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नक्सली हमले में 9 शहीद : केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा – व्यर्थ नहीं जाएगा जवानों का बलिदान, मार्च 2026 तक नक्सलवाद समाप्त करके ही रहेंगे, राज्यपाल डेका ने की घटना की निंदा
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में नक्सलियों ने आईईडी ब्लास्ट कर जवानों से भरी गाड़ी को उड़ा दिया. इस हमले में दंतेवाड़ा डीआरजी के 8 जवान समेत ड्राइवर शहीद हो गए. इस घटना पर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने शोक जताया है. उन्होंने कहा है कि हमारे जवानों का बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा. हम मार्च 2026 तक भारत की भूमि से नक्सलवाद को समाप्त करके ही रहेंगे. राज्यपाल रमेन डेका ने भी बीजापुर जिले में हुए नक्सली घटना की कड़ी निंदा की है.
गृहमंत्री अमित शाह ने एक्स पर लिखा है कि बीजापुर (छत्तीसगढ़) में IED ब्लास्ट में DRG के जवानों को खोने की सूचना से अत्यंत दुखी हूं. वीर जवानों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं. इस दुख को शब्दों में व्यक्त कर पाना असंभव है, लेकिन मैं विश्वास दिलाता हूं कि हमारे जवानों का बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा. हम मार्च 2026 तक भारत की भूमि से नक्सलवाद को समाप्त करके ही रहेंगे.
राज्यपाल डेका ने की नक्सली घटना की कड़ी निंदा
राज्यपाल रमेन डेका ने बीजापुर जिले के कुटरू-बेदरे मार्ग में नक्सलियों द्वारा डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड के जवानों की गाड़ी को आईईडी ब्लास्ट से उड़ाने की कायरतापूर्ण घटना की कड़ी निंदा की है. राज्यपाल ने कहा, इस घटना में अनेक जवानों के शहीद होने की दुखद जानकारी मिली है. नक्सलियों द्वारा किया गया यह कृत्य जघन्य अपराध है. ईश्वर मृत आत्माओं को शांति प्रदान करें. उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना की है.
नक्सल हमले में जवानों के बलिदान की खबर सुनते ही मुख्यमंत्री साय ने रोका कार्यक्रम, 2 मिनट का मौन रखकर शहीदों को दी श्रद्धांजलि
महासमुंद। छत्तीसगढ़ के बीजापुर में नक्सलियों ने आईईडी ब्लास्ट किया है, जिसमें डीआरजी के 8 जवान और एक वाहन चालक शहीद हो गए हैं. इस घटना की खबर जैसे ही मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को लगी उन्होंने तत्काल कार्यक्रम को बीच में रोककर सभी शहीदों को श्रद्धांजलि दी. वहीं मंच से मुख्यमंत्री के साथ ने दो मिनट का मौन भी रखा.
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज महासमुंद में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे. इस दौरान बीजापुर जिले के कुटरू में नक्सलियों द्वारा किए गए आईईडी ब्लास्ट में 8 जवानों सहित एक वाहन चालक के शहीद होने की दुःखद घटना पर शोक व्यक्त करते हुए 2 मिनट मौन धारण कर श्रद्धांजलि दी. कार्यक्रम में उपस्थित सभी मंचस्थ अतिथि सहित सभी गणमान्य नागरिकों ने दुखद घटना पर 2 मिनिट का मौन धारण कर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि दी.
यह दर्दनाक घटना बीजापुर जिले के कुटरू-बेदरे मार्ग पर ग्राम अंबेली के पास हुई। जहां दंतेवाड़ा, नारायणपुर, और बीजापुर की संयुक्त ऑपरेशन पार्टी माओवादी विरोधी अभियान के बाद 6 जनवरी को वापस लौट रही थी. तभी दोपहर लगभग 2:15 बजे माओवादियों ने आईईडी ब्लास्ट कर सुरक्षा बलों के वाहन को निशाना बनाया. इस हमले में दंतेवाड़ा डीआरजी (डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड) के 8 जवान और वाहन चालक शहीद हो गए.
