बिलासपुर। जिले के पास स्थित लाल खदान क्षेत्र में कल शाम हुए भीषण रेल हादसे ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया। इस दर्दनाक दुर्घटना में 11 यात्रियों की मौत हो गई, जबकि 20 यात्री गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों का इलाज बिलासपुर और आसपास के अस्पतालों में जारी है। हादसे के बाद चला रेस्क्यू ऑपरेशन करीब 12 घंटे तक चला और रात 2:30 बजे तक मलबे में फंसे तीन शवों को बाहर निकाला गया।
हादसे के वक्त ट्रेन की कई बोगियां बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। लोको पायलट की भी मौत घटनास्थल पर ही हो गई। रेस्क्यू टीम ने हैवी क्रेन की मदद से मेमू ट्रेन को हटाकर राहत कार्य पूरा किया। देर रात तक रेल यातायात को पूरी तरह सुचारू कर दिया गया।
घटनास्थल पर बिलासपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल, एसएसपी रजनेश सिंह, SECR के जनरल मैनेजर तरुण प्रकाश, एसडीएम मनीष साहू, रेलवे और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। जिला प्रशासन और रेलवे अधिकारियों ने रेस्क्यू अभियान की निगरानी की और घायलों को तत्काल अस्पताल भेजा गया।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने बताया कि हादसे में 20 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से एक की हालत गंभीर है जबकि बाकी लोग सदमे में हैं।
6 नवंबर, गुरुवार से CRS जांच शुरू करेंगे
हादसे की पूरी जांच कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (CRS) द्वारा की जाएगी। यह जांच सिविल एविएशन मंत्रालय के अंतर्गत की जाएगी।
जांच के दौरान हादसे के वक्त ड्यूटी पर तैनात सभी कर्मचारियों और अधिकारियों से पूछताछ की जाएगी।
जांच टीम यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि हादसे के पीछे असल वजह क्या थी और किनकी जिम्मेदारी बनती है।
मृतकों और घायलों की सूची
इस हादसे में 11 लोगों की मौत हुई, जिनमें 8 महिलाएं और एक 2 साल का बच्चा शामिल है।
घायल यात्रियों के नाम इस प्रकार हैं —
मथुरा भास्कर (55, स्त्री)
चौरा भास्कर (50, पुरुष)
शत्रुघ्न (50, पुरुष)
गीता देबनाथ (30, स्त्री)
मेहनिश खान (19, स्त्री)
संजू विश्वकर्मा (35, पुरुष)
सोनी यादव (25, स्त्री)
संतोष हंसराज (60, पुरुष)
रश्मि राज (34, स्त्री)
ऋषि यादव (2 वर्ष)
तुलाराम अग्रवाल (60, पुरुष)
अराधना निषाद (16, स्त्री)
मोहन शर्मा (29, पुरुष)
अंजूला सिंह (49, स्त्री)
शांता देवी गौतम (64, स्त्री)
प्रीतम कुमार (18, पुरुष)
शैलेश चंद्र (49, पुरुष)
अशोक कुमार दीक्षित (54, पुरुष)
नीरज देवांगन (53, पुरुष)
राजेंद्र मारुति बिसारे (60, पुरुष)
मुख्य बिंदु:
बिलासपुर के लाल खदान में रेल हादसा, 11 की मौत, 20 घायल
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज शाम राज्योत्सव के चौथे दिन नवा रायपुर में आयोजित राज्योत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने राज्योत्सव को संबोधित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ ने अपनी स्थापना के 25 वर्षों में विकास की नई गाथा लिखी है। राज्य ने हर क्षेत्र में विकास के नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 1 नवम्बर को दिनभर नवा रायपुर में रहकर राज्योत्सव का शुभारंभ किया और विधानसभा के नए भवन का लोकार्पण किया। उन्होंने अपने प्रवास के दौरान राज्य को 14 हजार करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगात दी है। इसके लिए मैं राज्य के तीन करोड़ लोगों की ओर से उनके प्रति आभार व्यक्त करता हूं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने छत्तीसगढ़ राज्य के निर्माण में पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि अलग राज्य के निर्माण के बाद छत्तीसगढ़ उपेक्षा के दंश से मुक्त हुआ। अटलजी की दूरदृष्टि से छत्तीसगढ़ के विकास को नई गति मिली। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से गांव-गांव तक पक्की सड़क पहुँची, जिससे ग्रामीण विकास के द्वार खुले। शिक्षा, स्वास्थ्य और अधोसंरचना सहित सभी क्षेत्रों में तीव्र गति से कार्य हुए।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारी सरकार ने पिछले 22 महीनों में ‘मोदी की गारंटी’ के अधिकांश बड़े कार्यों को पूरा किया है। हम राज्य में स्वच्छ, संवेदनशील और पारदर्शी शासन के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसी उद्देश्य से हमने सुशासन एवं अभिसरण विभाग का गठन किया है।
वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य निर्माण से पूर्व बस्तर और सरगुजा के सुदूर वनांचल उपेक्षा का शिकार हुआ करते थे। स्वास्थ्य, शिक्षा और निर्माण सुविधाओं के अभाव में ये क्षेत्र नक्सल हिंसा की पीड़ा सहते हुए दयनीय अवस्था में थे। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने इस पीड़ा को समझते हुए अलग राज्य का निर्माण किया, जिसके बाद से छत्तीसगढ़ लगातार विकास की राह पर अग्रसर है।
संस्कृति एवं पर्यटन विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव ने राज्य निर्माण के 25 वर्ष पूर्ण होने पर सभी नागरिकों को बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं।
मुख्यमंत्री ने 14 पुलिस जवानों को प्रदान किए वीरता पदक
