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“अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस“ की पूर्व संध्या पर अधिवक्ता संघ दुर्ग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्य न्यायाधीश
रायपुर। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर अधिवक्ता संघ, दुर्ग द्वारा न्यायालय परिसर में आयोजित विशेष कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा सम्मिलित हुए। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि महिलाओं की आज हर क्षेत्र में भागीदारी है, चाहे वह न्यायपालिका हो, सामान्य प्रशासन विभाग हो, राजनीति में हो, चाहे वो अंतरिक्ष में हो, हर क्षेत्र में महिलाओं ने अपनी प्रतिभा का परचम लहराया है। महिलाओं को उनकी त्याग भावना के कारण पुरूषों से अधिक महत्व दिया गया है। महिलाएं जो अपने परिवार को देखती हैं साथ ही कार्यक्षेत्र में पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर कार्य भी करती है। यह बहुत ही सराहनीय है। महिला अधिवक्ताओं की भूमिका को अत्यंत ही चुनौतीपूर्ण बताते हुए उनके न्याय व्यवस्था के प्रति समर्पण की प्रशंसा किये।
मुख्य न्यायाधीश ने उपस्थितजनों, विशेष रूप से महिला अधिवक्ताओं को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि दुर्ग जिले के सामान्य प्रशासन, न्याय व्यवस्था व अधिवक्ताओं की बागडोर महिला अधिकारियों के हाथों में है। जिले की न्याय व्यवस्था की बागडोर नीता यादव, जिला एवं सत्र न्यायाधीश दुर्ग, प्रशासनिक व्यवस्था की जिम्मेदारी ऋचा प्रकाश चौधरी, जिला कलेक्टर दुर्ग व अधिवक्ता संघ की बागडोर नीता जैन, अध्यक्ष अधिवक्ता संघ के हाथों में है।
न्यायामूर्ति श्री सिन्हा ने कहा कि महिला दिवस “लैंगिक समानता“ के महत्व को दर्शाता है। उन्होंने दुर्ग जिले की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि बताते हुए महत्वपूर्ण पदों पर महिलाओं की भागीदारी के विषय पर सारगर्भित उद्बोधन दिया। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित समस्त महिला न्यायाधीशों, अधिवक्ताओं व अन्य न्यायिक कर्मचारियों को रविन्द्र नाथ टैगोर की पंक्तियों के माध्यम से संदेश दिया कि “महिला शक्ति इस ब्रम्हाण्ड की सबसे पुरानी शक्ति है। ब्रम्हाण्ड की रचना इसी नारी शक्ति से हुई है तथा पूरी पृथ्वी इस शक्ति से घिरी हुई है। महिला शक्ति द्वारा हर बाधा को दूर करते हुए एक ऐसे समाज की स्थापना की जाए जहां समानता हो तथा जहां महिलाएं अपने आप को सशक्त व सुरक्षित महसूस कर सकें।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर के रजिस्ट्रार जनरल सुधीर कुमार, संयुक्त रजिस्ट्रार सह प्रधान निजी सचिव एम.व्ही.एल.एन. सुब्रमण्यम, सहायक रजिस्ट्रार रवीन्द्र सिंह नेगी, तथा जिला एवं सत्र न्यायाधीश दुर्ग नीता यादव, दुर्ग कलेक्टर ऋचा प्रकाश चौधरी, पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र शुक्ला, जिला न्यायालय, कुटुम्ब न्यायालय, श्रम न्यायालय दुर्ग के समस्त न्यायिक अधिकारीगण, अधिवक्ता संघ दुर्ग की ओर से अध्यक्ष नीता जैन, पदाधिकारीगण तथा अधिवक्तागण उपस्थित थे।
कार्यक्रम के प्रारंभ में अध्यक्ष जिला अधिवक्ता संघ दुर्ग नीता जैन ने स्वागत भाषण दिया। कार्यक्रम का समापन आभार उपाध्यक्ष, जिला अधिवक्ता संघ प्रशांत जोशी द्वारा दिया गया।
वित्त मंत्री ओ.पी चौधरी जुर्डा में आयोजित जिला स्तरीय पशु मेला में हुए शामिल
रायपुर। वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी कल पशुधन विकास विभाग द्वारा विकासखंड रायगढ़ के ग्राम जुड़ा में नेशनल लाइवस्टॉक मिशन अन्तर्गत आयोजित जिला स्तरीय पशु मेला, उत्सव, प्रदर्शनी एवं प्रतियोगिता में शामिल हुए।
कार्यक्रम में वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी ने किसानो एवं पशु पालकों को संबोधित करते हुए कहा कि कहा ग्रामीण जीवन की अर्थव्यवस्था को सुधारने, किसानों की आय में वृद्धि करने एवं उनके जीवन में बदलाव लाने के लिए हमें कृषि के साथ किए जाने वाले एकीकृत कृषि जैसे विधिक कार्य को बेहतर तरीके से करना होगा, जिससे ज्यादा कमाई हो सके। उन्होंने कहा कि धान के फसल से अधिक कमाई उद्यानिकी फसलों में है, किसानों को धान का पैसा मिल ही रहा है, तो हमें यह सोचना होगा कि धान से अधिक कमाई किस फसल या कार्य में है। उन्होंने बताया कि वे स्वयं केले की खेती कर अच्छी कमाई कर रहे है। उन्होंने किसानों को अन्य उद्यानिकी फसलों की ओर ध्यान देने की बात कही, जिससे कृषकों के जीवन में बदलाव आए और आगे बढ़े।