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने बाइक रैली को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना
रायपुर। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने आज रायपुर के तेलघानी नाका चौक पर राजिम भक्तिन माता जयंती महोत्सव पर साहू समाज युवा प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित बाइक रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। विधायक संदीप साहू और पूर्व मंत्री ताम्रध्वज साहू सहित साहू समाज के अनेक पदाधिकारी इस दौरान मौजूद थे।
हमारे छत्तीसगढ़ की धरती में कण-कण में प्रभु श्रीराम का वास - मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
रायपुर। हमारे छत्तीसगढ़ की धरती में कण-कण में प्रभु श्रीराम का वास है। हमारे यहां छत्तीसगढ़ का प्रयाग कहा जाने वाला राजिम है और छत्तीसगढ़ का काशी कहा जाने वाला खरौद भी है। मेरा सौभाग्य था कि जांजगीर-चांपा जिले में माता शबरी की पुण्यभूमि शिवरीनारायण से हम सभी ने भगवान श्रीरामलला के प्राणप्रतिष्ठा का कार्यक्रम देखा। 22 जनवरी को अयोध्या धाम में भगवान श्रीरामलला की प्राणप्रतिष्ठा के एक वर्ष हो जाएंगे। यह तिथि हम सबके लिए सांस्कृतिक गौरव के सबसे बड़े दिनों में से है। जब हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भगवान श्रीरामलला की प्राणप्रतिष्ठा की तो यह हम सबके लिए बेहद भावुक क्षण था। प्रधानमंत्री मोदी ने इस अवसर पर दिये अपने संबोधन में माता शबरी को भी नमन किया। भगवान श्रीराम से माता शबरी का स्नेह हम सबको भावविभोर कर देता है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जांजगीर चांपा जिले में आयोजित लोकार्पण-भूमिपूजन समारोह को सम्बोधित करते हुए यह बात कही।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इस अंचल में निराकार राम की उपासना करने वाले रामनामी समुदाय के लोग भी रहते हैं। जिन्होंने अपने रोम रोम में राम को बसाया है। उन्हें भी प्रधानमंत्री ने रामलला की प्राण प्रतिष्ठा समारोह में आमंत्रित किया था। अयोध्या धाम में श्रीरामलला की प्राणप्रतिष्ठा के बाद जब मैं मंत्रिमंडल सहित रामलला के दर्शन करने पहुंचा तब शिवरीनारायण के बेर भी भेंट किये। हमने श्रीरामलला अयोध्या धाम दर्शन योजना आरंभ की है, इसके माध्यम से अब तक प्रदेश के 20 हजार से अधिक श्रद्धालु अयोध्या धाम, काशीधाम के दर्शन कर चुके हैं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि विकसित छत्तीसगढ़ बनाने के लिए हम तेजी से काम कर रहे हैं। राज्य में डबल इंजन की सरकार होने का फायदा छत्तीसगढ़ को मिल रहा है। रेल, सड़क सहित अन्य योजनाओं में भी प्रदेश आगे बढ़ रहा हैं। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने ’’मोदी की गारंटी’’ पर काम करते हुए शपथ लेने के दूसरे दिन हमने आवास से वंचित प्रदेश के 18 लाख लोगों को आवास देने के लिए निर्णय लिया। आज बड़ी संख्या में पीएम आवास के हितग्राहियों के पक्के मकान बन रहे हैं और नए आवास स्वीकृत हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि मोदी की गारंटी मतलब गारंटी पूरी होने की गारंटी है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने जांजगीर के शासकीय हाई स्कूल मैदान में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत आयोजित सामूहिक विवाह समारोह में नवविवाहित 57 जोड़ों को नए दाम्पत्य जीवन में प्रवेश के लिए शुभकामनाएं दी। उन्होंने इस अवसर पर 183.41 करोड़ रूपए की लागत के 285 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। इसमें 118.39 करोड़ की लागत के 112 कार्यों का भूमिपूजन एवं 65.02 करोड़ के 173 कार्यों का लोकार्पण शामिल हैं। कार्यक्रम में इन्डस सॉफ्ट कंपनी प्रोजेक्ट संचार अंतर्गत सिद्ध के आईटीआई के साथ निशुल्क टेलीकॉम प्रारंभ करने, आईसीआईसीआई मिशन डीजी सक्षम अंतर्गत 10 शासकीय स्कूलों में निशुल्क कंप्यूटर स्थापना और मेसन ट्रेनिंग हेतु नया ट्रेनिंग सेंटर स्थापित करने हेतु ओएमयू किया गया। कार्यक्रम में जिले के पर्यटन कैलेंडर, प्रोजेक्ट सक्षम, बिहान समूहों के उत्पाद के लिए ब्रांड नेम बहिनी का विमोचन किया गया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि जांजगीर-चाम्पा जिले की ऐतिहासिक पहचान है। माता शबरी ने भगवान राम को जूठे बेर खिलाये। इस जिले में अधिकांश क्षेत्र सिंचाई सुविधाओं से सम्पन्न है। यहाँ सर्वाधिक धान का उत्पादन होता है। यह खुशी की बात है कि यहाँ के किसानों को योजनाओं का लाभ मिल रहा है। श्रद्धेय अटल जी छत्तीसगढ़ के निर्माता हैं और उनके छत्तीसगढ़ में हमारी सरकार बेहतर योजनाओं के साथ सुशासन की दिशा में काम कर रही है और इसके लिए हम वचनबद्ध है। हमारी सरकार भ्रष्टाचार पर जीरो टोरलेन्स की दिशा में कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि किसानों से 21 क्विंटल प्रति एकड़ और 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी कर रहे हैं। 