांसद बस्तर महेश कश्यप ने निर्माण कार्यों को गुणवत्तापूर्ण ढंग से तकनीकी मापदंडों के अनुरूप सुनिश्चित करने पर जोर दिया। वहीं विधायक कोंडागांव लता उसेण्डी ने जल जीवन मिशन के कार्यों को जल्द पूर्ण किये जाने कहा। इस दौरान विधायक केशकाल नीलकंठ टेकाम ने नगरीय निकायों के अंतर्गत स्थापित सोलर लाइटों की मरम्मत पर जोर दिया।
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने बैठक में जिले के विकास कार्यों एवं जनहितकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की विस्तृत जानकारी देते बताया कि जिले के कोंडागांव ब्लॉक के 77 गांवों में जल जीवन मिशन के तहत सफलतापूर्वक शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। मिशन के तहत जिले में 1,26,713 नल कनेक्शन का लक्ष्य रखा गया है,जिसमें से अब तक 98,427 कनेक्शन पूरे किए जा चुके हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत जिले में 15,994 आवास स्वीकृत किए गए हैं, जिनमें से 11,523 आवासों का निर्माण पूर्ण हो चुका है।
बैठक के दौरान खनिज न्यास निधि के कार्यों सहित एक पेड़ मां के नाम, महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं तथा नगर पालिका परिषद एवं नगर पंचायत के परिसीमन और शहरी आवास के निर्माण की प्रगति की भी समीक्षा की गई।
राजनीति में पद नहीं संबंध महत्वपूर्ण होते हैं : बृजमोहन अग्रवाल
रायपुर। रायपुर सांसद ने गुरुवार को युवाओं को राजनीति में सफल होने का मूलमंत्र बताते हुए कहा कि, राजनीति में पद तो बहुत लोगों को मिल जाता है लेकिन सफल और लोकप्रिय नेता केवल वही नेता होते हैं जिनके सबसे जीवंत संपर्क होते हैं, चाहे आप सत्ता में हो या न हो। कार्यकर्ता एवं अपने क्षेत्र की जनता के हर सुख-दुःख में साथ देने वाला व्यक्ति ही सफल नेता बन सकता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल के 10 वर्ष पूर्ण होने पर एनआईटी रायपुर में नया भारत उत्सव में मुख्य अतिथि बृजमोहन अग्रवाल ने युवाओं से सीधा संवाद करते हुए यह बात कही। इस अवसर पर ‘विकसित भारत की अमृत यात्रा’ पर आधारित प्रदर्शनी का उद्घाटन भी किया।
बृजमोहन अग्रवाल ने अपने संबोधन में कहा कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 10 वर्षों के कार्यकाल में भारत ने कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति की है, जिससे एक नए और सशक्त भारत का निर्माण हो रहा है। इन वर्षों में भारत की अर्थव्यवस्था, बुनियादी ढांचा, डिजिटलाइजेशन, स्वास्थ्य सेवाएं, और रक्षा क्षेत्र में महत्वपूर्ण सुधार हुए हैं। ‘मेक इन इंडिया’, ‘स्वच्छ भारत अभियान’, ‘आयुष्मान भारत’, और ‘जन धन योजना’ जैसी योजनाओं ने देश के हर वर्ग को सशक्त बनाने का कार्य किया है।
देश की सुरक्षा, विकास, और समावेशी विकास के प्रति प्रधानमंत्री मोदी की प्रतिबद्धता ने भारत को वैश्विक मंच पर एक महत्वपूर्ण स्थान दिलाया है। 10 वर्षों में, भारत ने आत्मनिर्भरता की दिशा में भी कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं, जो देश को एक नए और उज्जवल भविष्य की ओर ले जा रहे हैं।
इस अवसर पर कार्यक्रम में उपस्थित युवाओं ने बृजमोहन अग्रवाल से उनके राजनीति और पारिवारिक जीवन पर भी सवाल किए। युवाओं के सवालों का जवाब देते हुए बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि चाहे राजनीति हो या कोई दूसरे क्षेत्र, आपको सफल होने के लिए कठिन परिश्रम और निरंतर प्रयास करते रहने की जरूरत है। कोई भी सफलता रातों-रात नहीं मिलती; इसके पीछे लंबे समय तक की गई मेहनत, असफलताओं से सीखा गया अनुभव, और अपने लक्ष्य के प्रति अटूट विश्वास होता है।
सफलता की राह में चुनौतियाँ और बाधाएँ आना स्वाभाविक हैं, लेकिन इन्हें पार करने का साहस और दृढ़ निश्चय ही व्यक्ति को अपने लक्ष्य तक पहुँचने में मदद करता है। बृजमोहन अग्रवाल ने यह भी बताया कि, पहले उन्हें फिल्म देखना काफी पसंद है, लेकिन समय की कमी के कारण अब फिल्म नहीं देख पाते, उन्होंने आखिरी फिल्म ‘द कश्मीर फाइल्स’ और ‘द केरला स्टोरी’ देखी थी। स्मिता पाटिल उनकी उनकी पसंदीदा अभिनेत्री थी।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने मोदी सरकार की योजनाओं पर आधारित विभिन्न प्रतियोगिता के विजेताओं का सम्मानित किया।
इस अवसर पर विभिन्न रंगारंग कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया। कार्यक्रम संयोजक दानसिंह देवांगन ने नया भारत उत्सव की जानकारी दी। कार्यक्रम प्रभारी संजय जोशी ने युवा संवाद के संबंध में अपने विचार रखे ।
कार्यक्रम में एनआईटी निदेशक डॉ. रमन्ना राव, आईआईटी डॉ.राजीव प्रकाश, पंडित रविशंकर शुक्ला विश्व विद्यालय, कुलपति डॉ. सच्चिदानंद शुक्ला, छत्तीसगढ़ इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष एस के शुक्ला और पेट्रोलियम मंत्रालय के निदेशक दीपक महस्के, विभिन्न सरकारी और निजी उपक्रमों के अधिकारी, बड़ी संख्या में युवा और गणमान्यजन उपस्थित रहे।