वित्त मंत्री श्री चौधरी ने मत्स्य पालकों के जीवन में आए बदलाव को किसानों के साथ साझा करते हुए किसानों को मत्स्य पालन के लिए प्रोत्साहित किया। इसी प्रकार पशुपालन के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि पशुपालन से भी आज बहुत सारे लोगों की जिंदगी बदल चुकी हैं। अच्छी ब्रीड के गाय के पालन करने और तकनीक का उपयोग करने से ही हमें सफलता मिलेगी। इसलिए पशुपालन विभाग की जिम्मेदारी बढ़ जाती है कि देश दुनिया में जितने भी तकनीक है। वह तकनीक हमारे किसान भाइयों तक पहुंचाए। विभाग के साथ हमारी भी उतनी ही जिम्मेदारी है कि हम नई तकनीकी एवं ब्रीड, कार्यों की जानकारी लेने विभाग तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम माह में दो से तीन बार जिले की विभिन्न क्षेत्रों में होने चाहिए ताकि किसानों का उसका लाभ मिले। कृषि के क्षेत्र में टेक्नोलॉजी काफी बढ़ चुकी है, जिससे अच्छी आय प्राप्त कर हमें अपने जीवन में बदलाव लाना चाहिए। वित्त मंत्री श्री चौधरी ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि केलो डैम का पानी किसानों के खेतो तक पहुंचाने के लिए कार्य किया जा रहा है, साथ ही सपनाई डैम का पानी भी जल्द किसानों के खेत तक पहुंचेगा। रायगढ़ में हॉर्टिकल्चर कॉलेज, इंडोर स्टेडियम जैसे कार्य बजट प्रावधान में रखे गए हैं। हमें सब मिलकर समर्पित भाव से कार्य करना होगा तभी विकास होगा। इस दौरान वित्त मंत्री श्री चौधरी ने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र विकास योजनान्तर्गत ग्राम पंचायत जुर्डा में 10 लाख रुपये की लागत से बनने वाले 2 शेड निर्माण का शिलान्यास किया।
इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष निराकार पटेल, राधेश्याम राठिया, जिला पंचायत सदस्य संगीता गुप्ता, सूर्यकांत त्रिपाठी, उमेश अग्रवाल, सरपंच सूरत पटेल, सरपंच जयप्रकाश गुप्ता, सरपंच पदमा सिदार, सुकलाल चौहान, जयंत किशोर, टीकाराम पटेल, जानवी प्रधान, कल्याणी गुप्ता, सतीश बेहरा, ब्रजेश गुप्ता, कलेक्टर कार्तिकेया गोयल, उप संचालक पशुपालन डॉ.जे.एल.कुशवाहा, डॉ.धनीराम प्रधान, डॉ.सनत नायक, डॉ.वाई.पी.चन्द्रा, डॉ.अनिल सिंह, डॉ.डी.एन.चौधरी, डॉ.वि.अग्रवाल, डॉ.अनुपमा तरून, अवधेश पटेल, छविलाल यादव, डॉ.सी.एस.पटेल सहित गणमान्य नागरिक एवं अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
वित्त मंत्री श्री चौधरी ने प्रदर्शनी का किया अवलोकन
विभाग द्वारा विभिन्न पशु-पक्षी तथा गाय के प्रतियोगिता एवं प्रदर्शनी का वित्त मंत्री श्री चौधरी ने अवलोकन किया, जहां विभाग द्वारा संकर बछिया, दुधारू गाय, स्वास्थ्य बछड़ा, बैल जोड़ी भैसा, भैंस, मुर्गा, बतख, जापानी बटेर, बकरा-बकरी, भेड़, सुकर प्रदर्शनी एवं प्रतियोगिता आयोजित किया गया था।
प्रदर्शनी के माध्यम से एकीकृत कृषि की दी जानकारी
आयोजित कार्यक्रम में पौष्टिक हरा चारा में हाइब्रीड नेपियर, अजोला तथा बरसीम का प्रर्दशन किया गया। इसी प्रकार एकीकृत कृषि प्रणाली के संबंध में बताया गया कि किस प्रकार पशुपालन, उद्यानिकी, मत्स्य पालन एवं कृषि कार्य को एकीकृत कृषि के रूप में एक साथ किया जा सकता है। जिसमें कम लागत में संसाधनों का अधिकतम उपयोग कर परंपरागत खेती से अधिक लाभ प्राप्त कर सकते है। इसके साथ ही इसमें एक फार्मिंग सिस्टम का बायो बेस्ट एवं बाय प्रोडक्ट दूसरे फार्मिंग सिस्टम के लिए कैसे संसाधन का कार्य करता है। इस दौरान पशु चारा संरक्षण विधि में जानकारी दी गई, जिसमे हे चारा, पैरा यूरिया उपचार सायलेज उपचार की विधियों की जानकारी दी गई कि किस प्रकार सूखे चारे का उपचार कर पशुओं के लिए स्वादिष्ट, पौष्टिक चारा उपलब्ध करवाया जा सकता हैं।
ये रहे विजेता
आयोजित प्रतियोगिता के दौरान संकर बछिया में रामकुमार पटेल, केशव पटेल एवं समीर कंवर को पुरस्कृत किया गया। इसी तरह दुधारू गाय में टीकाराम पटेल, राजू पटेल, विजय नारायण, महेश राम पटेल, सावित्री पटेल, स्वस्थ बछड़ा में विजय नायक, सुखीराम साहू, कन्हैया चौहान, मुर्गी, बतख एवं टर्की में भुवन निषाद, श्रीमती तनवीर, हितेश पटेल, बकरा-बकरी में गोविन्द निषाद, रामप्रसाद पटेल, तनवीर जहां, त्रिपुरारी नायक, कृष्णा पटेल तथा भैस-भैंसा में गुलाब पटेल, गोवर्धन पटेल, हरीश चौहान को पुरस्कृत किया गया।

छ.ग. भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल के संचालक मण्डल की बैठक में 524.06 करोड़ रूपए वार्षिक बजट की स्वीकृति
रायपुर। श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन ने कल नवा रायपुर स्थित श्रम कल्याण बोर्ड के भवन में छत्तीसगढ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल के संचालक मण्डल की बैठक में निर्माण श्रमिकों के हित एवं सरक्षण हेतु संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए 524.06 करोड़ रूपए का वार्षिक बजट को स्वीकृति प्रदान की।
श्रम मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशा अनुरूप प्रदेश के निर्माण श्रमिक जो अन्य प्रांत में अपने बेहतर रोजगार के उदेश्य से प्रवास करते हैं, ऐसे प्रवासी निर्माण श्रमिकों का पंजीयन किया जाकर उनको मण्डल द्वारा संचालित योजनाओं से लाभांवित करने का निर्णय लिया गया है, ताकि अन्य राज्य में प्रदेश के निर्माण श्रमिकों को मण्डल द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओे से लाभांवित किया जा सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश के शत-प्रतिशत निर्माण श्रमिकों को शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिलना सुनिश्चित हो, जिससे श्रमिकों के जीवन स्तर में बेहतर सुधार हो सके।