13 लाख से अधिक किसानों के दो साल का बकाया धान बोनस राशि 3716 करोड़ का भुगतान भी किया है और महतारी वंदन योजना के माध्यम से प्रदेश की 70 लाख से अधिक महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रुपए उनके खाते में दी जा रही है। हाल ही में महिलाओं को ग्यारहवीं किश्त दी गई है। आदिवासियों के आमदनी का मुख्य जरिया तेंदूपत्ता की पारिश्रमिक दर 4 हजार से बढ़ाकर 5 हजार 500 रुपये किया है।
कार्यक्रम को लोकसभा क्षेत्र जांजगीर चांपा के सांसद कमलेश जांगड़े ने भी सम्बोधित किया। इस अवसर पर विधायक ब्यास कश्यप, राघवेन्द्र कुमार सिंह, शेषराज हरबंश, बालेश्वर साहू, सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित थे।









मुख्यमंत्री ने जांजगीर में अत्याधुनिक स्टुडियो का किया शुभारंभ, सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स, क्रिएटर्स व गायकों के सपनो को मिलेगी नई ऊचाईयां
रायपुर। नए साल में जांजगीर चांपा क्षेत्र के युवाओं को उनकी रचनात्मकता को निखारने के लिए ग्लोबल मंच मिल गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज जांजगीर में हसदेव क्रिएटर हब का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीमार्ट परिसर में स्थापित इस अत्याधुनिक स्टूडियो से सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स, क्रिएटर्स व गायकों को अपनी सृजनशीलता और रचनात्मकता को देश-दुनिया के सामने लाने और उसे निखारने का ग्लोबल मंच मिलेगा। इस मौके पर उन्होंने स्टूडियो में पॉडकास्ट के माध्यम से इंटरव्यू भी दिया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि युवाओं के उमंग और उत्साह को देखकर मैं भी उत्साहित हूं। उन्होंने कहा कि पहले इस कार्य के लिए बड़े शहरों का रुख करना पड़ता है और बड़ी राशि खर्च करनी पड़ती थी। अब इस स्टूडियो के बन जाने से युवाओं को अपनी क्रिएटीविटी को सबके सामने लाने के लिए काफी सुविधा होगी। यहां रिकार्डिंग के लिए अत्याधुनिक उपकरण और साफ्टवेयर हैं। इस अवसर पर सांसद कमलेश जांगड़े, पूर्व नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल, पूर्व विधायक सौरभ सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कंटेंट क्रिएटर्स, सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स, यूट्यूबर्स उपस्थित थे।
उल्लेखनीय है कि हसदेव क्रिएटर्स हब (हाईटेक स्टूडियो) क्रिएटर्स, सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स, यूट्यूबर्स के लिए सभी आवश्यक उपकरण से लैस है। अत्याधुनिक कैमरे, ड्रोन कैमरे, हाई एंड कंप्यूटर जैसे उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं। शूटिंग के साथ-साथ एडिटिंग के लिए भी सॉफ्टवेयर्स की व्यवस्था की गई है। स्टूडियो में ऑडियो लैब भी बनाया गया है, जहां ऑडियो मिक्सर सॉफ्टवेयर और उपकरणों से ऑडियो रिकॉर्डिंग और मिक्सिंग कर पाएंगे साथ ही पॉडकास्टिंग भी कर पाएंगे।
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा का अनावरण
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कलेक्टोरेट परिसर में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा का अनावरण किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कलेक्टर कार्यालय परिसर पर महात्मा गांधी की प्रतिमा के समीप चरखा भी चलाया। इसके साथ ही उन्होंने महात्मा गांधी की प्रतिमा के समीप एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत रूद्राक्ष के पौधे का रोपण किया।



“देश का प्रकृति परीक्षण” : राज्य के 4 लाख से ज्यादा नागरिकों का ऑनलाईन प्रकृति परीक्षण, इन राज्यों से बेहतर रहा छत्तीसगढ़ का प्रदर्शन …
