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पूर्व सीएम भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को बड़ा झटका, ED विशेष कोर्ट ने जमानत याचिका की खारिज
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाला मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को ईडी विशेष कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। कोर्ट ने चैतन्य बघेल की जमानत याचिका खारिज कर दी है। अब चैतन्य को जेल में ही रहना होगा।
जानकारी के अनुसार, चैतन्य की जमानत याचिका पर शुक्रवार को सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने निर्णय सुरक्षित रखा था, जिस पर आज फैसला सुनाया गया। इससे पहले एसीबी-ईओडब्ल्यू की टीम ने 15 अक्टूबर को रिमांड अवधि समाप्त होने के बाद उन्हें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए विशेष अदालत में पेश किया था। अदालत ने उस दौरान उन्हें 14 दिन की न्यायिक रिमांड पर जेल भेजने का आदेश दिया था। वे 29 अक्टूबर तक जेल में रहेंगे।
ED ने चैतन्य बघेल को जन्मदिन के दिन किया था गिरफ्तार
ईडी ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को उनके जन्मदिन पर 18 जुलाई को भिलाई निवास से धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत गिरफ्तार किया था। शराब घोटाले की जांच ईडी ने भारतीय दंड संहिता (IPC) की विभिन्न धाराओं और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 के तहत एसीबी/ईओडब्ल्यू रायपुर द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की थी। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इस घोटाले के कारण प्रदेश के खजाने को भारी नुकसान हुआ और करीब 2,500 करोड़ रुपये की अवैध कमाई (पीओसी) घोटाले से जुड़े लाभार्थियों की जेब में पहुंचाई गई।
चैतन्य को शराब घोटाले से 16.70 करोड़ रुपये नगद मिले
ईडी की जांच में पता चला है कि चैतन्य बघेल को शराब घोटाले के 16.70 करोड़ रुपये मिले हैं। उन्होंने इस पैसे का इस्तेमाल अपनी रियल एस्टेट फर्मों में किया है। इस पैसे का उपयोग उनके प्रोजेक्ट के ठेकेदार को नकद भुगतान, नकदी के खिलाफ बैंक प्रविष्टियों आदि के माध्यम से किया गया था। उन्होंने त्रिलोक सिंह ढिल्लों के साथ भी मिलीभगत की और अपनी कंपनियों का उपयोग एक योजना तैयार करने के लिए किया, जिसके अनुसार उन्होंने त्रिलोक सिंह ढिल्लों के कर्मचारियों के नाम पर अपने “विठ्ठलपुरम प्रोजेक्ट” में फ्लैटों की खरीद की आड़ में अप्रत्यक्ष रूप से 5 करोड़ रुपये प्राप्त किए। बैंकिंग ट्रेल है जो इंगित करता है कि लेन-देन की प्रासंगिक अवधि के दौरान त्रिलोक सिंह ढिल्लों ने अपने बैंक खातों में शराब सिंडिकेट से भुगतान प्राप्त किया।
पहले से गिरफ्त में हैं कई बड़े चेहरे
ईडी ने शराब घोटाला मामले में पूर्व आईएएस अनिल टुटेजा, अरविंद सिंह, त्रिलोक सिंह ढिल्लों, अनवर ढेबर, ITS अरुण पति त्रिपाठी और पूर्व मंत्री व वर्तमान विधायक कवासी लखमा को गिरफ्तार किया है। फिलहाल, मामले में आगे की जांच जारी है।
भ्रष्टाचार के आरोप पर श्रम निरीक्षक निलंबित, शिकायत के आधार पर त्वरित कार्रवाई
रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन श्रम विभाग अंतर्गत कार्यालय श्रम पदाधिकारी बलौदाबाजार में कार्यरत श्रम निरीक्षक रामचरन कौशिक को भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों के चलते तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। श्रम निरीक्षक व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से अवैध उगाही के आरोप लगाए गए थे।
श्रम आयुक्त, छत्तीसगढ़ द्वारा 24 अक्टूबर को एक जांच समिति गठित की गई। समिति की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में पाया गया कि श्रम निरीक्षक कौशिक द्वारा कार्यक्षेत्र में भ्रमण के दौरान कथित रूप से अवैध वसूली और अनियमितताएं की गई हैं। इसी के आधार पर उन्हें छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के नियम-9 के तहत निलंबित किया गया है।
निलंबन अवधि के दौरान कौशिक को जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी तथा निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय श्रमायुक्त कार्यालय, नवा रायपुर, अटल नगर निर्धारित किया गया है। विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और जिला पदाधिकारियों को आदेश की सूचना प्रेषित कर अनुपालन कराने निर्देशित किया गया है।
श्रमायुक्त कार्यालय ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार संबंधी किसी भी प्रकार की शिकायत पर कठोरतम कार्रवाई की जाएगी तथा जांच आगे भी जारी रहेगी।
जहां भूपेश वहां कांग्रेस की दुर्दशा तय है : उपमुख्यमंत्री अरुण साव
रायपुर। कांग्रेस समर्थक के विवादित जातिसूचक पोस्ट पर डिप्टी सीएम अरुण साव ने कहा, रायपुर ग्रामीण विधायक ने मामले की शिकायत थाने में की है. सामाजिक सौहार्द्र बिगाड़ने का अधिकार किसी को नहीं है. छत्तीसगढ़ भाईचारा का प्रदेश है, इसे बिगाड़ने का हक किसी को नहीं है.
