हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: डीपी विप्र कॉलेज की असिस्टेंट प्रोफेसर की बर्खास्तगी अवैध, बहाली के आदेश
बिलासपुर। हाईकोर्ट ने डीपी विप्र कॉलेज की असिस्टेंट प्रोफेसर सोनल तिवारी की बर्खास्तगी को अवैध ठहराया है. जस्टिस पार्थ प्रतिम साहू की बेंच ने आदेश दिया कि तिवारी को तुरंत सेवा में बहाल किया जाए. साथ ही असिस्टेंट प्रोफेसर को 2019 से अब तक का पूरा वेतन और सभी लाभ दिए जाएं.
कर्मचारी की गलती न हो तो मिलेगी पूरी सैलरी
सुप्रीम कोर्ट के विभिन्न फैसलों का हवाला देते हुए हाईकोर्ट ने कहा कि जब कर्मचारी की कोई गलती न हो और उसे जबरन काम से दूर रखा जाए, तो वह पूरे वेतन का हकदार है. इस मामले में असिस्टेंट प्रोफेसर सोनल ने अपने इनकम टैक्स रिटर्न पेश कर साबित किया कि बर्खास्तगी के दौरान वे कहीं दूसरी संस्था में कार्यरत नहीं थी. वहीं उनकी आय का कोई साधन नहीं था.