रायपुर। भारत सरकार आयुष मंत्रालय के तत्वावधान में 29 अक्टूबर 2024 को नवम् राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा "देश का प्रकृति परीक्षण" अभियान का शुभारंभ किया गया। इस अभियान का प्रथम चरण संविधान दिवस दिनांक 26 नवम्बर 2024 से पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती 25 दिसंबर 2024 तक संपन्न हुआ। ऑनलाईन अभियान के अंतर्गत मोबाईल एप्लीकेशन के द्वारा देश के एक करोड़ नागरिकों के आयुर्वेदीय सिद्धांत अनुसार प्रकृति (वात-पित्त-कफ) परीक्षण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया। राज्य में 25 दिसंबर 2024 तक आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति से जुड़े कुल 3,551 महाविद्यालयीन शिक्षकों, चिकित्सकों, छात्रों, आयुर्वेद चिकित्सा अधिकारियों तथा निजी चिकित्सकों द्वारा बतौर स्वयंसेवक (वालेंटियर) कुल 4,45,897 नागरिकों का ऑनलाईन प्रकृति परीक्षण किया गया। छत्तीसगढ़ में इस अभियान को काफी अच्छा प्रतिसाद मिला तथा राज्य का प्रदर्शन बिहार, ओड़िशा, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, हिमाचल प्रदेश, झारखण्ड, उत्तराखण्ड जैसे अनेक राज्यों की तुलना में काफी बेहतर रहा। अभियान के प्रथम चरण का समापन दिनांक 25 दिसंबर 2024 को माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के मुख्य आतिथ्य में जशपुर जिले के कुनकुरी में संपन्न हुआ। इस अवसर पर मुख्यमंत्री को प्रकृति परीक्षण कार्ड भेंट किया गया। मुख्यमंत्री श्री साय ने उपस्थित जनसमुदाय से आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति को अपनाने तथा प्रकृति परीक्षण कराने की अपील की है। अभियान के तहत प्रदेश के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री सहित अन्य सांसद, विधायकगण एवं जनप्रतिनिधियों सहित आम नागरिकों का प्रकृति परीक्षण किया गया।
"देश का प्रकृति परीक्षण" अभियान का उद्देश्य आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति के द्वारा जनसामान्य को मोबाईल एप्लीकेशन पर उनके प्रकृति के अनुरूप विभिन्न ऋतुओं में स्वस्थ रहने हेतु आवश्यक आहार, दिनचर्या, ऋतुचर्या, परहेज एवं स्वास्थ्य से संबंधित अन्य महत्वपूर्ण परामर्श उपलब्ध कराना है। अभियान के अंतर्गत जिन नागरिकों का प्रकृति परीक्षण किया गया है उन्हें "डिजिटल प्रकृति परीक्षण कार्ड” भी उपलब्ध हुआ है जिससे उन्हें भविष्य में किसी भी आयुर्वेद उपचार के लिए पृथक से प्रकृति परीक्षण की आवश्यकता नहीं होगी। प्रकृति परीक्षण के द्वारा भविष्य में होने वाले अनेक जीवनशैली रोग जैसे मधुमेह, उच्चरक्तचाप, हृदयरोग तथा कैंसर से बचाव व नियंत्रण भी संभव होगा। मोबाईल एप्लीकेशन आधारित नागरिकों का निःशुल्क प्रकृति परीक्षण भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगा, इस हेतु इच्छुक नागरिकों को अपने मोबाईल फोन के प्ले स्टोर से "देश का प्रकृति परीक्षण" एप्प डाउनलोड कर "सिटिजन लॉगिन" करना होगा। तदुपरांत वे प्रकृति परीक्षण हेतु निकटस्थ आयुर्वेद महाविद्यालय, चिकित्सालय, जिला आयुर्वेद चिकित्सालय, आयुष विंग, स्पेशलाइज्ड थेरेपी सेंटर, शासकीय आयुर्वेद औषधालयों तथा निजी आयुर्वेद चिकित्सकों से संपर्क कर सकते हैं।
महापौर तथा अध्यक्ष पदों के लिए आरक्षण प्रक्रिया कल 7 जनवरी को
रायपुर। नगरीय निकायों में आम निर्वाचन के लिए नगर निगमों में महापौर तथा नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों में अध्यक्ष के पदों के लिए आरक्षण प्रक्रिया 7 जनवरी 2025 को संपादित की जाएगी। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा पूर्व में इसके लिए 27 दिसम्बर 2024 की तिथि निर्धारित की गई थी। अपरिहार्य कारणों से 27 दिसम्बर को होने वाली आरक्षण की कार्यवाही को स्थगित कर इसके लिए अब 7 जनवरी की तिथि निर्धारित की गई थी।
रायपुर के साइंस कॉलेज परिसर स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में 7 जनवरी को सवेरे साढ़े दस बजे से आरक्षण की प्रक्रिया संपादित की जाएगी। आरक्षण की कार्यवाही के अवलोकन के इच्छुक व्यक्ति निर्धारित तिथि, समय व स्थान पर उपस्थित रह सकते हैं। उल्लेखनीय है कि नगरीय प्रशासन विभाग द्वारा वर्ष 2024-25 में प्रदेश में होने वाले नगरीय निकायों के आम निर्वाचन के लिए छत्तीसगढ़ नगर पालिका (महापौर तथा अध्यक्ष के पद का आरक्षण) नियम 1999 के प्रावधानों के अंतर्गत नगर पालिक निगमों के महापौर तथा नगर पालिका परिषद् एवं नगर पंचायत के अध्यक्षों के पदों के आरक्षण की कार्यवाही संपादित की जा रही है।
दंतेवाड़ा, नारायणपुर और बीजापुर के संयुक्त ऑपरेशन पार्टी को नक्सलियों ने बनाया निशाना, DRG के 8 जवान और एक ड्राइवर शहीद
बीजापुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित क्षेत्र बीजापुर में नक्सलियों ने बड़ी वारदात को अंजाम दिया है. नक्सलियों ने पूरी तरह से प्लानिंग कर संयुक्त ऑपरेशन से लौट रहे जवानों के वाहन को IED ब्लास्ट कर उड़ाया है. इस घटना में 8 जवान और एक ड्राइवर शहीद हुए हैं. सभी शहीद जवान दंतेवाड़ा डीआरजी के बताए जा रहे हैं. इस घटना की पुष्टि बस्तरआईजी पी सुंदरराज ने की है.
