प्रदेश
विद्युत विभाग का बड़ा एक्शन: 88 बकायादारों के काटे गए कनेक्शन, अवैध उपयोग पर होगी FIR…
रायपुर। बिजली बिल की लगातार बढ़ती राशि पर प्रभावी नियंत्रण तथा लंबे समय से बिल जमा नहीं करने वाले उपभोक्ताओं पर कार्यवाही के लिए विद्युत विभाग ने सख्त रुख अपनाया है।
विगत दिवस बलरामपुर- रामानुजगंज जिले के बरियो वितरण केंद्र में विशेष वसूली अभियान चलाया गया, जिसके तहत विभागीय टीम ने बड़ी कार्रवाई की।
मुख्य अभियंता छत्तीसगढ विद्युत वितरण कंपनी अम्बिकापुर क्षेत्र यशवंत शिलेदार के नेतृत्व में ,अधीक्षण अभियंता के.एन. सिंह, कार्यपालन अभियंता बलरामपुर प्रकाश अग्रवाल तथा जिले में पदस्थ सभी सहायक एवं कनिष्ठ अभियंताओं की संयुक्त टीम सुबह 10:00 बजे ही बरियो पहुंची और बकायादारों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की शुरुआत की।
इस दौरान 88 बड़े बकायादारों के विद्युत कनेक्शन की बकाया राशि 23 लाख96 हज़ार 988 रुपये के लिए काटे गए। 24 बकायादारों ने तत्काल अपने बकाये का भुगतान करते हुए कुल 9 लाख 19 हज़ार 563 रुपये जमा किए।
मुख्य अभियंता श्री शिलेदार ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि बकाया वसूली के लिए प्रतिदिन इसी प्रकार सघन मुहिम चलाएं, ताकि बकाया राशि की रिकवरी में तेजी लाई जा सके। उन्होंने निर्देश दिए है कि जिन उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे गए हैं, उनके घरों की शाम के समय नियमित जांच की जाए। यदि कोई उपभोक्ता अनाधिकृत रूप से बिजली उपयोग करते पाया जाता है तो उसके विरुद्ध भारतीय विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 135 के तहत कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आसपास से अनाधिकृत कनेक्शन लेकर बिजली उपयोग करने पर धारा 138 के तहत एफआईआर दर्ज कर न्यायालयीन कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए है।
विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे समय पर बिजली बिल जमा कर कार्य में सहयोग दें अन्यथा नियमों के अनुरूप आवश्यक कार्रवाई अनिवार्य रूप से की जाएगी।
एकलव्य विद्यालय की छात्रा निहारिका नाग का कमाल, ‘उद्भव 2025’ में स्वर्ण पदक जीतकर प्रदेश का नाम किया रोशन…
रायपुर। एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय शंकरगढ़ की होनहार छात्रा निहारिका नाग ने वह कर दिखाया है, जिसका सपना हर विद्यार्थी देखता है। साधारण आर्थिक पृष्ठभूमि से आने वाली यह बाल प्रतिभा आज अपने हुनर से न सिर्फ जिले का, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ का नाम राष्ट्रीय मानचित्र पर रोशन किया है।

मिट्टीकला में मिला नया आयाम
शंकरगढ़ की कक्षा 11वीं की छात्रा निहारिका नाग को एकलव्य विद्यालय में प्रवेश के बाद अपनी मिट्टी कला सामर्थ्य को निखारने का सुनहरा अवसर मिला, जहां विद्यालय के बेहतर माहौल, उपलब्ध संसाधनों और विशेषज्ञों के प्रशिक्षण ने उनके सपनों को मजबूती दी।
राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में पहला स्वर्ण पदक से मिली नई उड़ान
निहारिका ने पहले जगदलपुर में आयोजित राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में अपने कला कौशल का प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीता। यह जीत उनके आत्मविश्वास को नई उड़ान देने में सहायक साबित हुई।
उद्भव 2025 में राष्ट्रीय स्वर्ण पदक से हुई दोहरी जीत
इसके बाद निहारिका ने आंध्र प्रदेश में आयोजित 6 वीं ईएमआरएस राष्ट्रीय सांस्कृतिक एवं साहित्यिक कला उत्सव उद्भव 2025 में भी शानदार प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय स्तर का स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। लगातार दोहरा स्वर्ण पदक जीतकर निहारिका ने अपने विद्यालय और छत्तीसगढ़ राज्य का मान बढ़ाया है।
शिक्षकों का मार्गदर्शन बना सफलता की नींव
निहारिका के इस सफलता के पीछे उनके कला शिक्षक श्री राहुल जंघेल की प्रेरणा और विद्यालय के प्राचार्य संजय कुमार तिर्की का सतत सहयोग और मार्गदर्शन रहा। निहारिका ने साबित कर दिखाया कि प्रतिभा को बस सही मंच की जरूरत होती है। निहारिका की बचपन से ही मिट्टी कला के प्रति गंभीर रुझान रखती थीं और विद्यालय ने उनकी इस प्रतिभा को ऊंचाई तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
मेहनत और मार्गदर्शन से बनती है नई पहचान
निहारिका की इस उपलब्धि से बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में उत्साह का माहौल है। निहारिका की सफलता उन विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा स्रोत है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद ऊंचे सपने देखते हैं। निहारिका नाग की तरह मेहनत, लगन और सही मार्गदर्शन से कोई भी विद्यार्थी राष्ट्रीय मंच पर अपनी पहचान बना सकता है
दशकों की प्रतीक्षा समाप्त: कोंडापल्ली में पहली बार मोबाइल नेटवर्क, गांव में उत्सव का माहौल