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नक्सल ऑपरेशन में अदम्य साहस और वीरता का प्रदर्शन करने वाले पुलिस के 14 जवानों को वीरता पदक प्रदान कर सम्मानित किया। उन्होंने शहीद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आकाश राव गिरिपुंजे और शहीद वीरेंद्र कुमार शोरी के परिजनों सहित नक्सल मोर्चे पर जांबाजी के साथ लड़ने वाले पुलिस जवानों धरम सिंह तुलावी, विजय पुनेंग, गोपाल बरदू, रामेश्वर ओयामी, राजूलाल मरकाम, समलूराम सेठिया, तुलाराम ओवासी, मोहन लाल कट्टम, संतोष मोरामी, मनोज यादव, जामुराव तथा निशा कचलाम को वीरता पदक प्रदान कर सम्मानित किया।
इस अवसर पर विधायक इंद्र कुमार साहू, नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव, साहित्य अकादमी संस्कृति परिषद के अध्यक्ष शशांक शर्मा, छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष मोना सेन, अपर मुख्य सचिव मनोज पिंगुआ, पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम तथा संस्कृति विभाग के संचालक विवेक आचार्य उपस्थित थे।
खैरागढ़। खैरागढ़ के वनांचल ग्राम पंचायत गातापार जंगल के आश्रित ग्राम लिमउटोला, सांकरी और गाड़ाघाट में डायरिया का प्रकोप फैल गया है। ग्रामीणों के बीच मचे हड़कंप के बीच स्वास्थ्य विभाग ने राहत और उपचार अभियान शुरू कर दिया है। अब तक 50 से अधिक लोग इस बीमारी की चपेट में आ चुके हैं, जबकि एक व्यक्ति की मौत हो चुकी है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम लिमउटोला निवासी गायत्री देवी (55) की मृत्यु के बाद उनके घर पर नहावन कार्यक्रम और मृत्यु भोज आयोजित किया गया था। भोज के अगले ही दिन यानी 31 अक्टूबर से कई ग्रामीणों को उल्टी-दस्त और पेट दर्द की शिकायतें होने लगीं। हालत बिगड़ने पर दर्जनों ग्रामीणों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पांडादाह और सिविल अस्पताल खैरागढ़ में भर्ती कराया गया, वहीं दो लोगों को गंभीर अवस्था में राजनांदगांव मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। इसी दौरान ग्राम लिमउटोला के ही 37 वर्षीय समारु गोंड, पिता सुखरू गोंड को बीती रात तेज उल्टी-दस्त और पेट दर्द की शिकायत के बाद सिविल अस्पताल खैरागढ़ लाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। इस घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है और लोग भय के साये में हैं।
स्वास्थ्य विभाग और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की टीम मौके पर पहुंच चुकी है। पानी के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। डॉक्टरों की टीम लगातार गांव में डेरा डाले हुए है और घर-घर जाकर मरीजों का उपचार कर रही है। ग्रामीणों को पानी उबालकर पीने, भोजन और सब्जियों को गर्म पानी से धोने, तथा साफ-सफाई बनाए रखने की सलाह दी जा रही है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आशीष शर्मा ने बताया कि स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है और अधिकांश मरीजों की हालत में सुधार हो रहा है।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य कर्मी लगातार निगरानी कर रहे हैं और अगर जरूरत पड़ी तो आसपास के गांवों में भी स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे। गांव में फिलहाल एहतियात के तौर पर मृत्यु भोज और बड़े आयोजनों पर रोक की अपील की गई है। ग्रामीणों को सलाह दी गई है कि किसी भी प्रकार की बीमारी के लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें, ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके।
रायपुर। प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर हमला बोला है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि सरकारी अस्पताल में जांच और इलाज नहीं हो पा रहा, नकली दवा का केंद्र प्रदेश बन गया है, स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल व्यवस्था सुधारने के बजाय पर्दा डालने का काम कर रहे, प्रदेश के सभी अस्पतालों में जानबूझकर नकली दवाइयां भेज रहे हैं, स्वास्थ्य विभाग नहीं संभल रहा, उन्हें इस्तीफा देना चाहिए। इसके अलावा उन्होंने अन्य मुद्दों पर भी बयान दिया है।
विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के सवालों का जवाब देने बीजेपी ने विधायक और पूर्व विधायकों को निर्देशित किया है। इस मामले में पीसीसी चीफ दीपक बैज ने कहा कि SIR में चुनाव आयोग जवाब देगा। क्या बीजेपी चुनाव आयोग की प्रवक्ता है क्या? निष्पक्ष रूप से SIR का काम चुनाव आयोग को करना चाहिए, किसी राजनीतिक दल का एजेंडा नहीं होना चाहिए। चुनाव आयोग को मामले में बीजेपी को नोटिस देना चाहिए।
दीपक बैज ने कहा कि ‘रेडी टू ईट’ योजना का काम महिलाओं को देने की बात भाजपा ने कही थी, लेकिन चुनिंदा लोगों को छोड़कर किसी को काम नहीं दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि गौठान और रीपा (RIPA) बंद कर दिए गए, जिससे महिलाएं बेरोजगार हो गईं। बीजेपी ने महिलाओं को धोखा देने का काम किया है।
बेमौसम बारिश से बर्बाद हुए फसल को लेकर दीपक बैज ने कहा कि सरकार को फसलों के नुकसान का आकलन करना चाहिए। जो फसल बर्बाद हुए हैं, उनके लिए सरकार ने क्या किया ? बर्बाद फसलों का आकलन कर मुआवजे की घोषणा करनी चाहिए।
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में लाल खदान स्टेशन के पास हुई भीषण रेल दुर्घटना के बाद पूरे प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गई है। कोरबा पैसेंजर ट्रेन और मालगाड़ी की टक्कर में कई लोगों की मौत और दर्जनभर से अधिक यात्रियों के घायल होने की सूचना है। हादसे के बाद केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, उप मुख्यमंत्री अरुण साव और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने गहरा दुख व्यक्त किया है।
केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू ने एक्स (ट्विटर) पर लिखा, छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में हुई कोरबा पैसेंजर ट्रेन और मालगाड़ी की टक्कर की दुखद घटना अत्यंत व्यथित करने वाली है। इस हादसे में हुए जनहानि की सूचना से मन अत्यंत शोकाकुल है। मैं दिवंगत आत्माओं के प्रति गहरी संवेदना प्रकट करता हूं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की ईश्वर से कामना करता हूं।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने भी संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने एक्स पर लिखा, बिलासपुर के पास रेल हादसे की एक दुखद घटना की सूचना प्राप्त हुई है। कोरबा पैसेंजर ट्रेन एवं मालगाड़ी के बीच भिड़ंत होने से कुछ यात्रियों के हताहत होने की भी सूचना मिली है। रेल्वे के वरिष्ठ अधिकारी, बचाव दल एवं जिला प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर बचाव और राहत कार्य में लगी है। प्रशासन और रेलवे के अधिकारियों द्वारा घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा जा रहा है। ईश्वर से यात्रियों के सकुशल होने की कामना करता हूं। घायलों के जल्द स्वास्थ्य लाभ की कामना करता हूं।
उन्होंने बताया कि मैंने वरिष्ठ अधिकारियों से फोन पर बात कर राहत एवं बचाव कार्य में तेजी लाने के लिए निर्देशित किया है। बचाव कार्य में लगे संबंधित अधिकारियों से लगातार सम्पर्क में हूं।
वहीं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी एक्स पर हादसे पर गहरा दुख जताते हुए कहा कि बिलासपुर के लाल खदान रेलवे स्टेशन के पास पैसेंजर ट्रेन और मालगाड़ी के टकराने की भीषण दुर्घटना का पीड़ादायक समाचार प्राप्त हुआ। प्राप्त जानकारियों के अनुसार इस दुर्घटना में 10 यात्रियों की अकाल मृत्यु की आशंका जताई जा रही है और कई यात्रियों के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना मिली है। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति तथा उनके परिजनों को संबल प्रदान करें।
शासन-प्रशासन से अनुरोध है कि इस भीषण दुर्घटना में घायल हुए लोगों के समुचित उपचार की व्यवस्था करते हुए, इस लापरवाही के जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करें। ईश्वर से घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करता हूं।
हादसा गटोरा और बिलासपुर स्टेशन के बीच (Bilaspur train accident)
जानकारी के मुताबिक, हादसा शाम करीब 4 बजे बिलासपुर स्टेशन से लगभग 5 किलोमीटर दूर गटोरा और बिलासपुर स्टेशन के बीच हुआ। टक्कर इतनी जोरदार थी कि ट्रेन के कई डिब्बे एक-दूसरे पर चढ़ गए। टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और राहत कार्य में जुट गए।
घायलों की हालत गंभीर
हादसे में घायल यात्रियों को बिलासपुर के सिविल और अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जिनमें कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है। रेस्क्यू टीम, आरपीएफ और स्थानीय पुलिस मौके पर मौजूद हैं और राहत-बचाव कार्य जारी है।
4 शव बरामद हुए हैं – कलेक्टर
बिलासपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल ने बताया कि घटनास्थल से अब तक 4 लोगों के शव बरामद किए गए हैं, जबकि रेस्क्यू ऑपरेशन अभी जारी है। फिलहाल मौके पर जिला प्रशासन लगातार राहत कार्य में जुटा हुआ है।
हादसे में लोको पायलट और असिस्टेंट की मौत की खबर
हादसे में लोकल ट्रेन के लोको पायलट और असिस्टेंट की मौत होने की खबर है। वहीं यह भी जानकारी मिल रही है कि मालगाड़ी का गार्ड हादसे से पहले ही कूद गया था, जिससे उसकी जान बच गई। हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि अब तक नहीं की हुई है।
ऑटो सिग्नलिंग सिस्टम की वजह से हुआ हादसा
प्रारंभिक जांच में हादसे की वजह ऑटो सिग्नलिंग सिस्टम बताई जा रही है। रेलवे के सूत्रों का कहना है कि मालगाड़ी लाइन पर खड़ी थी, लेकिन सिग्नल क्लियर मिलने के बाद तेज रफ्तार से आ रही MEMU पैसेंजर ट्रेन आगे बढ़ गई, जिससे यह हादसा हुआ। हादसे के तस्वीरों को देखकर रेलवे अधिकारियों का अनुमान है कि लोकल ट्रेन की रफ्तार करीब 90 से 110 किमी प्रति घंटा के बीच रही होगी। हालांकि, रेलवे की तकनीकी टीम पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
रेलवे ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने हादसे के बाद यात्रियों और उनके परिजनों की सुविधा के लिए आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। यात्री इन नंबरों पर संपर्क कर अपने परिजनों की जानकारी ले सकते हैं —
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बिलासपुर के पास हुई ट्रेन दुर्घटना को अत्यंत दुःखद और पीड़ादायक बताया है। उन्होंने इस दुर्घटना में अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति गहरी संवेदना प्रकट की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और शोकाकुल परिजनों को यह असहनीय दुख सहने की शक्ति दें।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार ने दुर्घटना में दिवंगत हुए यात्रियों के परिजनों को ₹5 लाख तथा घायलों को ₹50 हज़ार की आर्थिक सहायता राशि देने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि घायलों के समुचित एवं निःशुल्क इलाज की पूरी व्यवस्था सुनिश्चित की गई है और जिला प्रशासन को तत्काल प्रभाव से राहत एवं बचाव कार्यों को तेज़ी से संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन एवं रेलवे की टीमें राहत और बचाव कार्य में पूरी तत्परता से जुटी हुई हैं। घायलों के उपचार के लिए सभी आवश्यक चिकित्सा सुविधाएँ और संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता और सतर्कता के साथ स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है तथा हर आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