बस्तर पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, बीजापुर के कुटरू-बेदरे सड़क पर नक्सलियों ने IED ब्लास्ट किया है. दंतेवाड़ा, नारायणपुर और बीजापुर के संयुक्त ऑपरेशन पार्टी ऑपरेशन कर वापस लौट रही थी. 6 जनवरी को लगभग 14ः15 बजे जिला बीजापुर के थाना कुटरू क्षेत्रांतर्गत ग्राम अम्बेली के पास माओवादियों द्वारा आईईडी ब्लास्ट कर सुरक्षा बल के वाहन को उड़ाया गया।
जवानों की शहादत जाया नहीं जाएगी – डिप्टी सीएम अरुण साव
इस बड़ी घटना पर उपमुख्यमंत्री अरुण साव का बयान सामने आया है. उन्होंने कहा कि यह नक्सलियों की कायराना हरकत है और यह हमला हताशा में किया गया है. जो जवान शहीद हुए है उन्हें श्रद्धांजलि देता हूं. जवानों की शहादत जाया नहीं जाएगी. मार्च 2026 तक नक्सल मुक्त करने का अभियान हम पूरा करेंगे.
स्वास्थ्य विभाग के अफसरों के रवैये पर हाईकोर्ट की कड़ी टिप्पणी, कहा – अनुशासनहीनता का आरोप लगाकर डॉक्टर की सेवा समाप्त करने का आदेश कलंकपूर्ण
बिलासपुर। हाईकोर्ट ने एक चिकित्सक की याचिका पर सुनवाई के बाद अपने फैसले में स्वास्थ्य विभाग के अफसरों के रवैये पर कड़ी टिप्पणी की है। कोर्ट ने अपने फैसले में लिखा है कि यह एक कलंकपूर्ण आदेश है, जिसमें छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के उल्लंघन का स्पष्ट उल्लेख है। लिहाजा याचिकाकर्ता को विभागीय जांच में शामिल कर उसकी सुनवाई की जानी चाहिए, जो वर्तमान मामले में नहीं की गई है। मामला शराब कारोबारी अनवर ढेबर को लेकर डाॅ. प्रवेश शुक्ला पर लगाए आरोप का है. डॉ. शुक्ला ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है।
दरअसल, शराब घोटाले के आरोपी अनवर ढेबर को इलाज कराने के लिए रायपुर सेंट्रल जेल से जिला अस्पताल लाया गया था, जहां लोअर इंडोस्कोपी मशीन के खराब होने के कारण डाॅ. प्रवेश शुक्ला ने उसे एम्स रेफर कर दिया था। मामले में सेवा में कमी और अनुशासनहीनता का आरोप लगाते हुए राज्य शासन ने उसकी सेवा समाप्त करने के साथ ही गोलबाजार थाने में एफआईआर दर्ज करा दी, जिसे लेकर उन्होंने हाईकोर्ट में याचिका लगाई, जिसमें कहा है कि बगैर विभागीय जांच कराए और उसे सुनवाई का पर्याप्त अवसर दिए बिना कलंकपूर्ण आदेश पारित कर उसकी सेवा समाप्त कर दिया गया है। ऐसे आदेश से उसका कैरियर चौपट हो जाएगा।
दरअसल, शराब घोटाले के आरोपी अनवर ढेबर को इलाज कराने के लिए रायपुर सेंट्रल जेल से जिला अस्पताल लाया गया था, जहां लोअर इंडोस्कोपी मशीन के खराब होने के कारण डाॅ. प्रवेश शुक्ला ने उसे एम्स रेफर कर दिया था। मामले में सेवा में कमी और अनुशासनहीनता का आरोप लगाते हुए राज्य शासन ने उसकी सेवा समाप्त करने के साथ ही गोलबाजार थाने में एफआईआर दर्ज करा दी, जिसे लेकर उन्होंने हाईकोर्ट में याचिका लगाई, जिसमें कहा है कि बगैर विभागीय जांच कराए और उसे सुनवाई का पर्याप्त अवसर दिए बिना कलंकपूर्ण आदेश पारित कर उसकी सेवा समाप्त कर दिया गया है। ऐसे आदेश से उसका कैरियर चौपट हो जाएगा।