बता दें कि ‘भूपेश है तो भरोसा है’ नामक फेसबुक ID से जातिसूचक और निंदनीय पोस्ट की गई है. इस मामले की शिकायत भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने सिविल लाइन थाने में की है और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है. भाजपा विधायक मोतीलाल साहू और शहर जिला अध्यक्ष रमेश सिंह ठाकुर के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल मामले की शिकायत करने थाने पहुंचा था. इस दौरान बीजेपी का कहना है कि कांग्रेस समर्थकों के पोस्ट से साहू समाज और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का अपमान हुआ है. पुलिस से फेसबुक ID ब्लॉक कर दोषियों को गिरफ्तार करने की मांग की गई है.
राज्योत्सव पर साव ने कहा – इस बार पीएम का मिलेगा आशीर्वाद
छत्तीसगढ़ के राज्योत्सव में पीएम नरेंद्र मोदी शामिल होंगे. इस पर डिप्टी सीएम साव ने कहा, स्थापना दिवस हमारे लिए गर्व का क्षण है. इस बार राज्योत्सव इसलिए भी खास है, क्योंकि यह रजत जयंती वर्ष है. पीएम मोदी का आना अत्यंत महत्वपूर्ण है, उनका आशीर्वाद हम सभी को मिलेगा. दिनभर उनके कई कार्यक्रम प्रस्तावित हैं. पीएम मोदी सत्य साईं हॉस्पिटल विजिट करेंगे. ब्रह्मकुमारी ईश्वरीय विद्यालय के नवीन भवन और विधानसभा के नवीन भवन का लोकार्पण करेंगे. ट्राइबल म्यूजियम का भी लोकार्पण करेंगे. शाम को राज्योत्सव का शुभारंभ करेंगे. लाखों की संख्या में लोग सुदूर अंचलों से भी पीएम मोदी को सुनने आएंगे.
बिहार में कांग्रेस की दुर्दशा तय : अरुण साव
बिहार चुनाव पर पूर्व सीएम भूपेश बघेल को स्टार प्रचारक बनाए जाने पर डिप्टी सीएम अरुण साव ने कहा, कांग्रेस की स्थिति बिहार में सब जानते हैं. वे क्षेत्रीय दल के एक छोटे सहयोगी दल के रूप में चुनाव लड़ रही है. कांग्रेस के अंदरूनी झगड़े और कमजोर नेतृत्व की वजह से वहां कांग्रेस की दुर्दशा तय है.
छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा तोड़ने वाले पर होगी सख्त कार्रवाई : साव
रायपुर में छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा को खंडित करने के मामले में उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा, छत्तीसगढ़ महतारी के मान-सम्मान को ठेस पहुंचाने की कोशिश को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. वीवीआईपी चौक स्थित छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा को खंडित करने की घटना अत्यंत निंदनीय है. इस संबंध में सरकार ने जांच के आदेश जारी किए हैं. जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसके विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की जाएगी. साव ने कहा कि छत्तीसगढ़ महतारी का अपमान प्रदेश की अस्मिता और जनभावनाओं पर आघात है. सरकार इस मामले में सख्त कार्रवाई करेगी.
विधानसभा के शीतकालीन सत्र में पेश होगी CGPSC की 24वीं वार्षिक रिपोर्ट, खुल सकते हैं गड़बड़ियों के राज
रायपुर। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) की 24वीं वार्षिक रिपोर्ट विधानसभा के आगामी शीतकालीन सत्र में सदन के पटल पर रखी जाएगी। इस रिपोर्ट को आयोग की अध्यक्ष डॉ. रीता शांडिल्य ने राज्यपाल रमेन डेका को सौंपा। रिपोर्ट का औपचारिक प्रस्तुतिकरण जल्द ही विधानसभा में किया जाएगा।राजभवन में आयोजित इस औपचारिक बैठक में आयोग के सदस्य डॉ. प्रवीण वर्मा, डॉ. सरिता उइके, संतकुमार नेताम, चंद्र कुमार अजगले तथा परीक्षा नियंत्रक लीना कोसम भी उपस्थित रहीं।
गड़बड़ियों पर उठ सकती है सियासी गर्मी
सूत्रों के मुताबिक, रिपोर्ट में हाल के वर्षों में हुई चयन प्रक्रियाओं की गड़बड़ियों का विस्तृत उल्लेख हो सकता है। खासतौर पर राज्य प्रशासनिक सेवा (RAS) और डिप्टी कलेक्टर समेत कई महत्वपूर्ण पदों पर हुई नियुक्तियों में कथित अनियमितताओं पर सवाल उठाए गए हैं। चूंकि इस समय सीबीआई और अन्य जांच एजेंसियां CGPSC परीक्षाओं की जांच कर रही हैं, इसलिए यह रिपोर्ट विधानसभा में पेश होते ही राजनीतिक हलचल बढ़ा सकती है।
पारदर्शिता बढ़ाने के सुझाव भी शामिल
आयोग की ओर से राज्यपाल को सौंपी गई रिपोर्ट में न केवल बीते वर्ष के परीक्षाओं और चयन प्रक्रियाओं का ब्यौरा है, बल्कि इसमें भविष्य की परीक्षा प्रणाली को और पारदर्शी व फुलप्रूफ बनाने के सुझाव भी शामिल किए गए हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि परीक्षा प्रणाली में तकनीकी सुधार, डिजिटल निगरानी और शिकायत निवारण की प्रक्रिया को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया है।
डीपीसी की बैठकों का विवरण भी रिपोर्ट में
वार्षिक रिपोर्ट में आयोग द्वारा विभिन्न विभागों के लिए की गई विभागीय पदोन्नति समितियों (DPC) की बैठकों का भी पूरा विवरण शामिल किया गया है। इनमें कई विभागों में लंबित पदोन्नति मामलों के निस्तारण की जानकारी दर्ज की गई है।
विधानसभा में गरमाएगा मुद्दा
CGPSC से जुड़ी अनियमितताओं के आरोप पिछले कुछ वर्षों से विवादों का विषय रहे हैं। परीक्षा परिणामों में बदलाव, उत्तर पुस्तिकाओं की जांच में अनियमितता और चयन सूची में संशोधन जैसे मामलों ने आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं। अब जब आयोग की वार्षिक रिपोर्ट सदन में पेश होगी, तब यह मुद्दा राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर बहस का विषय बन सकता है।
पुलिसकर्मियों के लिए एक नवंबर से हेलमेट अनिवार्य, आम जनता को 10 नवंबर तक छूट
जांजगीर-चांपा। सड़क दुर्घटनाओं को रोकने जांजगीर चांपा पुलिस ने जागरूकता कार्यक्रम की शुरुआत की है. वहीं एक नवंबर से एसपी ने पुलिसकर्मियों के लिए हेलमेट अनिवार्य कर दिया है. नियम का पालन नहीं करने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी. 10 नवंबर के बाद नियम तोड़ने वाले आम जनता पर भी सख्त कार्रवाई की जाएगी. एसपी ने कहा है कि यातायात नियमों का पालन करते हुए सुरक्षित यात्रा करें और जिम्मेदार नागरिक बनें.
पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय के निर्देशन में जिले के सभी थाना चौकी क्षेत्राें में यातायात नियमों से संबंधित विशेष अभियान चलाया जाएगा. इस दौरान जिले में सड़क दुर्घटना के पांच प्रमुख कारणों बिना हेलमेट, तीन सवारी, तेज गति, मोबाइल फोन पर बात और शराब सेवन कर वाहन चलाने पर फोकस करते हुए जागरूक किया जाएगा.

जागरुकता कार्यक्रम का नेतृत्व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात उदयन बेहार करेंगे. अभियान के दौरान प्रत्येक थाना क्षेत्र के गांव, स्कूल, कॉलेज में जाकर लोगों को दुर्घटना के कारणों और यातायात नियमों के संबंध में जानकारी दी जाएगी. जांजगीर-चांपा पुलिस 10 नवंबर तक यातायात नियमों के प्रति जागरूकता अभियान चलाएगी.
यातायात जागरूकता का मुख्य उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं को कम करना, लोगों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित करना और सड़कों पर सुरक्षित व्यवहार को बढ़ावा देना है. इसका लक्ष्य दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों को कम करना है. यह जागरूकता यातायात नियमों के पालन, लापरवाही से ड्राइविंग के खतरों और सड़क सुरक्षा के महत्व पर प्रकाश डालती है.
जनजागरूकता अभियान का प्रमुख उद्देश्य
दुर्घटनाओं में कमी: इसका प्राथमिक उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं के कारण होने वाली मौतों और चोटों को कम करना है.
जागरूकता बढ़ाना: यह जनता को लापरवाह ड्राइविंग और गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार के खतरों के बारे में शिक्षित करता है.
सुरक्षित व्यवहार को बढ़ावा देना: यह सुरक्षित सड़क उपयोगकर्ता व्यवहार को प्रोत्साहित करता है, जिसमें सीट बेल्ट लगाना, हेलमेट पहनना, गति सीमा का पालन करना और नशे में गाड़ी न चलाना शामिल है।
नियमों का पालन : यह सुनिश्चित करना कि नागरिक यातायात नियमों का अनुशासित तरीके से पालन करें। यातायात नियमों का ज्ञान, जनता को यातायात संकेतों, नियमों और सड़क पर अन्य सड़क उपयोगकर्ताओं के बारे में जागरूक करना।
सुरक्षित बुनियादी ढांचा: यह सुनिश्चित करना कि सड़कों का डिज़ाइन और रूपांतरण सार्वजनिक स्वास्थ्य, सुरक्षा और जीवन की गुणवत्ता को बढ़ावा दे।
जांजगीर पुलिस की अपील
बिना हेलमेट वाहन न चलाएं।
तीन सवारी से बचें।
शराब पीकर गाड़ी न चलाएं।
ड्राइविंग के दौरान मोबाइल का उपयोग न करें।
तेज गति से वाहन न चलाएं
मॉल वाहक वाहन में सवारी न बैठाए.