रायपुर। नवा रायपुर अटल नगर में चल रहे छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव-2025 के अंतर्गत राज्योत्सव में जनसंपर्क विभाग द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी, युवाओं और विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक और उपयोगी साबित हो रही है। प्रदर्शनी में पिछले 25 वर्षों में छत्तीसगढ़ के विकास यात्रा को प्रदर्शित किया गया है। राजधानी के अलावा आसपास के अन्य जिलों के स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थी भी प्रदर्शनी का अवलोकन कर रहे हैं।
महात्मा गांधी उद्यानिकी एवं वानिकी कॉलेज के प्रथम वर्ष के छात्र-छात्रा पीयूष यादव, नंदना चौबे और चेतना वर्मा और कई विद्यार्थियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर कहा कि प्रदर्शनी के माध्यम से शासन की योजनाओं और उपलब्धियों की जानकारी प्रेरणादायक तरीके से प्रस्तुत की गई है। “छत्तीसगढ़ अंजोर विज़न 2047” को बेहद प्रेरणादायक बताया। अभनपुर आईटीआई के छात्र तरुण, डागेश्वर, राहुल, कुमार साय और गुलशन पटेल ने कहा कि प्रदर्शनी से उन्हें राज्य सरकार की योजनाओं और विकास कार्यों की व्यापक जानकारी मिली है। धमतरी जिले के बटेली बखारा स्थित अधर्व हायर सेकेंडरी स्कूल के गौरव, तुषार, नारायणी और क्षमानिधि ने कहा कि प्रदर्शनी से उन्हें शासन की योजनाओं के जनजीवन पर प्रभाव की समझ मिली।
नारायणा ई-टेक्नो स्कूल मोवा की छात्राएँ शैली चौहान, लावण्या और बिंदु ने कहा कि प्रदर्शनी के माध्यम से उन्हें शासन की योजनाओं और उपलब्धियों की जानकारी रोचक रूप में मिली। उनको 360 डिग्री इमरसिव डोम काफ़ी अच्छा लगा। विजन इंग्लिश मीडियम स्कूल के अभिषेक, विकेश्वर, दुकेश और टिकेंद्र ने प्रदर्शनी को ज्ञानवर्धक और आकर्षक बताया तथा कहा कि इस तरह की पहल से विद्यार्थियों को शासन की योजनाओं की जानकारी सरलता से मिलती है
छत्तीसगढ़ कॉलेज रायपुर से आई अनामिका पांडे, याचना तारक, अनामिका साहू और गरिमा साहू, फिंगेश्वर से आए पुनीत राम साहू, नेहरू राम साहू, लक्ष्मण राम साहू और चिंता राम साहू, कबीरधाम जिले के स्वामी विवेकानंद कॉलेज, बोडला की दिव्या, हेमलता एवं सीमा व अन्य छात्राओं तथा रायपुर के कैलाशनगर वीरगांव से आए अंकुर मिरि और अलका मिरि ने भी प्रदर्शनी की सराहना की।
रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष पर जनसंपर्क विभाग द्वारा “छत्तीसगढ़ प्रकृति, संस्कृति और प्रगति का संगम” थीम पर 25 वर्षों की विकास यात्रा को दर्शाने वाली प्रदर्शनी नवा रायपुर अटल नगर स्थित राज्योत्सव स्थल पर लगाई गई है। यह प्रदर्शनी विद्यार्थियों , नागरिकों और आगंतुकों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी हुई है।
प्रदर्शनी में कृषक उन्नति योजना, महतारी वंदन योजना, रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया, तेंदूपत्ता संग्राहकों के पारिश्रमिक में वृद्धि, चरण पादुका योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना और घर-घर निर्मल जल अभियान जैसी योजनाओं की जानकारी प्रस्तुत की गई है। अंजोर विज़न 2047” के माध्यम से छत्तीसगढ़ के विकास की दिशा, जनकल्याणकारी पहलों और नई संभावनाओं की जीवंत झलक दिखाई गई है।
कबीरधाम, राजिम, रायपुर और फिंगेश्वर से आए छात्र-छात्राओं एवं नागरिकों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर राज्य की विकास गाथा की सराहना की। जनसम्पर्क विभाग की प्रदर्शनी में राज्य सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों से जुड़ी प्रचार सामग्री, पुस्तिकाएँ और ब्रोशर निःशुल्क वितरित किए जा रहे हैं। इनसे लोग जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास पहलों की जानकारी प्राप्त कर रहे हैं तथा अपने साथ ले जाकर अन्य लोगों को भी जागरूक कर रहे हैं।
रायपुर। विष्णु देव साय आज नया रायपुर स्थित मेफेयर होटल में आयोजित ‘छत्तीसगढ़ टेक स्टार्ट’ कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि ‘टेक स्टार्ट’ का यह आयोजन राज्य में नवाचार और तकनीकी उद्यमिता को नई दिशा देने वाला एक महत्वपूर्ण प्रयास है। इस अवसर पर उन्होंने ‘आइडियाथॉन 2025’ के विजेताओं को सम्मानित किया और छत्तीसगढ़ शासन के साथ पार्टनरशिप एक्सचेंज करने वाली इकाइयों को एग्रीमेंट पत्र सौंपे। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित तकनीकी क्षेत्र के विशेषज्ञों, उद्यमियों एवं प्रबुद्धजनों को रजत जयंती वर्ष की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारे विजनरी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सदैव बड़े लक्ष्य निर्धारित करने और उन्हें प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया है। उनके ‘विकसित भारत’ के संकल्प से प्रेरणा लेते हुए राज्य सरकार ने वर्ष 2047 तक ‘विकसित छत्तीसगढ़’ का लक्ष्य तय किया है, जिसके लिए विजन डॉक्यूमेंट भी तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में आज भारत में लाखों स्टार्टअप कार्यरत हैं, जिनमें से अनेक यूनिकॉर्न बन चुके हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार भी युवाओं की उद्यमशीलता को बढ़ावा देने के लिए पूर्ण समर्पण के साथ कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवा कठिन परिस्थितियों में भी आगे बढ़ने की अद्भुत क्षमता रखते हैं। उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश की बेटी आकांक्षा सत्यवंशी भारतीय महिला क्रिकेट टीम की फिजियोथैरेपिस्ट हैं, वहीं स्क्वाड्रन लीडर गौरव पटेल नया रायपुर एयरो शो में फाइटर प्लेन उड़ाकर राज्य का गौरव बढ़ा रहे हैं। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने ईज़ ऑफ डूइंग बिज़नेस और सिंगल विंडो सिस्टम को सशक्त करते हुए 350 से अधिक सुधार किए हैं, जिससे छत्तीसगढ़ निवेश के लिए देश के सबसे आकर्षक राज्यों में शामिल हो गया है। औद्योगिक विकास के साथ-साथ आईटी और आईटीईएस सेक्टर में भी राज्य तीव्र गति से प्रगति कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि हाल ही में आयोजित ‘आइडियाथॉन 2025’ में प्रदेशभर से 1800 से अधिक स्टार्टअप आइडिया प्राप्त हुए, जिनमें दूरस्थ अंचलों के युवाओं की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इन नवाचारों को मंच, मार्गदर्शन और वित्तीय सहायता प्रदान करेगी। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि रायपुर को आईटी और तकनीकी सेवाओं का केंद्र बनाने की दिशा में कार्य तेज़ी से आगे बढ़ रहा है। एआई डेटा सेंटर पार्क और सेमीकंडक्टर प्लांट जैसी परियोजनाएं भी साकार हो रही हैं। श्री साय ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि अब तक राज्य सरकार को साढ़े सात लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं। उन्होंने राज्य में तीव्र आर्थिक गतिविधियों और युवाओं के लिए रोजगार सृजन के बढ़ते अवसरों पर भी विस्तार से चर्चा की। मुख्यमंत्री ने उद्यमियों से कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार आपके साथ चट्टान की तरह खड़ी है। अपनी मेहनत और प्रतिभा को वैश्विक स्तर पर ले जाने का आह्वान करते हुए उन्होंने कहा कि आप सभी की सफलता ही छत्तीसगढ़ का गौरव बनेगी।
मुख्य सचिव विकास शील ने कहा कि नई औद्योगिक नीति 2024 का उद्देश्य उद्यमिता को बढ़ावा देना और विजन 2047 के अनुरूप विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण करना है। उन्होंने बताया कि इस नीति में नवाचार, निवेश, रोजगार और स्टार्टअप के अवसरों को बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया गया है। उन्होंने ई-वेस्ट मैनेजमेंट, राइजिंग सेक्टर और स्किल डेवलपमेंट जैसे उभरते क्षेत्रों में कार्य करने की आवश्यकता बताई तथा उद्यमियों से अपने सुझाव साझा करने का आग्रह किया।
मुख्य सचिव ने कहा कि सरकार युवाओं और उद्यमियों के साथ मिलकर छत्तीसगढ़ को तकनीकी और औद्योगिक विकास का हब बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने यह भी कहा कि उद्यमियों और शासन के मध्य संवाद केवल विशेष अवसरों तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि निरंतर होना चाहिए ताकि विचारों का आदान-प्रदान सतत रूप से होता रहे।
मुख्यमंत्री ने ‘आइडियाथॉन 2025’ के विजेताओं को किया सम्मानित
मुख्यमंत्री श्री साय ने टेक स्टार्ट कार्यक्रम के दौरान हाल ही में आयोजित ‘आइडियाथॉन 2025’ के विजेता प्रतिभागियों को सम्मानित किया। उन्होंने युवाओं द्वारा प्रस्तुत नवाचारी सृजन की प्रशंसा करते हुए कहा कि जब युवा नवाचार से जुड़ते हैं, तो यह अत्यंत सुखद होता है और तकनीकी भविष्य को मजबूती प्रदान करता है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने एनआईटी रायपुर, रुंगटा बिजनेस इनक्यूबेटर और आईजीकेवीआर को इनक्यूबेटर के रूप में उत्कृष्ट कार्य हेतु सम्मानित किया।
मुख्यमंत्री ने आइडियाथॉन 2025 में दिव्यांगजनों के लिए स्मार्ट बैंड के आइडिया के लिए आदर्श वर्मा को प्रथम पुरस्कार, सड़क किनारे पौधों की सुरक्षा हेतु ‘अटल कवच ट्री गार्ड’ के लिए जागृति और नरेंद्र शर्मा को द्वितीय पुरस्कार तथा स्मार्ट सुरक्षा हेलमेट के आइडिया के लिए अथर्व दुबे को तृतीय पुरस्कार प्रदान किया। उन्होंने निपुण वर्मा और अनुष्का सोनकर को भी उनके नवाचारी विचारों के लिए सम्मानित किया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने एग्रोफेब सस्टेनेबल स्टार्टअप के लिए करण चंद्राकर, वर्टेक्स सुइट के लिए सजल मल्होत्रा और लैरक एआई के लिए अमित पटेल को सम्मानित किया।
राज्य सरकार के साथ ‘पार्टनरशिप एक्सचेंज’ हेतु समझौता पत्र सौंपे
मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम में माइटी स्टार्टअप हब, नेशनल इनोवेशन फाउंडेशन, वाधवानी फाउंडेशन, नैस्कॉम फाउंडेशन, स्टार्टअप मिडिल ईस्ट, कार्व स्टार्टअप लैब और छत्तीसगढ़ शासन के मध्य पार्टनरशिप एक्सचेंज के लिए समझौता पत्र भी वितरित किए।
एआई आधारित नवाचारों का अवलोकन – युवाओं का उत्साहवर्धन
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने एआई (Artificial Intelligence) आधारित नवाचार स्टॉलों का निरीक्षण किया। उन्होंने स्टार्टअप टीमों द्वारा विकसित मॉडलों, तकनीकों और अनुप्रयोगों की बारीकी से जानकारी ली।
मुख्यमंत्री ने युवा नवाचारकर्ताओं द्वारा तैयार किए गए समाधान, सॉफ्टवेयर, ऐप्लिकेशन और तकनीकी मॉडलों को देखकर उनकी उद्यमशीलता एवं शोध-क्षमता की सराहना की। निरीक्षण के दौरान उपस्थित युवा उद्यमियों ने अपने प्रोजेक्ट्स की उपयोगिता, बाज़ार संभावनाओं और भविष्य की योजनाओं की जानकारी मुख्यमंत्री को दी।
