प्रदेश / छत्तीसगढ़

अफीम खेती मामले में BJP नेता को पुलिस ने हिरासत में लिया, पूर्व CM बघेल ने उठाये सवाल, कहा-

दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में बीजेपी नेता के खेत में अफीम खेती को लेकर सूबे की राजनीति गरमायी हुई है। समोदा गांव में अवैध रूप से अफीम की खेती किए जाने के मामले में जहां पुलिस ने बीजेपी नेता समेत 2 लोगों को हिरासत में ले लिया है। वहीं दूसरी तरफ इस मुद्दे को लेकर पूर्व सीएम भूपेश बघेल सरकार पर हमलावर बने हुए है। बघेल ने एक्स पर बैक टू बैक ट्वीट कर सरकार और गृहमंत्री पर सवाल खड़े किये है। आपको बता इस मामले के सामने आते ही बीजेपी नेता विनायक ताम्रकार को पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है।

गौरतलब है कि दुर्ग जिले के समोदा गांव में अवैध रूप से अफीम की खेती की जानकारी सामने आने के बाद हड़कंप मचा हुआ है। पुलिस जांच में सामने आया है कि जिस जमीन पर अफीम की खेती की जा रही थी, वह जमीन मधुबाला और मधुमति ताम्रकार के नाम पर दर्ज है। दोनों भाजपा नेता विनायक ताम्रकार की चचेरी बहनें बताई जा रही हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार कुल 10.72 एकड़ जमीन में से करीब 6.28 एकड़ भूमि पर खेती की जा रही थी। पुलिस की जांच में यह भी जानकारी मिली है कि अफीम के पौधे मक्के की फसल के बीच में लगाए गए थे, ताकि खेती को छिपाया जा सके।

पुलिस ने इस मामले में मधुबाला और मधुमति ताम्रकार को नोटिस जारी कर पूछताछ के लिए बुलाया है। वहीं पुलिस हिरासत में लिए गए बीजेपी नेता विनायक ताम्रकार और विकास विश्नोई से भी पुलिस पूछताछ कर रही है। पुलिस के मुताबिक विकास विश्नोई मूल रूप से राजस्थान के जोधपुर जिले के ओसिया गांव का निवासी है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यहां जमीन लीज पर लेकर अफीम की खेती की जा रही थी। पूछताछ में विकास विश्नोई ने पुलिस को बताया कि जिस जमीन पर अफीम की खेती की जा रही है, उसे राजस्थान के जोधपुर निवासी आचल दास ने लीज पर लिया था।

पुलिस को यह भी जानकारी दी गई कि आचल दास होली का त्योहार मनाने अपने गांव गया हुआ है। इस जानकारी के बाद अब पुलिस आचल दास को हिरासत में लेने की तैयारी में है।बताया जा रहा है कि विकास विश्नोई पिछले करीब चार साल से समोदा गांव में रह रहा है। उसने विनायक ताम्रकार की लगभग 13 एकड़ जमीन को लीज पर ले रखा है। जहां वह कपास की खेती कर रहा था। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है और मामले से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।

अफीम की खेती पर गरमायी सूबे की राजनीति

दुर्ग जिले में अवैध अफीम खेती का यह मामला सामने आने के बाद सूबे का राजनीतिक माहौल भी गर्म हो गया है। भाजपा नेता का नाम सामने आने के बाद छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज समोदा गांव पहुंच गए। उन्होंने उस खेत का निरीक्षण भी किया, जहां अफीम की खेती किए जाने की बात सामने आई है। इस दौरान उनके साथ कांग्रेस के कई नेता मौजूद रहे। वहीं दुर्ग रेंज के आईजी अभिषेक शांडिल्य सहित पुलिस प्रशासन के अन्य अधिकारी भी मौके पर मौजूद थे।

पूर्व CM बघेल ने सरकार और गृहमंत्री पर पर लगाए गंभीर आरोप

इस पूरे मामले को लेकर भूपेश बघेल ने मौके पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि जिस खेत में अफीम की खेती की जा रही है, वह भाजपा नेता विनायक ताम्रकार की जमीन बताई जा रही है। उन्होंने दावा किया कि जिले में पहली बार इस तरह की अफीम की खेती सामने आई है और यह जांच का विषय है कि यह खेती कब से की जा रही थी।

वहीं सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर भी बघेल ने बैक टू बैक पोस्ट कर सरकार और गृहमंत्री पर गंभीर सवाल उठाये। भूपेश बघेल ने एक्स पर लिखा….‘सुशासन’ मतलब ‘सूखा नशा आसन’ यह खेत भाजपा नेता विनायक ताम्रकार का है. जो दुर्ग के ग्राम समोदा में स्थित है. इन तस्वीरों को ध्यान से देखिए…फिर याद कीजिए कि कुछ दिन पहले विधानसभा में मैंने सूखे नशे के विषय में गृहमंत्री विजय शर्मा से कुछ सवाल किए थे और गृहमंत्री गोलमोल जवाब देते नजर आए थे. सूखे नशे की तस्करी में लिप्त नव्या मलिक, जिसका नाम प्रदेश का बच्चा-बच्चा जानता है, उसका जिक्र सरकार की लिस्ट में था ही नहीं.

पहले तो मुझे बड़ा अचंभा हुआ लेकिन अब जब कड़ियाँ जुड़ रही हैं तो समझ आ रहा है कि खेल बड़ा है. कमल के फूल वाली पार्टी के नेता अपने 10 एकड़ खेत में अब अफ़ीम के पौधे और फूल उगा रहे हैं. आपको बता दूँ कि अवैध नशीला पदार्थ हेरोइन का निर्माण भी इसी अफ़ीम के पौधे से होता है. इसी हेरोइन की सप्लायर नव्या मलिक भी थी. लेकिन नव्या मलिक अचानक से सरकार की सूची से बाहर कैसे हो गई? क्या नव्या मलिक और भाजपा के सूखे नशे की फ़ैक्ट्री में भी कोई कनेक्शन है? क्या वो भाजपा की फ़ैक्ट्री के प्रोडक्ट की मार्केटिंग का काम कर रही थी? ये बड़े सवाल हैं जो छत्तीसगढ़ की जनता के बीच तैर रहे हैं. जिस प्रकार से भाजपा के इस नेता का बड़े अधिकारियों और मंत्रियों के साथ उठना-बैठना है, जिस प्रकार से सरकार की सूची से एक बड़ी नशा तस्कर का नाम गायब होता है, इन सब में कड़ियाँ जुड़ तो रही हैं. अब जवाब मुख्यमंत्री @vishnudsai और गृहमंत्री @vijaysharmacg  को देना है.