रायपुर। दूरसंचार, बिजली और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाएँ जहाँ देश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य जीवन का आधार बन चुकी हैं, वहीं बस्तर संभाग के कुछ सुदूर वनांचलों ने दशकों तक इन सुविधाओं को कभी देखा ही नहीं था। ऐसे ही एक इलाके, बीजापुर जिले के ग्राम कोंडापल्ली, में अभूतपूर्व उत्सव का माहौल देखने को मिला जब गाँव में पहली बार मोबाइल नेटवर्क आया।

कोंडापल्ली तेलंगाना और छत्तीसगढ़ की सीमा पर स्थित एक घना वनांचल है, जहाँ वर्षों से सड़क, बिजली और पेयजल जैसी सुविधाएँ उपलब्ध नहीं थीं। ऐसे में गाँव में मोबाइल टॉवर स्थापित होना स्थानीय समुदाय के लिए केवल तकनीकी प्रगति नहीं, बल्कि दुनिया से जुड़ने का प्रतीक बन गया।
जैसे ही टॉवर के सक्रिय होने की घोषणा हुई, ग्रामीणों में उत्साह की लहर दौड़ पड़ी। महिलाएँ, पुरुष, बच्चे — सभी रैली के रूप में टॉवर स्थल तक पहुँचे। पारंपरिक विधि से टॉवर की पूजा-अर्चना की गई। माँदर की थाप पर लोग भावुक होकर नाच उठे। यह दृश्य किसी उत्सव से कम नहीं था।
इस उत्सव में केवल कोंडापल्ली ही नहीं, बल्कि आसपास के गाँवों के लोग भी शामिल हुए। ग्रामीणों ने कहा कि यह उनके लिए केवल एक तकनीकी सुविधा नहीं, बल्कि “बाहरी दुनिया से पहला वास्तविक जुड़ाव” है। सुरक्षा बलों के जवानों ने भी ग्रामीणों की खुशी में शामिल होकर मिठाइयाँ वितरित कीं।
अब मोबाइल नेटवर्क ग्रामीणों के लिए बैंकिंग, आधार, राशन, स्वास्थ्य योजनाओं, पेंशन और शैक्षणिक सुविधाओं का प्रवेश-द्वार बनेगा। जिनके लिए यह सेवाएँ अब तक दूर का सपना थीं, उनके लिए यह दिन जीवन में एक नया अध्याय लेकर आया है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित नियद नेल्ला नार योजना का उद्देश्य संवेदनशील क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाएँ पहुँचाकर लोगों में विश्वास बढ़ाना और उन्हें मुख्यधारा से जोड़ना है। योजना के तहत सड़क, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बैंकिंग, संचार सहित प्रशासनिक सेवाओं को तेज़ी से पहुँचाने का काम किया जा रहा है।
योजना का दायरा व्यापक है — 69 नवीन कैम्पों के आसपास स्थित 403 ग्रामों में 09 विभागों की 18 सामुदायिक सेवाएँ और 11 विभागों की 25 व्यक्तिमूलक योजनाएँ पहुँचाई जा रही हैं, ताकि ग्रामीण किसी भी मूलभूत सुविधा से वंचित न रहें।
इस पूरी प्रक्रिया में संचार अधोसंरचना सबसे प्रभावी साबित हो रही है। पिछले दो वर्षों में इस क्षेत्र में 728 नए टॉवर स्थापित किए गए हैं — जिनमें 116 एलडब्ल्यूई कार्यक्रम से, 115 आकांक्षी जिलों में, और 467 टावर 4G नेटवर्क के रूप में लगाए गए हैं। इसके साथ ही 449 टॉवरों का 2G से 4G में उन्नयन किया गया है।
कोंडापल्ली में नियद नल्ला नार योजना से तेज़ी से बदलाव आए हैं। दिसम्बर 2024 में कैम्प स्थापित होने के बाद पहली बार प्रशासन गाँव तक नियमित रूप से पहुँचने लगा। यहाँ लंबे समय से बंद पड़ी सड़क का पुनर्निर्माण बार्डर रोड ऑर्गेनाइजेशन ने अपने जिम्मे लिया है और 50 किलोमीटर सड़क का कार्य प्रगति पर है।
गाँव में दो महीने पहले ही पहली बार विद्युत लाइन पहुँची है। बिजली आने के बाद से बच्चों की पढ़ाई, छोटे व्यवसाय और ग्रामीण जीवन में अभूतपूर्व सकारात्मक बदलाव देखे जा रहे हैं। प्रशासन द्वारा लगातार सेचुरेशन शिविर आयोजित कर सभी योजनाओं का लाभ प्रत्येक परिवार तक पहुँचाया जा रहा है।
कोंडापल्ली में मोबाइल नेटवर्क के आगमन से यह स्पष्ट हो गया है कि विकास की किरण अब उन इलाकों तक भी पहुँच रहा है, जो वर्षों से प्रतीक्षा में थे। संचार सुविधा के इस नए सवेरे ने ग्रामीणों को भरोसा दिया है कि अब उनका गाँव भी राज्य के अन्य हिस्सों की तरह आधुनिक सुविधाओं से जुड़कर आगे बढ़ेगा।
बीजापुर जिले के कोंडापल्ली में मोबाइल नेटवर्क का पहुँचना सिर्फ एक टॉवर का खड़ा होना नहीं है, यह उन लोगों के सपनों का उठ खड़ा होना है जो वर्षों से दुनिया से कटे हुए थे। हमारी सरकार का संकल्प है कि बस्तर का हर गांव–हर परिवार विकास की मुख्यधारा से जुड़े, डिजिटल सुविधाओं तक पहुँचे और अवसरों के नए द्वार उनके लिए खुलें। यह सिर्फ संचार की शुरुआत नहीं, बल्कि विश्वास, बदलाव और नई संभावनाओं के युग का आरंभ है।
- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
स्टेट वर्किंग जर्नलिस्ट्स यूनियन द्वारा राष्ट्रीय संगोष्ठी का हुआ सफल आयोजन, नई प्रदेश कार्यकारिणी की हुई घोषणा
रायपुर। स्टेट वर्किंग जर्नलिस्ट्स यूनियन छत्तीसगढ़ द्वारा शनिवार, 6 दिसंबर 2025 को राजधानी रायपुर में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी में “पत्रकारिता का बदलता परिवेश और चुनौतियाँ” विषय पर विस्तृत चर्चा की गई। कार्यक्रम में देशभर से पहुंचे वरिष्ठ पत्रकार, प्रतिनिधि और मीडिया कर्मी शामिल हुए। संगोष्ठी को पत्रकारिता जगत के लिए संवाद, चिंतन और सुझाव का महत्वपूर्ण मंच माना गया।


डिजिटल दौर में पत्रकारिता के मूल मूल्य सर्वोपरि — राजेश बादल