बैठक में निर्माण श्रमिकों के पंजीयन की प्रक्रिया को सरलीकरण करते हुए श्रमिकों को पंजीयन हेतु 90 दिवस निर्माण कार्य किये जाने संबंधी पूर्व में नियोजक या ट्रेड यूनियन के माध्यम से दिये जाने वाले नियोजन प्रमाण पत्र के प्रावधान के स्थान पर अब श्रमिक द्वारा स्वंय कार्य में नियोजित होने के संबंध में स्व-घोषणा प्रमाण पत्र के आधार पर नियोजन प्रमाण पत्र प्रस्तुत कर पंजीयन, नवीनीकरण के आवेदन लिये जाने का निर्णय लिया गया। बैठक में सचिव सह श्रमायुक्त अलरमेलमंगई डी., विशेष सचिव वित्त विभाग शीतल शाश्वत वर्मा एवं सचिव बीओसी सविता मिश्रा उपस्थित थे।
महतारी वंदन योजना की तारीख का हुआ ऐलान, अब इस दिन महिलाओं के खाते में आएगी राशि
रायपुर। साय सरकार ने महतारी वंदन योजना की राशि वितरित करने की नई तारीख का ऐलान कर दिया है. अब 10 मार्च को महिलाओं के खाते में महतारी वंदन योजना की राशि वितरित की जाएगी. इसकी जानकारी मुख्यमंत्री साय के कार्यालय के ऑफिशियल एक्स हेंडल से साझा की गई हैं.
बता दें कि इससे पहले शासन ने 7 मार्च को राशि देने का ऐलान किया था, लेकिन अब इसमें बदलाव किया गया है.
महतारी वंदन योजना के तहत महिलाओं को राशि वितरण कर उन्हें सशक्त बनाने के लिए सरकार ने इस योजना का सृजन किया है. इस योजना के तहत प्रदेश की 70 लाख से अधिक विवाहित महिलाओं के खाते में प्रति माह एक हजार रूपये की राशि भेजी जाएगी.
गौरतलब है कि इस योजना का लाभ लेने के लिए प्रदेश भर से 70 लाख 26 हजार 352 महिलाओं ने आवेदन किया था. जिसमें दावा आपत्ति के बाद 70 लाख 14 हजार 501 आवेदनों को स्वीकृत कर लिया गया है.
मुख्यमंत्री ने पूर्व सांसद एवं केन्द्रीय मंत्री स्वर्गीय दिलीप सिंह जूदेव की जयंती पर उन्हें किया नमन
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज यहाँ मुख्यमंत्री निवास में पूर्व सांसद एवं केन्द्रीय मंत्री स्वर्गीय दिलीप सिंह जूदेव की जयंती पर उनके छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया।इस अवसर पर राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा, प्रियंबदा सिंह जूदेव और ओम प्रकाश सिन्हा भी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि स्वर्गीय श्री जूदेव मेरे राजनैतिक पथ-प्रदर्शक थे। आज मेरा राजनीतिक जीवन स्वर्गीय दिलीप सिंह जूदेव को समर्पित है, उन्हीं की इच्छा थी कि मैं छत्तीसगढ़ का मुख्यमंत्री बनूं।उन्होंने कहा कि यह मेरा सौभाग्य है कि उनका आशीर्वाद आज फलित हुआ। स्वर्गीय श्री जूदेव ने हमेशा आदिवासी हक की लड़ाई लड़ी, उन्होंने हमेशा सनातन संस्कारों को बचाए रखने के लिए संघर्ष किया। छत्तीसगढ़ में हमारी सरकार उन्हीं के पदचिन्हों पर चलते हुए आदिवासी कल्याण और राज्य में सुशासन स्थापित करने के लिए संकल्पित होकर काम कर रही है।
मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की दी शुभकामनाएं
रायपुर। महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने 08 मार्च अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर सभी महिलाओं को बधाई और शुभकामनाएं दी है। श्रीमती राजवाड़े ने कहा है कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस महिलाओं को आगे बढ़ने की प्रेरणा और हौसला देता है। मातृ शक्ति ने हर क्षेत्र में खुद को साबित किया है और अपनी क्षमता और प्रतिभा के बल पर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपना परचम लहराया है।
महिला एवं बाल विकास मंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ की महिलाएं काबिल और मेहनती हैं। राज्य सरकार ने महिलाओं को सामाजिक और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए कई प्रावधान किये हैं। महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश में महतारी वंदन योजना शुरू की गई है। श्रीमती राजवाड़े ने आह्वान किया है कि बेटों के समान बेटियों को भी पढ़ने और आगे बढ़ने के सभी अवसर उपलब्ध कराएं। महिलाओं को विकास के समान अवसर मिलने से ही हम एक मजबूत और विकसित समाज की कल्पना को साकार कर पाएंगे।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने महाशिवरात्रि पर प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएं
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। इस अवसर पर उन्होंने भगवान शिव से प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की है। महाशिवरात्रि की पूर्व संध्या पर जारी अपने शुभकामना संदेश में मुख्यमंत्री ने कहा है कि पूरे देश के साथ-साथ छत्तीसगढ़ में भी महाशिवरात्रि का त्यौहार श्रद्धा और भक्तिभाव से मनाया जाता है। शिवभक्तों के लिए महाशिवरात्रि का दिन विशेष महत्व रखता है। पुराणों के अनुसार महाशिवरात्रि के दिन भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह हुआ था। माना जाता है यह दिन आध्यात्मिक शक्ति और ऊर्जा प्राप्ति के लिए महत्वपूर्ण है।
राजिम कुंभ कल्प पहुंचे जर्मनी के पर्यटक, सेल्फी लेने लोगों की उमड़ पड़ी भीड़, विदेशी मेहमान बोले- नमस्ते राजिम
राजिम। राजिम कुंभ कल्प में लगातार विदेशी सैलानी पहुंच रहे हैं. गुरूवार को जर्मनी से पहुंचे पर्यटक दल राजिम कुंभ की भव्यता और मेले का विस्तार को देखकर अत्यंत प्रसन्न हो गए. वे जैसे ही राजीव लोचन मंदिर पहुंचे मंदिरों में उत्कीर्ण कलाकृतियों ने खासा प्रभावित किया. त्रिवेणी संगम बीच स्थित कुलेश्वर नाथ महादेव मंदिर को देखकर अभिभूत हो गए. विदेशी पर्यटकों ने पूरे मेला क्षेत्र का पैदल चलकर भ्रमण किया.