मुख्यमंत्री ने सभी युवाओं को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वे निरंतर नई तकनीक के साथ वैश्विक प्रतिस्पर्धा में अपनी पहचान बनाएँ।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, निवेश आयुक्त ऋतु सैन, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, डीजी एसटीपीआई अरविंद कुमार, उद्योग विभाग के सचिव रजत कुमार, संचालक उद्योग प्रभात मलिक, वाणिज्य एवं उद्योग विभाग की उप सचिव रेना जमील, सीएसआईडीसी के प्रबंध निदेशक विश्वेश कुमार तथा बड़ी संख्या में उद्यमी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में आज बड़ा रेल हादसा हो गया। लाल खदान स्टेशन के पास मालगाड़ी और पैसेंजर ट्रेन आपस में टकरा गईं, जिससे कई डिब्बे पटरी से उतर गए। हादसे में 4 लोगों की मौत हुई है। इसकी पुष्टि कलेक्टर ने की है। वहीं 12 से अधिक यात्री घायल हुए हैं। रेलवे प्रशासन ने मृतक के परिवार को 10 लाख और गंभीर घायलों को 5 लाख, सामान्य घायलों को एक लाख रुपए देने की घोषणा की है। रेलवे मंत्रालय रेस्क्यू का मानिटरिंग कर रहा है। सीआरएस स्तर की जांच कमेटी बनाई गई है, जो पूरे मामले की जांच करेगी।
जानकारी के मुताबिक, हादसा शाम करीब 4 बजे बिलासपुर स्टेशन से लगभग 5 किलोमीटर दूर गटोरा और बिलासपुर स्टेशन के बीच हुआ। टक्कर इतनी जोरदार थी कि ट्रेन के कई डिब्बे एक-दूसरे पर चढ़ गए। टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। रेस्क्यू टीम भी मौके पर पहुंचकर राहत कार्य में जुट गए हैं। बिलासपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल ने बताया कि घटना स्थल से अब तक 4 लोगों के शव बरामद किए गए हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन अभी जारी है। फिलहाल मौके पर जिला प्रशासन लगातार राहत कार्य में जुटा हुआ है।
रेलवे ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने हादसे के बाद यात्रियों और उनके परिजनों की सुविधा के लिए आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। यात्री इन नंबरों पर संपर्क कर अपने परिजनों की जानकारी ले सकते हैं।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बिलासपुर जिले के पास हुई ट्रेन दुर्घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने इसे अत्यंत दुखद घटना बताया और कहा कि इस दुर्घटना में प्रभावित परिवारों के प्रति राज्य सरकार पूरी संवेदना के साथ खड़ी है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने दूरभाष पर बिलासपुर जिला कलेक्टर से बात कर घटना की विस्तृत जानकारी लेते हुए प्रभावितों की सहायता के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि घायलों को तत्काल चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित की जाए तथा प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहयोग प्रदान किया जाए।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जानकारी दी कि रेलवे प्रशासन और जिला प्रशासन की टीमें तत्काल मौके पर पहुंच गई हैं और राहत-बचाव कार्यों में जुटी हैं। घायलों के उपचार के लिए सभी आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पूरी तत्परता और संवेदनशीलता के साथ स्थिति पर नजर रखे हुए है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस दुर्घटना में जान गंवाने वाले यात्रियों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और उनके परिजनों को इस दुखद समय में धैर्य प्रदान करने के लिए ईश्वर से प्रार्थना की है। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के लिए यह अत्यंत गौरवपूर्ण क्षण है कि प्रदेश से 12 मीट्रिक टन फोर्टिफाइड राइस कर्नेल (Fortified Rice Kernel – FRK) का निर्यात कोस्टा रिका को किया गया है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इस उपलब्धि पर कहा कि छत्तीसगढ़ की पहचान न सिर्फ वैश्विक मंच पर सुदृढ़ हो रही है, बल्कि पोषण, गुणवत्ता और समृद्धि के क्षेत्र में राज्य की साख को नई ऊँचाई भी प्राप्त हो रही है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह उपलब्धि माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में कुपोषण के खिलाफ छेड़ी गई उस मुहिम का विस्तार है, जो अब वैश्विक स्तर पर प्रभाव दिखा रही है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह हमारे किसानों, मिल संचालकों और निर्यातकों के लिए वैश्विक बाजार में नए अवसर और मूल्यवर्धित कृषि निर्यात को बढ़ावा देने वाला सराहनीय कदम है। साथ ही यह आत्मनिर्भर भारत और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
फोर्टिफाइड राइस कर्नेल (FRK) में आयरन, फोलिक एसिड और विटामिन-बी12 जैसे आवश्यक पोषक तत्वों का समावेश किया जाता है। यह प्रयास न केवल खाद्य सुरक्षा को सुदृढ़ करता है, बल्कि समाज के पोषण स्तर को भी बेहतर बनाता है। अब छत्तीसगढ़ के उत्पाद वैश्विक बाजार में ‘पोषण के प्रतीक’ के रूप में उभर रहे हैं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस उपलब्धि को “आत्मनिर्भर भारत और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़” की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताते हुए कहा कि यह निर्यात छत्तीसगढ़ के किसानों, मिल संचालकों और उद्योगों की मेहनत, गुणवत्ता और समर्पण का परिणाम है। आज हमारा छत्तीसगढ़ केवल भारत का अन्नदाता नहीं, बल्कि पोषण, नवाचार और गुणवत्ता का वैश्विक ब्रांड बन रहा है। यह गर्व का क्षण है, जो हमारे प्रदेश को वैश्विक व्यापार और पोषण मिशन – दोनों में अग्रणी बनाता है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह सफलता न केवल आर्थिक समृद्धि की दिशा में राज्य को आगे बढ़ाएगी, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘कुपोषण मुक्त भारत’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के विज़न को नई ऊर्जा प्रदान करेगी।