मुख्य वक्ता वरिष्ठ पत्रकार राजेश बादल ने कहा कि डिजिटल क्रांति के दौर में मीडिया तेज़ी से बदला है, लेकिन पत्रकारिता के मूल मूल्य—सत्य, निष्पक्षता और जनपक्ष—कभी भी कमजोर नहीं होने चाहिए। उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग में बढ़ते जोखिम, संसाधनों की कमी और व्यावसायिक दबावों को आज के पत्रकारों के सामने सबसे बड़ी चुनौतियां बताया।
पत्रकारों के अधिकार सुरक्षित रखने संगठन आवश्यक — बलविंदर सिंह
इंडियन जर्नलिस्ट यूनियन के राष्ट्रीय महासचिव बलविंदर सिंह जम्मू ने कहा कि पत्रकार यदि संगठित रहेंगे, तभी उनके अधिकार, सुरक्षा और सम्मान की रक्षा सुनिश्चित हो सकेगी। उन्होंने डेटा प्रोटेक्शन एक्ट और श्रम कानूनों में आए बदलावों के संदर्भ में पत्रकारों को अधिक जागरूक और संगठित रहने की अपील की।
पराड़कर सम्मान 2025 की घोषणा
संगठन ने प्रतिष्ठित बाबूराव विष्णु पराड़कर सम्मान–2025 की घोषणा की, जो इस वर्ष बस्तर संभाग के भोपालपट्टनम में कार्यरत जमीनी पत्रकार मो. इरशाद ख़ान को प्रदान किया जाएगा। यूनियन ने उनकी निडर और जनपक्षीय पत्रकारिता की सराहना की।
नई प्रदेश कार्यकारिणी का गठन
तृतीय राज्य सम्मेलन में यूनियन की नई प्रदेश कार्यकारिणी घोषित की गई, जिसमें —
दिलीप कुमार साहू (राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य)
पी.सी. रथ (प्रदेश अध्यक्ष)
सुधीर आजाद तंबोली (महासचिव)
रेणु नंदी, कृष्णा गोस्वामी, अजीत शर्मा (उपाध्यक्ष)
शुभम वर्मा (कोषाध्यक्ष)
सैयद सलमा (उप कोषाध्यक्ष)
रूमा सेन गुप्ता, संतोष राजपूत (संयुक्त सचिव)
राकेश दत्ता (प्रदेश संगठन सचिव)
जयदास मानिकपुरी (प्रदेश मीडिया प्रभारी)
इसके अलावा वरिष्ठ पत्रकार वीरेंद्र कुमार शर्मा, घनश्याम गुप्ता, मो. शाह, संजय चंदेल, जितेंद्र साहू, शिवशंकर पांडेय और हरिमोहन तिवारी को कार्यकारिणी सदस्य की जिम्मेदारी सौंपी गई।
संगोष्ठी का समापन
राज्य सम्मेलन में रायपुर जिला इकाई के पदाधिकारियों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई। संगोष्ठी का समापन पत्रकारिता की मजबूती, संगठनात्मक एकता और भविष्य की सामूहिक कार्ययोजना के संकल्प के साथ किया गया।
श्री सीमेंट परियोजना का विरोध : प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमार्ग किया जाम
खैरागढ़। खैरागढ़ जिले में शनिवार को श्री सीमेंट परियोजना के विरोध में बड़ा जन आंदोलन देखने को मिला. आक्रोशित प्रदर्शनकारियों ने हजारों की संख्या में पहुंचकर प्रस्तावित सण्डी चूना पत्थर खदान और सीमेंट प्लांट के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया. प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठी चार्ज की, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई. प्रदर्शनकारियों ने रास्ता रोक रहे कई पुलिस वालों को दौड़ा दिया.
बता दें, सैकड़ों गांवों से हजारों की संख्या में महिला, युवा और बुजुर्ग 200 से अधिक ट्रैक्टर–ट्रॉलियों के विशाल काफिले के साथ छुईखदान की ओर रवाना हुए. पुलिस ने छुईखदान की सीमा पर किसानों की रैली को रोकने की कोशिश की, लेकिन ग्रामीण पैदल ही आगे बढ़ते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंच गए और 11 दिसंबर को प्रस्तावित जनसुनवाई रद्द करने की मांग का ज्ञापन सौंपा.
ग्रामीणों के विरोध को मजबूती इस बात से भी मिल रही है कि प्रस्तावित खदान क्षेत्र से 10 किलोमीटर दायरे में आने वाले 39 गांवों ने परियोजना के खिलाफ औपचारिक लिखित आपत्ति दी है. सण्डी, पंडारिया, विचारपुर और भरदागोड़ पंचायतों ने ग्रामसभा प्रस्ताव पारित कर स्पष्ट कर दिया है कि वे किसी भी कीमत पर चूना पत्थर खदान को मंजूरी नहीं देंगे. ग्रामीणों का कहना है कि खदान शुरू होने से जलस्रोत सूखने, खेती-किसानी प्रभावित होने, पशुपालन पर खतरा मंडराने और पर्यावरण को भारी नुकसान पहुंचने का अंदेशा है. स्थानीय लोगों ने जनसुनवाई प्रक्रिया को भी अपारदर्शी बताया है और कहा कि प्रभावित गांवों की वास्तविक राय को नज़रअंदाज़ किया गया है.
इधर, विरोध की गर्मी एसडीएम कार्यालय तक ही सीमित नहीं रही. ग्राम विचारपुर, बुंदेली, पंडरिया और संडी के किसानों ने ज्ञापन सौंपने के बाद अचानक राजनांदगांव–कवर्धा मुख्य सड़क जाम कर दिया, जिससे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया. बड़ी संख्या में ग्रामीणों, किसानों और महिलाओं की मौजूदगी से हालात तनावपूर्ण हो गए. भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश में पुलिस को लाठीचार्ज तक करना पड़ा, जिसके बाद स्थिति और अधिक तनावपूर्ण हो गई. प्रदर्शनकारी ग्रामीणों का साफ कहना है कि उनका संघर्ष तब तक जारी रहेगा, जब तक 11 दिसंबर की जनसुनवाई रद्द नहीं होती और श्री सीमेंट परियोजना से जुड़े निर्णय वापस नहीं लिए जाते. प्रशासन अलर्ट पर है और एसपी सहित जिले के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर भारी पुलिस बल के साथ स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं.