सहायक प्राध्यापक गैस्ट्रो सर्जरी विभाग डाॅ. प्रवेश शुक्ला ने हाई कोर्ट में याचिका दायर कर 08 अगस्त 2024 को अस्पताल अधीक्षक एवं एकेडेमिक इंचार्ज द्वारा आदेश को चुनौती दी थी, जिसके तहत उसकी सेवा शासकीय दाऊ कल्याण सिंह सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, रायपुर, जिला रायपुर छत्तीसगढ़ (‘डीकेएस अस्पताल’ ) में सहायक प्रोफेसर गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग के पद से समाप्त कर दी गई है। याचिकाकर्ता ने अपनी याचिका में कहा है कि वह एक सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टर है। उसके पास MBBS, MS(सर्जरी), Dr.NB (डॉक्टरेट ऑफ नेशनल बोर्ड सर्जिकल गैस्ट्रोएंटरोलॉजी) सुपर स्पेशलिस्ट कोर्स की डिग्री है और वह गैस्ट्रोएंटरोलॉजी सर्जन के क्षेत्र में एक प्रसिद्ध डॉक्टर है। प्राइवेट प्रैक्टिस के बजाय उसने सरकारी अस्पताल में काम करने को प्राथमिकता दी है। वह छत्तीसगढ़ का एकमात्र डॉक्टर है जो DKS अस्पताल में तैनात था।
डॉक्टर के खिलाफ आरोप है कि गैस्ट्रोएंटरोलॉजी सर्जन होने के नाते ओपीडी में इलाज करते समय उसने उसे अन्य सरकारी अस्पताल/एम्स में रेफर कर दिया, क्योंकि जीआई. एंडोस्कोपी (कोलोनोस्कोपी) उपकरण विभाग में उपलब्ध नहीं था। यदि कोलोनोस्कोपी विभाग में उपलब्ध नहीं है, तो वह इसे अन्य सरकारी अस्पताल से करवा सकता था, जो पूर्णतः अनुशासनहीनता है और छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 का उल्लंघन है।
याचिकाकर्ता ने अपनी याचिका में कहा है कि स्पेशलिस्ट चिकित्सक होने के कारण वह छत्तीसगढ़ आए, ताकि जरुरतमंदों की सेवा कर सकें। राज्य शासन ने कलंकपूर्ण आरोप लगाकर उसकी सेवा समाप्त कर दी है। इस तरह के आरोप से तो उसका करियर चौपट हो जाएगा। याचिकाकर्ता ने कहा कि राज्य शासन छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (संविदा नियुक्ति) नियम, 2012 के अनुसार, सक्षम प्राधिकारी अनुबंध की शर्तों को समाप्त कर सकता है, लेकिन संबंधित अधिकारियों को उसके खिलाफ कोई कलंकपूर्ण आरोप लगाने का कोई अधिकार नहीं है। बिना किसी जांच के मनमाने और दुर्भावनापूर्ण तरीके से 08.08.2024 को आपत्तिजनक आदेश पारित किया गया है, जो प्राकृतिक न्याय के सिद्धांत का पूरी तरह से उल्लंघन है।
8 अगस्त को जारी हुआ था डॉक्टर की सेवा समाप्ति का आदेश
मामले की सुनवाई के बाद जस्टिस प्रसाद ने अपने फैसले में लिखा है कि राज्य शासन के 08 अगस्त 2024 के आक्षेपित आदेश के अवलोकन से ऐसा प्रतीत होता है कि यह एक कलंकपूर्ण आदेश है, जिसमें छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के उल्लंघन का स्पष्ट उल्लेख है। लिहाजा याचिकाकर्ता को विभागीय जांच में शामिल कर उसकी सुनवाई की जानी आवश्यक है, जो वर्तमान मामले में नहीं की गई है। सिंगल बेंच ने अपने फैसले में लिखा है कि संबंधित अधिकारियों ने कोई विभागीय जांच न करके तथा कलंकपूर्ण आदेश पारित करने से पहले सुनवाई का उचित अवसर न देकर अवैधता की है। लिहाजा 8 अगस्त 2024 का विवादित आदेश निरस्त किए जाने योग्य है तथा इसे निरस्त किया जाता है।
जिला न्यायधीशों और वरिष्ठ न्यायिक अधिकारियों से हाईकोर्ट ने मांगा संपत्ति का ब्यौरा
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के जिला सत्र न्यायालयों में पदस्थ सत्र न्यायधीशों व अन्य वरिष्ठ न्यायिक अधिकारियों को हाईकोर्ट ने अपनी सम्पत्ति का विवरण घोषित करने का निर्देश दिया है. इन सभी से बीते वर्ष तक की स्थिति में वार्षिक ब्यौरा मांगा गया है।