उल्लेखनीय है कि केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने सोशल मीडिया हैंडल पर पोस्ट करके जानकारी दी है कि छत्तीसगढ़ से 12 मीट्रिक टन फोर्टिफाइड राइस कर्नेल की पहली खेप कोस्टा रिका के लिए निर्यात की गई है।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुपोषण के खिलाफ अभियान को आगे बढ़ाते हुए यह वैश्विक स्तर पर किया गया प्रयास न केवल हमारे विदेशी व्यापार को सशक्त करता है, बल्कि हमारे पोषण मिशन को भी नई ऊर्जा प्रदान करता है।यह पहल हमारे किसानों, मिल संचालकों और निर्यातकों को नए बाजार, बेहतर मूल्य प्राप्ति और मूल्यवर्धित कृषि उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा देने के अवसर प्रदान करती है।
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक बड़ा रेल हादसा हुआ है। लाल खदान स्टेशन के पास मालगाड़ी और पैसेंजर ट्रेन आपस में टकरा गई, जिससे कई डिब्बे पटरी से उतर (डिरेल) गए हैं। हादसे में 12 से अधिक यात्री घायल हुए हैं, जिनमें कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है। रेस्क्यू के लिए रेलवे की टीम मौके पर पहुंच गई है।
रेस्क्यू टीम को भी तत्काल रवाना किया गया है। फिलहाल घटनास्थल पर राहत और बचाव कार्य जारी है तथा रेलवे प्रशासन ने हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। वहीं इस मामले में 5 से ज्यादा लोगों के मरने की खबर आ रही है। रेलवे प्रशासन ने तुरंत रेस्क्यू टीम और मेडिकल यूनिट को मौके पर भेजा है। स्थानीय प्रशासन भी सहायता के लिए पहुंच चुका है। हादसे के कारण पूरे रूट पर ट्रेन परिचालन पूरी तरह ठप हो गया है। कई ट्रेनों को रद्द या रूट डायवर्ट कर दिया गया।
रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका ने आज राजभवन में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बस्तर संभाग के आकांक्षी विकासखण्डों में चल रहे कार्याे की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को मानवीय संवेदना के साथ आकांक्षी क्षेत्र में तेजी से समन्वित विकास के लिए निर्देशित किया है।
बैठक में राज्यपाल ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास की दिशा में विशेष पहल करें और इसमें तेजी से प्रगति लायें। टीबी उन्मूलन के कार्य को गति देने, स्कूलों से ड्राप आउट बच्चों पर विशेष ध्यान देने, आजीविका के लिए स्व सहायता समूहों को मजबूत करने और उन्हें रोजगार कार्यों से जोड़ने के लिए कहा गया है। बैठक में राज्यपाल के सचिव डॉ. सी. आर. प्रसन्ना, आकांक्षी जिलों के कलेक्टर, सीईओ जिला पंचायत एवं विभिन्न विभागों के जिला एवं विकासखंड अधिकारी उपस्थित थे।
राज्यपाल ने बस्तर जिले के तोकापाल, बीजापुर जिले के उसूर, दंतेवाड़ा जिले के कुवाकोंडा, कोण्डागांव जिले के माकड़ी, नारायपुर जिले के ओरछा, सुकमा जिले के कोंटा और कांकेर जिले के कोयलीबेड़ा एवं दुर्गकोंदल आकांक्षी विकासखण्डों में किए जा रहे समन्वित विकास कार्याे एवं योजनाओं के क्रियान्वयन की प्रगति की समीक्षा की। राज्यपाल ने इन क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने और इसके लिए जनजागरूकता की दिशा में प्रयास करने के निर्देश दिए हैं। राज्यपाल ने रेडक्रॉस सोसायटी में अधिक से अधिक लोगों को जोड़ने और इसका सक्रिय उपयोग लेने कहा है। बच्चों के सुपोषण, पशु टीकाकरण पर ध्यान देने कहा गया है। स्कूलों में बच्चों के आंख एवं कान की नियमित जांच करने पर जोर दिया गया है। प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत दूरस्थ क्षेत्रों में तेजी से आवास के निर्माण के लिए सामाग्री का भंडारण समन्वय के साथ करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए है। अधिकारियों को दिसंबर माह तक कार्य में प्रगति लाकर एक्शन टेकन रिपोर्ट देने कहा गया है।
सुकमा। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में सुरक्षाबलों को एक बड़ी सफलता मिली है। DRG (डिस्ट्रिक्ट रिजर्व ग्रुप) टीम ने गोमगुड़ा इलाके के घने जंगल में नक्सलियों की ऑर्डिनेंस फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए उसे ध्वस्त कर दिया। मौके से 17 रायफल, हथियार बनाने की मशीनें, गन पार्ट्स और भारी मात्रा में निर्माण सामग्री बरामद की गई है। यह कार्रवाई वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में चलाए जा रहे एंटी नक्सल ऑपरेशन का हिस्सा थी।
जिला पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में नई रणनीति के तहत संचालित एंटी नक्सल अभियान का हिस्सा थी। लगातार चल रहे इन अभियानों से नक्सलियों को भारी नुकसान पहुंचा है और वे अब दबाव में हैं।
खुफिया सूचना पर चला ऑपरेशन
3 नवंबर 2025 को सटीक खुफिया सूचना के आधार पर DRG टीम ने गोमगुड़ा क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन चलाया। इसी दौरान सुरक्षाबलों को जंगल में नक्सलियों द्वारा संचालित अवैध हथियार निर्माण फैक्ट्री मिली। प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ कि नक्सली इस फैक्ट्री में सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने के लिए हथियार और विस्फोटक सामग्री तैयार कर रहे थे।