मीडिया से बात करते हुए रेजिना मारिया, स्टीफन जोसेफ मारिया, हिल्डेगार्ल्ड रेल्डा, चृस्टा, उलरिका, सिल्केमारिया, लेंस, अलरिच ने कहा कि हम राजिम पहली बार आए हैं. यहां आकर काफी प्रफूल्लित हैं. यहां की संस्कृति और लोगों के आत्मीय स्वागत काफी प्रभावित किया है. भारत की अध्यात्मिक और धार्मिक तथा संस्कृति को देखने और समझने के लिये भारत आए हैं. बताया कि हम भारत की संस्कृति और यहां के रहन-सहन से रूबरू होना चाहते हैं. यहां की सांस्कृतिक विरासत खासतौर से प्रभावित कर रही है.
उन्होंने बताया कि असम, सिक्किम और कलकत्ता भी गए, लोगों से मिले अच्छा लगा. लेकिन जिस आत्मियता से छत्तीसगढ़ के लोगो ने स्वागत किया वह हमारे लिए विशेष अनुभव है. पर्यटक दल ने राजिम में भगवान राजीव लोचन, श्री कुलेश्वरनाथ महादेव और संत समागम में पहुंचकर संतो से आशीर्वाद लिया. इसके अलावा नागा साधुओ से भी मुलाकात की. इस दौरान फोटो खिचवाने और सेल्फी लेने मेला घूमने आए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी. इन पर्यटको ने भी आनंद लेते हुए उपस्थित जन समूह के साथ फोटो खिचवाई.

अनुकम्पा नियुक्ति हेतु जारी पुनरीक्षित निर्देश 2013 में संशोधन के निर्णय अनुसार सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा निर्देश जारी
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में बुधवार को आयोजित कैबिनेट की बैठक में अनुकम्पा नियुक्ति के संबंध में राज्य शासन द्वारा जारी एकजाई पुनरीक्षित निर्देश 2013 में संशोधन करने के लिए गए निर्णय पर त्वरित अमल करते हुए सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा कैबिनेट के निर्णय अनुसार संशोधन के संबंध में समस्त विभागों, छत्तीसगढ़ राजस्व मण्डल, समस्त विभागाध्यक्षों, सभी कमिश्नर्स और सभी कलेक्टर्स को निर्देश जारी कर दिया गया है।
गौरतलब है कि सेवाकाल के दौरान दिवंगत शासकीय सेवक के आश्रित परिवार के सदस्य को अनुकम्पा नियुक्ति देने के संबंध में राज्य शासन द्वारा संदर्भित परिपत्र द्वारा एकजाई पुनरीक्षित निर्देश, 2013 जारी किए गए हैं एवं उसमें समय-समय पर आंशिक संशोधन किए गए हैं।
संशोधन के संबंध में सामान्य प्रशासन द्वारा निर्देश जारी किए गए हैं कि कलेक्टर कार्यालय में आवेदन-पत्र अग्रेषित होकर प्राप्त होने पर, जिला कलेक्टर द्वारा उसके जिले में, उसके अधीनस्थ कार्यालय में अनुकम्पा नियुक्ति हेतु रिक्त उपलब्ध पद पर अनुकम्पा नियुक्ति प्रदान करने की कार्रवाई की जायेगी।
जिले में किसी भी कार्यालय में अनुकम्पा नियुक्ति हेतु रिक्त पद उपलब्ध न होने पर जिला कलेक्टर तदाशय के प्रमाण पत्र के साथ आवेदक का अनुकम्पा नियुक्ति का आवेदन-पत्र, अपने संभागीय आयुक्त कार्यालय को प्रेषित करेंगे एवं आवेदक को उसकी सूचना दी जाएगी।
संभागीय आयुक्त अपने अधीनस्थ अन्य जिले, जहां पद रिक्त हो, अनुकम्पा नियुक्ति प्रदान करने की आगामी कार्यवाही हेतु संबंधित जिला कलेक्टर को प्रकरण अग्रेषित करेंगे तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर अनुकम्पा नियुक्ति के प्रकरणों का निराकरण कलेक्टर- संभागायुक्तों द्वारा किया जायेगा।
जिला कलेक्टर्स को निर्देशित किया गया है कि, अपने अधीनस्थ कार्यालयों में अनुकम्पा नियुक्ति हेतु चिन्हांकित पदों की रिक्तता की जानकारी संभागीय आयुक्त कार्यालय को समय-समय पर प्रेषित करेंगे तथा अनुकम्पा नियुक्ति प्रस्ताव प्राप्त होने पर, पदों की रिक्तता के अनुसार तृतीय अथवा चतुर्थ श्रेणी के पदों पर अनुकम्पा नियुक्ति देने की कार्यवाही की जायेगी। यह भी स्पष्ट किया गया है कि अनुकम्पा नियुक्ति शासन द्वारा दिवंगत शासकीय सेवक के आश्रित परिवार को तात्कालिक आर्थिक सहायता के रूप में दी जाती है, इसमें इच्छानुरूप पद पर नियुक्ति दिया जाये, यह आवश्यक नहीं है।
अतः दिवंगत नियमित शासकीय सेवकों के आश्रित सदस्यों के अनुकम्पा नियुक्ति प्रकरणों का नियत समयावधि में निराकरण किया जाना सुनिश्चित करें।
पीएम नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व में अपनी अंतिम सांसे गिन रहा है नक्सलवाद: बृजमोहन अग्रवाल