अवैध रेत उत्खनन पर बड़ी कार्रवाई, 31 वाहन किये गए जब्त
जांजगीर-चांपा। जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर नकेल कसने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। जिला टास्क फोर्स ने जिलेभर में बड़े पैमाने पर अभियान चलाकर अवैध खनिज परिवहन करने वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की है। इस दौरान कुल 31 वाहन पकड़े गए, जिनमें 25 ट्रैक्टर, 2 हाइवा और 4 जेसीबी मशीनें शामिल हैं। जिला प्रशासन ने बताया कि यह कार्रवाई मुख्यमंत्री की मंशा और राज्य सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत की गई है। सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में किसी भी स्तर पर अवैध रेत उत्खनन या परिवहन करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। इसी क्रम में जिला टास्क फोर्स की टीम ने लगातार निगरानी रखते हुए कई इलाकों में छापामार कार्रवाई की।
कार्रवाई के दौरान सामने आया कि अधिकांश वाहन बिना अनुमति के नदी किनारों से रेत उठाकर विभिन्न निर्माण स्थलों तक पहुंचा रहे थे। कई वाहनों के पास आवश्यक खनिज परिवहन दस्तावेज नहीं थे। टीम ने मौके पर सभी वाहनों को जब्त करते हुए संबंधित चालकों और मालिकों के खिलाफ खनिज नियमों के तहत कार्रवाई प्रारंभ की है। अभियान का नेतृत्व खनिज विभाग, राजस्व विभाग और पुलिस प्रशासन की संयुक्त टीम ने किया। टास्क फोर्स ने जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में अचानक जांच अभियान चलाया, जिसमें कई वाहन मौके से भागने का प्रयास भी करने लगे, लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए उन्हें पकड़ लिया। अधिकारियों ने बताया कि इस तरह की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी। जिले में कई बार यह शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ क्षेत्रों में अवैध रूप से रेत का उत्खनन और परिवहन किया जा रहा है, जिससे सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंच रहा था। साथ ही यह गतिविधि पर्यावरण के लिए भी हानिकारक है।
रायपुर नगर निगम को 100 करोड़ के म्युनिसिपल बॉन्ड जारी करने की मिली अनुमति, आदेश जारी…
रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने रायपुर नगर पालिक निगम को 100 करोड़ रुपये के म्युनिसिपल बॉन्ड जारी करने की अनुमति दे दी है। यह बॉन्ड अमृत योजना के तहत प्रोत्साहन (इंसेंटिव) प्राप्त करने के उद्देश्य से जारी किया जाएगा। राज्य सरकार ने इसकी सहमति कुछ शर्तों के अधीन दी है। जिससे अब रायपुर नगर निगम शेयर मार्केट की तरह आम लोगों के लिए निवेश का जरिया बनने जा रहा है।
नगरीय प्रशासन विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी किया है। आदेश के अनुसार, नगर निगम रायपुर को बॉन्ड जारी करने से पहले सभी प्रशासनिक, तकनीकी और नियामक स्वीकृतियां प्राप्त करनी होंगी।
राज्य शासन नहीं देगा गारंटी
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि इस म्युनिसिपल बॉन्ड के लिए राज्य शासन कोई गारंटी नहीं देगी। साथ ही बॉन्ड से जुड़ी सभी वित्तीय देनदारियां पूरी तरह नगर निगम रायपुर की होंगी। राज्य शासन द्वारा इसके लिए किसी भी प्रकार की वायबिलिटी गैप फंडिंग (Viability Gap Funding) नहीं की जाएगी।
सेबी रेगुलेशन का पालन अनिवार्य
निर्देशों में यह भी कहा गया है कि म्यूनिसिपल डेब्ट सिक्योरिटीज से संबंधित सभी प्रावधानों के सेबी (SEBI) रेगुलेशन्स का पालन नगर पालिक निगम रायपुर द्वारा किया जाएगा।
म्युनिसिपल बॉन्ड क्या है
म्युनिसिपल या नगर निगम बांड शहरी स्थानीय निकायों द्वारा जारी किए जाते हैं। शहर में विकास कार्यों को जारी रखने के लिए धन की जरूरत इससे पूरी की जाती है। इस तरह से बांड जारी कर नगर निगम पैसा जुटाते हैं और उसे शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कार्यों पर खर्च करते हैं। पूंजी बाजार के नियामक सेबी के अनुसार सिर्फ वही नगर निगम ऐसे बांड जारी कर सकते हैं, जिनका नेटवर्थ लगातार 3 वित्त वर्ष तक निगेटिव न रहा हो। साथ ही पिछले एक साल में उन्होंने कोई लोन डिफाल्ट न किया हो।

छत्तीसगढ़ में बारिश का रेड अलर्ट :रायपुर सहित इन जिलों में यलो अलर्ट, 80 किमी/घंटे तक चलेगी तेज हवा
रायपुर। छत्तीसगढ़ में मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना गहरा अवदाब (डिप्रेशन) अब चक्रवाती तूफान में बदल गया है, जिसके असर से राज्य के कई जिलों में अगले कुछ दिनों तक तेज बारिश और हवा की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने 28 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक राज्य में सक्रिय मौसम प्रणाली के कारण भारी वर्षा और तेज हवाओं की चेतावनी दी है।
मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण छत्तीसगढ़ के पांच जिलों — नारायणपुर, बस्तर, बीजापुर, दंतेवाड़ा और सुकमा में रेड अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में अगले 24 घंटों के दौरान 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जो कुछ इलाकों में 80 किमी/घंटे तक भी पहुंच सकती हैं। तेज हवाओं के साथ भारी वर्षा और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका भी है।
वहीं, कोंडागांव, कांकेर, धमतरी और गरियाबंद जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट और रायपुर, दुर्ग, बलौदाबाजार, महासमुंद, बालोद, राजनांदगांव और खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में मध्यम से हल्की बारिश के साथ गरज-चमक की स्थिति बनी रहेगी।