ग्रामीण आंदोलन अब केवल भूमि या पर्यावरण का मुद्दा नहीं रहा, बल्कि स्थानीय लोगों के अस्तित्व, आजीविका और भविष्य की सुरक्षा का बड़ा संघर्ष बन गया है. हजारों किसानों का शक्ति प्रदर्शन यह स्पष्ट संकेत है कि जनता अपनी जमीन और जलस्रोतों पर किसी प्रकार का समझौता करने के लिए तैयार नहीं है.
फार्मा–मेडटेक नवाचार पर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने संसद में उठाए सवाल, PRIP योजना के वित्तीय ढांचे, उद्देश्यों और समयसीमा पर सरकार से मांगी विस्तृत जानकारी
नई दिल्ली /रायपुर। रायपुर लोकसभा के लोकप्रिय सांसद एवं भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता बृजमोहन अग्रवाल ने एक बार फिर लोकसभा में अपनी सक्रियता, दूरदर्शिता और जनहितैषी नेतृत्व का प्रभावशाली परिचय दिया।
शुक्रवार को फार्मा–मेडटेक सेक्टर से जुड़े देश के सबसे महत्वपूर्ण नवाचार कार्यक्रम PRIP (Promotion of Research and Innovation in Pharma-MedTech) पर उन्होंने सरकार से विस्तारपूर्वक जानकारी मांगते हुए देश में अनुसंधान, नवाचार और उभरते रोजगार अवसरों को नए आयाम देने वाला सार्थक हस्तक्षेप किया।
सांसद अग्रवाल ने लोकसभा में पूछा कि PRIP योजना के उद्देश्य, घटक, कुल वित्तीय परिव्यय और इसके अंतर्गत देशभर में अनुसंधान-संरचना सुदृढ़ीकरण की क्या दिशा है। इसके साथ ही उन्होंने नवा रायपुर, छत्तीसगढ़ में प्रस्तावित मध्य भारत के सबसे बड़े फार्मा पार्क को पूर्ण करने की समय-सीमा जानने की पहल की।
जिससे यह स्पष्ट झलकता है कि श्री अग्रवाल छत्तीसगढ़ ही नहीं बल्कि पूरे देश के औद्योगिक विकास, अनुसंधान आधारित अर्थव्यवस्था और गुणवत्तापूर्ण रोजगार के भविष्य को लेकर अत्यंत गंभीर और सजग हैं।
सदन में जवाब देते हुए रसायन एवं उर्वरक राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने PRIP योजना के तहत 5,000 करोड़ रुपये के वित्तीय प्रावधानों, इसके उद्देश्यों और नाईपर संस्थानों में उत्कृष्टता केंद्रों (COE) की स्थापना से जुड़े विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। उन्होंने जानकारी दी कि मोहाली, अहमदाबाद, गुवाहाटी, कोलकाता, रायबरेली, हाजीपुर और हैदराबाद के नाईपर संस्थानों में COE स्थापित किए गए हैं, जिनके माध्यम से अनुसंधान क्षमता और नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत किया जा रहा है। इसके साथ ही मंत्री ने स्पष्ट किया कि नवा रायपुर के फार्मा पार्क के लिए अभी तक औषध विभाग की मंजूरी लंबित है।
सांसद अग्रवाल की इस पहल से प्रमाणित होता है कि वे संसद में केवल प्रश्न नहीं उठाते, बल्कि नवीन तकनीकों, आधुनिक अनुसंधान तंत्र और रोजगार सृजन से जुड़े राष्ट्रीय मुद्दों पर ठोस नीतिगत नेतृत्व देते हैं।
छत्तीसगढ़ और भारत के युवाओं के लिए उन्नत शोध-अवसर, मेडिकल टेक्नोलॉजी उद्योगों का विस्तार और वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाने की दिशा में यह कदम अत्यंत महत्वपूर्ण है। श्री अग्रवाल की सक्रियता न केवल प्रदेश का गौरव बढ़ाती है, बल्कि भारत को “वैश्विक इनोवेशन हब” बनाने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्प को भी नई ऊर्जा देती है।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल निरंतर की तरह आज भी जनहित, विकास और राष्ट्रहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए संसद में अपनी मजबूत और प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं।
भैरमगढ़ आईईडी ब्लास्ट में घायल जवानों से मुलाकात कर उप मुख्यमंत्री जाना हालचाल, डॉक्टरों को बेहतर उपचार के दिए निर्देश
रायपुर। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा आज रायपुर के एक निजी अस्पताल पहुंचे और बस्तर जिले के भैरमगढ़ थाना क्षेत्र में नक्सली मुठभेड़ के दौरान आईईडी ब्लास्ट में घायल हुए पुलिस जवानों का हालचाल जाना. उन्होंने जवानों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की और चिकित्सकों से उनके उपचार की विस्तृत जानकारी ली.
परिजनों से चर्चा और हौसला अफजाई
भैरमगढ़ क्षेत्र में हुई मुठभेड़ के दौरान आईईडी विस्फोट में एएसआई जनार्दन कोर्राम, आरक्षक रमलू हेमला, और आरक्षक सोमदेव यादव घायल हो गए थे, जिन्हें तत्काल रायपुर भेजा गया था. श्री शर्मा ने घायल जवानों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और कहा कि शासन-प्रशासन हर संभव मदद के लिए उनके साथ खड़ा है. उन्होंने दिवंगत हुए उनके साथी जवानों के प्रति भी संवेदना व्यक्त की.
बेहतर उपचार के निर्देश
उप मुख्यमंत्री ने अस्पताल में मौजूद अधिकारियों और चिकित्सकों को निर्देश दिए कि घायल जवानों के बेहतर उपचार के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं. उन्होंने जवानों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि राष्ट्र सेवा में उनका बलिदान और साहस अनुकरणीय है.