रायपुर। छत्तीसगढ़ में भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं की लगातार हो रही लक्षित हत्याओं पर मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने नाराजगी जताई है। श्री अग्रवाल ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा है कि, जब से नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री बने हैं और अमित शाह गृहमंत्री बने हैं तब से नक्सलवाद अपनी अंतिम सांसे गिन रहा है जिसके चलते नक्सली हताश हैं। नक्सलियों का असली मकसद लोगों में भय पैदा करके अपने हितों को पूरा करना है जिस कारण वह ऐसी कायराना हरकतों को अंजाम दे रहे हैं।
श्री अग्रवाल ने यह भी कहा कि नक्सली देश, समाज और राज्य के हित में कोई काम नहीं करते हैं। और न ही विकास के किसी काम को बर्दाश्त करते हैं इसीलिए वह सड़क, स्कूल निर्माण आदि को रोक देते हैं। इतना ही नहीं पेयजल के लिए की गई बोरिंग में बारूद डालकर उसे भी बर्बाद कर देते हैं। नक्सलियों की मानसिकता विकास विरोधी है। वो छत्तीसगढ़ के ट्राईबल बेल्ट बस्तर में विकास को रोकना चाहते हैं।
श्री अग्रवाल ने कहा कि, भाजपा विकास का काम कर रही है ऐसे में नक्सली भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं की हत्या करके भय पैदा करना चाहते हैं। लेकिन पार्टी कार्यकर्ता और नेता इससे डरेंगे नहीं और सरकार की विकास की योजनाओं को जनता तक पहुंचने में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। श्री अग्रवाल ने यह भी कहा कि नक्सलियों की इस कायराना हरकत को बख्शा नहीं जाएगा। सुरक्षा कर्मी इन हत्याओं का बदला जरूर लेंगे और नक्सलियों को चुन चुन कर ठिकाने लगाया जाएगा।
बता दें कि, बीजापुर में भाजपा के व्यापारी प्रकोष्ठ के मंडल उपाध्यक्ष 40 वर्षीय कैलाश नाग की बीते दिनों नक्सलियों ने हत्या कर दी थी।
पटवारी संघ ने डिप्टी सीएम और मंत्रियों को सौंपा ज्ञापन, कहा – राजस्व निरीक्षक विभागीय परीक्षा 2023-24 पर संदेह, उच्च स्तरीय जांच कराएं…
रायपुर। राजस्व पटवारी संघ छत्तीसगढ़ ने डिप्टी सीएम विजय शर्मा, राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा, वित्त मंत्री ओपी चौधरी से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा है. ज्ञापन में विभागीय राजस्व निरीक्षक परीक्षा 2023-24 की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है. संघ ने बताया कि 7 जनवरी 2024 को परीक्षा हुई थी, जिसमें प्रदेश के सभी जिले के साथियों ने आवेदन किया और परीक्षा भी दिलाई, परंतु परीक्षा उपरांत राजस्थ पटवारी संघ के साथियों ने उक्त परीक्षा के संबंध में घोर आपत्तियां प्रस्तुत की थी.
इस मामले को लेकर राजस्व पटवारी संघ की प्रांतीय बैठक 28 जनवरी को राजधानी रायपुर में आहूत की गई थी, जिसमें उच्चस्तरीय जांच कराने के संबंध में संज्ञान लेते हुए राज्य शासन को पत्राचार भी किया गया, परंतु राज्य शासन ने इस पर किसी प्रकार की कार्यवाही नहीं की. परिणामस्वरूप राजस्व निरीक्षक परीक्षा का परिणाम 29 फरवरी काे घोषित किया गया. राजस्व निरीक्षण प्रशिक्षण वर्ष 2024 के लिए चयन सूची में 216 को चयनित किया गया है, जिसकी सूची पत्र के साथ संलग्न है. सूची में जिलेवार संख्यात्मक जानकारी प्रस्तुत की गई, जो संदेहास्पद है. कई जिलों से भारी संख्या में तथा कुछ जिलों से केवल नाममात्र का चयन कही न कही निष्पक्ष परीक्षा आयोजन में संदेह को जन्म दे रहा है.
पटवारी संघ ने मंत्री को लिखे पत्र में कहा है कि आचार संहिता के दौरान सभी पटवारी चुनाव कार्य में संलग्न थे और आयुक्त कार्यालय विभागीय परीक्षा के विभिन्न चरणों की तैयारी कर रहा था. इसी दौरान ही पात्र अपात्र सूची, दावा आपत्ति मंगवाया गया. 2019 बैच के अनेक साथियों को परीक्षा से वंचित कर दिया गया. वर्तमान मंत्रीमंडल का गठन ही नहीं हुआ था और विभागीय परीक्षा को शासन के संज्ञान में लाए बिना संचालक ने परीक्षा आयोजित कराई, यह कही न कही निम्न परीक्षा को संदेहास्पद बना रहा है.