छत्तीसगढ़ के बालोद, बलौदा-बाजार, बस्तर में जगदलपुर, बेमेतरा, बिलासपुर, बलरामपुर रामानुजगंज, धमतरी, दुर्ग, रायपुर, जशपुर, कबीरधाम (कवर्धा), मुंगेली , कोरबा, रायगढ़, राजनांदगांव, सरगुजा,(अंबिकापुर, सूरजपुर, महासमुंद, उत्तर बस्तर (कांकेर), कोरिया (बैकुंठपुर), जांजगीर-चांपा, कोंडागांव, दक्षिण बस्तर ( दंतेवाडा) में पदस्थ जिला न्यायपालिका के न्यायिक अधिकारियों द्वारा संपत्ति की घोषणा प्रस्तुत की जानी है. इस संबंध में हाईकोर्ट ने सभी जिला न्यायधीशों को पत्र प्रेषित कर अपने जिले में पदस्थ सभी न्यायिक अधिकारियों से निर्धारित प्रारूप में 31 दिसंबर 2024 तक सम्पत्तियों की जानकारी देने के निर्देश दिए हैं.
निर्धारित पीडीएफ प्रारूप में हाईकोर्ट रजिस्ट्री में ई-मेल 28 फरवरी 2025 तक करना होगा. साथ ही इसकी हार्ड कॉपी भी पंजीकृत डाक से भेजने कहा गया है. यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया है कि कोई भी न्यायिक अधिकारी अपनी सम्पत्तियों की घोषणा व्यक्तिगत रूप से सीधे प्रस्तुत न करें. बता दें कि हर वर्ष न्यायिक अधिकारी इसी प्रकार अपनी संपत्ति की अधिक्कारिक घोषणा करते हैं, यह अनिवार्य प्रक्रिया है.
लखपति दीदी दिव्या निषाद गणतंत्र दिवस पर राष्ट्रपति भवन में आयोजित एट होम रिसेप्शन में होगी शामिल, देश भर से 10 लखपति दीदियों का हुआ चयन
रायपुर। राजनांदगांव जिले के ग्राम कुसमी की लखपति दीदी दिव्या निषाद 26 जनवरी 2025 को गणतंत्र दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति भवन नई दिल्ली में आयोजित एट होम रिसेप्शन में शामिल होंगी तथा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु उन्हें सम्मानित करेंगी। लखपति दीदी दिव्या निषाद ने विपरीत और संघर्षपूर्ण स्थिति में भी हार नहीं मानी और राष्ट्रीय आजीविका मिशन बिहान से जुड़कर सफलता की नई ईबारत लिखी है। दिव्या निषाद ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि यह सम्मान कि बात है कि लखपति दीदी के तौर पर राष्ट्रपति भवन जाने का अवसर मिल रहा है। उन्होंने बताया कि यह जानकर बहुत अच्छा महसूस हो रहा है और घर में सभी खुश हैं।
लखपति दीदी दिव्या निषाद ने बताया कि उनके परिवार की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं थी और वर्ष 2021 में कोविड-19 की वजह से उनके पति की आकस्मिक मृत्यु हो गई। उन्होंने बताया कि गरीबी की स्थिति थी और उन्हें किसी भी तरह का अनुभव और ज्ञान नहीं था। पति की आकस्मिक मृत्यु के दुख ने परिवार को अंदर तक झकझोर दिया। ऐसे समय में अपने परिवार की जिम्मेदारी उठाने के लिए तथा अपने बच्चों के पालन-पोषण के लिए समूह की दीदियों से मुझे हिम्मत मिली और मैंने कुछ कार्य करने का निर्णय लिया।
लखपति दीदी दिव्या निषाद ने बताया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान से जुडऩे के बाद मेरे जीवन में परिवर्तन आया और आज बिहान की बदौलत मेरा घर फल-फूल रहा है। अंतर्मुखी स्वभाव होने के कारण बिहान से जुडऩे से आत्मविश्वास बढ़ा। प्रशिक्षण के दौरान बहुत कुछ सीखने को मिला। उन्होंने बताया कि बैंक सखी, बैंक मित्र, पुस्तक लिखने का कार्य, समूह के अध्यक्ष एवं सचिव के कार्य तथा छोटे व्यापार प्रारंभ करने का कार्य सीखने लगी। उन्होंने बताया कि वह जय मां अम्बे स्वसहायता समूह से जुड़ी हुई हैं। समूह में कार्य करने के दौरान