भैरमगढ़ आईईडी ब्लास्ट में घायल जवानों से मुलाकात कर उप मुख्यमंत्री जाना हालचाल, डॉक्टरों को बेहतर उपचार के दिए निर्देश
रायपुर। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा आज रायपुर के एक निजी अस्पताल पहुंचे और बस्तर जिले के भैरमगढ़ थाना क्षेत्र में नक्सली मुठभेड़ के दौरान आईईडी ब्लास्ट में घायल हुए पुलिस जवानों का हालचाल जाना. उन्होंने जवानों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की और चिकित्सकों से उनके उपचार की विस्तृत जानकारी ली.
परिजनों से चर्चा और हौसला अफजाई
भैरमगढ़ क्षेत्र में हुई मुठभेड़ के दौरान आईईडी विस्फोट में एएसआई जनार्दन कोर्राम, आरक्षक रमलू हेमला, और आरक्षक सोमदेव यादव घायल हो गए थे, जिन्हें तत्काल रायपुर भेजा गया था. श्री शर्मा ने घायल जवानों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और कहा कि शासन-प्रशासन हर संभव मदद के लिए उनके साथ खड़ा है. उन्होंने दिवंगत हुए उनके साथी जवानों के प्रति भी संवेदना व्यक्त की.
बेहतर उपचार के निर्देश
उप मुख्यमंत्री ने अस्पताल में मौजूद अधिकारियों और चिकित्सकों को निर्देश दिए कि घायल जवानों के बेहतर उपचार के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं. उन्होंने जवानों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि राष्ट्र सेवा में उनका बलिदान और साहस अनुकरणीय है.
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से हल्बा-हल्बी समाज के प्रतिनिधिमण्डल ने की मुलाकात
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से विगत दिवस राजधानी रायपुर स्थित उनके निवास कार्यालय में छत्तीसगढ़ हल्बा-हल्बी समाज के प्रतिनिधिमण्डल ने सौजन्य भेंट की।
प्रतिनिधिमण्डल ने मुख्यमंत्री श्री साय को अवगत कराया कि समाज की ओर से 27 दिसंबर 2025 को दुर्ग के पुलगांव में समाजिक सम्मेलन एवं शक्ति दिवस समारोह, तथा 20 जनवरी 2026 को रायपुर में क्रांतिकारी अमर शहीद गेंद सिंह के 201वीं शहादत दिवस समारोह का आयोजन किया जा रहा है। प्रतिनिधिमण्डल ने मुख्यमंत्री श्री साय को दोनों महत्वपूर्ण आयोजनों में सादर आमंत्रित किया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने आमंत्रण के लिए हल्बा-हल्बी समाज के सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया और समाज के सांस्कृतिक गौरव एवं प्रेरणादायी इतिहास की सराहना की। उन्होंने दोनों आयोजनों की सफलता के लिए शुभकामनाएँ दीं।
इस अवसर पर महेश गागड़ा, डॉ. देवेंद्र महला, गिरिवर ठाकुर, हृदय राम कोसमा, मिथीर राम सलेंद्र सहित समाज के अनेक वरिष्ठ सदस्य उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने श्री रामकथा पोस्टर एवं कैलेंडर का किया विमोचन
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से विगत दिवस राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में प्यारे श्री राधाकृष्ण संस्कार मंच, जामुल के प्रतिनिधिमण्डल ने सौजन्य भेंट की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने आगामी श्री रामकथा कार्यक्रम हेतु तैयार किए गए पोस्टर एवं कैलेंडर का विधिवत विमोचन किया।
प्रतिनिधिमण्डल ने मुख्यमंत्री श्री साय को बताया कि श्री रामकथा का आयोजन 28 दिसंबर 2025 से 06 जनवरी 2026 तक दुर्ग जिले के जामुल नगर में किया जाएगा। प्रतिनिधिमण्डल ने मुख्यमंत्री श्री साय को इस पावन आयोजन में सादर आमंत्रित किया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने आमंत्रण के लिए प्यारे राधाकृष्ण संस्कार मंच, जामुल के सदस्यों का हृदय से आभार व्यक्त किया एवं आयोजन की सफलता हेतु शुभकामनाएँ दीं।
इस अवसर पर मंच के संरक्षक दिलेश्वर उमरे, संयोजक ईश्वर उपाध्याय, तथा जागेश्वर मल सोनी, उमेश निर्मलकर, नेत राम साहू, जितेंद्र साहू, इंद्रजीत उपाध्याय, वैभव उपाध्याय सहित मंच के अन्य सदस्य उपस्थित थे।
कांग्रेस में नए जिलाध्यक्षों के पदभार ग्रहण पर पूर्व डिप्टी सीएम का बड़ा बयान
रायपुर। छत्तीसगढ़ में आज कांग्रेस के नवनियुक्त जिला अध्यक्षों ने पदभार ग्रहण किया. राजधानी के गांधी मैदान स्थित जिला कांग्रेस भवन में रायपुर शहर समेत ग्रामीण के जिला अध्यक्षों ने पदभार ग्रहण किया. इस दौरान बड़ी संख्या में जिलों के पदाधिकारी और प्रदेश के पदाधिकारी शामिल हुए. इसी के साथ ही कांग्रेस पार्टी ने सभी पूर्व जिला अध्यक्षों को पद से मुक्त कर दिया है. इस दौरान पूर्व डिप्टी सीएम TS सिंहदेव ने मीडिया से बातचीत में जिला अध्यक्षों की नियुक्ति पर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा- यह नियुक्ति कांग्रेस के मूल स्वरूप को बदलने वाली है.
पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंह देव ने कहा कि यह नियुक्ति कांग्रेस के मूल स्वरूप को बदलने वाली है. कोशिश है कि हम भी कैडर बेस्ड पार्टी खड़ा कर सकें. कांग्रेस में लोग केवल व्यक्ति से जुड़ने लगे थे, पार्टी से नहीं. अब संगठन आगे होगा, व्यक्ति थोड़ा पीछे रहेंगे. पूरा परिवर्तन लाने में थोड़ा वक्त लगेगा, लेकिन जितनी देर करते उतना पीछे रहते.