पटवारी संघ ने आगे लिखा है कि आपकी सरकार पर लोगों ने बहुत ही भरोसा जताया है. जिस परिणाम के साथ आज आप सत्ता में हैं राजस्व पटवारी संघ का भी आपकी सरकार पर पूर्ण विश्वास है कि जिस प्रकार आपने सीजीपीएससी परीक्षा पर संज्ञान लेते हुए कार्यवाही प्रारंभ की है. इसी प्रकार विभागीय राजस्व निरीक्षक परीक्षा पर संज्ञान लेते हुए दोषी अधिकारी कर्मचारी के विरूद्ध कठोर दण्डात्मक कार्यवाही कर योग्य परिक्षार्थियों के साथ न्याय करेंगे. विभागीय राजस्व निरीक्षक परीक्षा 2023-24 पर आवश्यक जांच कराएं.
डिप्टी सीएम और मंत्रियों से मुलाकात करने वालों में राजस्व पटवारी संघ के प्रांतीय अध्यक्ष भागवत कुश्यप के नेतृत्व में, कार्यकारी अध्यक्ष ज्योतिष सर्वे, प्रांतीय सचिव शिवकुमार साहू, सतीश चन्द्राकर, रायपुर जिलाध्यक्ष कमलेश तिवारी, सहसचिव मुरलीवाला राजा, सरोज कपूर शामिल थे.
भाजपा मीडिया विभाग ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को सौंपा पत्र
रायपुर। भाजपा प्रदेश मीडिया विभाग के डेलिगेशन ने आज मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात की. इस दौरान उन्हें पत्रकारों की सुरक्षा और हित में ज्ञापन सौंपा गया.
प्रतिनिधिमंडल ने कहा छत्तीसगढ़ में कांग्रेस शासन काल में पिछले 5 वर्ष अभिव्यक्ति की आजादी की दृष्टि से भयावह रहे हैं. पत्रकारों की प्रताड़ना, महज समाचार प्रसारित और प्रकाशित करने में कारण उन पर लगाये जाते झूठे मुकदमों आदि ने नागरिक के मौलिक अधिकार पर गंभीर कुठाराघात किया. कई ऐसे पत्रकार हैं जो नाहक मुकदमों आदि का सामना कर रहे हैं. कुछ के साथ अन्य तरह से उनके सम्मान को ठेस पहुंचाया गया है. कई ऐसे लोगों के साथ मारपीट हुई, बेवजह उन्हें जेल में ठूंसा गया. हर तरह से पत्रकारों की आवाज दबाने दमनकारी रवैया अपनाया गया. कथित पत्रकार सुरक्षा कानून की धज्जियां उड़ाई गई.
ऐसे में अब इन्हें न्याय दिलाना अत्यावश्यक है. प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से निवेदन की है की ऐसे सभी मामलों की निष्पक्ष जांच करा कर पत्रकारों को न्याय दिलाने की कृपा करेंगे.
प्रतिनिधिमंडल में भाजपा प्रदेश महामंत्री संजय श्रीवास्तव, प्रदेश प्रवक्ता संदीप शर्मा, रसिक परमार भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी, सह प्रभारी अनुराग अग्रवाल शामिल रहे. इस अवसर पर विशेष रूप से मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार पंकज झा, आलोक सिंह माजूद रहे.
जनजातिय नायकों के जीवन वृत्तांत वाली प्रदर्शनी प्रेरणा का केंद्र-मंत्री केदार कश्यप
रायपुर। वन एवं जलवायु परिवर्तन, सहकारिता, कौशल विकास और जल संसाधन मंत्री केदार कश्यप ने आज नारायणपुर में आयोजित ऐतिहासिक माता मावली मेला के दूसरे दिन माता मावली मंदिर एंव कोट गुड़ीन मंदिर में दर्शन कर पूजा-अर्चना की। उन्होंने मेले में शामिल होकर मेले में लगे विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का अवलोकन किया। मंत्री श्री कश्यप ने इस अवसर पर कहा कि यहां जनजातिय नायकों के जीवन वृत्तांत वाली प्रदर्शनी प्रेरणा का केंद्र है।
मंत्री श्री कश्यप ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि संस्कृति को जानने के लिए नारायणपुर के मावली माता मेला को जरूर देखें। उन्होंने मेले में उपस्थित लोगों से कहा कि अपने फेसबुक में मावली माता मेला का फोटो जरूर शेयर करें, जिससे विश्व प्रसिद्ध मावली माता मेला के बारे में आम जनों को जानने का अवसर मिलेगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मावली माता मेला के लिए जिले वासियों को शुभकामनाएं दी है। मंत्री श्री कश्यप ने मेले में लगे देवी देवता के पूजा सामग्री दुकान से तोड़ी बजाकर देखा और खरीददारी की। उन्होंने पूजा सामग्री विक्रेताओं से जानकारी ली।
मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि बस्तर अंचल के लोगों का मड़ई-मेला, लोक-कला और संस्कृति का संगम है। यह मेला जिले की ऐतिहासिक और ख्याति प्राप्त मड़ई-मेला है। स्थानीय लोगों के सगे-संबंधी दूर-दूर से यहां की लोक-कला, संस्कृति, रीति-रिवाज और परम्पराओं से रूबरू होने प्रति वर्ष यहां आते हैं। श्री कश्यप ने कहा कि यह मेला 5 दिनों तक चलेगा। यहां लोगों को और सैलानियां को इस मंच पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों की झलक देखने को मिलेगा। उन्होंने अपनी शुभकामनाएं देते हुए कहा कि माता के आशीर्वाद से जिले में चौतरफा विकास हो रहा है।
माता मावली मेला यहां के लोगों के लिए आस्था और श्रद्धा का केन्द्र है। दूर-दूर से लोग यहां आकर अपनी कलाओं का प्रदर्शन करते हैं और इस मेले से जरूरत की सामग्रियां क्रय भी करते हैं। आप सभी मेले में आये और मेले का भरपूर आनंद उठाये। मेले में व्यापारी संघो के द्वारा मंत्री केदार कश्यप को लड्डू से तौलकर कर सम्मानित किया गया।
धान खरीदी में फर्जीवाड़ा : समिति प्रबंधक और प्रभारी पर एफआईआर दर्ज
रायपुर। सरगुजा जिला प्रशासन की टीम की ओर से विकासखंड लखनपुर के धान खरीदी केंद्र अमलभिट्ठी में धान खरीदी हेर-फेर के मामले में कार्रवाई की गई है. पुलिस ने मामले की पुष्टि पर समिति प्रबंधक और प्रभारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है.