बरामद किये गए हथियारों की सूची
फैक्ट्री से जब्त किए गए हथियारों और उपकरणों की विस्तृत सूची में BGL रॉकेट लॉन्चर (1 नग), BGL लॉन्चर (6 नग), 12 बोर राइफल (6 नग), सिंगल शॉट राइफल (3 नग), देशी कट्टा (1 नग) और BGL बैरल (3 नग) शामिल हैं। इसके अलावा नक्सलियों द्वारा हथियार निर्माण में प्रयुक्त कई गन पार्ट्स और भारी उपकरण भी बरामद हुए हैं, जिनमें ग्राइंडर, वेल्डिंग शील्ड, हैंड ड्रिल (बड़ी व छोटी), टेबल वाइस, बैरल पार्ट्स, बिजली के तार, लोहे के पाइप इत्यादि प्रमुख हैं।
नक्सलियों पर बढ़ रहा दबाव
सुकमा पुलिस के अनुसार हाल के महीनों में लगातार चलाए जा रहे एंटी नक्सल ऑपरेशनों से माओवादियों को भारी नुकसान हुआ है। पिछले एक वर्ष में 545 माओवादी आत्मसमर्पण कर समाज की मुख्यधारा में लौट चुके हैं, जबकि 454 नक्सली गिरफ्तार किए गए हैं और 64 नक्सली मुठभेड़ों में मारे गए हैं। अब शेष बचे नक्सलियों पर भी सुरक्षाबलों का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है।
एसपी की अपील
पुलिस अधीक्षक सुकमा ने कहा कि सुरक्षाबलों की कार्रवाई का उद्देश्य केवल नक्सलवाद का उन्मूलन नहीं, बल्कि क्षेत्र में स्थायी शांति और विकास की स्थापना है। उन्होंने भटके हुए नक्सलियों से अपील की कि वे हिंसा छोड़कर विकास के मार्ग पर लौटें। उन्होंने विश्वास दिलाया कि जो भी माओवादी हथियार छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं, उन्हें शासन की पुनर्वास नीति के अंतर्गत सम्मानजनक जीवन की पूरी गारंटी दी जाएगी।
सारंगढ़–बिलाईगढ़। जिले के पुलिस महकमे में एक बार फिर बड़े पैमाने पर तबादले किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी आदेश के मुताबिक कुल 80 पुलिस कर्मियों का स्थानांतरण किया गया है। इनमें प्रधान आरक्षक (Head Constable) और आरक्षक (Constable) स्तर के अधिकारी शामिल हैं।
इस तबादला आदेश के जारी होते ही पूरे जिले के पुलिस विभाग में हलचल तेज हो गई है। कई थानों में लंबे समय से पदस्थ कर्मियों को बदला गया है, वहीं कई नए चेहरों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
महासमुंद। महासमुंद जिले से लगाए बारनवापारा क्षेत्र के हरदी गांव में 3 हाथियों का दल विचरण के दौरान कुएं में जा गिरा. इस दल में एक शावक और तीन वयस्क हाथी शामिल हैं. घटना की जानकारी लगते ही स्थानीय लोगों मौके पर पहुंच गए. उन्होंने वन विभाग को इसकी सूचना दी. घटनास्थल पर बारनवापारा परिक्षेत्र एसडीओ कृष्णु चंद्राकर और उनकी टीम पहुंची.
जानकारी के मुताबिक, वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंकर लोगों को घटनास्थल से दूर किया, जिसके बाद रेस्क्यू अभियान शुरू किया. जेसीबी मशीन की मदद से रैम्प बनाया गया, जिससे फंसे हुए शावक और हाथी को बाहर निकाला जा सके. रेस्क्यू के बाद सभी हाथी सुरक्षित रूप से जंगल की ओर लौट गए.
देखें रेस्क्यू का वीडियो
मौके पर वन विभाग की टीम ने 2 जेसीबी मशीन से रेस्क्यू अभियान चलाया. लगभग 3:30 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद हाथियों के सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है.
बलौदा बाजार वन मंडलाधिकारी गणवीर धम्मशील ने बताया कि हरदी गांव में एक शावक और दो हाथी के कुंए में गिरने की सूचना मिली थी. सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचे. तत्काल रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया. हरदी गांव और टीम ने मिलकर हाथियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. वन टीम सतर्क है. गांवों में मुनादी कर हाथियों के करीब जाने से मना किया जा रहा है.
बता दें कि पिछले 15 से 20 दिनों से बड़ी संख्या में हाथियों का दल बारनवापारा क्षेत्र में विचारण कर रहा है. दीपावली पर्व के दिन ग्राम हरदी में वृद्ध कनकु राम को हाथी ने पटक-पटक कर मार डाला था. हाथियों की मौजूदगी से लगातार क्षेत्र में दहशत का माहौल बना हुआ है.
रायपुर। ओडिशा के नुआपाड़ा विधानसभा उपचुनाव में अब कुछ ही दिन शेष हैं, ऐसे में अब भाजपा प्रचार में पूरी ताकत झोंकने वाली है. मुख्यमंत्री विष्णदेव साय 6 नवंबर को नुआपाड़ा विधानसभा जाएंगे. जहां वे भाजपा प्रत्याशी जय ढोलकिया के पक्ष में चुनाव प्रचार करेंगे.
बता दें कि प्रदेश के कुछ नेता भी वहां पर भाजपा प्रत्याशी के प्रचार प्रसार के लिए जुटे हुए हैं. बिहार में हो रहे विधानसभा चुनाव के साथ ही नुआपाड़ा में 11 नवंबर को उपचुनाव हो रहा है. यहां से भाजपा के प्रत्याशी जय ढोलकिया चुनाव लड़ रहे हैं. बीजेडी से स्नेहंगिनी छुरिया और कांग्रेस से घसियाराम माझी जैसे प्रमुख दलों के उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं. अन्य प्रमुख दलों से रमाकांत हाटी (समाजवादी पार्टी), हेमंत तांडी (बहुजन मुक्ति पार्टी) और शुकाधर डड़सेना (ओडिशा जनता दल) भी चुनाव लड़ रहे हैं.
गुजरात के इनवेस्टर कनेक्ट में होंगे शामिल
बता दें कि मुख्यमंत्री साय 10 और 11 नवंबर को गुजरात दौरा करेंगे. जहां वे अहमदाबाद में इनवेस्टर कनेक्ट में शामिल होंगे और स्टेचू आफ लिबर्टी में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेंगे. जानकारी के मुताबिक, मुख्यमंत्री 10 नवंबर को गुजरात पंहुचेंगे. इसके बाद अगले दिन 11 तारीख को वे अहमदाबाद में होने वाले छत्तीसगढ़ सरकार के इनवेस्टर कनेक्ट कार्यक्रम में शामिल होंगे. जहां वे गुजरात में बड़े उद्योगपतियों के साथ वन-टू वन मुलाकात करेंगे.