पदभार ग्रहण के अवसर पर पूर्व डिप्टी सीएम टी एस सिंह देव, पूर्व मंत्री सत्यनारायण शर्मा, पूर्व विधायक विकास उपाध्याय, पीसीसी चीफ दीपक बैज और प्रदेश सह प्रभारी विजय जांगिड़ भी समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए.
वहीं पश्चिम बंगाल में रखी जा रही बाबरी मस्जिद की नींव को लेकर भी पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंह देव बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि आपने किसी से कोई चीज ले ली है. देश के कानून के अनुरूप भी नहीं ली. बल्कि सुप्रीम कोर्ट ने धारा 142-143 लगाकर ले ली. उन लोगों की भावना आहत हुई है. ऐसा नहीं है कि वह देश के नागरिक नहीं रह गए. सबको अपने तौर तरीकों से पूजा अर्चना करने की आजादी है.
जेल में कांग्रेस नेता की मौत पर बवाल : हाईवे पर आदिवासी समाज का चक्काजाम जारी
कांकेर। रायपुर सेंट्रल जेल में बंद सर्व आदिवासी के पूर्व जिला अध्यक्ष व कांग्रेसी नेता जीवन ठाकुर की संदिग्ध मौत को लेकर कांकेर में तनाव की स्थिति बनी हुई है। आदिवासी समाज के लोगों ने नेशनल हाईवे 30 पर चारामा में थाना के सामने चक्काजाम कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे। परिवार ने अब तक जीवन ठाकुर का शव नहीं लिया है। इस मामले को लेकर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रायपुर ने न्यायिक जांच के आदेश दिए हैं। वहीं लगातार बढ़ते विरोध और गंभीर आरोपों के बीच जेल महानिरीक्षक ने कांकेर जिला जेल के जेलर को हटा दिया है।
घटना के बाद आक्रोशित आदिवासी समाज और परिजन आज कलेक्ट्रेट पहुंचकर विरोध दर्ज कराया था और न्याय की मांग करते हुए शव लेने से साफ इनकार किया है। समाज का कहना है कि जब तक दोषियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं होती, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा।
परिवार का आरोप – न रायपुर शिफ्ट की जानकारी दी न तबीयन बिगड़ने की
परिजनों का आरोप है कि जीवन ठाकुर को 12 अक्टूबर 2025 को जमीन विवाद के मामले में गिरफ्तार कर कांकेर जिला जेल में रखा गया था, लेकिन 2 दिसंबर को बिना किसी पूर्व सूचना के उन्हें अचानक रायपुर सेंट्रल जेल शिफ्ट कर दिया गया। परिवार का कहना है कि न तो ट्रांसफर की जानकारी दी गई और न ही तबीयत बिगड़ने या अस्पताल में भर्ती होने की सूचना दी गई।बताया जा रहा है कि 4 दिसंबर सुबह 4:20 बजे जीवन ठाकुर को डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल (मेकाहारा), रायपुर में भर्ती कराया गया, जहां सुबह 7:45 बजे उनकी मौत हो गई। चौंकाने वाली बात यह रही कि परिवार को इस गंभीर घटना की जानकारी शाम 5 बजे दी गई।
जब तक कार्रवाई नहीं होती तब तक नहीं करेंगे अंतिम संस्कार
आदिवासी समाज ने आरोप लगाया है कि जेल प्रशासन ने अहम जानकारी छिपाई। तबीयत बिगड़ने पर समय पर इलाज नहीं दिया गया। बिना सूचना परिवार से छुपाकर रायपुर शिफ्ट किया गया। यह भी आरोप लगाया कि यह मौत संदिग्ध है और हत्या की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता। आदिवासी समाज के प्रतिनिधियों ने साफ कहा है कि “जब तक पूरे प्रकरण में जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई नहीं होती, तब तक हम शव नहीं लेंगे और न ही अंतिम संस्कार करेंगे।”
जेल अधीक्षक ने कहा – इलाज के दौरान हुई मौत
इस मामले में रायपुर सेंट्रल जेल अधीक्षक योगेश कुमार क्षत्री ने कहा कि जीवन ठाकुर को बीमारी के कारण रायपुर रेफर किया गया था और उनकी मौत इलाज के दौरान हुई है। उन्होंने कहा कि मामले की नियमानुसार दंडाधिकारी जांच कराई जाएगी।
न्यायिक जांच के आदेश

राजधानी में NH-53 रिंग रोड 1 होगी चौड़ी, सांसद बृजमोहन अग्रवाल से मुलाकात के बाद केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने दी सहमति
नई दिल्ली/रायपुर। रायपुर के शहरी विकास और ट्रैफिक समाधान को नया आयाम देने वाली एक ऐतिहासिक उपलब्धि रायपुर लोकसभा के लोकप्रिय सांसद, जनसेवी और दूरदर्शी नेता बृजमोहन अग्रवाल के अथक प्रयासों से सामने आई है।
संसद भवन में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से विशेष भेंट के दौरान सांसद अग्रवाल ने रायपुर शहर में बढ़ते ट्रैफिक दबाव, आम नागरिकों की दिन-प्रतिदिन बढ़ती समस्या तथा NH-53 रिंग रोड नंबर 1 के सर्विस रोड की अपर्याप्त चौड़ाई का मुद्दा मजबूती से रखा।
सांसद अग्रवाल की स्पष्ट, तथ्यपूर्ण और जनहितकारी प्रस्तुति से प्रभावित होकर केंद्रीय मंत्री गडकरी ने तुरंत इस महत्वपूर्ण परियोजना को सहमति प्रदान की और संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल के प्रस्ताव पर केंद्रीय मंत्री द्वारा परियोजना के अंतर्गत मौजूदा 5 मीटर की सर्विस रोड को बढ़ाकर 11 मीटर किया जाएगा। चौड़ीकरण का कार्य टाटीबंध से तेलीबांधा तक के सबसे व्यस्त मार्ग पर होगा।यह क्षेत्र राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के प्रबंधन के तहत आता है।