आत्मविश्वास बढ़ा और समूह के माध्यम से ऋण लेकर छोटा सा व्यापार प्रारंभ किया। उन्होंने बताया कि उनकी सालाना आय 4 लाख रूपए से अधिक है और वह बहुआयामी कार्य कर रही हैं। बैंक सखी, बैंक मित्र के अलावा उनकी ग्राम भर्रेगांव में साड़ी एवं बच्चों के रेडिमेड कपड़ों की दुकान है। उन्होंने बताया कि समूह से ऋण लेकर ही उन्होंने अपने घर में ही किराने की दुकान भी प्रारंभ की है। अब उन्होंने अपना पक्के का मकान बना लिया है। आजीविका मूलक गतिविधियों से जुड़ते हुए सिलाई एवं अन्य कार्य कर रही हैं।
उल्लेखनीय है कि 26 जनवरी 2025 को गणतंत्र दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति भवन नई दिल्ली में आयोजित एट होम रिसेप्शन के लिए देश भर से 10 लखपति दीदियों का चयन किया गया है। जिसमें से राजनांदगांव जिले से लखपति दीदी दिव्या निषाद का चयन किया गया है। केन्द्र शासन की लखपति दीदी योजना महत्वपूर्ण पहल है। जिसके तहत महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त करने के लिए कार्य किया जा रहा है। इस योजना के तहत महिलाओं को अपना व्यवसाय प्रारंभ करने के लिए 5 लाख रूपए तक का ऋण बिना ब्याज के दिया जाता है।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुशासन में महिलाओं बन रही हैं सशक्त, हो रही हैं आत्मनिर्भर
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुशासन में महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर उन्हें सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने केंद्र हेतु विभिन्न योजनाओं का संचालन किया जा रहा है। इन योजनाओं से जुड़कर महिलाएं न सिर्फ अपने परिवार का सहारा बन रही हैं बल्कि दूसरी महिलाओं को भी रोजगार से जोड़ रही हैं। ऐसी ही कहानी है जशपुर जिले के बगीचा ब्लॉक की ग्राम झिक्की की रहने वाली नीतू गुप्ता की। जो बिहान योजना से जुड़कर लखपति दीदी बन गई हैं और सक्रिय महिला के रूप में कार्य कर रही है।
नीतू गुप्ता मुद्रा लोन के माध्यम से अपना व्यवसाय को और बढ़ा रही है। सामान्य परिवार से आने वाली नीतू का सपना था की वह भी आत्मनिर्भर होकर अपने परिवार का सहारा बनें। इस तरह से अपने सपनों को पूरा करने के लिए वह बिहान योजना के तहत लक्ष्मी स्व सहायता समूह से जुड़ी। नीतू ने बताया कि उनकी एक छोटी सी किराने की दुकान है। जिससे वे बैंक लिंकेज के माध्यम से मुद्रा लोन लेकर व्यवसाय को बढ़ा रही है। इससे पहले वे सक्रिय महिला के रूप में कार्य करते हुए लोगों को जागरूक कर रहीं थीं। वे बताती है कि महिलाओं को समूह में जोड़ रही है और लोगों को लोन दिलाने का कार्य भी कर रही हैं।
पहले गांव के लोग दूसरे लोगों से ही लोन लेते थे जिससे अधिक ब्याज देना पड़ता था। अब बैंक लिकेज के माध्यम से मुद्रा लोन लेने की समझाईश देती है जिससे लोगों को कम ब्याज दर पर व्यवसाय के लिए पैसा मिल जा रहा है। साथ ही वे सिलाई का कार्य भी करती है। नीतू गुप्ता ने व्यवसाय को बढ़ाने के लिए मुद्रा लोन के माध्यम से एक लाख रूपए का लोन लिया है।
नीतू गुप्ता अपने पति सुनिल गुप्ता के साथ खेती कार्य में भी उनका साथ देती हैं। 07 एकड़ में वे टमाटर, खीरा, करेला लगाते हैं और माह में अच्छी आमदनी अर्जित कर रहे हैं। इस तरह वह विगत दो माह में 2 लाख 50 हजार कमा कर लखपति दीदी बन गई हैं।