उल्लेखनीय है कि इस धान खरीदी केंद्र में 19 जनवरी को 1957.60 क्विंटल फर्जी धान खरीदी कर कुल 42 लाख 73 हजार 440 रुपये की शासन को आर्थिक क्षति पहुंचाने का मामला संज्ञान में आया था. इसमें जिला सहकारी बैंक के नोडल अधिकारी की ओर से समिति प्रबन्धक जैनेन्द्र प्रसाद राजवाड़े और धान खरीदी प्रभारी सह डाटा एंट्री ऑपरेटर शैलेन्द्र राजवाड़े से पूछताछ की गई थी. अब मामले की पुष्टि होने पर इनके विरुद्ध थाना दरिमा में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराया गया है.
वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी सामूहिक विवाह में हुए शामिल, पुष्प वर्षा कर नव विवाहित जोड़ों को दिया आशीर्वाद
रायपुर। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजनान्तर्गत आज रायगढ़ जिले में 291 जोड़ों का सामूहिक विवाह संपन्न हुआ। इस मौके पर छत्तीसगढ़ शासन के वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी जिला मुख्यालय के शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाटी स्टेडियम में आयोजित 84 जोड़ो के विवाह कार्यक्रम में शामिल हुए एवं नवदपत्तियों को अपना आशीर्वाद प्रदान किए।
सामूहिक विवाह में शामिल होने पहुंचे प्रदेश के वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी ने नव विवाहित जोड़ों को पुष्प वर्षा कर वैवाहिक जीवन की शुभकामनाएं देते हुए रायगढ़ में विवाहित सभी 84 जोड़ों को अपनी ओर से 5-5 हजार रुपये की स्वेच्छा अनुदान राशि देने की भी घोषणा की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर बेटियों की शादी कराने के साथ ही दहेज प्रथा जैसे सामाजिक बुराई को दूर करने के उद्देश्य से राज्य सरकार द्वारा मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना संचालित की जा रही है। जिसके तहत प्रदेश में लगातार सामूहिक विवाह का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने आज विवाह में शामिल सभी नवदंपत्तियों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उन्होंने सामूहिक विवाह में आगे आकर समाज को एक अनुकरणीय संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि आज विवाह बंधन में बंधे सभी बहनों को महतारी वंदन योजना का लाभ लेने का आग्रह किया, जिससे उन्हें सालाना 12 हजार रुपये की राशि प्राप्त होगी। उन्होंने बताया कि आज विवाह में शामिल सभी नवजोड़ों को राज्य शासन की ओर से 21-21 हजार रूपये की सहायता राशि दी जा रही है। इस मौके पर उन्होंने नवदंपत्तियों को सहायता राशि का चेक भी वितरित किया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष निराकार पटेल, राधेश्याम राठिया, विजय अग्रवाल, उमेश अग्रवाल, पूनम दिबेश सोलंकी, सुभाष पाण्डेय, कौशलेष मिश्रा, श्रीकांत सोमावार, रत्थू गुप्ता, सुरेश गोयल, कलेक्टर कार्तिकेया गोयल, पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल, सीईओ जिला पंचायत जितेन्द्र यादव, नगर पुलिस अधीक्षक आकाश शुक्ला, डीपीओ एल.आर.कच्छप उपस्थित रहे।
जिले के खरसिया, घरघोड़ा एवं तमनार बंजारी मंदिर में 28-28 जोड़े का विवाह संपन्न हुआ। इसी तरह धरमजयगढ़ में 56 जोड़े तथा लैलूंगा में 67 जोड़े वैवाहिक बंधन में बंधे। रायगढ़ में विवाहित जोड़ों को दिव्य शक्ति संस्था रायगढ़ एवं जय मां दुर्गा सेवा अमृत वाणी सेवा समिति द्वारा भी उपहार दिया गया। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री कन्या विवाह का मुख्य उद्देश्य गरीब परिवारों को कन्या के विवाह के संदर्भ में होने वाली आर्थिक कठिनाईयों का निवारण, विवाह के अवसर पर होने वाले फिजूलखर्ची को रोकना एवं सादगीपूर्ण विवाहों को बढ़ावा देने, सामूहिक विवाहों के आयोजन के माध्यम से मनोबल/आत्मसम्मान में वृद्धि एवं उनकी सामाजिक स्थिति में सुधार, सामूहिक विवाहों का प्रोत्साहन तथा विवाहों में दहेज के लेन-देन की रोकथाम करना है। छत्तीसगढ़ शासन महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा कन्या विवाह योजना का संचालन किया जाता है। शासन द्वारा कन्या विवाह में सम्मिलित होने वाले प्रत्येक जोड़ो को 50 हजार रुपये का अनुदान स्वीकृत किया जाता है, जिसमें से 21 हजार रुपये कन्या को वित्तीय सहायता के रूप में बैंक खाते के माध्यम से राशि का भुगतान किया जाता है। इसी तरह 15 हजार रूपये का उपहार सामग्री, 6 हजार रुपये का वर-वधु का श्रृंगार एवं वस्त्र इत्यादि तथा 8 हजार रूपये विवाह के आयोजन पर व्यय किया जाता है। इस तरह प्रत्येक जोड़ो को 50 हजार रुपये की राशि स्वीकृत की जाती है।

राज्य साक्षरता केन्द्र हेतु एससीएल की एडवाईजरी बोर्ड का गठन