सांसद अग्रवाल ने बताया कि रिंग रोड नंबर 1 को कभी शहर की सीमा के बाहर बनाया गया था, लेकिन आज तेजी से हुए शहरीकरण के कारण इसके आसपास बड़ी रिहायशी कॉलोनियां और व्यावसायिक परिसर विकसित हो गए हैं।
जिससे स्थानीय और भारी वाहनों का दबाव अत्यधिक बढ़ गया है।
मौजूदा 5 मीटर चौड़ाई अब शहर के बढ़ते ट्रैफिक भार को संभालने में सक्षम नहीं है।
उन्होंने केंद्रीय मंत्री के समक्ष स्पष्ट कहा कि रायपुरवासियों को राहत प्रदान करना आज की सबसे पहली आवश्यकता है, और इस दिशा में सर्विस रोड का चौड़ीकरण अत्यंत आवश्यक कदम है।
इस मंजूरी के बाद स्थानीय यातायात को सुव्यवस्थित रूप से मेन हाईवे से अलग किया जा सकेगा। 11 मीटर चौड़ी सर्विस रोड पर वाहनों का दबाव आसानी से वितरित हो सकेगा। NH-53 पर जाम की समस्या में उल्लेखनीय कमी आएगी। आम नागरिकों, कार्यालय आने-जाने वालों, व्यापारियों और एंबुलेंस/आपात वाहनों के आवागमन में भारी सुधार होगा।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि, “रायपुर की जनता की सुविधा और सुरक्षित यातायात व्यवस्था मेरी पहली प्राथमिकता है।
मैं धन्यवाद देता हूँ केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का, जिन्होंने जनहित के इस प्रस्ताव को तुरंत स्वीकार कर अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।”
रायपुर की वर्षों पुरानी ट्रैफिक समस्या के समाधान की दिशा में यह निर्णय एक बड़ी जीत, और सांसद अग्रवाल के सक्रिय, परिणाममुखी और जनता-केंद्रित नेतृत्व का प्रमाण है।
खाद्य प्रसंस्करण हब बनने की ओर जशपुर: निफ्टेम कुंडली का सतत् प्रयास
रायपुर। राष्ट्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी उद्यमिता और प्रबंधन संस्थान कुंडली हरियाणा की 18 यूजी व पीजी छात्रों और 2 संकाय सदस्यों की टीम ने अपने प्रतिष्ठित ग्राम अंगीकरण कार्यक्रम के तहत 19 से 27 नवंबर 2025 तक लगातार तीसरे वर्ष जशपुर का दौरा किया l निफ्टेम ने 2023 में जशपुर जिला प्रशासन के निर्देशानुसार कृषि, बागवानी और वन उत्पादों विशेषकर महुआ के खाद्य प्रसंस्करण एवं मूल्यवर्धन को बढ़ावा देने की दिशा में अपनी गतिविधियाँ प्रारम्भ की थीं।
निफ्टेम टीम ने समूह, एफ़ पी ओ और खाद्य प्रसंस्करण हितधारकों से मिलकर गुणवत्ता, सुरक्षा, विनियमन और उद्यमिता से संबंधित जानकारी साझा की।

मोटे अनाज से मूल्यवर्धित उत्पादों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण
जशपुर में खाद्य प्रसंस्करण प्रशिक्षण की आधारशिला मजबूत हुई वर्तमान वर्ष में टीम ने कुशल मानव संसाधन तैयार करने हेतु विविध प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए। कुनकुरी स्थित कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर एंड रिसर्च स्टेशन में एक फूड प्रोसेसिंग ट्रेनिंग एवं इनक्यूबेशन सेंटर स्थापित किया गया, जहां युवाओं को मोटे अनाज आधारित बेकरी उत्पादों के निर्माण का प्रशिक्षण दिया गया। वी ए पी टीम द्वारा स्व सहायता समूह एवं एफ पी ओ सदस्यों तथा युवाओं के लिए मोटे अनाज से मूल्यवर्धित उत्पादों पर तीन व्यावहारिक प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए गए। इसके अतिरिक्त, सुजी आधारित पास्ता निर्माण, पैकेजिंग, लेबलिंग, ब्रांडिंग एवं मार्केटिंग पर आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया। कुल 96 प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया, जिनमें 65 प्रतिशत महिलाएँ सम्मिलित रहीं।
जशपुर : फसलों और अवसरों का समृद्ध भंडार
जशपुर की जलवायु एवं भौगोलिक विविधता में अच्छी फसलों का उत्पादन होता है। जहां धान, कोदो-कुटकी, रागी, सेब, नाशपाती, स्ट्रॉबेरी, काजू, कटहल, अदरक, हल्दी, नींबू, चाय और महुआ जैसी फसलों के लिए अत्यंत उपयुक्त बनाती है। खाद्य प्रसंस्करण के माध्यम से इन अतिरिक्त उत्पादों को दीर्घ शेल्फ लाइफ, सुरक्षित प्रसंस्करण, और मूल्यवर्धित खाद्य उत्पादों—जैसे स्नैक्स, नाश्ते के अनाज, एनर्जी बार और रेडी-टू-ईट/कुक उत्पाद—में बदला जा सकता है।
जिला प्रशासन द्वारा सभी ब्लॉकों में खाद्य प्रसंस्करण अवसंरचना के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। निफ्टेम का वी ए पी कार्यक्रम ग्रामीण समुदायों को तकनीकी सहायता, प्रशिक्षण और उद्यमिता विकास प्रदान कर इस प्रयास को सशक्त बना रहा है।
महुआ सेंटर ऑफ एक्सीलेंस : निफ्टेम टीम द्वारा सराहना