मौसम विज्ञानियों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी में बना यह सिस्टम धीरे-धीरे उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ रहा है। इसके प्रभाव से छत्तीसगढ़ के दक्षिणी और मध्य भागों में नमी बढ़ेगी और तापमान में गिरावट आएगी। राजधानी रायपुर में रविवार को भी हल्की बूंदाबांदी हुई, जबकि बस्तर संभाग के कई हिस्सों में रुक-रुक कर बारिश दर्ज की गई।
रायपुर के माना क्षेत्र में अधिकतम तापमान 33.6 डिग्री सेल्सियस, जबकि अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान 17.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने बताया कि अगले 72 घंटे के दौरान राज्यभर में दिन का तापमान सामान्य से 2 से 3 डिग्री कम रह सकता है।
विभाग ने किसानों और आम नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। खेतों में रखी फसलों और खुले स्थानों पर रखी सामग्री को सुरक्षित स्थानों पर रखने, बिजली के खंभों और पेड़ों के नीचे शरण न लेने की चेतावनी दी गई है।मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, चक्रवात का असर बस्तर संभाग में सबसे अधिक देखने को मिलेगा। भारी बारिश से नदी-नालों का जलस्तर बढ़ सकता है। प्रशासन ने भी सभी जिलों में राहत और बचाव दलों को अलर्ट पर रखा है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी करीब सात घंटे छत्तीसगढ़ में गुजारेंगे वक्त, जानिये क्या है मिनट टू मिनट प्रोग्राम
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक नवंबर को छत्तीसगढ़ के दौरे पर रहेंगे। यह दौरा एक दिन का होगा, लेकिन प्रधानमंत्री का पूरा दिन बेहद व्यस्त रहने वाला है। सुबह दिल्ली से रवाना होकर शाम तक वे लगातार 6 कार्यक्रमों में शामिल होंगे। खास बात यह है कि उनके इस दौरे में लंच ब्रेक तक निर्धारित नहीं किया गया है।
तय कार्यक्रम के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी सुबह 7:35 बजे दिल्ली से भारतीय वायुसेना के विशेष विमान से रवाना होंगे और सुबह 9:40 बजे रायपुर हवाई अड्डे पर पहुंचेंगे। इसके बाद वे सड़क मार्ग से नवा रायपुर के लिए रवाना होंगे।
सबसे पहले प्रधानमंत्री सुबह 10 बजे श्री सत्य साईं संजीवनी चाइल्ड हार्ट हॉस्पिटल पहुंचेंगे, जहां वे “दिल की बात” कार्यक्रम में शामिल होकर हृदय रोग का सफल ऑपरेशन करा चुके करीब 2500 बच्चों से संवाद करेंगे।
इसके बाद वे ब्रह्मकुमारी भवन (शांति शिखर) का उद्घाटन करेंगे और नए विधानसभा भवन पहुंचकर भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा का अनावरण करेंगे। इसके साथ ही वे छत्तीसगढ़ विधानसभा के नए भवन का उद्घाटन भी करेंगे।
दोपहर में प्रधानमंत्री आदिवासी स्वतंत्रता सेनानी संग्रहालय का उद्घाटन कर उसका भ्रमण करेंगे। इसके बाद वे नवा रायपुर में आयोजित राज्योत्सव समारोह का शुभारंभ करेंगे।
राज्योत्सव के उद्घाटन के बाद प्रधानमंत्री शाम 4:20 बजे रायपुर हवाई अड्डे के लिए रवाना होंगे और 4:25 बजे विमान से दिल्ली के लिए प्रस्थान करेंगे।
CGPSC की बड़ी लापरवाही पर हाईकोर्ट सख्त
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) की कार्यशैली में गंभीर लापरवाही सामने आने पर बिलासपुर हाईकोर्ट ने कड़ी नाराजगी जाहिर की है. कोर्ट ने खेल अधिकारी की नियुक्ति के मामले में हुई चूक को गंभीरता से लेते हुए, वेटिंग लिस्ट में पहले स्थान पर रहे योग्य अभ्यर्थी के नाम पर नियुक्ति पत्र जारी करने का आदेश दिया है.
मृत अभ्यर्थी को जारी कर दिया था नियुक्ति आदेश
यह मामला सीजीपीएससी के अफसरों की घोर लापरवाही से जुड़ा है. उनकी चूक के कारण गरियाबंद के एक योग्य अभ्यर्थी को नौकरी से वंचित होना पड़ा, जबकि अधिकारियों ने एक मृतक अभ्यर्थी के नाम पर लापरवाहीपूर्वक नियुक्ति का आदेश जारी कर दिया था.
क्या है पूरा मामला?
विज्ञापन: 6 मार्च 2019 को स्पोर्ट्स ऑफिसर के रिक्त पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया गया था.
परिणाम और वेटिंग लिस्ट: इंटरव्यू प्रक्रिया पूरी होने के बाद सितंबर 2020 में जारी परिणाम में, गरियाबंद निवासी नीलकंठ कुमार साहू को ओबीसी वर्ग की वेटिंग लिस्ट में पहले स्थान पर रखा गया था.
पद रिक्त हुआ: ओबीसी वर्ग से चयनित अमित वर्मा की जॉइनिंग से पहले ही मृत्यु हो गई, जिसके कारण यह पद रिक्त हो गया.
अभ्यर्थी को वंचित किया गया: नीलकंठ साहू ने वेटिंग लिस्ट की वैधता अवधि के भीतर ही पीएससी को पद रिक्त होने की जानकारी दी और नियुक्ति का दावा किया, लेकिन आयोग के जिम्मेदार अधिकारियों ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया. इस लापरवाही के चलते नीलकंठ को नियुक्ति से वंचित कर दिया गया.
हाईकोर्ट का सख्त फैसला
नीलकंठ साहू ने न्याय के लिए हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया. हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने मामले की गंभीरता को देखते हुए नीलकंठ साहू के पक्ष में फैसला सुनाया. कोर्ट ने सीजीपीएससी को निर्देश दिया है कि मृत अभ्यर्थी के रिक्त स्थान पर वेटिंग लिस्ट के पहले दावेदार नीलकंठ साहू को 8 सप्ताह के भीतर नियुक्ति पत्र जारी किया जाए. कोर्ट के इस आदेश से सीजीपीएससी की लापरवाही उजागर हुई है और योग्य अभ्यर्थी को उसका हक मिल सका है.