रायपुर। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 की सिफारिशों के अनुसार भारत सरकार स्कूल शिक्षा विभाग एवं साक्षरता के गाइडलाइन ‘उल्लास‘ ‘नवभारत साक्षरता कार्यक्रम‘ ने 2022-2027 से पांच वर्ष की अवधि के लिए ‘नव भारत साक्षरता कार्यक्रम‘ नामक केन्द्र प्रायोजित योजना शुरू की, जिसे अब उल्लास के नाम से जाना जा रहा है। उल्लास गाइड लाइन के अनुसार राज्य साक्षरता केन्द्र हेतु एससीएल की एडवाईजरी बोर्ड का गठन किया गया है।
इसमें पदेन अध्यक्ष संचालक एससीईआरटी, उपध्याक्ष अतिरिक्त संचालक एससीईआरटी एवं प्रभारी, एससीईआरटी के प्रोफेसर संकाय पदेन सदस्य सचिव होंगे। इसी प्रकार इसके सदस्यों में एससीईआरटी के संकाय से दो सदस्य, यूजीसी विश्वविद्यालय द्वारा मान्यता प्राप्त उच्च शिक्षा संस्थानों के प्रतिनिधि, एनसीटीई द्वारा अनुमोदित शिक्षक प्रशिक्षण संस्थान के प्रतिनिधि, चयनित डाईट के प्राचार्य, राज्य के सूचना एवं प्रचार विभाग के प्रतिनिधि चयनित जिला जिला कार्यान्वयन के एजेंसियों के सदस्य सचिव, विभिन्न विश्वविद्यालयों के प्रौढ़ शिक्षा विभाग के संकाय सदस्य, प्रौढ़ शिक्षा, आजीवन शिक्षा निरंतरता के क्षेत्र से स्थानीय विशेषज्ञ, राज्य केन्द्र शासित प्रदेश स्तर के प्रसिद्ध एनजीओ के प्रतिनिधि शामिल होंगे।
वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी ने विकासखंड पुसौर में सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के नवीन भवन का किया लोकार्पण
रायपुर। वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी ने आज विकासखंड पुसौर में स्वास्थ्य सुविधाओं में विस्तार करते हुए जन सामान्य को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 2.65 करोड़ की लागत से तैयार नवीन सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र भवन सहित 3 करोड़ 70 लाख 48 हजार रुपये के लागत के कुल 9 कार्यों का लोकार्पण किया।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने उपस्थित जनों के साथ पूरे क्षेत्र के लोगों को बधाई देते हुए कहा कि इतना अच्छा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण हुआ है और आज से ही ओपीडी शुरू हो गया है। अस्पताल को जितने संसाधनों की आवश्यकता होगी उसे प्राथमिकता से प्रदान किया जाएगा। जिससे क्षेत्र के लोगों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं मिले। उन्होंने कहा कि सभी डॉक्टर, नर्स स्टाफ ईमानदारी व समर्पण भाव के साथ कार्य करते हुए अस्पताल को एक मॉडर्न अस्पताल के रूप में स्थापित करें। आज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के साथ ही अन्य स्थानों में प्राथमिक एवं उप स्वास्थ्य केंद्रों में 6 बिस्तर वार्ड का लोकार्पण हुआ है। इसके साथ उन्होंने बताया कि 321 विद्यार्थियों को शिक्षण प्रोत्साहन के लिए 3-3 हजार रुपये की राशि दिए जाने की घोषणा की और विभिन्न ग्राम पंचायतों में स्वीकृत कार्यों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने हॉस्पिटल के लिए एम्बुलेंस एवं शव वाहन के साथ ही ऑपरेशन थियेटर के समान एवं आर्थों डॉक्टर की मांग पर जल्द स्वीकृति की बात कही।
इस दौरान वित्त मंत्री श्री चौधरी ने नव निर्मित सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पुसौर के साथ 03 प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र एवं 03 उप स्वास्थ्य केन्द्र में नव निर्मित 06 बिस्तरीय वार्ड का भी लोकार्पण किया गया। जिसमें सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पुसौर के 03 कार्य शामिल है। जिसमें 2 करोड़ 65 लाख रूपए की लागत से नवीन भवन निर्माण, प्रदूषित पानी की सफाई हेतु 11 लाख 50 हजार रूपए की लागत से ईटीपी (इफ्यूलेन्ट ट्रीटमेन्ट प्लांट), 35 लाख रूपए की लागत से 20 बिस्तरीय वार्ड शामिल हैं। इसी प्रकार 9 लाख 83 हजार रुपये की लागत से 03 प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र एवं 03 उप स्वास्थ्य केन्द्र में 06 बिस्तरीय वार्ड का निर्माण किया गया है।
इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष निराकार पटेल, राधेश्याम राठिया, अध्यक्ष नगर पंचायत पुसौर रितेश थवाईत, अध्यक्ष जनपद पंचायत पुसौर सुशील भोई, विजय अग्रवाल, उमेश अग्रवाल, जगन्नाथ पाणिग्राही, मोहन सतपथी, उमेश साव, गौरांग साव, त्रिनाथ गुप्ता, विरेन्द्र गुप्ता, कलेक्टर कार्तिकेया गोयल, पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल, सीईओ जिला पंचायत जितेन्द्र यादव, सीएमएचओ डॉ.मंडावी सहित स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सक एवं अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