अपने दौरे के दौरान निफ्टेम टीम ने महुआ सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का भी दौरा किया, जहाँ महुआ फूल से तैयार किए गए विभिन्न नवाचारपूर्ण मूल्यवर्धित उत्पादों जैसे महुआ च्यवनप्राश, महुआ टी, महुआ आधारित स्नैक्स तथा अन्य प्रयोगात्मक खाद्य उत्पाद के विकास कार्य को विस्तार से समझा। टीम ने उत्पादों की गुणवत्ता, संगत प्रसंस्करण विधि, पैकेजिंग की स्वच्छता एवं प्रस्तुति तथा महुआ के आधुनिक फूड-ग्रेड उपयोग की विशेष रूप से सराहना की। महुआ सेंटर ऑफ एक्सीलेंस जिला प्रशासन जशपुर द्वारा प्रारम्भ किया गया एक छोटा लेकिन महत्त्वपूर्ण प्रसंस्करण केंद्र है, जिसे वर्तमान में जय जंगल द्वारा संचालित किया जा रहा है। यह केंद्र जिले में कोदो, कुटकी, रागी और महुआ के प्रसंस्करण एवं मूल्यवर्धन में सक्रिय भूमिका निभा रहा है और स्थानीय महिला समूहों के लिए वास्तविक कौशल एवं आय-वृद्धि का केंद्र बन चुका है।
वी ए पी कार्यक्रम का नेतृत्व कर रहे प्रो. प्रसन्ना कुमार ने जशपुर की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया । उन्होंने जिला कलेक्टर जशपुर, जिला पंचायत सीईओ, एनआर ए एल एम मिशन मैनेजर तथा जय जंगल एफ पी सी के निदेशक के योगदान को रेखांकित किया।
निफ्टेम निदेशक डॉ. हरिंदर सिंह ओबेरॉय ने वी ए पी को छत्तीसगढ़ में उभरते खाद्य प्रसंस्करण पारिस्थितिकी तंत्र का आधार बताते हुए इसकी गतिविधियों को और अधिक क्षेत्रों तक विस्तार देने की आवश्यकता पर बल दिया।
इस समग्र विश्लेषण के आधार पर तैयार की गई विस्तृत “जशपुर खाद्य प्रसंस्करण विकास रिपोर्ट” आज जिला प्रशासन को औपचारिक रूप से प्रस्तुत की गई।
मुख्यमंत्री से अखिल विश्व गायत्री परिवार के सदस्यों ने मुलाकात की
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से विगत दिवस राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में अखिल विश्व गायत्री परिवार के प्रतिनिधिमण्डल ने सौजन्य मुलाकात की। प्रतिनिधिमण्डल ने मुख्यमंत्री श्री साय को आगामी 10 दिसंबर से 13 दिसंबर तक जशपुर जिले के अंतर्गत नगर पंचायत बगीचा में आयोजित होने वाले 108 कुण्डीय गायत्री महायज्ञ में शामिल होने हेतु आमंत्रित किया।मुख्यमंत्री ने आमंत्रण के लिए गायत्री परिवार के सदस्यों का धन्यवाद देते हुए आयोजन की सफलता के लिए शुभकामनाएँ दीं। इस अवसर पर भानु यादव, मुक्ता देवी, रीना बरला, मिकलेश यादव एवं अन्य सदस्य उपस्थित थे।
कोर्ट ने जोहार छत्तीसगढ़ पार्टी प्रमुख अमित बघेल को तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा
रायपुर। अग्रवाल समाज और सिंधी समाज के ईष्ट देव के खिलाफ भड़काऊ बयान देने के मामले में जोहार छत्तीसगढ़ पार्टी के प्रमुख अमित बघेल को कोर्ट ने 3 दिनों के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है. अब उन्हें 8 दिसंबर को कोर्ट में पेश किया जाएगा. कोर्ट के फैसला देने के साथ पुलिस अमित बघेल को उसके पैतृक गांव ले गई, जहां वे अपनी मां के अंतिम संस्कार में शामिल हुए.
ईष्ट देव पर की थी टिप्पणियां
बता दें कि छत्तीसगढ़ महतारी की मूर्ति तोड़ने को लेकर 27 अक्टूबर को जोहार छत्तीसगढ़ पार्टी के प्रमुख अमित बघेल ने अग्रवाल समाज के ईष्ट देव अग्रसेन महाराज और सिंधी समाज के ईष्ट देवता झूलेलाल पर टिप्पणी की थी.
अग्रवाल समाज और सिंधी समाज भड़का
अमित बघेल की आपत्तिजनक टिप्पणी के बाद देशभर में अग्रवाल समाज और सिंधी समाज भड़क उठा था. रायपुर, रायगढ़ और सरगुजा समेत कई जिलों में समाज के लोगों ने विरोध जताते हुए FIR दर्ज करने की मांग की थी. सिंधी समाज के पदाधिकारियों ने कोतवाली थाने में अमित बघेल के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई थी.
रायपुर में दो दिन नहीं मिलेगा मांस-मटन, बेचने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई …
रायपुर। रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर मीनल चौबे के निर्देश पर नगर पालिक निगम रायपुर के सम्पूर्ण परिक्षेत्र में गुरू घासीदास जयंती दिनांक 18 दिसंबर 2025 और संत तारण तरण जयंती दिनांक 19 दिसंबर 2025 को मांस-मटन का विक्रय पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगा.
इस संबंध में संत तारण तरण जयंती के आदेश के परिपालन में रायपुर नगर पालिक निगम के स्वास्थ्य विभाग की ओर से नगर पालिक निगम स्वास्थ्य विभाग ने गुरू घासीदास जयंती दिनांक 18 दिसंबर 2025 और संत तारण तरण जयंती दिनांक 19 दिसंबर 2025 को रायपुर नगर पालिक निगम के सम्पूर्ण परिक्षेत्र में स्थित पशुवध गृह और समस्त मांस – मटन विक्रय की दुकानों को बंद रखे जाने का आदेश जारी किया है.
गुरू घासीदास जयंती दिनांक 18 दिसंबर 2025 और संत तारण तरण जयंती दिनांक 19 दिसंबर 2025 को नगर पालिक निगम रायपुर के जोन स्वास्थ्य अधिकारीगण, जोन स्वच्छता निरीक्षकगण मांस -मटन के विक्रय पर प्रतिबन्ध के आदेश का व्यवहारिक पालन सुनिश्चित करवाएंगे और इस के लिए अपने अपने सम्बंधित जोन क्षेत्रों में मांस -मटन की दुकानों का सतत निरन्तर पर्यवेक्षण करेंगे.
रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर मीनल चौबे के निर्देश पर प्रतिबंध आदेश का व्यवहारिक पालन करवाने होटलों में उक्त पावन पर्व दिवसों पर मांस-मटन विक्रय करने पर जप्ती की कार्यवाही कर सम्बंधित व्यक्ति के विरूद्ध यथोचित कार्यवाही भी की जाएगी.