दोबारा स्थापित की गई छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा, आरोपी गिरफ्तार
रायपुर। राजधानी के वीआईपी चौक पर छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा उखाड़े जाने के एक दिन बाद सोमवार को दोबारा स्थापित कर दी गई. मूर्ति को खंडित करने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. बताया जा रहा है कि आरोपी मानसिक विक्षिप्त है.
बता दें कि घटना तेलीबांधा थाना क्षेत्र की है. जहां रविवार को वीआईपी चौक के पास स्थापित छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा को उखाड़ दिया गया था. घटना से लोगों में भारी आक्रोश था. छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना और स्थानीय लोगों ने प्रदर्शन किया था. इसके बाद पुलिस ने स्वतः संज्ञान लेकर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी. वहीं इस मामले में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भी सख्त रुख अपनाते हुए कहा था कि किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा, कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी. वहीं अब प्रतिमा के पुनः स्थापित होने से स्थानीय लोगों में संतोष का माहौल है.
बिहार विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने जारी की 40 स्टार प्रचारकों की सूची, छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम भूपेश बघेल का नाम भी शामिल …
रायपुर। बिहार विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने 40 स्टार प्रचारकों की सूची जारी कर दिया है. पार्टी की इस स्टार प्रचारकों की सूची में छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम भूपेश बघेल का नाम शामिल है. पूर्व सीएम भूपेश बघेल के अलावा इस सूची में राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, अशोक गहलोत, सचिन पायलट, रणदीप सुरजेवाला सहित अन्य नेताओं के नाम भी शामिल है.

बिहार में दो चरणों में होगा मतदान
बता दें कि बिहार विधानसभा की कुल 243 सीटों पर दो चरणों में चुनाव कराए जाएंगे. पहले चरण की बात करें तो इस में 121 सीटों पर 6 नवंबर को मतदान होगा. तो वहीं, दूसरे चरण में 122 सीटों पर 11 नवंबर को वोट डाले जाएंगे. जबकी दोनों चरणों की मतगणना 14 नवंबर को होगी, जबकि 16 नवंबर तक पूरी चुनाव प्रक्रिया संपन्न हो जाएगी. राज्य की मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल 22 नवंबर 2025 को समाप्त हो रहा है. बिहार की 243 सीटों में से 38 सीटें अनुसूचित जातियों (SC) और 2 सीटें अनुसूचित जनजातियों (ST) के लिए आरक्षित हैं.
छठ मइया की उपासना सूर्य आराधना और पर्यावरण संरक्षण का प्रतीक : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सूर्य उपासना के महापर्व छठ पूजा की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएँ दी हैं। उन्होंने कहा कि छठ पूजा आस्था, पवित्रता और प्रकृति के प्रति कृतज्ञता का पर्व है, जो सूर्यदेव और छठ मइया की उपासना के माध्यम से मानव और प्रकृति के मधुर संबंध का संदेश देता है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छठ पर्व का प्रत्येक अनुष्ठान – अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य देने से लेकर उदीयमान सूर्य की आराधना तक – जीवन में अनुशासन, संयम और स्वच्छता के महत्व को दर्शाता है। यह पर्व समाज में सामूहिकता, पवित्रता और पारिवारिक एकता की भावना को सशक्त बनाता है। उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की है कि इस अवसर पर सूर्योपासना के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण, जलस्रोतों की स्वच्छता और समाज में सद्भाव बनाए रखने का संकल्प लें।
मुख्यमंत्री ने दिव्यांग बच्चों के संग बांटी दीपावली की खुशियां
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज राजधानी रायपुर स्थित एक निजी होटल में छत्तीसगढ़ सीमेंट ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा आयोजित दीपावली मिलन समारोह में शामिल हुए। मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर जरूरतमंद दिव्यांग बच्चों के साथ दीपावली की खुशियां साझा कीं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण के लिए पूर्णतः संकल्पित है। उन्होंने कहा कि रायपुर में 5 एकड़ भूमि में दिव्यांगजनों के लिए सर्व-सुविधायुक्त पार्क का निर्माण किया जाएगा।
मुख्यमंत्री श्री साय ने दिव्यांग बच्चों से बड़ी आत्मीयता के साथ भेंट की और उन्हें दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। कोंपलवाणी और अर्पण दिव्यांग संस्था में अध्ययनरत बच्चों ने मुख्यमंत्री सहित उपस्थित अतिथियों के समक्ष साइन लैंग्वेज का सुंदर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने बच्चों के इशारों को दोहराते हुए उनसे साइन लैंग्वेज में गुड मॉर्निंग और गुड आफ्टरनून जैसे शब्द सीखे।



मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में दिव्यांगजनों के विकास के लिए सराहनीय कार्य हो रहा है। दिव्यांगजनों को निःशुल्क कृत्रिम अंग उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्हें स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने के लिए ऋण की व्यवस्था भी की गई है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र खटीक ने रायपुर में दिव्यांग पार्क बनाए जाने की घोषणा की थी, और अब रायपुर में 5 एकड़ भूमि पर यह सर्व-सुविधायुक्त दिव्यांग पार्क विकसित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री श्री साय ने दिव्यांग बच्चों के साथ दीपावली मिलन कार्यक्रम के आयोजन हेतु छत्तीसगढ़ सीमेंट ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन की सराहना की। उन्होंने कहा कि एसोसिएशन द्वारा जनसेवा के कार्यों के माध्यम से सामाजिक जिम्मेदारी का उत्कृष्ट निर्वहन किया जा रहा है। पूर्व में एसोसिएशन द्वारा मरीजों के लिए एम्बुलेंस भी प्रदान की गई थी, जिसका लाभ अनेक जरूरतमंद लोगों को प्राप्त हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह वर्ष छत्तीसगढ़ निर्माण का 25वां वर्ष है, जिसे हम रजत जयंती वर्ष के रूप में मना रहे हैं। यह हमारे लिए गर्व का विषय है कि इस वर्ष प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राज्योत्सव का शुभारंभ करेंगे। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने वर्ष 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य निर्धारित किया है। उसी दिशा में हमें विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण का संकल्प लेकर आगे बढ़ना है। इस हेतु राज्य सरकार ने विकसित छत्तीसगढ़ विजन डॉक्यूमेंट तैयार किया है। सभी के सहयोग से इस लक्ष्य को हम अवश्य प्राप्त करेंगे।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य में सड़कों का निरंतर विस्तार किया जा रहा है, जिससे प्रदेश की कनेक्टिविटी में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। भारतमाला परियोजना के अंतर्गत रायपुर–विशाखापत्तनम तथा रायपुर–धनबाद मार्गों का निर्माण कार्य प्रगति पर है।
महाराष्ट्र और त्रिपुरा के पूर्व राज्यपाल रमेश बैस ने कहा कि मैं सांसद के रूप में दिव्यांगजनों के लिए गठित सोशल जस्टिस स्टैंडिंग कमेटी का सदस्य रहा हूँ। संसद में दिव्यांग बिल के लिए हमने व्यापक अध्ययन किया था। बिल पारित होने के पश्चात दिव्यांगजनों को मिलने वाली सुविधाओं में तीन गुना वृद्धि हुई। राज्यपाल रहते हुए मुझे दिव्यांगजनों के लिए कार्य कर रही संस्थाओं में जाने का अवसर मिला। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों की चुनौतियों को सामान्यजन अक्सर समझ नहीं पाते।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वनमंत्री केदार कश्यप ने कहा कि इस बार जीएसटी दरों में कमी के कारण दीपावली का उत्सव और अधिक भव्य रूप में मनाया गया। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया, जिसकी हम आज रजत जयंती मना रहे हैं।
राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के तहत छत्तीसगढ़ का योजनाबद्ध विकास निरंतर हो रहा है। सभी के सहयोग से विकसित छत्तीसगढ़ का सपना साकार होगा।
कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि दिव्यांगजनों के साथ दीपावली मिलन का आयोजन उत्तम सोच का प्रतीक है। खुशियां बांटने से बढ़ती हैं, और यह देखकर प्रसन्नता होती है कि एसोसिएशन जनसेवा में सक्रिय है तथा समाज के अन्य लोगों को भी इससे जोड़ रही है।
मुख्यमंत्री के समक्ष पैरों से पेंटिंग करने वाले दिव्यांग चित्रकार गोकर्ण पाटिल ने अपनी अद्भुत कला का प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री ने उनकी कला की सराहना करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में दिव्यांग बच्चों को गर्म कपड़ों का वितरण भी किया।
इस अवसर पर विधायक इंद्र कुमार साहू, रायपुर की महापौर मीनल चौबे, छत्तीसगढ़ सीमेंट ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष अंजय शुक्ला सहित अन्य पदाधिकारीगण, कोंपलवाणी और अर्पण दिव्यांग संस्था के बच्चे तथा गणमान्यजन उपस्थित थे।
राज्योत्सव की तैयारियों पर कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने ली बैठक, एयर-शो एवं राज्योत्सव स्थल का निरीक्षण कर समय पर सभी तैयारियां पूर्ण करने के दिये निर्देश
रायपुर। राज्योत्सव-2025 के अवसर पर होने वाले एयर-शो एवं राज्योत्सव स्थल की तैयारियों को लेकर आज कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने अधिकारियों की बैठक ली और आयोजन स्थल पर सभी आवश्यक व्यवस्थाओं की विस्तार से समीक्षा की। बैठक में मुख्यमंत्री के संयुक्त सचिव डॉ रवि मित्तल भी मौजूद थे।
कलेक्टर डॉ. सिंह ने निर्देश दिए कि सुरक्षा, यातायात, पार्किंग, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवाएँ, स्वच्छता तथा आपातकालीन प्रबंधन की तैयारियाँ समय पर पूरी की जाएँ। उन्होंने कहा कि इस बार राज्योत्सव में आने वाले नागरिकों को बेहतर सुविधा और आकर्षक अनुभव मिले, इसके लिए सभी विभाग समन्वय के साथ कार्य करें।


एयर-शो के लिए विशेष दर्शक दीर्घा, फायर एवं मेडिकल टीम और आपातकालीन प्रतिक्रिया दल स्थापित करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा राज्योत्सव स्थल पर VIP एवं मीडिया जोन, पार्किंग स्थल, मुख्य मंच, और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए बैकस्टेज व्यवस्था का भी निरीक्षण किया गया।
डॉ. गौरव सिंह ने कार्यक्रम स्थल का मैदान निरीक्षण कर निर्माण कार्य, सजावट, प्रकाश व्यवस्था और मंच की रूपरेखा का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से कहा कि सभी कार्य निर्धारित समयसीमा में पूर्ण किए जाएँ ताकि राज्योत्सव के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो।
इस अवसर पर एसएसपी डॉ. लाल उम्मेद सिंह, निगम आयुक्त विश्वदीप, अपर कलेक्टर नम्रता जैन, जिला पंचायत सीईओ कुमार बिश्वरंजन, सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय छत्तीसगढ़ प्रदेश मानिकपुरी पनिका समाज के शपथ ग्रहण एवं दीपावली मिलन समारोह में हुए शामिल
रायपुर। शिक्षा के बिना जीवन अधूरा है। शिक्षा केवल नौकरी प्राप्त करने का साधन नहीं, बल्कि सफल जीवन का मार्ग है। सामाजिक विकास का मूलमंत्र शिक्षा है। चाहे जीवन जीने की कला हो, व्यापार, कृषि या कोई अन्य क्षेत्र — प्रत्येक क्षेत्र में सफलता के लिए शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित छत्तीसगढ़ प्रदेश मानिकपुरी पनिका समाज के शपथ ग्रहण एवं दीपावली मिलन समारोह को संबोधित करते हुए यह बात कही।

मुख्यमंत्री श्री साय ने सभी नव-निर्वाचित पदाधिकारियों को शपथ दिलाई और उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रारंभ से ही शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर रही है। राज्य गठन के समय जहाँ केवल एक मेडिकल कॉलेज था, वहीं आज प्रदेश में लगभग 15 मेडिकल कॉलेज संचालित हो रहे हैं। इसी प्रकार राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान — जैसे आईआईटी, ट्रिपल-आईटी, आईआईएम, लॉ यूनिवर्सिटी, एम्स और सिपेट — छत्तीसगढ़ में स्थापित किए गए हैं, जिनसे राज्य के स्थानीय विद्यार्थियों को शिक्षा और अवसर दोनों प्राप्त हो रहे हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने आगे कहा कि आज समाज को संगठित होने की आवश्यकता है, क्योंकि संगठित समाज से ही राष्ट्र मजबूत बनता है। उन्होंने कहा कि आपके समाज का कला और साहित्य के क्षेत्र में भी आदिकाल से अतुलनीय योगदान रहा है। विश्व प्रसिद्ध बस्तर दशहरा के दौरान काछनदेवी रस्म में देवी माँ जिस कन्या पर अवतरित होती हैं, वह भी पनिका समाज की होती है — यह निश्चित ही पूरे समाज के लिए गर्व की बात है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का मूलमंत्र है — सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास। उनके मार्गदर्शन में हमारी सरकार पिछले 22 महीनों से सभी वर्गों के कल्याण के लिए सतत रूप से कार्य कर रही है। हमने अन्नदाताओं के हित में कृषक उन्नति योजना, पक्का मकान देने हेतु प्रधानमंत्री आवास योजना, माताओं और बहनों को सशक्त बनाने के लिए महतारी वंदन योजना, तथा दूरस्थ अंचलों के विद्यालयों में शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए शिक्षक युक्तियुक्तकरण जैसे कदम उठाए हैं।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ माटी कला बोर्ड के अध्यक्ष शम्भु नाथ चक्रवर्ती ने भी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सभी नव-निर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई दी।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ प्रदेश मानिकपुरी पनिका समाज के अध्यक्ष भरत दास मानिकपुरी सहित समाज के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
वंदेभारत फिर 16 कोच के साथ दौड़ेगी पटरी पर
रायपुर। बिलासपुर से नागपुर के बीच दौड़ रही वंदेभारत एक्सप्रेस ट्रेन में यात्रियों की भीड़ लगातार बढ़ रही है. इसे देखते हुए रेलवे ने फिर से 16 कोच के साथ चलाना शुरु कर दिया है. रेलवे से मिली जानकारी के अनुसार हर दिन इस ट्रेन में 800 से ज्यादा यात्री सफर कर रहे है.
बता दें कि 11 दिसंबर 2022 को जब नागपुर के लिए वंदेभारत का परिचालन शुरू हुआ था तब इसमें 16 कोच थे, लेकिन इसमें टिकट महंगा होने के कारण कुछ समय बाद ही यात्रियों की संख्या कम होने लगी. इसके बाद रेलवे ने अप्रैल 2023 में 16 कोच को घटाकर 8 कोच कर दिया था. इसके बाद करीब 564 यात्री ट्रेन में सफर कर पा रहे थे, अब फिर से 1128 यात्री सफर कर पाएंगे.
वंदेभारत में रायपुर और बिलासपुर से नागपुर तक सफर करने वाले काफी यात्री मिल रहे हैं. यहां तक की कई यात्री रायपुर से बिलासपुर कम समय में पहुंचने के लिए इसमें सफर करना पसंद कर रहे हैं. इसकी मुख्य वजह इस ट्रेन का समय पर पहुंचना है. साथ ही 16 कोच लगाने के बाद भी वर्तमान में यह ट्रेन पैक चल रही है. वहीं बाकि एक्सप्रेस ट्रेन की तुलना में यह ट्रेन रद्द नहीं हो रही है, इसलिए यात्रियों का भरोसा भी बढ़ा है. रविवार को भी इस ट्रेन के सीसी कोच में 54 और ईसी कोच में 6 वेटिंग चल रही है. इस ट्रेन में त्योहारी सीजन में यात्रियों की संख्या में इजाफा हुआ है. नागपुर जाने के लिए बिलासपुर और रायपुर के लोगों को यह ट्रेन रास आ रही है.